खंडवा में जागरूकता अभियान ‘सेफ क्लिक’ चलाए जाने के बावजूद साइबर ठगी के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। ताजा मामले में एक बीएससी छात्र को व्हाट्सएप पर RTO चालान के नाम से APK फाइल भेजकर 59 हजार रुपए से अधिक की ठगी कर ली गई। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
RTO चालान की फर्जी APK फाइल बनी ठगी का जरिया
कोतवाली पुलिस के अनुसार, पीड़ित करण डूडवे खरगोन जिले के भीकनगांव का निवासी है। वह वर्तमान में खंडवा की एक निजी यूनिवर्सिटी से बीएससी एग्रीकल्चर की पढ़ाई कर रहा है और गणेश तलाई क्षेत्र में किराए के मकान में रहता है।
करण ने पुलिस को बताया कि 8 जुलाई की सुबह करीब 11:45 बजे उसके मोबाइल पर बैंक से दो ट्रांजेक्शन के मैसेज आए। पहला ट्रांजेक्शन ₹49,999 और दूसरा ₹8,999 का था। खाते की जांच करने पर पता चला कि उसके अकाउंट से कुल ₹59,466 निकाल लिए गए हैं।
पीड़ित का कहना है कि यह ठगी व्हाट्सएप पर मिले RTO चालान की APK फाइल डाउनलोड करने के बाद हुई।
दो यूट्यूबर पर ब्लैकमेलिंग का मामला दर्ज
इधर, पंधाना थाना पुलिस ने दो स्थानीय यूट्यूबरों के खिलाफ ब्लैकमेलिंग का मामला दर्ज किया है।
पुलिस के मुताबिक, गोपाल सावनेर और लक्ष्मीनारायण उर्फ लक्ष्मण केल्दे पर आरोप है कि उन्होंने मोहनपुर पंचायत के सचिव रामप्रकाश मोरे से 50 हजार रुपए की मांग की।
शिकायत में कहा गया है कि दोनों सड़क और नाली से जुड़े मुद्दों पर सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल करने की धमकी देकर पैसे मांग रहे थे। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ ब्लैकमेलिंग की धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
साइबर ठगी से बचने के लिए रखें ये सावधानियां
- व्हाट्सएप या SMS से आई किसी भी APK फाइल को डाउनलोड न करें।
- केवल Google Play Store या Apple App Store से ही ऐप इंस्टॉल करें।
- किसी भी अनजान लिंक या फर्जी चालान संदेश पर क्लिक करने से पहले उसकी पुष्टि करें।
- बैंक खाते से संदिग्ध ट्रांजेक्शन होने पर तुरंत बैंक और साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत करें।
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