बोखुम। जर्मनी केl बोखुम शहर में एक रिहायशी इमारत में आग लगने से तीन भारतीय नागरिकों की मौत हो गई। मृतकों में 25 और 27 साल की दो महिलाएं और 26 साल का एक युवक शामिल है। हादसे में धुएं की चपेट में आए पांच अन्य लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस ने मामले में हत्या के संदेह में 41 वर्षीय रोमानियाई नागरिक को गिरफ्तार किया है। जांचकर्ता आगजनी की आशंका समेत आग लगने के कारणों का पता लगा रहे हैं। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हुआ है कि आग जानबूझकर लगाई गई थी या इसके पीछे कोई अन्य वजह थी।
तड़के 4:15 बजे लगी आग, दूसरी मंजिल पर मिले शव
आग मंगलवार तड़के करीब 4:15 बजे बोखुम के होफ्स्टेड इलाके की एक बहुमंजिला रिहायशी इमारत में लगी। दमकलकर्मियों के मौके पर पहुंचने तक आग काफी फैल चुकी थी। बाद में दूसरी मंजिल पर स्थित एक फ्लैट से तीनों भारतीयों के शव बरामद किए गए।
दमकलकर्मियों ने उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिली। आग और धुएं के कारण इमारत में फंसे अन्य लोगों को भी बाहर निकालने में काफी परेशानी हुई।
सीढ़ियों तक पहुंची आग, बाहर निकलने का रास्ता हुआ बंद
जर्मन अखबार ‘बिल्ड’ के मुताबिक, पड़ोसियों ने बताया कि इमारत के गलियारे में रखी बच्चों की कुछ गाड़ियों में आग लगी थी। इसके बाद आग लकड़ी की सीढ़ियों तक फैल गई, जिससे लोगों के बाहर निकलने का रास्ता बंद हो गया। हालांकि, आग लगने की इस वजह की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
दमकलकर्मियों ने दो लोगों को हाइड्रोलिक सीढ़ी और दो अन्य को पोर्टेबल सीढ़ियों की मदद से बाहर निकाला। एक अन्य व्यक्ति ने जान बचाने के लिए सुरक्षा के लिहाज से लगाए गए एयर कुशन पर छलांग लगाई।
दमकल विभाग के प्रवक्ता के अनुसार, आग और धुएं की वजह से सीढ़ियों के रास्ते ऊपरी मंजिलों तक पहुंचना संभव नहीं था।
आग लगने से एक दिन पहले भी पहुंची थी पुलिस
बोखुम पुलिस के प्रवक्ता जेन्स आर्ट्सवागर ने ‘बिल्ड’ को बताया कि घटना से एक दिन पहले इसी इमारत में विवाद की सूचना मिलने पर पुलिस पहुंची थी। मौके पर पुलिस की एक गाड़ी भेजी गई थी, लेकिन किसी ने औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई थी।
अब पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि पहले हुए विवाद का आग लगने की घटना से कोई संबंध था या नहीं।
तकनीकी खराबी की आशंका खारिज, आगजनी के एंगल से जांच
जांचकर्ताओं ने आग लगने के पीछे तकनीकी खराबी की आशंका को खारिज कर दिया है। हालांकि, आग की वास्तविक वजह अभी सामने नहीं आई है। पुलिस गिरफ्तार व्यक्ति की संभावित भूमिका, आग लगने की परिस्थितियों और तीनों भारतीय नागरिकों की मौत से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
