सीहोर जिले के बिलकिसगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में दीवार पर लगी घड़ी के अंदर संदिग्ध कैमरा और मेमोरी कार्ड मिलने से हड़कंप मच गया। घटना 13 अगस्त की बताई जा रही है। अस्पताल में काम करने वाली महिला स्वास्थ्यकर्मियों ने इसे निजता और कार्यस्थल की सुरक्षा से जुड़ा गंभीर मामला बताया है।
कर्मचारियों ने मामले की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। विभागीय स्तर पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने का आरोप लगाते हुए महिला स्वास्थ्यकर्मियों और नर्सिंग स्टाफ ने सीहोर से गुजर रहे राजस्व मंत्री एवं इछावर विधायक करण सिंह वर्मा का काफिला रोककर उन्हें ज्ञापन सौंपा।
घड़ी के अंदर मिला कैमरा और मेमोरी कार्ड
अस्पताल कर्मचारियों के मुताबिक, एक कमरे में दीवार पर लगी घड़ी के अंदर संदिग्ध कैमरा और मेमोरी कार्ड मिला। अस्पताल में बड़ी संख्या में महिला स्वास्थ्यकर्मी काम करती हैं। ऐसे में किसी उपकरण का इस तरह लगाया जाना कर्मचारियों की निजता और सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ाने वाला है।
कर्मचारियों ने मांग की है कि जांच के जरिए यह पता लगाया जाए कि कैमरा किसने, कब और किस उद्देश्य से लगाया था। इसके साथ ही अस्पताल के अन्य कमरों और स्थानों की भी जांच कराने की मांग की गई है, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि कहीं और भी ऐसे उपकरण तो नहीं लगाए गए।
मंत्री का काफिला रोककर सौंपा ज्ञापन
मामले को लेकर नाराज महिला स्वास्थ्यकर्मी और नर्सिंग स्टाफ ने मंत्री करण सिंह वर्मा का काफिला रोककर अपनी शिकायत रखी। कर्मचारियों ने ज्ञापन सौंपते हुए मामले की उच्चस्तरीय और निष्पक्ष जांच कराने की मांग की।
उन्होंने कार्यस्थल पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और जांच में दोषी पाए जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग भी की। मंत्री ने कर्मचारियों की बात सुनी और मामले में जांच व आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
कार्रवाई में देरी का लगाया आरोप
महिला कर्मचारियों का आरोप है कि संदिग्ध कैमरा मिलने के बाद भी विभागीय स्तर पर मामले को अपेक्षित गंभीरता से नहीं लिया गया। इसी वजह से उन्हें वरिष्ठ अधिकारियों और जनप्रतिनिधि के सामने अपनी शिकायत रखने के लिए आगे आना पड़ा।
कर्मचारियों ने कहा कि वे किसी व्यक्ति विशेष पर सीधे आरोप नहीं लगा रहे हैं। उनकी मांग केवल इतनी है कि निष्पक्ष जांच हो और कैमरा लगाने वाले व्यक्ति की पहचान के साथ पूरे मामले की सच्चाई सामने आए।
कर्मचारियों के अनुसार, मिला हुआ संदिग्ध उपकरण संबंधित अधिकारियों को सुरक्षित सौंप दिया गया है।
BMO बोले- नियमों के तहत कार्रवाई जारी
बिलकिसगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के BMO डॉ. नवीन मेहर ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में है। उन्होंने कहा कि नियमों के तहत निष्पक्ष कानूनी और विभागीय कार्रवाई की जा रही है।
फिलहाल जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि घड़ी में मिला उपकरण वास्तव में कैमरा था, उसे किसने लगाया और इसके पीछे क्या उद्देश्य था।
