आपका चैनल --
ताज़ा खबर
BREAKINGमध्य प्रदेशइंदौर में हेड कॉन्स्टेबल फिरोज खान की 46 अचल संपत्तियों का खुलासा, बाजार मूल्य 64 करोड़ रुपये से अधिक◆BREAKINGदेश-हरपललाहौल-स्पीति में दर्दनाक सड़क हादसा: चंद्रभागा नदी के किनारे गिरी कार, 3 की मौत; चालक समेत 4 घायल◆BREAKINGदेश-हरपलपरविंदर सिंह झोटा हत्याकांड: पंजाब सरकार की 3 महिला IAS अधिकारियों की कमेटी से बातचीत बेनतीजा, अंतिम संस्कार से इनकार◆BREAKINGदेश-हरपलदशहरे पर PM मोदी और अमित शाह होंगे शामिल, रामलीला स्थलों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम◆BREAKINGदेश-हरपलदिल्ली में 6 नए बायोगैस प्लांट लगेंगे, CM रेखा गुप्ता ने किया गोयला डेयरी प्लांट का उद्घाटन◆BREAKINGछत्तीसगढ़NIT रायपुर के नए कुलसचिव बने अशोक कुमार गुप्ता, 20 साल से अधिक का है प्रशासनिक अनुभव◆BREAKINGBreaking Newsटाइगर श्रॉफ पर फायरिंग के आरोपी 15 घंटे में गिरफ्तार, कोटा रेलवे स्टेशन से पकड़े गए तीनों संदिग्ध◆BREAKINGबिज़नेसदिवाली पर 8 नवंबर को होगी मुहूर्त ट्रेडिंग, BSE-NSE ने जारी किया शेड्यूल; जानें पूरा टाइम टेबल◆BREAKINGमध्य प्रदेशइंदौर में हेड कॉन्स्टेबल फिरोज खान की 46 अचल संपत्तियों का खुलासा, बाजार मूल्य 64 करोड़ रुपये से अधिक◆BREAKINGदेश-हरपललाहौल-स्पीति में दर्दनाक सड़क हादसा: चंद्रभागा नदी के किनारे गिरी कार, 3 की मौत; चालक समेत 4 घायल◆BREAKINGदेश-हरपलपरविंदर सिंह झोटा हत्याकांड: पंजाब सरकार की 3 महिला IAS अधिकारियों की कमेटी से बातचीत बेनतीजा, अंतिम संस्कार से इनकार◆BREAKINGदेश-हरपलदशहरे पर PM मोदी और अमित शाह होंगे शामिल, रामलीला स्थलों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम◆BREAKINGदेश-हरपलदिल्ली में 6 नए बायोगैस प्लांट लगेंगे, CM रेखा गुप्ता ने किया गोयला डेयरी प्लांट का उद्घाटन◆BREAKINGछत्तीसगढ़NIT रायपुर के नए कुलसचिव बने अशोक कुमार गुप्ता, 20 साल से अधिक का है प्रशासनिक अनुभव◆BREAKINGBreaking Newsटाइगर श्रॉफ पर फायरिंग के आरोपी 15 घंटे में गिरफ्तार, कोटा रेलवे स्टेशन से पकड़े गए तीनों संदिग्ध◆BREAKINGबिज़नेसदिवाली पर 8 नवंबर को होगी मुहूर्त ट्रेडिंग, BSE-NSE ने जारी किया शेड्यूल; जानें पूरा टाइम टेबल◆

NE

News Elementor

What's Hot

Banner

Latest Posts

बिलासपुर हाईवे पर चलती स्कूटी में रोमांस का वीडियो वायरल

छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में नेशनल हाईवे पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में कुछ युवक-युवतियां चलती स्कूटी पर खतरनाक तरीके से रोमांस करते नजर आ रहे हैं। बताया जा रहा है कि यह वीडियो रतनपुर नेशनल हाईवे का है। वीडियो में साफ दिख रहा है कि स्कूटी पर तीन लोग सवार हैं। स्कूटी चला रहा युवक बिना हेलमेट के है, जबकि पीछे बैठे युवक और युवती चलती गाड़ी में रोमांस करते दिखाई दे रहे हैं। इस दौरान सड़क पर अन्य वाहन भी चल रहे हैं, जिससे हादसे का खतरा साफ नजर आता है। ट्रैफिक पुलिस ने शुरू की जांच इस मामले में ट्रैफिक ASP रामगोपाल करियारे ने कहा कि वीडियो की जांच की जा रही है। उन्होंने बताया कि ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। चलती स्कूटी पर इस तरह का व्यवहार न सिर्फ गलत है, बल्कि खतरनाक भी है। पुलिस नंबर प्लेट के जरिए वाहन मालिक की पहचान करने में जुटी है। पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे मामले यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी बिलासपुर में ऐसे वीडियो सामने आ चुके हैं, जिसमें कपल चलती स्कूटी पर एक-दूसरे को गले लगाकर घूमते नजर आए थे। उस मामले में पुलिस ने युवक को पकड़कर 8,800 रुपये का चालान काटा था। हाईवे पर इस तरह की लापरवाही कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। इसलिए ट्रैफिक नियमों का पालन करना बेहद जरूरी है। 👉 ऐसी ही खबरों के लिए पढ़ते रहें: www.deshharpal.com
Read more

खंडवा में दर्दनाक हादसा: कन्वेयर बेल्ट में फंसकर 21 साल के युवक की मौत

खंडवा जिले की संत सिंगाजी ताप विद्युत परियोजना में सोमवार देर रात एक दर्दनाक हादसा हो गया। यहां काम कर रहे 21 वर्षीय युवक रविंद्र चौहान की कन्वेयर बेल्ट में फंसने से मौके पर ही मौत हो गई। रविंद्र ग्राम आंवलिया का रहने वाला था और विनायक इलेक्ट्रिकल कंपनी के जरिए परियोजना में काम करता था। बताया जा रहा है कि रात करीब 8 बजे रविंद्र अपनी ड्यूटी पर था। इसी दौरान अचानक वह कन्वेयर बेल्ट की चपेट में आ गया। हादसा इतना गंभीर था कि उसे संभलने का मौका तक नहीं मिला। घटना के बाद प्लांट में हड़कंप मच गया और कुछ समय के लिए काम भी रुक गया। सूचना मिलते ही पुलिस और प्लांट के अधिकारी मौके पर पहुंचे। मंगलवार सुबह पोस्टमार्टम के बाद रविंद्र का शव परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। मृतक के भाई अरविंद चौहान ने आरोप लगाया है कि मशीन को बिना सूचना चालू किया गया था, जिससे यह हादसा हुआ। उन्होंने यह भी बताया कि रविंद्र लगातार ओवरटाइम कर रहा था, जिससे वह काफी थका हुआ रहता था। मूंदी थाना प्रभारी राजेंद्र नरवरिया के मुताबिक, मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। वहीं परियोजना के मुख्य अभियंता जेसी जुनेवाल ने भी आंतरिक जांच शुरू होने की बात कही है। रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। यह हादसा एक बार फिर औद्योगिक सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है, खासकर उन मजदूरों के लिए जो रोज जोखिम भरे माहौल में काम करते हैं। 👉 ऐसी ही खबरों के लिए पढ़ते रहें: www.deshharpal.com
Read more

रायपुर में ड्राइवर की बड़ी चाल, 50 लाख लेकर कार समेत फरार; 80 CCTV खंगालने के बाद गिरफ्तारी

Raipur की राजधानी में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां एक कंस्ट्रक्शन कारोबारी का ड्राइवर 50 लाख रुपए और कार लेकर फरार हो गया। हालांकि पुलिस ने तेजी दिखाते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक पीड़ित कारोबारी Umesh Prasad हैं, जबकि आरोपी ड्राइवर का नाम Krishna Sahu है। इस मामले में कारोबारी के रिश्तेदार अखिलेश प्रसाद की शिकायत पर केस दर्ज किया गया। गुटखा लाने भेजा, खुद पैसे लेकर भागा घटना 25 अप्रैल की है। कारोबारी ने अपने अकाउंटेंट और ड्राइवर को 50 लाख रुपए नकद देकर घर भेजा था। रास्ते में खम्हारडीह थाने के पास ड्राइवर ने अकाउंटेंट को गुटखा लाने के लिए नीचे उतार दिया। जैसे ही अकाउंटेंट गाड़ी से उतरा, आरोपी ड्राइवर कार लेकर मौके से फरार हो गया। कुछ ही देर में अकाउंटेंट ने इसकी जानकारी कारोबारी को दी, जिसके बाद पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई। 80 CCTV फुटेज खंगाले, तब मिली सफलता मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने जांच तेज कर दी। करीब 80 सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए और मुखबिरों को सक्रिय किया गया। सोमवार को पुलिस को आरोपी की लोकेशन मिली, जिसके बाद टीम ने घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार कर लिया। एक साल से कर रहा था काम जानकारी के मुताबिक आरोपी Krishna Sahu पिछले एक साल से कारोबारी के यहां ड्राइवर के तौर पर काम कर रहा था। घटना के बाद से उसका मोबाइल बंद था। फिलहाल पुलिस उससे पूछताछ कर रही है। 👉 इस खबर से जुड़ी और अपडेट्स के लिए विजिट करें: www.deshharpal.com
Read more

सागर में कलेक्टर सख्त, तीन अधिकारियों को नोटिस; बैठक से गैरहाजिरी पर मांगा जवाब

Sagar में कलेक्टर Pratibha Pal ने समय सीमा की बैठक में अनुपस्थित रहने पर तीन अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। इस कार्रवाई से प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है। दरअसल, हर सोमवार को कलेक्टर कार्यालय में समय सीमा की बैठक आयोजित की जाती है, जिसमें सभी विभागों के अधिकारियों की उपस्थिति अनिवार्य होती है। सोमवार को भी बैठक आयोजित हुई, जिसकी अध्यक्षता कलेक्टर प्रतिभा पाल ने की। लेकिन इस बैठक में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग (पीएचई) के कार्यपालन यंत्री अशोक मुकाती, एनएचएआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर सुरेश कुमार और पं. दीनदयाल उपाध्याय कॉलेज की प्राचार्य डॉ. सरोज गुप्ता अनुपस्थित रहीं। इसे लेकर कलेक्टर ने नाराजगी जताई। जवाब नहीं मिला तो होगी कार्रवाई कलेक्टर ने तीनों अधिकारियों की अनुपस्थिति को शासकीय दायित्वों के प्रति लापरवाही मानते हुए कारण बताओ नोटिस जारी किया है। साथ ही निर्देश दिए हैं कि सभी अधिकारी स्वयं उपस्थित होकर अपना जवाब पेश करें। कलेक्टर ने साफ कहा है कि यदि जवाब नहीं दिया गया या संतोषजनक नहीं पाया गया, तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। 👉 इस खबर से जुड़ी और अपडेट्स के लिए विजिट करें: www.deshharpal.com
Read more

ग्वालियर में 17 मिनट में दो शादियों में लूट, बाइक सवार बदमाशों ने बारातियों को बनाया निशाना

Gwalior में रविवार-सोमवार की रात बाइक सवार बदमाशों ने महज 17 मिनट के अंदर दो अलग-अलग शादियों में लूट की वारदात को अंजाम दिया। बदमाशों ने दो बारातों को निशाना बनाते हुए दूल्हे के परिजनों से नकदी और जेवर से भरे बैग छीन लिए। पहली घटना रात 11:58 बजे बहोड़ापुर स्थित रजवाड़ा पैलेस के सामने हुई। यहां दूल्हे के चाचा और एक पार्षद के पिता कामता प्रसाद श्रीवास से बदमाशों ने झपट्टा मारकर बैग छीन लिया। अचानक हुए हमले में वे सड़क पर मुंह के बल गिर पड़े और बदमाश फरार हो गए। बैग में करीब 50 हजार रुपए, गहने और अन्य सामान रखा था। 17 मिनट बाद दूसरी वारदात पहली घटना के ठीक 17 मिनट बाद, करीब 3 किलोमीटर दूर पटेल बारात घर के बाहर दूसरी लूट हुई। यहां रिटायर्ड फौजी जोगेंद्र सिंह तोमर, जो अपने बेटे की शादी में पहुंचे थे, उनके हाथ से भी बदमाशों ने बैग छीन लिया। बैग में करीब 95 हजार रुपए और जरूरी बिल थे। सीसीटीवी में कैद हुए बदमाश दोनों घटनाएं आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई हैं। फुटेज में पल्सर जैसी बाइक पर सवार दो युवक नजर आए हैं, जिनकी पहचान करने की कोशिश की जा रही है। रातभर नाकाबंदी, फिर भी नहीं मिले आरोपी लगातार दो लूट की घटनाओं से पुलिस में हड़कंप मच गया। पूरे शहर में नाकाबंदी कर चेकिंग अभियान चलाया गया, लेकिन आरोपी पुलिस की पकड़ से बाहर रहे। इस मामले में सीएसपी ग्वालियर Krishnapal Singh ने बताया कि दोनों वारदातों में एक ही गैंग के शामिल होने की आशंका है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की तलाश कर रही है और जल्द गिरफ्तारी का दावा किया है। 👉 इस खबर से जुड़ी और अपडेट्स के लिए विजिट करें: www.deshharpal.com
Read more

फर्जी पत्र मामले में राजस्थान पुलिस को हाईकोर्ट की फटकार, 29 अप्रैल को आरोपियों को पेश करने का आदेश

राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री Vasundhara Raje के नाम से वायरल हुए फर्जी पत्र के मामले में गिरफ्तार कांग्रेस आईटी सेल के तीन कार्यकर्ताओं को कोर्ट में पेश न करने पर जबलपुर हाईकोर्ट ने राजस्थान पुलिस को कड़ी फटकार लगाई है। सोमवार को चीफ जस्टिस Sanjeev Sachdeva और जस्टिस Vinay Saraf की डिवीजन बेंच में इस मामले की सुनवाई हुई। यह सुनवाई बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर की गई थी। कोर्ट ने पहले ही आरोपियों को पेश करने का आदेश दिया था, लेकिन पुलिस ऐसा नहीं कर पाई, जिस पर अदालत ने नाराजगी जताई। राजस्थान पुलिस ने अपनी सफाई में “मिस कम्यूनिकेशन” का हवाला दिया, लेकिन कोर्ट ने इसे गंभीरता से लेते हुए सख्त रुख अपनाया। अदालत ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि निखिल, बिलाल और इनाम को 29 अप्रैल को हर हाल में कोर्ट के सामने पेश किया जाए। साथ ही, गिरफ्तारी से जुड़े सभी दस्तावेज और सीसीटीवी फुटेज भी प्रस्तुत करने को कहा गया है। परिवार ने उठाए सवाल तीनों आरोपियों के परिजनों ने हाईकोर्ट में बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका दायर की थी। उनका आरोप है कि पुलिस ने बिना उचित प्रक्रिया के उन्हें हिरासत में लिया, जो कानून के खिलाफ है। क्या है पूरा मामला दरअसल, Vasundhara Raje के नाम से एक कथित पत्र सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इस पत्र में महिला आरक्षण और परिसीमन जैसे मुद्दों पर सवाल उठाए गए थे। बाद में जांच में यह पत्र फर्जी पाया गया। इसके बाद राजस्थान पुलिस ने भोपाल पुलिस की मदद से तीनों कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया। विवेक तन्खा ने भी उठाए सवाल सीनियर एडवोकेट और राज्यसभा सांसद Vivek Tankha ने भी इस कार्रवाई पर सवाल खड़े किए हैं। उनका कहना है कि साइबर पुलिस ने तीनों को करीब 30 घंटे तक बिना ठोस कारण के हिरासत में रखा, जो गैरकानूनी है। उन्होंने यह भी कहा कि यह पत्र 15-16 अप्रैल से सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा था, लेकिन 18 अप्रैल को इसे फर्जी बताकर कार्रवाई की गई, जिससे संदेह पैदा होता है। अब इस मामले की अगली सुनवाई 29 अप्रैल को होगी। इस दिन कोर्ट के सामने राजस्थान पुलिस को अपनी कार्रवाई और पक्ष स्पष्ट करना होगा। 29 अप्रैल की सुनवाई अहम 👉 इस खबर से जुड़ी और अपडेट्स के लिए विजिट करें:
Read more

जबलपुर में बिजली कर्मचारी की दर्दनाक मौत: खंभे से गिरकर गई जान

मध्य प्रदेश के जबलपुर में एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर दिया। खजरी खिरिया क्षेत्र में बिजली लाइन सुधारने के दौरान 51 वर्षीय ठेका कर्मचारी रंजीत कोरी की खंभे से गिरकर मौत हो गई। यह हादसा शुक्रवार को उस समय हुआ, जब वे करीब 30 फीट ऊंचे खंभे पर चढ़कर लाइन ठीक कर रहे थे। बताया जा रहा है कि काम के दौरान अचानक लाइन चालू हो गई, जिससे रंजीत को तेज करंट लगा और वे सीधे नीचे गिर पड़े। साथियों ने तुरंत 108 एंबुलेंस से उन्हें मेडिकल कॉलेज पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। सड़क पर उतरे परिजन, किया चक्काजाम शनिवार सुबह गुस्साए परिजन और स्थानीय लोगों ने अमखेरा-खजरी खिरिया रोड पर शव रखकर चक्काजाम कर दिया। उनका कहना है कि जब तक दोषियों पर कार्रवाई, उचित मुआवजा और मृतक के बेटे को नौकरी नहीं दी जाती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। विभाग पर लापरवाही का आरोप परिजनों ने बिजली विभाग पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि जब कर्मचारी खंभे पर काम कर रहा था, तो बिना सूचना के लाइन कैसे चालू की गई? बिना सेफ्टी उपकरण चढ़े थे खंभे पर जानकारी के अनुसार, रंजीत अपने साथियों के साथ फॉल्ट ठीक करने पहुंचे थे। पहले उन्होंने अन्य कर्मचारियों से खंभे पर चढ़ने को कहा, लेकिन कोई तैयार नहीं हुआ। इसके बाद वे खुद बिना ग्लव्स और सुरक्षा उपकरण के खंभे पर चढ़ गए और हादसे का शिकार हो गए। पहले भी हो चुकी हैं ऐसी घटनाएं स्थानीय लोगों का कहना है कि बिजली विभाग की लापरवाही से पहले भी कई हादसे हो चुके हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। मुआवजा और नौकरी का आश्वासन बिजली विभाग के सीई संजय अरोरा ने बताया कि मृतक के बेटे को नौकरी दी जाएगी। साथ ही कंपनी की ओर से 5 लाख रुपये और बीमा कंपनी की तरफ से 4 लाख रुपये मुआवजा देने की बात कही गई है। हादसे की वजह पर विभाग का बयान विभाग के अनुसार, रंजीत ट्रांसफार्मर का फ्यूज ठीक करने के लिए चढ़े थे, लेकिन रस्सी के झूले का हुक ठीक से नहीं फंस पाया, जिससे वे सिर के बल नीचे गिर गए और गंभीर चोट के कारण उनकी मौत हो गई। 👉 ऐसी ही और खबरों के लिए विजिट करें: www.deshharpal.com
Read more

जबलपुर नहर हादसा: 3 बहनों की दर्दनाक मौत, 12 घंटे बाद मिला शीतल का शव; भोपाल में होने वाली थी शादी

मध्यप्रदेश के जबलपुर से एक बेहद दर्दनाक खबर सामने आई है। बरगी नहर में डूबने से तीन बहनों की मौत हो गई। इस हादसे ने पूरे इलाके को गमगीन कर दिया है। 12 घंटे बाद मिला शीतल का शव तीनों में सबसे बड़ी शीतल पटेल (23) का शव घटना के करीब 12 घंटे बाद गुरुवार रात लगभग 11 बजे घटनास्थल से कुछ दूरी पर मिला। वहीं सानिया पटेल (14) और सृष्टि पटेल (17) के शव हादसे के चार घंटे के भीतर ही बरामद कर लिए गए थे। एक ही परिवार की थीं तीनों यह हादसा बरगी थाना क्षेत्र के सालीवाड़ा गांव में हुआ। तीनों लड़कियां रिश्ते में मामा-बुआ की बेटियां थीं और शादी समारोह में शामिल होने आई थीं। पोस्टमार्टम के बाद शुक्रवार दोपहर शहर के दो अलग-अलग श्मशान घाटों पर उनका अंतिम संस्कार किया गया। चार महीने बाद थी शीतल की शादी शीतल के पिता संतोष पटेल, जो जबलपुर मेडिकल कॉलेज में गार्ड हैं, ने बताया कि शीतल ने फार्मेसी की पढ़ाई पूरी कर ली थी और चार महीने बाद उसकी शादी भोपाल में होने वाली थी।वहीं सृष्टि ने 12वीं अच्छे नंबरों से पास की थी और डॉक्टर बनने का सपना देख रही थी। रील बनाते समय हुआ हादसा गुरुवार सुबह करीब 11 बजे पांच लड़कियां—शीतल, सानिया, सृष्टि, तनु और निहारिका—नहर पर नहाने गई थीं।बताया जा रहा है कि सृष्टि पानी में थी, जबकि बाकी लड़कियां किनारे पर मोबाइल से रील बना रही थीं। इसी दौरान पैर फिसलने से चार लड़कियां तेज बहाव में बह गईं। मौके पर मौजूद लोगों ने उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन पानी का तेज बहाव इतना ज्यादा था कि तीन लड़कियां बहकर दूर चली गईं। एक लड़की को किसी तरह बचा लिया गया। गांव में पसरा मातम शादी की खुशियां मातम में बदल गईं। जिस घर में कुछ ही घंटों पहले हंसी-खुशी का माहौल था, वहां अब सिर्फ सन्नाटा और आंसू हैं। 👉 ऐसी ही ताजा और भरोसेमंद खबरों के लिए विजिट करें:www.deshharpal.com
Read more

खंडवा में किसानों का अनोखा विरोध: सरकार की निकाली ‘अर्थी’, सैटेलाइट सर्वे और खरीदी व्यवस्था पर उठाए सवाल

मध्यप्रदेश के खंडवा में किसानों का गुस्सा अब सड़कों पर खुलकर नजर आने लगा है। संयुक्त कृषक संगठन के बैनर तले किसानों ने सरकार के खिलाफ अनोखा विरोध प्रदर्शन करते हुए ‘सरकार की अर्थी’ निकाल दी। यह अर्थी यात्रा शहर की पुरानी अनाज मंडी से शुरू होकर राजा हरिश्चंद्र मुक्तिधाम तक पहुंची, जहां किसानों ने प्रतीकात्मक रूप से अर्थी फेंककर अपना विरोध जताया। इस प्रदर्शन में करीब 300 किसान शामिल हुए। सैटेलाइट सर्वे बना किसानों की परेशानी किसानों का कहना है कि सरकार द्वारा खेतों की सैटेलाइट से निगरानी में भारी गड़बड़ियां सामने आ रही हैं। संगठन के प्रवक्ता जय पटेल के मुताबिक, “खेत में गेहूं खड़ा है, नरवाई भी दिख रही है, लेकिन सैटेलाइट रिपोर्ट में फसल ही नहीं दिखा रहा। ऐसे में किसानों का स्लॉट बुक नहीं हो पा रहा।” उन्होंने आरोप लगाया कि इस तकनीकी खामी के कारण किसान अपनी उपज समर्थन मूल्य पर बेचने से वंचित हो रहे हैं। खरीदी व्यवस्था पर भी सवाल किसानों ने सरकार के उस दावे पर भी सवाल उठाया, जिसमें कहा गया था कि गेहूं का एक-एक दाना खरीदा जाएगा। किसानों के अनुसार, जिले में अभी तक 5% खरीदी भी नहीं हो पाई है। स्लॉट बुकिंग न होने के कारण किसान मजबूरी में अपनी फसल कम दाम पर मंडी में बेचने को मजबूर हैं। गलत जुर्माने का आरोप किसानों ने यह भी आरोप लगाया कि कई मामलों में खेत में आग शॉर्ट सर्किट से लगती है, लेकिन सैटेलाइट सर्वे इसे नरवाई जलाना बताकर भारी जुर्माना वसूल लिया जाता है। इससे किसानों की आर्थिक स्थिति और खराब हो रही है। 100 गांवों के किसान हुए शामिल इस विरोध प्रदर्शन में करीब 100 गांवों के 300 किसान शामिल हुए। कई किसान शादी-ब्याह जैसे पारिवारिक कार्यक्रम छोड़कर इस ‘अंतिम यात्रा’ में पहुंचे। करीब दो घंटे तक तेज धूप में किसानों ने सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया और अपनी मांगों को जोरदार तरीके से उठाया। किसानों का कहना है कि जब तक सैटेलाइट सर्वे की खामियां दूर नहीं होतीं और खरीदी व्यवस्था सुधरती नहीं, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। ऐसी ही जमीनी और किसानों से जुड़ी हर खबर के लिए जुड़े रहें —www.deshharpal.com
Read more

रायपुर में पानी टंकी पर बवाल: 22 करोड़ का टेंडर जारी, जमीन पर ही फंसा मामला

छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में नगर निगम और महिला एवं बाल विकास विभाग के बीच जमीन को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। मामला नेताजी सुभाष चंद्र बोस वार्ड-31 का है, जहां नई पानी टंकी के लिए 22 करोड़ रुपए का टेंडर तो जारी कर दिया गया, लेकिन जिस जमीन पर निर्माण होना है, उसी पर अब विवाद शुरू हो गया है। बिना NOC जारी हुआ टेंडर जानकारी के मुताबिक, नगर निगम ने संबंधित विभाग से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) लिए बिना ही टेंडर जारी कर दिया। वहीं महिला एवं बाल विकास विभाग का दावा है कि प्रस्तावित जमीन उनके अधिकार क्षेत्र में आती है। ऐसे में अब पूरे प्रोजेक्ट पर अनिश्चितता के हालात बन गए हैं। पानी के लिए तरस रहा वार्ड जोन-3 के इस वार्ड में पिछले कई दिनों से भीषण जल संकट बना हुआ है। करीब 30-35 से ज्यादा पानी के पाइंट सूख चुके हैं और लोगों को टैंकर के सहारे पानी मिल रहा है। लगभग 15 हजार वर्गफीट जमीन पर टंकी बनाई जानी थी, लेकिन जमीन स्पष्ट न होने के कारण काम अटक गया है। भूमि पूजन से पहले ही बढ़ा विवाद नगर निगम की ओर से भूमि पूजन की तैयारी भी शुरू कर दी गई थी। एक दिन पहले तक साफ-सफाई कराई गई, लेकिन तभी महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंच गए और जमीन पर अपना दावा ठोक दिया। इसके बाद मामला और उलझ गया। निगम की कार्यशैली पर सवाल नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी ने निगम की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा, “टेंडर जारी करने से पहले क्या जांच नहीं की गई? संबंधित विभाग से NOC लेना जरूरी नहीं था?” उन्होंने आरोप लगाया कि नगर निगम पहले टेंडर जारी करता है और बाद में जमीन तलाशता है, जिससे आम जनता को परेशान होना पड़ता है। महापौर का भरोसा—जल्द होगा समाधान वहीं महापौर मीनल चौबे ने कहा कि मामले को सुलझाने के लिए महिला एवं बाल विकास विभाग से बातचीत जारी है और जल्द ही NOC मिल जाएगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि टंकी का निर्माण जल्द शुरू कराया जाएगा ताकि लोगों को पानी की समस्या से राहत मिल सके। फिलहाल जमीन विवाद के कारण टंकी निर्माण में देरी तय मानी जा रही है, जिससे वार्डवासियों को पानी संकट से राहत मिलने में और इंतजार करना पड़ सकता है। ऐसी ही जमीनी और भरोसेमंद खबरों के लिए जुड़े रहें —www.deshharpal.com
Read more
1 … 82 83 84 85 86 … 113

Trending News

Editor's Picks

इंदौर में हेड कॉन्स्टेबल फिरोज खान की 46 अचल संपत्तियों का खुलासा, बाजार मूल्य 64 करोड़ रुपये से अधिक

इंदौर में पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय (PTC) में पदस्थ हेड कॉन्स्टेबल (ड्राइवर) फिरोज खान के खिलाफ लोकायुक्त की आय से अधिक संपत्ति मामले की जांच में नए खुलासे हुए हैं। लोकायुक्त के मुताबिक, 19 अक्टूबर तक की जांच में फिरोज खान, उनके परिवार, सहयोगियों और संबंधित फर्म के नाम पर कुल 46 अचल संपत्तियां खरीदे जाने की जानकारी सामने आई है। इन संपत्तियों की अनुमानित वर्तमान बाजार कीमत 64 करोड़ रुपये से अधिक आंकी गई है, जबकि इनकी कुल गाइडलाइन कीमत करीब 17.19 करोड़ रुपये बताई गई है। जांच एजेंसी के अनुसार, फिरोज खान और उनसे जुड़े लोगों की चल-अचल संपत्तियों पर अब तक 18.79 करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए जाने की जानकारी मिली है। लोकायुक्त संपत्तियों के दस्तावेजों, खरीद में इस्तेमाल की गई राशि और संबंधित लोगों की भूमिका का सत्यापन कर रहा है। जांच अभी जारी है। रंगवासा से लसूड़िया मोरी तक जमीन खरीदने की जानकारी जांच के दौरान इंदौर जिले की देपालपुर तहसील के ग्राम रंगवासा में कई कृषि भूमि की रजिस्ट्रियां सामने आई हैं। ये जमीनें वर्ष 2023 और 2024 में अलग-अलग तारीखों पर खरीदी गई थीं। इसके अलावा, जुलाई 2024 में लसूड़िया मोरी क्षेत्र में रेड कारपेट के पीछे 11.771 हेक्टेयर कृषि भूमि खरीदे जाने की जानकारी मिली है। इस जमीन का गाइडलाइन मूल्य करीब 3.85 करोड़ रुपये बताया गया है। लोकायुक्त के मुताबिक, इन जमीनों की खरीद स्पार्कवेव रियलिटी इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के नाम पर की गई। जांच में सामने आया है कि यह फर्म फिरोज खान की पत्नी हिना खान और इंदौर निवासी युवराज पंवार के संयुक्त नाम से संचालित है। एजेंसी फर्म से जुड़े दस्तावेजों और अन्य जानकारियों की भी जांच कर रही है। लोकायुक्त की जांच में अब तक सामने आए आंकड़े लोकायुक्त की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, जांच में अब तक ये आंकड़े सामने आए हैं: ये आंकड़े जांच के दौरान अब तक जुटाई गई जानकारी पर आधारित हैं। संपत्तियों के वास्तविक स्वामित्व, खरीद के लिए इस्तेमाल की गई राशि और संबंधित व्यक्तियों की भूमिका का सत्यापन किया जा रहा है। 14 अक्टूबर को कई ठिकानों पर हुई थी सर्चिंग लोकायुक्त ने 14 अक्टूबर को फिरोज खान के विभिन्न आवासों और अन्य ठिकानों पर सर्च कार्रवाई की थी। इसके बाद से जांच एजेंसी संपत्तियों, वित्तीय लेन-देन और उनसे जुड़े दस्तावेजों की जानकारी जुटा रही है। जांच में संपत्तियों की खरीद की तारीख, गाइडलाइन मूल्य और अनुमानित बाजार मूल्य का मिलान किया जा रहा है। आय के ज्ञात स्रोतों और संपत्तियों पर किए गए खर्च के बीच संभावित अंतर का आकलन जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। फिलहाल लोकायुक्त की कार्रवाई जारी है और मामले में आगे की जानकारी जांच के निष्कर्षों के आधार पर सामने आएगी।

लाहौल-स्पीति में दर्दनाक सड़क हादसा: चंद्रभागा नदी के किनारे गिरी कार, 3 की मौत; चालक समेत 4 घायल

हिमाचल प्रदेश के जनजातीय जिले लाहौल-स्पीति के तिन्दी क्षेत्र में सोमवार शाम दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। शादी समारोह में शामिल होने जा रहे ग्रामीणों से भरी एक कार अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे चंद्रभागा नदी के किनारे जा गिरी। हादसे में तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कार चालक समेत चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और स्थानीय प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। घायलों को उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) उदयपुर पहुंचाया गया है। वीर मंदिर के पास मोड़ पर चालक ने खोया नियंत्रण पुलिस जिला मुख्यालय केलांग से मिली जानकारी के अनुसार, हादसा सोमवार शाम करीब 4 बजे हुआ। हरियाणा नंबर की i20 कार में सात लोग सवार होकर तिन्दी गांव से सलग्रां गांव में आयोजित शादी समारोह में शामिल होने जा रहे थे। इनमें छह लोग सलग्रां गांव और एक व्यक्ति भुजुंड गांव का निवासी था। कार जब तिन्दी के समीप वीर मंदिर के पास एक मोड़ पर पहुंची, तो चालक वाहन पर से नियंत्रण खो बैठा। इसके बाद कार सड़क से नीचे गहरी ढांक में गिरते हुए चंद्रभागा नदी के किनारे जा पहुंची। डीएसपी केलांग केडी शर्मा ने बताया कि पुलिस ने मामले में नियमानुसार कार्रवाई शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में चालक की लापरवाही हादसे का संभावित कारण माना जा रहा है। हालांकि, पुलिस सभी पहलुओं से मामले की जांच कर रही है। पुलिस और प्रशासन ने चलाया रेस्क्यू ऑपरेशन हादसे की जानकारी मिलते ही पुलिस चौकी तांदी, पुलिस थाना उदयपुर और स्थानीय प्रशासन की टीमें घटनास्थल पर पहुंचीं। बचाव दल ने घायलों को निकालकर CHC उदयपुर पहुंचाया, जहां उनका इलाज जारी है। वहीं, तीनों मृतकों के शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम और अन्य कानूनी कार्रवाई के लिए CHC उदयपुर भेजे गए हैं। हादसे में जान गंवाने वालों के नाम पुलिस के अनुसार, हादसे में जान गंवाने वाले तीनों लोग सलग्रां गांव के निवासी थे। चार लोग घायल, चालक भी शामिल हादसे में घायल चारों लोगों की पहचान इस प्रकार हुई है: घटना के बाद क्षेत्र में शोक का माहौल है। पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है।

परविंदर सिंह झोटा हत्याकांड: पंजाब सरकार की 3 महिला IAS अधिकारियों की कमेटी से बातचीत बेनतीजा, अंतिम संस्कार से इनकार

पंजाब के मानसा में एंटी-ड्रग एक्टिविस्ट परविंदर सिंह झोटा की हत्या के मामले में परिवार और पंजाब सरकार के बीच गतिरोध बना हुआ है। परिजनों की मांगों पर बातचीत के लिए राज्य सरकार की ओर से गठित तीन महिला IAS अधिकारियों की कमेटी की पहली बैठक सोमवार को बेनतीजा रही। परिवार और एक्शन कमेटी ने साफ कर दिया है कि मांगें पूरी होने तक झोटा का अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा और धरना जारी रहेगा। सोमवार को तीनों महिला IAS अधिकारी झोटा के पिता भीम सिंह और पत्नी मनप्रीत कौर से मिलने पहुंचीं। इस दौरान परिवार की ओर से गठित एक्शन कमेटी के सदस्य भी मौजूद रहे। बैठक के बाद कमेटी के सदस्यों ने बताया कि सरकार की ओर से रखे गए प्रस्तावों पर सहमति नहीं बन सकी है। मांगपत्र सौंपा, CBI जांच की मांग पर अड़ा परिवार एक्शन कमेटी के सदस्यों के मुताबिक, सरकार की कमेटी को मांगपत्र सौंप दिया गया है। उन्होंने कहा कि जब तक मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक धरना खत्म नहीं किया जाएगा और अंतिम संस्कार भी नहीं होगा। एक्शन कमेटी ने यह भी कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह मंगलवार को परिवार से मिलने आ रहे हैं। कमेटी की मांग है कि अमित शाह परिवार से मुलाकात के दौरान मामले की CBI जांच का ऐलान करें। AAP विधायकों को लानत पत्र देने पहुंचे समर्थक, पुलिस से धक्कामुक्की परविंदर सिंह झोटा की हत्या के विरोध में सोमवार को इंसाफ कमेटी, किसान संगठनों और शिरोमणि अकाली दल के नेताओं ने आम आदमी पार्टी (AAP) के विधायकों के घरों पर लानत पत्र देने का अभियान चलाया। इस दौरान कुछ जगहों पर पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तनाव की स्थिति बनी। लुधियाना में AAP विधायक अशोक पराशर पप्पी के घर की ओर जा रहे अकाली नेताओं को पुलिस ने बैरिकेड लगाकर रोक दिया। नेताओं ने बैरिकेड हटाने की कोशिश की, जिसके बाद छह नेताओं को आगे जाने की अनुमति दी गई। वहीं, बठिंडा के तलवंडी साबो में विधायक प्रो. बलजिंदर कौर के घर के बाहर पुलिस और किसान व अकाली नेता आमने-सामने आ गए। प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड तोड़कर आगे बढ़ते हुए विधायक की कोठी पर लानत पत्र चिपका दिया। मौड़ मंडी में धरने के दौरान अकाली नेताओं में बहस मौड़ मंडी में विधायक सुखबीर सिंह माइसरखाना के घर के बाहर चल रहे धरने के दौरान भी माहौल गरमा गया। यहां अकाली दल (वारिस पंजाब दे) के हलका इंचार्ज और शिरोमणि अकाली दल (बादल) के एक कार्यकर्ता के बीच तीखी बहस हुई। बताया जा रहा है कि विवाद उस समय शुरू हुआ, जब लक्खा सिधाना केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के दौरे को लेकर बयान दे रहे थे। इसके बाद दोनों पक्षों के बीच पंजाब की अलग-अलग सरकारों के कामकाज, पूर्व अकाली सरकार के फैसलों और भाजपा के साथ गठबंधन जैसे मुद्दों पर बहस हुई। पिता बोले- पत्नी भी एक्शन कमेटी में होंगी शामिल परविंदर सिंह झोटा के पिता भीम सिंह ने कहा कि अब उनकी बहू मनप्रीत कौर खुद एक्शन कमेटी में शामिल होंगी और मीडिया को भी संबोधित करेंगी। उन्होंने यह भी कहा कि एक्शन कमेटी के कुछ सदस्यों ने पहले अमित शाह के विरोध का ऐलान किया था। भीम सिंह के मुताबिक, यदि गृह मंत्री का विरोध किया जाता है, तो परिवार इसे अपने विरोध के रूप में देखेगा। फिलहाल परिवार अपनी मांगों पर अड़ा हुआ है। सरकार और एक्शन कमेटी के बीच बातचीत में सहमति नहीं बनने से मामले का समाधान निकलने का इंतजार जारी है।

दशहरे पर PM मोदी और अमित शाह होंगे शामिल, रामलीला स्थलों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम

राजधानी दिल्ली में विजयादशमी का पर्व धूमधाम से मनाने की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। इस बार दशहरे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह अलग-अलग रामलीला आयोजनों में शामिल होंगे। दोनों नेताओं के आगमन को देखते हुए आयोजन स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पूर्वी दिल्ली में इंद्रप्रस्थ रामलीला समिति के कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। वहीं, अमित शाह लाल किला स्थित माधवदास पार्क में श्री धार्मिक रामलीला समिति के आयोजन में शिरकत करेंगे। दोनों नेता प्रतीकात्मक रूप से धनुष से बाण चलाकर रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतलों का दहन करेंगे। इस दौरान बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना है। दिल्ली पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट प्रधानमंत्री और गृह मंत्री की मौजूदगी को देखते हुए दिल्ली पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर रहेंगी। आयोजन स्थलों पर बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था की जाएगी। इसके साथ ही भीड़ प्रबंधन और यातायात व्यवस्था पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। दर्शकों की संभावित भीड़ को देखते हुए आसपास की सड़कों पर यातायात प्रतिबंध और रूट डायवर्जन लागू किए जा सकते हैं। लोगों को आयोजन स्थलों पर जाने से पहले यातायात संबंधी दिशा-निर्देशों की जानकारी लेने की सलाह दी गई है। डिजिटल आतिशबाजी और हाईटेक पुतले होंगे आकर्षण दिल्ली की प्रमुख रामलीला समितियों ने दशहरा उत्सव को भव्य बनाने के लिए विशेष तैयारियां की हैं। इस बार डिजिटल आतिशबाजी, आधुनिक तकनीक से तैयार विशाल पुतले और भव्य मंचन दर्शकों के लिए खास आकर्षण होंगे। रामलीला आयोजनों में बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की उम्मीद है। आयोजन समितियां उत्सव को यादगार बनाने के साथ-साथ दर्शकों की सुविधा और सुरक्षा के लिए भी तैयारियां कर रही हैं। Desh Har Pal वेबसाइट पर देश-दुनिया, राजनीति और त्योहारों से जुड़ी ताजा खबरों के लिए पढ़ते रहें।

दिल्ली में 6 नए बायोगैस प्लांट लगेंगे, CM रेखा गुप्ता ने किया गोयला डेयरी प्लांट का उद्घाटन

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोमवार को कैबिनेट मंत्री आशीष सूद के साथ गोयला डेयरी में 200 मीट्रिक टन प्रतिदिन क्षमता वाले बायोगैस प्लांट का उद्घाटन किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने दिल्ली में 6 और बायोगैस प्लांट स्थापित करने की घोषणा की। साथ ही डेयरी कॉलोनियों में जल निकासी व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए 50 करोड़ रुपये देने का ऐलान किया। मुख्यमंत्री के मुताबिक, इस पहल का उद्देश्य डेयरी से निकलने वाले गोबर का उचित निस्तारण करना, प्रदूषण कम करना और पशुपालकों को अतिरिक्त आय का अवसर देना है। रोज 200 टन गोबर से बनेगी कंप्रेस्ड बायोगैस मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि गोयला डेयरी में प्रतिदिन करीब 200 टन गोबर निकलता है। उचित निस्तारण नहीं होने पर इसके नालियों के माध्यम से यमुना तक पहुंचने का खतरा बना रहता है। नए बायोगैस प्लांट में गोबर से प्रतिदिन लगभग 14 हजार घन मीटर कच्ची बायोगैस और 5.6 टन कंप्रेस्ड बायोगैस (CBG) तैयार की जाएगी। तैयार गैस की आपूर्ति पाइपलाइन के जरिए इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड (IGL) को की जाएगी। कार्यक्रम में दिल्ली की महापौर प्रवेश वाही, उपमहापौर डॉ. मोनिका पंत और विधायक संदीप सहरावत सहित अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। नांगली प्लांट में 55 हजार टन गोबर का निस्तारण मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले डेढ़ साल में 200-200 टन प्रतिदिन क्षमता वाले तीन बायोगैस संयंत्र शुरू किए जा चुके हैं। सितंबर 2025 में शुरू हुए नांगली प्लांट में एक साल के भीतर करीब 55 हजार टन गोबर का निस्तारण किया गया। सरकार की योजना दिल्ली में ऐसे और संयंत्र स्थापित कर डेयरी क्षेत्रों में गोबर के प्रबंधन को बेहतर बनाने की है। इससे कचरे के रूप में जमा होने वाले गोबर का इस्तेमाल ऊर्जा उत्पादन के लिए किया जा सकेगा। पशुपालकों को गोबर के मिलेंगे 67 पैसे प्रति किलो इस परियोजना के तहत संबंधित एजेंसी डेयरी संचालकों से 67 पैसे प्रति किलो की दर से गोबर खरीदेगी। इससे पशुपालकों को गोबर से अतिरिक्त कमाई होगी और उसके निस्तारण की समस्या भी कम हो सकेगी। इसके अलावा, डेयरी कॉलोनियों में जल निकासी व्यवस्था सुधारने के लिए घोषित 50 करोड़ रुपये से स्थानीय स्तर पर सफाई और जलभराव से जुड़ी समस्याओं को दूर करने में मदद मिलने की उम्मीद है।

About Me

देशहरपल सिर्फ खबरों का मंच नहीं, बल्कि आपकी आवाज़ को सामने लाने का एक सशक्त माध्यम भी है। यहां आपको ताज़ातरीन खबरों के साथ-साथ नौकरी, शिक्षा, और नए भारत की बदलती आर्थिक तस्वीर पर उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी मिलेगी।

Phone: +91 9406783569, +91 755 484 8829
Email: support@deshharpal.com
Address : A-23 Sakshi Bunglow Trilanga Near Aura Mall Bhopal M.P

Recent Posts

  • All Post
  • Breaking News
  • Education
  • More News
  • Web Story
  • एंटरटेनमेंट
  • देश-हरपल
  • धर्म-कर्म
  • प्रदेश
  • बिज़नेस
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • वीडियो
  • स्पोर्ट्स
    •   Back
    • एक्सक्लूसिव
    • Editorial
    •   Back
    • IPL 2026
    • T20 वर्ल्ड कप
    • FIFA 2026
    •   Back
    • सोच-विचार
    • हेल्थ
    • ट्रैवल
    • कल्चर
    • एनवायरनमेंट
    • Impact Feature
    •   Back
    • राशिफल
    • पंचांग
    • पर्व-त्यौहार
    • पूजा-पाठ
    • चैत्र नवरात्रि 2025
    •   Back
    • मध्य प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    •   Back
    • टीवी
    • वेब-सीरीज
    • फिल्म रिव्यू
    • बॉलीवुड
    •   Back
    • लाइफस्टाइल
    •   Back
    • स्टॉक-मार्केट

© 2023 Deshharpal. All Rights Reserved.