देश की सबसे बड़ी मेडिकल एंट्रेंस परीक्षा NEET UG 2026 एक बार फिर विवादों के घेरे में आ गई है। पेपर लीक की आशंका ने लाखों छात्रों और उनके परिवारों की चिंता बढ़ा दी है। सोशल मीडिया से लेकर कोचिंग संस्थानों तक हर जगह एक ही सवाल चर्चा में है — क्या NEET UG 2026 दोबारा कराया जाएगा? राजस्थान से शुरू हुई जांच अब कई राज्यों तक पहुंच चुकी है। वहीं, छात्रों के बीच गुस्सा और डर दोनों देखने को मिल रहा है। महीनों की तैयारी के बाद परीक्षा देने वाले अभ्यर्थियों को अब अपने भविष्य की चिंता सताने लगी है। वायरल “Guess Paper” से बढ़ा विवाद दरअसल, परीक्षा के कुछ घंटों बाद सोशल मीडिया और कुछ टेलीग्राम ग्रुप्स पर एक कथित “Guess Paper” वायरल हुआ। दावा किया गया कि इसमें मौजूद कई सवाल असली NEET UG 2026 पेपर से मेल खाते हैं। शुरुआती जांच में 100 से ज्यादा प्रश्न समान होने की बात सामने आई है। यही नहीं, कुछ रिपोर्ट्स में यह भी कहा गया कि लगभग 600 अंकों तक के सवाल मिलते-जुलते पाए गए। इसके बाद पेपर लीक की आशंका और गहरी हो गई। राजस्थान SOG की जांच में कई संदिग्ध हिरासत में मामले की गंभीरता को देखते हुए राजस्थान पुलिस की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने जांच शुरू कर दी है। अब तक 20 से ज्यादा लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा चुकी है। जांच एजेंसियों को शक है कि यह नेटवर्क सिर्फ एक राज्य तक सीमित नहीं, बल्कि कई राज्यों में फैला हो सकता है। सूत्रों के मुताबिक, कुछ कोचिंग कनेक्शन और ऑनलाइन ग्रुप्स भी जांच के दायरे में हैं। हालांकि अभी तक किसी बड़े आरोपी की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। NEET UG 2026 रद्द होगा या नहीं? सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या परीक्षा रद्द होगी? फिलहाल National Testing Agency (NTA) ने NEET UG 2026 को रद्द करने का कोई आधिकारिक ऐलान नहीं किया है। NTA का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही आगे का फैसला लिया जाएगा। लेकिन छात्रों और अभिभावकों के बीच असमंजस लगातार बढ़ रहा है। कई छात्र सोशल Media पर दोबारा परीक्षा कराने की मांग कर रहे हैं, जबकि कुछ का कहना है कि इससे मेहनती छात्रों पर अतिरिक्त दबाव पड़ेगा। CBI जांच की मांग तेज विपक्षी दलों और छात्र संगठनों ने मामले की CBI जांच की मांग तेज कर दी है। कई नेताओं ने कहा कि अगर पेपर लीक साबित होता है तो यह देश की परीक्षा प्रणाली पर बड़ा सवाल होगा। पिछले साल NEET विवाद के बाद सरकार पहले ही आलोचनाओं का सामना कर चुकी है। ऐसे में इस बार एजेंसियों पर निष्पक्ष और तेज जांच का दबाव बढ़ गया है। छात्रों की मेहनत और मानसिक दबाव NEET जैसी परीक्षा के लिए छात्र सालों तक मेहनत करते हैं। कई अभ्यर्थी रोज 10-12 घंटे पढ़ाई कर मेडिकल कॉलेज में एडमिशन का सपना देखते हैं। ऐसे में पेपर लीक जैसी खबरें छात्रों का मनोबल तोड़ देती हैं। भोपाल की एक छात्रा ने कहा, “हमने पूरी ईमानदारी से परीक्षा दी, लेकिन अब लग रहा है कि मेहनत का कोई मतलब ही नहीं बचा।” आगे क्या? फिलहाल पूरा मामला जांच के अधीन है। आने वाले दिनों में SOG, NTA और केंद्र सरकार की रिपोर्ट के बाद बड़ा फैसला लिया जा सकता है। अगर जांच में बड़े स्तर पर गड़बड़ी साबित होती है, तो NEET UG 2026 को लेकर कड़ा कदम उठाया जा सकता है। देशभर के लाखों छात्रों की नजर अब जांच एजेंसियों और सरकार के अगले फैसले पर टिकी हुई है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more