बिलासपुर के लोगों को जल्द ही बेहतर यातायात सुविधा मिलने वाली है। शहर के कोनी-मोपका बाइपास रोड को अब फोरलेन सीमेंट कांक्रीट सड़क के रूप में विकसित किया जाएगा। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए 75.73 करोड़ रुपये का टेंडर स्वीकृत कर दिया गया है।
13.4 किलोमीटर लंबी होगी सड़क
प्रस्तावित फोरलेन सड़क की लंबाई 13.4 किलोमीटर होगी। इस सड़क के निर्माण से शहर में भारी वाहनों का दबाव कम होगा और यातायात व्यवस्था पहले की तुलना में अधिक सुगम हो सकेगी।
बारिश में होती थी सबसे ज्यादा परेशानी
वर्तमान में कोनी-मोपका बाइपास रोड की स्थिति बारिश के मौसम में काफी खराब हो जाती है। सड़क पर कीचड़ और गड्ढों के कारण वाहन अक्सर फंस जाते हैं, जिससे लंबा जाम लगने की समस्या पैदा होती है। नई सीमेंट कांक्रीट सड़क बनने के बाद इस परेशानी से काफी हद तक राहत मिलने की उम्मीद है।
24 महीने में पूरा होगा निर्माण कार्य
लोक निर्माण विभाग के एसडीओ सुनील चंद्रा के अनुसार, सड़क निर्माण का कार्य दुर्ग की एनसी नाहर कंपनी को सौंपा गया है। कंपनी को 75.73 करोड़ रुपये की लागत से यह परियोजना पूरी करनी होगी। विभाग ने निर्माण कार्य को 24 महीने के भीतर पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया है।
शहर में नहीं आएंगे भारी वाहन
यह फोरलेन सड़क कटघोरा एनएच-130 और सीपत एनएच-130 (ए) को आपस में जोड़ेगी। सड़क बनने के बाद भारी वाहन शहर के अंदर प्रवेश किए बिना सीधे अपने गंतव्य तक पहुंच सकेंगे। इससे शहर के मुख्य मार्गों पर ट्रैफिक का दबाव कम होगा और आम नागरिकों को भी राहत मिलेगी।
पहले ही पूरा हो चुका है भूमि अधिग्रहण
इस परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण का कार्य वर्ष 2010 से 2016 के बीच पूरा कर लिया गया था। अब टेंडर स्वीकृत होने के बाद निर्माण कार्य जल्द शुरू होने की संभावना है।
गुणवत्ता और समय-सीमा पर रहेगा फोकस
उपमुख्यमंत्री एवं लोक निर्माण मंत्री अरुण साव ने विभागीय अधिकारियों को निर्माण कार्य में गुणवत्ता और समय-सीमा का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि परियोजना को निर्धारित समय में पूरा कर जनता को जल्द से जल्द इसका लाभ दिलाया जाए।
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