उत्तर प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना (Satish Mahana) से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो को लेकर दावा किया जा रहा है कि राष्ट्रगान के दौरान महाना कार्यक्रम स्थल से निकलकर अपनी कार में बैठकर चले गए। वीडियो सामने आते ही राजनीतिक हलकों में भी इसको लेकर सवाल उठने लगे।
हालांकि, इस पूरे विवाद की तस्वीर सिर्फ वायरल वीडियो तक सीमित नहीं है। कार्यक्रम के आयोजकों ने सामने आकर अलग जानकारी दी है। उनका कहना है कि जिस जगह महाना मौजूद थे, वहां राष्ट्रगान नहीं बज रहा था। राष्ट्रगान मुख्य सभागार में चल रहा था और उसकी आवाज बाहर तक सुनाई दे रही थी।
Viral Video में क्या दिखाई दे रहा है?
वायरल वीडियो में सतीश महाना मंच से नीचे उतरते और फिर अपनी कार की तरफ जाते नजर आते हैं। इसी दौरान राष्ट्रगान की आवाज सुनाई देती है। वीडियो के आधार पर सोशल मीडिया पर यह सवाल उठाया गया कि क्या महाना राष्ट्रगान पूरा होने से पहले ही कार्यक्रम से चले गए थे।
यही वीडियो अब राजनीतिक बहस का कारण बन गया है। विपक्षी दलों ने भी इस मुद्दे को लेकर बीजेपी और विधानसभा अध्यक्ष पर सवाल खड़े किए हैं।
आयोजकों ने बताई पूरी कहानी
विवाद बढ़ने के बाद कार्यक्रम के आयोजक वेणु रंजन भदौरिया ने सफाई दी। उन्होंने कहा कि वायरल वीडियो को देखकर गलत धारणा बन रही है। उनके मुताबिक, महाना को जहां गार्ड ऑफ ऑनर दिया जा रहा था, वह जगह मुख्य ऑडिटोरियम से अलग थी।
आयोजक का कहना है कि राष्ट्रगान ऑडिटोरियम के अंदर बजाया जा रहा था, जबकि बाहर खड़े लोगों तक उसकी आवाज पहुंच रही थी। इसलिए वीडियो में राष्ट्रगान सुनाई देने के बावजूद यह जरूरी नहीं कि महाना उसी स्थान पर राष्ट्रगान के सामने खड़े थे।
Satish Mahana ने भी रखा अपना पक्ष
सतीश महाना की ओर से भी मामले पर सफाई सामने आई। उनका कहना है कि उन्होंने राष्ट्रगान के दौरान सम्मान में सलामी दी थी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि राष्ट्रगान जिस स्थान पर बजाया जा रहा था, वह उनकी मौजूदगी वाली जगह से अलग था।
महाना ने वायरल वीडियो को लेकर उठ रहे सवालों पर नाराजगी भी जताई। उनके मुताबिक, पूरे मामले को जिस तरह सोशल मीडिया पर पेश किया जा रहा है, उससे वास्तविक स्थिति स्पष्ट नहीं होती।
Opposition ने साधा निशाना
वीडियो वायरल होने के बाद कांग्रेस और आम आदमी पार्टी ने इस मुद्दे को लेकर सतीश महाना पर निशाना साधा। विपक्ष का कहना है कि संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति से राष्ट्रगान के दौरान विशेष सावधानी और सम्मान की अपेक्षा की जाती है।
वहीं, दूसरी तरफ आयोजकों की सफाई और महाना के बयान के बाद इस मामले में एक दूसरा पक्ष भी सामने आया है। अब पूरा विवाद इस बात पर टिका है कि राष्ट्रगान वास्तव में किस स्थान पर बज रहा था और वायरल वीडियो किस परिस्थिति में रिकॉर्ड किया गया।
सोशल मीडिया पर Viral हुआ मामला
सतीश महाना का यह वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों की प्रतिक्रियाएं तेजी से आने लगीं। कुछ लोग वीडियो के आधार पर सवाल उठा रहे हैं, जबकि कुछ यूजर्स आयोजकों की सफाई को अहम मान रहे हैं।
फिलहाल इस मामले में वायरल वीडियो, विपक्ष के आरोप और आयोजकों की सफाई—तीनों अलग-अलग दावे सामने हैं। ऐसे में बिना पूरी परिस्थिति जाने किसी एक निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।
हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
