इंदौर के आजाद नगर इलाके में कार लोन की किस्त को लेकर विवाद का मामला सामने आया है। आरोप है कि चार युवक किस्त की वसूली के लिए एक ऑफिस पहुंचे और परिवार से विवाद के बाद वहां तोड़फोड़ कर दी। पूरी घटना ऑफिस में लगे सीसीटीवी कैमरों में रिकॉर्ड हो गई।
पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर कुछ युवकों को हिरासत में लिया है और घटना की जांच शुरू कर दी है।
दो किस्तें बाउंस होने पर पहुंचे थे युवक
आजाद नगर पुलिस के मुताबिक, पालदा निवासी शिव पाटिल कैटरिंग का काम करते हैं। वे मंत्री कैलाश विजयवर्गीय से जुड़े हुए बताए जा रहे हैं और उनके आयोजनों में रसोई व्यवस्था का काम भी करते हैं।
पुलिस को दी शिकायत में शिव पाटिल की बेटी संस्कृति ने बताया कि 20 अगस्त को दोपहर करीब 2 से 2:10 बजे के बीच प्रणय, आयुष, सुनील और शशिकांत नाम के चार युवक उनके ऑफिस पहुंचे।
युवकों ने खुद को पिरामल फाइनेंस एनबीएफसी की ओर से कार लोन की वसूली के लिए आने वाला बताया। उन्होंने कहा कि कार नंबर MP09ZX7814 की दो किस्तें बाउंस हो गई हैं और बकाया किस्त की राशि जमा करनी होगी।
शिव पाटिल ने युवकों से कहा कि बैंक की गलती के कारण किस्त बाउंस हुई है। उन्होंने यह भी बताया कि कार बेचकर लोन फोरक्लोज करने की प्रक्रिया चल रही है।
बातचीत के बाद बढ़ा विवाद
शिकायत के मुताबिक, युवक इस जवाब से संतुष्ट नहीं हुए और शिव पाटिल, उनकी बेटी संस्कृति और बेटे यशवंत से विवाद करने लगे। आरोप है कि बातचीत के दौरान युवकों ने परिवार के सदस्यों के साथ अपशब्दों का इस्तेमाल किया और मारपीट की।
इसके बाद युवक दोबारा ऑफिस में पहुंचे और वहां गेट, कंप्यूटर सहित अन्य सामान में तोड़फोड़ कर दी। घटना के बाद संस्कृति ने पुलिस को सूचना दी।
CCTV में कैद हुई तोड़फोड़
सूचना मिलने पर आजाद नगर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने ऑफिस में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज जब्त कर ली है। फुटेज में ऑफिस के अंदर हुए विवाद और तोड़फोड़ की घटना रिकॉर्ड होने की बात सामने आई है।
पुलिस ने शिकायत के आधार पर आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर कुछ युवकों को हिरासत में लिया है। अब पुलिस सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर पूरे मामले की जांच कर रही है।


