अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) ने हाल ही में खेल के नियमों और Playing Conditions में कई बड़े बदलावों को मंजूरी दी है। इन नए नियमों का असर टेस्ट, ODI और T20 तीनों फॉर्मेट पर देखने को मिलेगा। इन बदलावों का मकसद खेल को और ज्यादा तेज, पारदर्शी और आधुनिक बनाना बताया जा रहा है।
क्या हैं ICC के नए बड़े नियम?
ICC के नए नियमों में कुछ अहम बदलाव शामिल हैं:
- ODI में गेंद के उपयोग में बदलाव: अब एक तय ओवर के बाद गेंद के इस्तेमाल को लेकर नया सिस्टम लागू किया जाएगा, जिससे गेंदबाजों और बल्लेबाजों के बीच संतुलन बना रहे।
- टेस्ट क्रिकेट में ‘स्टॉप क्लॉक’ नियम: ओवर रेट तेज करने के लिए टीमों को सीमित समय में अगला ओवर शुरू करना होगा, वरना पेनल्टी लग सकती है।
- बाउंड्री कैच नियम में बदलाव: अब बाउंड्री पर कैच लेने के नियम और सख्त और स्पष्ट किए गए हैं ताकि विवाद कम हों।
- कन्कशन (चोट) नियम में सुधार: खिलाड़ी सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सब्स्टीट्यूट प्लेयर के नियमों को अपडेट किया गया है।
- धीमी ओवर रेट पर सख्ती: तय समय में ओवर पूरे न करने पर टीमों को जुर्माना या रन पेनल्टी का सामना करना पड़ सकता है।
कब से लागू होंगे नए नियम?
ICC द्वारा जारी जानकारी के अनुसार:
- कुछ नियम 2025 से ही लागू होना शुरू हो चुके हैं
- जबकि बड़े बदलावों का एक नया सेट 1 अक्टूबर 2026 से पूरी तरह लागू होगा (MCC के नए लॉज़ के साथ मिलकर)
खेल पर क्या होगा असर?
इन बदलावों का सीधा असर मैच की रणनीति और खिलाड़ियों की भूमिका पर पड़ेगा:
- मैचों की गति तेज होगी
- गेंदबाजों को नई रणनीति अपनानी होगी
- बल्लेबाजों के लिए परिस्थितियां बदल सकती हैं
- Umpiring और DRS के फैसलों में ज्यादा स्पष्टता आएगी
