आपका चैनल --
ताज़ा खबर
BREAKINGदेश-हरपलमेरठ हत्याकांड: मुस्कान और साहिल को फांसी की सजा, पति सौरभ की हत्या के मामले में कोर्ट का फैसला◆BREAKINGमध्य प्रदेशइंदौर में प्लॉट बेचने के नाम पर 7.80 लाख की ठगी का आरोप, ब्रोकर समेत दो पर FIR◆BREAKINGदेश-हरपलSIR के खिलाफ प्रदर्शन करने वाले छात्रों से मिले राहुल गांधी, दिल्ली पुलिस पर मारपीट के आरोप◆BREAKINGस्पोर्ट्सबांग्लादेश टेस्ट सीरीज से बाहर हुए शाई होप और अल्जारी जोसेफ, केविन विकहम को पहली बार मिला मौका◆BREAKINGबिज़नेसIMF ने बढ़ाया भारत की GDP ग्रोथ का अनुमान, 2026 और 2027 में 7% विकास दर रहने की उम्मीद◆BREAKINGदेश-हरपलभीलवाड़ा में सरकारी शिक्षक ने फंदा लगाकर दी जान, किराए के कमरे में मिला शव◆BREAKINGछत्तीसगढ़कैंसर की दवाओं की कीमतों में बड़ा अंतर: ₹538 का इंजेक्शन बाजार में ₹1,500 तक, एक ही दवा की MRP में 16 गुना तक फर्क◆BREAKINGछत्तीसगढ़बिलासपुर एयरपोर्ट को 4C श्रेणी में अपग्रेड करने पर हाईकोर्ट सख्त, सरकार से 3 सप्ताह में मांगा जवाब◆BREAKINGदेश-हरपलमेरठ हत्याकांड: मुस्कान और साहिल को फांसी की सजा, पति सौरभ की हत्या के मामले में कोर्ट का फैसला◆BREAKINGमध्य प्रदेशइंदौर में प्लॉट बेचने के नाम पर 7.80 लाख की ठगी का आरोप, ब्रोकर समेत दो पर FIR◆BREAKINGदेश-हरपलSIR के खिलाफ प्रदर्शन करने वाले छात्रों से मिले राहुल गांधी, दिल्ली पुलिस पर मारपीट के आरोप◆BREAKINGस्पोर्ट्सबांग्लादेश टेस्ट सीरीज से बाहर हुए शाई होप और अल्जारी जोसेफ, केविन विकहम को पहली बार मिला मौका◆BREAKINGबिज़नेसIMF ने बढ़ाया भारत की GDP ग्रोथ का अनुमान, 2026 और 2027 में 7% विकास दर रहने की उम्मीद◆BREAKINGदेश-हरपलभीलवाड़ा में सरकारी शिक्षक ने फंदा लगाकर दी जान, किराए के कमरे में मिला शव◆BREAKINGछत्तीसगढ़कैंसर की दवाओं की कीमतों में बड़ा अंतर: ₹538 का इंजेक्शन बाजार में ₹1,500 तक, एक ही दवा की MRP में 16 गुना तक फर्क◆BREAKINGछत्तीसगढ़बिलासपुर एयरपोर्ट को 4C श्रेणी में अपग्रेड करने पर हाईकोर्ट सख्त, सरकार से 3 सप्ताह में मांगा जवाब◆

NE

News Elementor

What's Hot

Banner

Latest Posts

'3 Idiots' विवाद पर आमिर खान का जवाब, सोनम वांगचुक बोले- 20 जुलाई तक जिंदा रहना चाहता हूं

‘3 Idiots’ विवाद पर आमिर खान का जवाब, सोनम वांगचुक बोले- 20 जुलाई तक जिंदा रहना चाहता हूं

फिल्म ‘3 Idiots’ को लेकर एक बार फिर चर्चा तेज हो गई है। अभिनेता आमिर खान ने साफ कहा है कि यह फिल्म सामाजिक मुद्दों पर आधारित थी, लेकिन इसे सोनम वांगचुक की बायोपिक या उनकी कहानी कहना सही नहीं है। आमिर खान के इस बयान के बाद लद्दाख के सामाजिक कार्यकर्ता और शिक्षा सुधारक सोनम वांगचुक ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि उनका पूरा ध्यान अभी लद्दाख और वहां के लोगों के अधिकारों की लड़ाई पर है। 20 जुलाई को संसद मार्च करेंगे वांगचुक सोनम वांगचुक ने बताया कि वे 20 जुलाई को ‘कॉकरोच पार्टी’ के नाम से संसद मार्च निकालने की तैयारी कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य लोगों का ध्यान लद्दाख के मुद्दों की ओर आकर्षित करना है। इस दौरान उन्होंने भावुक अंदाज में कहा, “मैं बस इतना चाहता हूं कि 20 जुलाई तक जिंदा रहूं, ताकि संसद तक अपनी बात पहुंचा सकूं।” उनका यह बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और लोग इस पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। क्या है ‘3 इडियट्स’ और वांगचुक का विवाद? जब साल 2009 में ‘3 इडियट्स’ रिलीज हुई थी, तब कई लोगों ने फिल्म के मुख्य किरदार रैंचो की तुलना सोनम वांगचुक से की थी। हालांकि फिल्म के निर्माता और कलाकार हमेशा कहते रहे हैं कि फिल्म कई वास्तविक घटनाओं और पात्रों से प्रेरित थी, किसी एक व्यक्ति की कहानी नहीं। अब एक बार फिर आमिर खान के बयान के बाद यह पुराना विवाद चर्चा में आ गया है। सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस आमिर खान और सोनम वांगचुक के बयानों के बाद सोशल मीडिया पर बहस तेज हो गई है। कुछ लोग आमिर खान के बयान का समर्थन कर रहे हैं, जबकि कई लोग मानते हैं कि फिल्म के किरदार और सोनम वांगचुक के जीवन में कई समानताएं हैं। अब सभी की नजर 20 जुलाई को होने वाले संसद मार्च पर है, जहां सोनम वांगचुक अपने आंदोलन और लद्दाख के मुद्दों को राष्ट्रीय स्तर पर उठाने की कोशिश करेंगे। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
PM Modi

PM Modi in Chandigarh: Development को नई रफ्तार, ₹4700 करोड़ की योजनाएं और Medical College की सौगात

PM Modi के Chandigarh दौरे में शहर को बड़ी विकास योजनाओं की सौगात मिली। पीएम मोदी ने यहां करीब ₹4700 करोड़ रुपये के विभिन्न Development Projects का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इस दौरान उन्होंने चंडीगढ़ में एक नए MBBS College (Medical College) की स्थापना का ऐलान किया, जिसे क्षेत्र की मेडिकल शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। कार्यक्रम के दौरान पीएम मोदी ने कहा कि देश में बेहतर स्वास्थ्य व्यवस्था तैयार करने के लिए मेडिकल इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करना जरूरी है। नए मेडिकल कॉलेज से छात्रों को मेडिकल क्षेत्र में आगे बढ़ने के नए अवसर मिलेंगे और आम लोगों को भी बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ मिलेगा। Chandigarh में नए MBBS College की बड़ी घोषणा चंडीगढ़ में बनने वाला नया मेडिकल कॉलेज शहर और आसपास के क्षेत्रों के लिए अहम साबित हो सकता है। इससे मेडिकल सीटों की संख्या बढ़ने के साथ-साथ युवाओं को अपने क्षेत्र में ही उच्च स्तरीय चिकित्सा शिक्षा प्राप्त करने का मौका मिलेगा। केंद्र सरकार पिछले कुछ वर्षों में देशभर में नए मेडिकल कॉलेज खोलने और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार पर जोर दे रही है। चंडीगढ़ की इस नई परियोजना को इसी अभियान का हिस्सा माना जा रहा है। ₹4700 करोड़ के Projects से बदलेगी Chandigarh की तस्वीर प्रधानमंत्री मोदी ने चंडीगढ़ में कई महत्वपूर्ण योजनाओं की शुरुआत की। इन परियोजनाओं का उद्देश्य शहर के Infrastructure, Public Facilities और विकास कार्यों को मजबूत करना है। सरकार के अनुसार, इन Projects के पूरा होने के बाद लोगों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी और शहर के विकास को नई गति मिलेगी। कार्यक्रम में कांग्रेस सांसद की मौजूदगी बनी चर्चा पीएम मोदी के कार्यक्रम में कांग्रेस सांसद की मौजूदगी भी चर्चा का विषय रही। आमतौर पर राजनीतिक मंचों पर अलग-अलग विचार रखने वाले नेताओं का एक साथ दिखाई देना लोगों का ध्यान आकर्षित कर गया। विकास से जुड़े इस कार्यक्रम में पक्ष और विपक्ष के नेताओं की मौजूदगी को सकारात्मक संदेश के तौर पर देखा गया। Chandigarh के बाद Punjab रवाना हुए PM Modi चंडीगढ़ कार्यक्रम खत्म होने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पंजाब के लिए रवाना हो गए। पीएम मोदी के दौरे को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। पंजाब में भी उनके कई कार्यक्रम प्रस्तावित हैं। Health Sector और Education को मिलेगा Boost नए MBBS College और अन्य Development Projects के जरिए चंडीगढ़ में Education और Health Sector को मजबूती मिलने की उम्मीद है। इससे न सिर्फ छात्रों को फायदा होगा, बल्कि क्षेत्र की स्वास्थ्य व्यवस्था भी पहले से बेहतर हो सकती है। PM Modi के Chandigarh Visit में ₹4700 करोड़ की योजनाएं, New Medical College की घोषणा और विकास को लेकर सरकार का फोकस सबसे बड़ी खबरें रहीं। यह कदम चंडीगढ़ को Education और Healthcare के क्षेत्र में नई पहचान देने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Ayodhya Ram Mandir

Ayodhya Ram Mandir में शांति और शुद्धि के लिए विशेष पूजा, Donation Case के बाद बढ़ी हलचल

Ayodhya Ram Mandir से जुड़े चढ़ावा विवाद के बाद अब अयोध्या में धार्मिक शुद्धि और प्रायश्चित अनुष्ठान शुरू हो गया है। मंदिर की पवित्रता और श्रद्धालुओं की आस्था को ध्यान में रखते हुए पंडितों द्वारा विशेष पूजा-अर्चना और वैदिक मंत्रों के साथ अनुष्ठान कराया जा रहा है। इस बीच मामले से जुड़े गोपाल राव के अचानक अयोध्या छोड़कर चले जाने की खबर ने नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है। राम मंदिर देशभर के करोड़ों लोगों की आस्था का केंद्र है। ऐसे में मंदिर से जुड़ी किसी भी घटना पर श्रद्धालुओं की नजर रहती है। चढ़ावे से जुड़े विवाद के सामने आने के बाद मंदिर परिसर में धार्मिक परंपराओं के अनुसार शांति और शुद्धिकरण के लिए यह अनुष्ठान शुरू किया गया है। Ayodhya Ram Mandir में शुद्धि पूजा, पंडित कर रहे विशेष अनुष्ठान धार्मिक मान्यताओं के अनुसार किसी अप्रिय घटना के बाद मंदिरों में वातावरण की सकारात्मकता बनाए रखने के लिए शुद्धिकरण पूजा की जाती है। इसी उद्देश्य से राम मंदिर में भी पंडितों द्वारा पूजा-पाठ और प्रायश्चित अनुष्ठान किया जा रहा है। अनुष्ठान के दौरान वैदिक मंत्रोच्चार और धार्मिक विधियों का पालन किया जा रहा है। मंदिर से जुड़े लोगों का कहना है कि यह प्रक्रिया श्रद्धालुओं की भावनाओं और आस्था को ध्यान में रखते हुए की जा रही है। Donation Theft Case के बाद बढ़ी सुरक्षा और पारदर्शिता पर चर्चा राम मंदिर में चढ़ावे से जुड़े मामले ने सुरक्षा व्यवस्था और दान प्रबंधन को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। श्रद्धालुओं द्वारा मंदिर में बड़ी संख्या में चढ़ावा और दान दिया जाता है, ऐसे में इसकी निगरानी और पारदर्शिता बेहद अहम मानी जाती है। मामले के बाद मंदिर व्यवस्था से जुड़े सभी पहलुओं पर चर्चा तेज हो गई है। प्रशासन और संबंधित संस्थाएं पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं। गोपाल राव ने छोड़ी अयोध्या, सामने नहीं आया कोई बयान इस पूरे विवाद के बीच गोपाल राव के अयोध्या छोड़ने की खबर सामने आई है। बताया जा रहा है कि वह बिना किसी सार्वजनिक बयान के चुपचाप शहर से चले गए। हालांकि, उनके जाने की वजह को लेकर अभी तक कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है। उनकी चुप्पी के कारण मामले को लेकर लोगों में कई तरह की चर्चाएं हो रही हैं। हालांकि, किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले आधिकारिक जानकारी का इंतजार किया जा रहा है। श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ा मामला राम मंदिर सिर्फ एक धार्मिक स्थल नहीं बल्कि करोड़ों भारतीयों की भावनाओं से जुड़ा स्थान है। यही वजह है कि मंदिर से जुड़ी हर छोटी-बड़ी खबर देशभर में चर्चा का विषय बन जाती है। अब सभी की नजर इस मामले की आगे की जांच, प्रशासनिक कार्रवाई और आने वाले अपडेट पर बनी हुई है। मंदिर प्रशासन की प्राथमिकता श्रद्धालुओं की आस्था और मंदिर की व्यवस्था को बनाए रखना है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Kolkata Airport

Kolkata Airport रनवे के करीब मस्जिद, जुमे की नमाज और Security Issue को लेकर बढ़ा विवाद

कोलकाता के Netaji Subhas Chandra Bose International Airport में स्थित एक पुरानी मस्जिद इन दिनों सुर्खियों में है। एयरपोर्ट के रनवे के पास मौजूद 136 साल पुरानी बांकड़ा मस्जिद (Bankra Mosque) को लेकर सुरक्षा व्यवस्था, जुमे की नमाज और एयरपोर्ट विस्तार से जुड़ा विवाद सामने आया है। मामला तब ज्यादा चर्चा में आया जब सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए मस्जिद तक आम लोगों की आवाजाही पर रोक लगाए जाने की बात सामने आई। इसके बाद स्थानीय लोगों और मस्जिद प्रबंधन ने इस फैसले पर आपत्ति जताई। Airport के रनवे के पास कैसे बनी हुई है मस्जिद? बांकड़ा मस्जिद का इतिहास Kolkata Airport से भी पुराना बताया जाता है। स्थानीय लोगों के अनुसार, यह मस्जिद उस समय मौजूद थी जब यह इलाका गांव का हिस्सा हुआ करता था। बाद में एयरपोर्ट के विस्तार के साथ यह क्षेत्र एयरपोर्ट परिसर के करीब आ गया। आज यह मस्जिद एयरपोर्ट के रनवे के नजदीक स्थित है। यही वजह है कि अब इसकी स्थिति को लेकर सुरक्षा एजेंसियों और एयरपोर्ट अधिकारियों की चिंता बढ़ी है। जुमे की नमाज को लेकर क्यों बढ़ा विवाद? मस्जिद में हर शुक्रवार यानी जुमे की नमाज के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं। पहले श्रद्धालुओं को जांच और अनुमति के बाद यहां जाने की इजाजत दी जाती थी, लेकिन सुरक्षा कारणों से प्रवेश व्यवस्था में बदलाव किया गया। इसके बाद स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिली। उनका कहना है कि मस्जिद वर्षों पुरानी धार्मिक जगह है और यहां नमाज की व्यवस्था जारी रहनी चाहिए। वहीं, एयरपोर्ट सुरक्षा से जुड़े अधिकारियों का तर्क है कि एयरपोर्ट एक संवेदनशील क्षेत्र है, जहां किसी भी तरह की अतिरिक्त आवाजाही को सुरक्षा मानकों के हिसाब से नियंत्रित करना जरूरी है। Airport Authority को क्या चिंता है? एयरपोर्ट प्रशासन की सबसे बड़ी चिंता सुरक्षा और भविष्य के विस्तार को लेकर है। रनवे के आसपास मौजूद किसी भी संरचना और लोगों की आवाजाही को लेकर अंतरराष्ट्रीय विमानन नियमों के तहत सावधानी बरती जाती है। अधिकारियों का मानना है कि एयरपोर्ट क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखना जरूरी है, खासकर ऐसे समय में जब हवाई यातायात लगातार बढ़ रहा है। क्या मस्जिद को दूसरी जगह शिफ्ट किया जाएगा? मस्जिद को स्थानांतरित करने का मुद्दा नया नहीं है। समय-समय पर एयरपोर्ट विस्तार और सुरक्षा जरूरतों को देखते हुए इस पर चर्चा होती रही है। हालांकि, मस्जिद से जुड़े लोगों का कहना है कि यह सिर्फ एक इमारत नहीं बल्कि वर्षों पुरानी धार्मिक और ऐतिहासिक विरासत है। इसलिए किसी भी निर्णय से पहले सभी पक्षों के बीच बातचीत जरूरी है। राजनीतिक बयानबाजी भी हुई तेज मस्जिद विवाद सामने आने के बाद राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी शुरू हो गई हैं। कुछ नेताओं ने इसे एयरपोर्ट सुरक्षा से जुड़ा विषय बताया है, जबकि कुछ ने धार्मिक भावनाओं का सम्मान करते हुए समाधान निकालने की मांग की है। Kolkata Airport Mosque Row: आगे क्या होगा? फिलहाल यह मामला सुरक्षा और आस्था के बीच संतुलन का मुद्दा बन गया है। एक तरफ एयरपोर्ट की सुरक्षा और विस्तार की जरूरत है, तो दूसरी तरफ लोगों की धार्मिक भावनाएं भी जुड़ी हुई हैं। अब नजर इस बात पर है कि प्रशासन, एयरपोर्ट अथॉरिटी और मस्जिद प्रबंधन के बीच बातचीत से इस विवाद का क्या समाधान निकलता है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Sonam Wangchuk

Sonam Wangchuk Hunger Strike: 20वें दिन बिगड़ी तबीयत, बोले- ’20 जुलाई तक जिंदा रहना चाहता हूं’

लद्दाख के सामाजिक कार्यकर्ता और पर्यावरणविद् सोनम वांगचुक (Sonam Wangchuk) का आमरण अनशन अब बेहद नाजुक दौर में पहुंच गया है। 20 दिनों से लगातार भूख हड़ताल पर बैठे वांगचुक की सेहत को लेकर डॉक्टरों ने गंभीर चिंता जताई है। मेडिकल टीम का कहना है कि यदि अनशन जल्द खत्म नहीं किया गया तो शरीर के महत्वपूर्ण अंग प्रभावित हो सकते हैं और Organ Failure का खतरा बढ़ सकता है। इसी बीच सोनम वांगचुक का एक भावुक बयान सामने आया है। उन्होंने कहा, “मैं 20 जुलाई तक जिंदा रहना चाहता हूं।” उनके इस बयान ने समर्थकों के साथ-साथ आम लोगों की चिंता भी बढ़ा दी है। Health Update: डॉक्टरों ने क्यों जताई चिंता? Sonam Wangchuk की नियमित जांच कर रहे डॉक्टरों के अनुसार, लंबे समय तक भोजन नहीं लेने से शरीर तेजी से कमजोर हो रहा है। लगातार उपवास की वजह से किडनी, लीवर और अन्य महत्वपूर्ण अंगों पर दबाव बढ़ सकता है। डॉक्टरों ने स्पष्ट कहा है कि यदि अनशन जारी रहा तो स्थिति गंभीर हो सकती है। मेडिकल टीम ने उन्हें जल्द से जल्द अनशन समाप्त कर इलाज शुरू करने की सलाह दी है। हालांकि, वांगचुक अभी भी अपनी मांगों पर कायम हैं। आखिर किस बात को लेकर कर रहे हैं Hunger Strike? Sonam Wangchuk लंबे समय से लद्दाख के पर्यावरण संरक्षण, स्थानीय लोगों के अधिकार, प्राकृतिक संसाधनों की सुरक्षा और क्षेत्र के संतुलित विकास की मांग उठाते रहे हैं। उनका कहना है कि इन मुद्दों पर केंद्र सरकार को ठोस और समयबद्ध कदम उठाने चाहिए। इन्हीं मांगों को लेकर उन्होंने आमरण अनशन शुरू किया, जो अब 20वें दिन में प्रवेश कर चुका है। ’20 जुलाई तक जिंदा रहना चाहता हूं’ बयान क्यों बना चर्चा का विषय? अनशन के दौरान दिया गया वांगचुक का यह बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। समर्थकों का कहना है कि यह सिर्फ एक भावनात्मक अपील नहीं, बल्कि सरकार तक अपनी बात पहुंचाने की उनकी दृढ़ इच्छा को भी दर्शाता है। देशभर से लोग उनके बेहतर स्वास्थ्य की कामना कर रहे हैं और सरकार से बातचीत के जरिए समाधान निकालने की मांग कर रहे हैं। देशभर से मिल रहा समर्थन वांगचुक के आंदोलन को कई सामाजिक संगठनों, छात्रों, पर्यावरण प्रेमियों और नागरिक समूहों का समर्थन मिल रहा है। सोशल मीडिया पर भी उनके समर्थन में लगातार पोस्ट साझा की जा रही हैं। कई लोगों का मानना है कि बातचीत के जरिए इस गतिरोध का समाधान निकाला जाना चाहिए। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Corona

COVID Alert: 7 नए Corona केस मिलने से जिले में हड़कंप, अस्पताल में बना Isolation Ward

Corona संक्रमण भले ही पहले जैसी स्थिति में न हो, लेकिन समय-समय पर सामने आने वाले नए मामले यह संकेत देते हैं कि सतर्कता अभी भी जरूरी है। इसी बीच जिले में COVID-19 के सात नए मरीज मिलने से स्वास्थ्य विभाग की सक्रियता बढ़ गई है। एक साथ सात संक्रमितों की पुष्टि होने के बाद जिला प्रशासन ने एहतियाती कदम तेज कर दिए हैं और अस्पताल में विशेष Isolation Ward तैयार कर दिया गया है। 7 नए Corona मरीज मिलने से बढ़ी सतर्कता स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, हाल ही में हुई जांच में सात लोगों की रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव आई है। सभी संक्रमितों की स्वास्थ्य स्थिति फिलहाल स्थिर बताई जा रही है। डॉक्टरों की टीम लगातार उनकी निगरानी कर रही है और आवश्यक इलाज उपलब्ध कराया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि मरीजों के संपर्क में आए लोगों की पहचान कर उन्हें भी जांच कराने की सलाह दी गई है। इससे संक्रमण को शुरुआती स्तर पर ही नियंत्रित करने में मदद मिलेगी। अस्पताल में तैयार किया गया Isolation Ward संक्रमण के मामलों को देखते हुए जिला अस्पताल में अलग से Isolation Ward बनाया गया है। यहां संक्रमित मरीजों के इलाज के लिए पर्याप्त बेड, डॉक्टरों की टीम और जरूरी मेडिकल सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। यदि आने वाले दिनों में मरीजों की संख्या बढ़ती है, तो अतिरिक्त व्यवस्था भी की जाएगी। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि फिलहाल घबराने की आवश्यकता नहीं है, लेकिन लापरवाही भी नहीं बरतनी चाहिए। लोगों से की गई यह खास अपील डॉक्टरों ने नागरिकों से अपील की है कि यदि किसी को बुखार, खांसी, गले में दर्द, शरीर में कमजोरी या सांस लेने में परेशानी जैसे लक्षण महसूस हों, तो तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जांच कराएं। इसके अलावा लोगों को सलाह दी गई है कि— प्रशासन ने कहा—स्थिति नियंत्रण में जिला प्रशासन का कहना है कि फिलहाल सभी सात मरीजों की निगरानी की जा रही है और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। स्वास्थ्य विभाग लगातार सैंपलिंग और निगरानी का काम कर रहा है ताकि संक्रमण आगे न फैले। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर फैल रही अपुष्ट खबरों पर भरोसा न करें और केवल स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी को ही सही मानें। Corona को लेकर सतर्क रहना ही सबसे बड़ी सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि कोरोना वायरस अब पहले की तुलना में कम गंभीर जरूर है, लेकिन यह पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। ऐसे में छोटी-छोटी सावधानियां अपनाकर संक्रमण के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है। समय पर जांच, डॉक्टर की सलाह और व्यक्तिगत स्वच्छता आज भी कोरोना से बचाव के सबसे प्रभावी उपाय माने जाते हैं। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Monsoon Session

Modi Government Bills 2026: संसद के Monsoon Session में FCRA, Supreme Court और MSME समेत कई बड़े विधेयक संभव

Parliament Monsoon Session 2026 की शुरुआत 20 जुलाई से होने जा रही है। हर बार की तरह इस बार भी देश की नजर संसद के मानसून सत्र पर टिकी हुई है। वजह साफ है—केंद्र की मोदी सरकार कई महत्वपूर्ण विधेयकों (Bills) को संसद में पेश करने की तैयारी कर रही है। इनमें विदेशी फंडिंग के नियमों से लेकर आयकर व्यवस्था, MSME सेक्टर, शिक्षा और न्यायपालिका से जुड़े बड़े बदलाव शामिल हो सकते हैं। सिर्फ सरकार ही नहीं, बल्कि विपक्ष ने भी इस सत्र के लिए अपनी रणनीति तैयार कर ली है। ऐसे में आने वाले दिनों में संसद के भीतर कई अहम मुद्दों पर जोरदार बहस देखने को मिल सकती है। मानसून सत्र में सरकार किन नए Bills को पेश कर सकती है? सरकारी सूत्रों और सामने आई संभावित विधायी सूची के अनुसार, इस बार कई नए विधेयकों को संसद में पेश किया जा सकता है। 1. FCRA Amendment Bill 2026 सरकार Foreign Contribution Regulation Act (FCRA) में संशोधन कर सकती है। इसका उद्देश्य विदेशी फंडिंग से जुड़े नियमों को और पारदर्शी, जवाबदेह और प्रभावी बनाना है। यदि यह बिल पारित होता है तो विदेशी अनुदान प्राप्त करने वाले संगठनों के लिए कुछ नए प्रावधान लागू हो सकते हैं। 2. राष्ट्रीय गौरव अपमान निवारण (संशोधन) विधेयक राष्ट्रीय ध्वज, संविधान और अन्य राष्ट्रीय प्रतीकों के सम्मान से जुड़े मौजूदा कानून में संशोधन का प्रस्ताव भी सरकार ला सकती है। इसका मकसद कानून को समय के अनुसार अधिक स्पष्ट और प्रभावी बनाना बताया जा रहा है। 3. जन्म और मृत्यु पंजीकरण (संशोधन) विधेयक सरकार जन्म और मृत्यु के पंजीकरण की पूरी प्रक्रिया को अधिक डिजिटल और आसान बनाने की दिशा में यह विधेयक ला सकती है। इससे सरकारी रिकॉर्ड को बेहतर तरीके से अपडेट करने में मदद मिलने की उम्मीद है। 4. Supreme Court Judges Bill देशभर में लंबित मामलों की बढ़ती संख्या को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट में न्यायाधीशों की संख्या बढ़ाने का प्रस्ताव भी इस सत्र में लाया जा सकता है। इससे मामलों के तेजी से निपटारे की उम्मीद जताई जा रही है। 5. विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान विधेयक उच्च शिक्षा और रिसर्च को नई दिशा देने के उद्देश्य से सरकार यह नया विधेयक पेश कर सकती है। माना जा रहा है कि इससे शिक्षा संस्थानों की कार्यप्रणाली और शोध गतिविधियों को मजबूती मिलेगी। इन दो अहम Bills पर भी रहेगी नजर नए विधेयकों के अलावा सरकार दो महत्वपूर्ण लंबित बिलों को भी आगे बढ़ा सकती है। Income Tax Amendment Bill सरकार आयकर कानून में कुछ बड़े बदलाव कर टैक्स सिस्टम को पहले से अधिक सरल और आधुनिक बनाने की दिशा में कदम उठा सकती है। MSME Development Amendment Bill सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों (MSME) को बढ़ावा देने के लिए इस विधेयक में कई नए प्रावधान जोड़े जा सकते हैं। इससे छोटे कारोबारियों और स्टार्टअप्स को राहत मिलने की उम्मीद है। क्या महिला आरक्षण और Delimitation Bill पर होगी चर्चा? संसद सत्र से पहले महिला आरक्षण और Delimitation (परिसीमन) को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। हालांकि अभी तक सरकार की आधिकारिक विधायी सूची में इन मुद्दों को शामिल नहीं किया गया है। फिर भी विपक्ष लगातार इन विषयों पर चर्चा की मांग कर रहा है और सत्र के दौरान ये मुद्दे जोर-शोर से उठ सकते हैं। विपक्ष सरकार को किन मुद्दों पर घेरेगा? कांग्रेस समेत कई विपक्षी दलों ने मानसून सत्र के लिए अपनी रणनीति तैयार कर ली है। विपक्ष महंगाई, बेरोजगारी, किसानों की समस्याओं, राष्ट्रीय सुरक्षा, अर्थव्यवस्था और अन्य जनहित के मुद्दों पर सरकार से जवाब मांगने की तैयारी में है। इसलिए इस बार संसद के दोनों सदनों में तीखी बहस और राजनीतिक टकराव देखने को मिल सकता है। क्यों अहम माना जा रहा है Parliament Monsoon Session 2026? इस बार का मानसून सत्र सिर्फ नए कानून बनाने तक सीमित नहीं रहेगा। सरकार जहां आर्थिक सुधार, प्रशासनिक बदलाव, शिक्षा और न्याय व्यवस्था से जुड़े महत्वपूर्ण फैसले आगे बढ़ाना चाहती है, वहीं विपक्ष भी कई संवेदनशील मुद्दों पर सरकार को घेरने की पूरी तैयारी में है। ऐसे में संसद का यह सत्र देश की राजनीति और नीति निर्माण, दोनों के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
अनुराग कुमार

Delhi Police New Commissioner: अनुराग कुमार के हाथों में राजधानी की कमान, सतीश गोलचा की छुट्टी

देश की राजधानी दिल्ली की पुलिस व्यवस्था में बड़ा प्रशासनिक बदलाव किया गया है। केंद्र सरकार ने 1994 बैच के वरिष्ठ IPS अधिकारी अनुराग कुमार को दिल्ली पुलिस का नया Commissioner of Police नियुक्त किया है। वे अब सतीश गोलचा की जगह राजधानी की कानून-व्यवस्था की कमान संभालेंगे। गृह मंत्रालय की ओर से जारी आदेश के बाद यह फैसला तत्काल प्रभाव से लागू माना जा रहा है। यह बदलाव ऐसे समय में हुआ है जब दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था, साइबर अपराध, वीआईपी सुरक्षा और खुफिया समन्वय जैसे कई अहम मुद्दों पर लगातार फोकस किया जा रहा है। गृह मंत्रालय ने जारी किया नियुक्ति आदेश गृह मंत्रालय द्वारा जारी आदेश के मुताबिक, अनुराग कुमार की नियुक्ति उनके कार्यभार ग्रहण करने की तारीख से प्रभावी होगी। वहीं, मौजूदा पुलिस कमिश्नर सतीश गोलचा को नई जिम्मेदारी के लिए दिल्ली के उपराज्यपाल (LG) के पास रिपोर्ट करने के निर्देश दिए गए हैं। हालांकि सरकार ने इस बदलाव की कोई आधिकारिक वजह नहीं बताई है, लेकिन इसे नियमित प्रशासनिक फेरबदल का हिस्सा माना जा रहा है। कौन हैं अनुराग कुमार? अनुराग कुमार AGMUT कैडर के 1994 बैच के IPS अधिकारी हैं। पुलिस सेवा में तीन दशक से अधिक का अनुभव रखने वाले अनुराग कुमार ने अपने करियर की शुरुआत दिल्ली पुलिस से की थी। इसके बाद उन्होंने इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) में कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं और हाल तक Special Director के पद पर कार्यरत रहे। उनका नाम उन अधिकारियों में गिना जाता है जिन्होंने खुफिया तंत्र और सुरक्षा प्रबंधन दोनों क्षेत्रों में लंबा अनुभव हासिल किया है। यही अनुभव अब दिल्ली पुलिस के नेतृत्व में भी अहम भूमिका निभा सकता है। सतीश गोलचा का कार्यकाल क्यों चर्चा में है? सतीश गोलचा ने अगस्त 2025 में दिल्ली पुलिस कमिश्नर का पद संभाला था। उनका कार्यकाल अभी बाकी था और उनकी सेवानिवृत्ति वर्ष 2027 में प्रस्तावित थी। लेकिन नए आदेश के बाद उन्हें इस पद से हटा दिया गया है। सरकार की ओर से यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि बदलाव किन कारणों से किया गया। फिलहाल उन्हें अगली नियुक्ति का इंतजार करने के लिए कहा गया है। दिल्ली पुलिस के सामने क्या होंगी प्राथमिक चुनौतियां? देश की राजधानी होने के कारण दिल्ली पुलिस की जिम्मेदारी केवल कानून-व्यवस्था बनाए रखने तक सीमित नहीं है। यहां संसद, राष्ट्रपति भवन, प्रधानमंत्री कार्यालय, विदेशी दूतावास और कई राष्ट्रीय संस्थानों की सुरक्षा भी दिल्ली पुलिस की जिम्मेदारी है। इसके अलावा आने वाले समय में इन क्षेत्रों पर विशेष ध्यान रहने की संभावना है— इंटेलिजेंस ब्यूरो में लंबे अनुभव के कारण अनुराग कुमार से इन मोर्चों पर बेहतर रणनीति और तेज फैसलों की उम्मीद की जा रही है। राजधानी की सुरक्षा व्यवस्था को मिल सकती है नई दिशा पुलिस प्रशासन में शीर्ष स्तर पर होने वाला हर बदलाव सीधे तौर पर सुरक्षा व्यवस्था और पुलिसिंग की रणनीति को प्रभावित करता है। ऐसे में अनुराग कुमार की नियुक्ति को केवल एक प्रशासनिक फैसला नहीं, बल्कि दिल्ली पुलिस की भविष्य की कार्यशैली से भी जोड़कर देखा जा रहा है। अब सभी की नजर इस बात पर होगी कि नए पुलिस कमिश्नर राजधानी में अपराध नियंत्रण, आधुनिक पुलिसिंग और जनता के साथ बेहतर संवाद को लेकर किस तरह की प्राथमिकताएं तय करते हैं। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Monsoon

Monsoon Update देशभर में बारिश की वापसी, 60% India में Rain Alert जारी

भारत में मानसून (Monsoon) ने एक बार फिर जोर पकड़ लिया है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के ताजा अपडेट के अनुसार, देश के करीब 60% हिस्से में अगले कुछ दिनों तक बारिश का सिलसिला जारी रहने वाला है। उत्तर भारत से लेकर मध्य भारत और पूर्वोत्तर राज्यों तक कई इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है। सबसे ज्यादा असर उत्तर प्रदेश और बिहार में देखने को मिल सकता है, जहां अगले सात दिनों तक Heavy Rain Alert जारी किया गया है। वहीं, जम्मू-कश्मीर में पिछले 15 दिनों के भीतर 16 बार Cloudburst की घटनाएं सामने आने से पहाड़ी क्षेत्रों में हालात गंभीर बने हुए हैं। IMD का ताजा Weather Update मौसम विभाग के अनुसार, मानसूनी ट्रफ (Monsoon Trough) सक्रिय होने के साथ-साथ कई मौसम प्रणालियां एक साथ प्रभावी हो गई हैं। यही वजह है कि देश के बड़े हिस्से में बारिश की गतिविधियां तेज हो गई हैं। उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश, राजस्थान, झारखंड, छत्तीसगढ़, ओडिशा, पश्चिम बंगाल और पूर्वोत्तर राज्यों में अगले कुछ दिनों तक अच्छी बारिश की संभावना है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि यह बारिश खरीफ फसलों के लिए फायदेमंद साबित हो सकती है, लेकिन लगातार तेज वर्षा के कारण कई शहरों और ग्रामीण इलाकों में जलभराव और बाढ़ का खतरा भी बढ़ सकता है। UP-Bihar में अगले 7 दिन बारिश का दौर IMD ने उत्तर प्रदेश और बिहार के कई जिलों के लिए अगले सात दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। कुछ स्थानों पर गरज-चमक, तेज हवाएं और बिजली गिरने की भी संभावना जताई गई है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अनावश्यक यात्रा से बचें और मौसम विभाग की एडवाइजरी पर नजर बनाए रखें। नदियों के किनारे रहने वाले लोगों को विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है। Jammu-Kashmir में लगातार Cloudburst से बढ़ी मुश्किलें इस बार मानसून का सबसे गंभीर असर जम्मू-कश्मीर के पहाड़ी इलाकों में देखने को मिल रहा है। पिछले 15 दिनों में 16 बार Cloudburst की घटनाएं दर्ज की गई हैं। इन घटनाओं के कारण कई जगह अचानक बाढ़, भूस्खलन और सड़कें बंद होने जैसी स्थितियां बनी हैं। राहत एवं बचाव दल लगातार प्रभावित क्षेत्रों में काम कर रहे हैं, जबकि प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। इन राज्यों में भी होगी तेज बारिश मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में इन राज्यों में भी भारी बारिश की संभावना बनी हुई है— इन राज्यों के कई जिलों में स्थानीय प्रशासन ने बाढ़ और जलभराव को लेकर अलर्ट जारी कर दिया है। आखिर क्यों बढ़ रही हैं Cloudburst की घटनाएं? मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि Climate Change, बढ़ता तापमान और वातावरण में नमी की अधिक मात्रा पहाड़ी क्षेत्रों में अत्यधिक वर्षा और Cloudburst जैसी घटनाओं को बढ़ावा दे रही है। हिमालयी क्षेत्रों में पिछले कुछ वर्षों से ऐसे मामलों में लगातार बढ़ोतरी देखी जा रही है। बारिश के दौरान क्या रखें सावधानी? हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
PM Modi

PM Modi Flags Off Hydrogen Train: भारत बना दुनिया का 5वां देश, Green Railway की ओर बड़ा कदम

भारत ने रेलवे और हरित ऊर्जा (Green Energy) के क्षेत्र में एक नया इतिहास रच दिया है। शुक्रवार को PM Modi ने हरियाणा के जींद रेलवे स्टेशन से देश की पहली Hydrogen Fuel Cell Train को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस ऐतिहासिक शुरुआत के साथ भारत उन चुनिंदा देशों की सूची में शामिल हो गया है, जिन्होंने रेलवे में हाइड्रोजन तकनीक का सफल उपयोग किया है। यह कदम न केवल भारतीय रेलवे के आधुनिकीकरण की दिशा में अहम माना जा रहा है, बल्कि देश के स्वच्छ और टिकाऊ परिवहन (Sustainable Transport) के भविष्य की भी मजबूत नींव है। जींद से सोनीपत के बीच चलेगी भारत की पहली Hydrogen Train देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन हरियाणा के जींद और सोनीपत के बीच लगभग 89 किलोमीटर लंबे रेल मार्ग पर संचालित होगी। शुरुआत में इसे ट्रायल और निर्धारित शेड्यूल के अनुसार चलाया जाएगा। ट्रेन में कुल 10 आधुनिक कोच लगाए गए हैं और इसकी अधिकतम डिजाइन स्पीड 110 किलोमीटर प्रति घंटा है। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि इस परियोजना का उद्देश्य सिर्फ एक नई ट्रेन शुरू करना नहीं, बल्कि भविष्य में डीजल इंजनों की जगह पर्यावरण अनुकूल तकनीक को बढ़ावा देना भी है। भारत बना दुनिया का 5वां देश हाइड्रोजन ट्रेन की शुरुआत के साथ भारत ने वैश्विक स्तर पर एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। अब भारत जर्मनी, जापान, चीन और अमेरिका जैसे देशों के बाद हाइड्रोजन ट्रेन तकनीक अपनाने वाला दुनिया का पांचवां देश बन गया है। इससे भारत की तकनीकी क्षमता और स्वदेशी नवाचार (Innovation) को भी नई पहचान मिली है। कैसे काम करती है Hydrogen Fuel Cell Train? यह ट्रेन पारंपरिक डीजल इंजन से बिल्कुल अलग तकनीक पर आधारित है। इसमें हाइड्रोजन गैस और ऑक्सीजन की रासायनिक प्रक्रिया से बिजली तैयार की जाती है, जो ट्रेन को चलाने का काम करती है। इस तकनीक की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें धुआं या कार्बन डाइऑक्साइड का उत्सर्जन नहीं होता। ट्रेन से केवल पानी की भाप (Water Vapour) निकलती है। यही वजह है कि इसे पर्यावरण के लिए सबसे सुरक्षित और स्वच्छ रेल तकनीकों में से एक माना जा रहा है। Hydrogen Train की प्रमुख विशेषताएं रेलवे के Green Mission को मिलेगी नई रफ्तार भारतीय रेलवे अगले कुछ वर्षों में कार्बन उत्सर्जन कम करने की दिशा में तेजी से काम कर रहा है। इलेक्ट्रिक ट्रेनों के विस्तार के साथ अब हाइड्रोजन ट्रेन भी इस मिशन का हिस्सा बन चुकी है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह परियोजना सफल रहती है तो भविष्य में देश के कई अन्य रेल मार्गों पर भी हाइड्रोजन ट्रेनें चलाई जा सकती हैं। इससे डीजल की खपत कम होगी, ईंधन आयात पर निर्भरता घटेगी और रेलवे का संचालन अधिक पर्यावरण अनुकूल बनेगा। PM मोदी ने दी कई विकास परियोजनाओं की सौगात हाइड्रोजन ट्रेन को रवाना करने के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरियाणा, पंजाब और चंडीगढ़ में सड़क, रेलवे, स्वास्थ्य, शिक्षा और आधारभूत ढांचे से जुड़ी कई विकास परियोजनाओं का भी उद्घाटन और शिलान्यास किया। इन परियोजनाओं पर हजारों करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे, जिससे क्षेत्र के विकास को नई गति मिलने की उम्मीद है। भारत के रेलवे इतिहास में ऐतिहासिक दिन देश की पहली Hydrogen Train केवल एक नई रेल सेवा नहीं है, बल्कि यह भारत के तकनीकी विकास, ऊर्जा आत्मनिर्भरता और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में उठाया गया एक बड़ा कदम है। आने वाले समय में यदि इस तकनीक का विस्तार होता है, तो भारतीय रेलवे दुनिया के सबसे आधुनिक और हरित रेल नेटवर्क में अपनी मजबूत पहचान बना सकता है। भारत की यह उपलब्धि इस बात का संकेत भी है कि भविष्य की रेल यात्रा अब केवल तेज़ ही नहीं, बल्कि पहले से कहीं अधिक स्वच्छ, सुरक्षित और पर्यावरण के अनुकूल होने वाली है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
1 … 54 55 56 57 58 … 237

Trending News

Editor's Picks

मेरठ हत्याकांड: मुस्कान और साहिल को फांसी की सजा, पति सौरभ की हत्या के मामले में कोर्ट का फैसला

मेरठ। उत्तर प्रदेश के मेरठ में सौरभ राजपूत हत्याकांड में अदालत ने उनकी पत्नी मुस्कान रस्तोगी और उसके प्रेमी साहिल को फांसी की सजा सुनाई है। दोनों पर सौरभ की हत्या करने का आरोप साबित होने के बाद यह फैसला सुनाया गया। सजा सुनाते हुए जज ने वारदात को नृशंस हत्याकांड बताया और कहा कि इसमें माफी स्वीकार नहीं होगी। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से कोर्ट में पेश हुए मुस्कान और साहिल सजा सुनाए जाने से पहले जेल में बंद मुस्कान और साहिल को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अदालत से जोड़ा गया। इस दौरान दोनों रोने लगे। जज ने मुस्कान से पूछा कि पति सौरभ राजपूत की हत्या के मामले में दोषी ठहराए जाने के बाद वह क्या सजा चाहती है। इस पर मुस्कान ने कहा, “मेरी बच्चियों का ख्याल रखा जाए।” इसके बाद वह खामोश हो गई। वहीं, साहिल से भी यही सवाल पूछा गया, लेकिन उसने कोई जवाब नहीं दिया। सजा के ऐलान के बाद रो पड़ीं सौरभ की मां अदालत के फैसले के बाद सौरभ राजपूत की मां भावुक हो गईं और रो पड़ीं। उन्होंने कहा कि उन्हें शांति से न्याय मिल गया। इस मामले में सजा का ऐलान सौरभ के परिवार के लिए लंबे इंतजार के बाद आया है। 3 मार्च 2025 को हुई थी सौरभ की हत्या सौरभ राजपूत की हत्या 3 मार्च 2025 को हुई थी। मामले में सामने आए विवरण के अनुसार, हत्या के बाद शव के पांच टुकड़े किए गए और उन्हें नीले ड्रम में भर दिया गया था। इस वारदात ने पूरे देश में व्यापक चर्चा बटोरी थी। अदालत ने मामले में मुस्कान रस्तोगी और साहिल को दोषी ठहराते हुए मृत्युदंड की सजा सुनाई है।

इंदौर में प्लॉट बेचने के नाम पर 7.80 लाख की ठगी का आरोप, ब्रोकर समेत दो पर FIR

शहर के एरोड्रम थाना क्षेत्र में प्लॉट बेचने के नाम पर धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। आरोप है कि प्लॉट का सौदा करने के बाद ब्रोकर और प्लॉट मालिक ने फरियादी से 7 लाख 80 हजार रुपये ले लिए, लेकिन न तो प्लॉट की रजिस्ट्री कराई और न ही कब्जा दिया। शिकायत की जांच के बाद एरोड्रम थाना पुलिस ने नंदकिशोर मनावत और धर्मेंद्र ठाकुर के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। 9.30 लाख में तय हुआ था प्लॉट का सौदा पुलिस के मुताबिक, नंदबाग कॉलोनी निवासी विजय चौहान ने शिकायत में बताया कि उन्होंने नंदबाग में एक प्लॉट का सौदा 9 लाख 30 हजार रुपये में तय किया था। इस संबंध में एग्रीमेंट भी किया गया था। फरियादी ने आरोप लगाया कि उन्होंने नकद और ऑनलाइन माध्यम से कुल 7 लाख 80 हजार रुपये का भुगतान कर दिया, लेकिन इसके बावजूद उन्हें प्लॉट का कब्जा नहीं मिला और रजिस्ट्री भी नहीं कराई गई। ब्रोकर ने परिचित बताकर कराया था सौदा विजय चौहान के अनुसार, धर्मेंद्र ठाकुर ने उन्हें बताया था कि नंदकिशोर मनावत उसका परिचित है और वह अपना प्लॉट बेचना चाहता है। इसके बाद धर्मेंद्र ने सौदे में ब्रोकर की भूमिका निभाई और इसके बदले 10 हजार रुपये लिए। शिकायतकर्ता का आरोप है कि भुगतान के बाद जब उन्होंने रजिस्ट्री कराने और प्लॉट का कब्जा देने की मांग की, तो उन्हें लगातार टालमटोल का सामना करना पड़ा। 25 से ज्यादा केस होने की धमकी देने का आरोप फरियादी ने आरोप लगाया कि रजिस्ट्री और कब्जे के लिए दबाव बनाने पर धर्मेंद्र ठाकुर ने धमकी दी। शिकायत के मुताबिक, उसने कहा कि उसके खिलाफ 25 से ज्यादा मामले चल रहे हैं। साथ ही, उसके या नंदकिशोर मनावत के पास दोबारा आने पर अंजाम भुगतने की चेतावनी भी दी। 2.80 लाख रुपये लौटाए, 5 लाख बाकी होने का दावा विजय चौहान के मुताबिक, पुलिस में शिकायत करने की बात कहने के बाद नंदकिशोर मनावत ने 2 लाख 50 हजार रुपये नकद और 30 हजार रुपये ऑनलाइन वापस किए। हालांकि, फरियादी का आरोप है कि बाकी 5 लाख रुपये लौटाने से इनकार कर दिया गया। इसके बाद विजय चौहान ने पुलिस अधिकारियों से शिकायत की। जांच के बाद एरोड्रम थाना पुलिस ने नंदकिशोर मनावत और धर्मेंद्र ठाकुर के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। मामले में लगाए गए आरोपों की पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के तहत होनी बाकी है।

SIR के खिलाफ प्रदर्शन करने वाले छात्रों से मिले राहुल गांधी, दिल्ली पुलिस पर मारपीट के आरोप

नई दिल्ली। SIR के खिलाफ दिल्ली में प्रदर्शन करने वाले छात्रों ने बुधवार को कांग्रेस नेता राहुल गांधी से मुलाकात की। इसके बाद राहुल गांधी और छात्रों ने संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस की, जिसमें प्रदर्शनकारियों ने दिल्ली पुलिस पर मारपीट और हिरासत के दौरान दुर्व्यवहार करने के आरोप लगाए। प्रेस कॉन्फ्रेंस में NSUI के छात्रों, कार्यकर्ताओं और कंटेंट क्रिएटर्स ने अपने साथ हुई कथित घटनाओं की जानकारी दी। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। छात्रा ने कान पर चोट लगने का लगाया आरोप प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान एक छात्रा ने आरोप लगाया कि हिरासत के दौरान पुलिसकर्मी ने उसके प्राइवेट पार्ट पर लात मारी। वहीं, दिल्ली विश्वविद्यालय की छात्रा अदिरा ने दावा किया कि पुलिस की पिटाई के कारण उसके एक कान की सुनने की क्षमता चली गई। प्रदर्शनकारियों ने हिरासत के दौरान कथित ज्यादती और मारपीट से जुड़े अपने अनुभव साझा किए। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि की जानकारी सामने नहीं आई है। RSS और भाजपा से जुड़े लोगों के कहने पर हिरासत का आरोप एक अन्य प्रदर्शनकारी ने आरोप लगाया कि पुलिस RSS और भाजपा से जुड़े लोगों के कहने पर प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले रही थी। यह आरोप भी प्रदर्शनकारियों की ओर से लगाया गया है। राहुल गांधी ने सबूत सुरक्षित रखने को कहा राहुल गांधी ने छात्रों से घटनाओं से जुड़े वीडियो और अन्य सबूत सुरक्षित रखने को कहा। उन्होंने कहा कि इन सबूतों के आधार पर पुलिसकर्मियों से लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त तक, जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की जाएगी। प्रदर्शनकारियों के आरोपों और पुलिस की कार्रवाई को लेकर आगे क्या कदम उठाए जाते हैं, इस पर नजर रहेगी।

बांग्लादेश टेस्ट सीरीज से बाहर हुए शाई होप और अल्जारी जोसेफ, केविन विकहम को पहली बार मिला मौका

क्रिकेट न्यूज। वेस्टइंडीज को बांग्लादेश के खिलाफ आगामी दो टेस्ट मैचों की सीरीज से पहले बड़ा झटका लगा है। टीम के बल्लेबाज शाई होप और तेज गेंदबाज अल्जारी जोसेफ सीरीज से बाहर हो गए हैं। क्रिकेट वेस्टइंडीज (CWI) ने 23 वर्षीय टॉप ऑर्डर बल्लेबाज केविन विकहम को पहली बार टेस्ट टीम में शामिल किया है। ऑलराउंडर कीमो पॉल को भी टीम में जगह मिली है। CWI के मुताबिक, मेडिकल जांच और विशेषज्ञों की सलाह के बाद अल्जारी जोसेफ को सीरीज से हटाने का फैसला लिया गया। बोर्ड उनके कार्यभार को नियंत्रित कर चोट के जोखिम को कम करना चाहता है। वहीं, तीनों फॉर्मेट में लगातार खेलने के बाद शाई होप को आराम दिया गया है। चोट के खतरे को देखते हुए जोसेफ को आराम क्रिकेट वेस्टइंडीज ने बताया कि अल्जारी जोसेफ को टीम से बाहर रखने का फैसला उनकी सहमति से लिया गया है। बोर्ड के अनुसार, टेस्ट क्रिकेट में तेज गेंदबाजों को लंबे स्पेल में लगातार गेंदबाजी करनी पड़ती है। इससे छोटे फॉर्मेट की तुलना में कार्यभार और चोट का जोखिम बढ़ सकता है। इसी को ध्यान में रखते हुए जोसेफ के वर्कलोड को कम करने का फैसला किया गया है, ताकि उनके स्वास्थ्य और फिटनेस का ध्यान रखा जा सके। शाई होप को भी दिया गया आराम CWI ने कहा कि शाई होप तीनों फॉर्मेट में लगातार खेल रहे थे। ऐसे में उनके कार्यभार और स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए उन्हें टेस्ट सीरीज से आराम दिया गया है। बोर्ड का यह फैसला फरवरी 2027 में होने वाले वनडे वर्ल्ड कप क्वालिफायर्स को ध्यान में रखकर भी लिया गया है। टीम प्रबंधन चाहता है कि खिलाड़ी आगामी महत्वपूर्ण मुकाबलों के लिए फिट रहें। केविन विकहम को पहली बार टेस्ट टीम में मौका शाई होप की गैरमौजूदगी में 23 वर्षीय टॉप ऑर्डर बल्लेबाज केविन विकहम को पहली बार टेस्ट टीम में शामिल किया गया है। इसके अलावा ऑलराउंडर कीमो पॉल को भी टीम में जगह मिली है। अब देखना होगा कि बांग्लादेश की घरेलू परिस्थितियों में वेस्टइंडीज की टीम नए संयोजन के साथ कैसा प्रदर्शन करती है। कोच डैरेन सैमी ने सीरीज जीत को बताया अहम वेस्टइंडीज के मुख्य कोच डैरेन सैमी ने कहा कि वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के मौजूदा चक्र की शुरुआत में टीम ने कुछ लक्ष्य तय किए थे। इनमें टेस्ट रैंकिंग के ऊपरी आधे हिस्से में जगह बनाना भी शामिल है। उन्होंने कहा कि बांग्लादेश के खिलाफ सीरीज जीतने से टीम अपने लक्ष्य के करीब पहुंच सकती है। सैमी के मुताबिक, बांग्लादेश को उसकी घरेलू परिस्थितियों में हराना चुनौतीपूर्ण होगा, लेकिन टीम इसके लिए तैयार है। 28 अक्टूबर से शुरू होगा पहला टेस्ट बांग्लादेश और वेस्टइंडीज के बीच दो टेस्ट मैचों की सीरीज खेली जाएगी। पहला टेस्ट 28 अक्टूबर से ढाका में शुरू होगा, जबकि दूसरा टेस्ट 5 नवंबर से सिलहट में खेला जाएगा।

IMF ने बढ़ाया भारत की GDP ग्रोथ का अनुमान, 2026 और 2027 में 7% विकास दर रहने की उम्मीद

नई दिल्ली। अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) ने साल 2026 के लिए भारत की आर्थिक विकास दर का अनुमान 6.4% से बढ़ाकर 7% कर दिया है। वैश्विक तनाव, आर्थिक सुस्ती और कच्चे तेल की ऊंची कीमतों के बावजूद भारतीय अर्थव्यवस्था की मजबूती ने अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं का ध्यान खींचा है। मजबूत घरेलू मांग और सर्विसेज सेक्टर के बेहतर प्रदर्शन को भारत की तेज विकास दर की प्रमुख वजह माना गया है। IMF ने अक्टूबर 2026 की अपनी वर्ल्ड इकोनॉमिक आउटलुक रिपोर्ट में भारत की विकास संभावनाओं को सकारात्मक बताया है। रिपोर्ट के अनुसार, ऊर्जा आयात पर निर्भर कई उभरती अर्थव्यवस्थाएं जहां दबाव का सामना कर रही हैं, वहीं भारत की आर्थिक गतिविधियों में मजबूती बनी हुई है। 2027 में भी 7% ग्रोथ का अनुमान IMF ने 2026 के लिए भारत की विकास दर के अनुमान में जुलाई के मुकाबले 0.6 प्रतिशत अंक और अप्रैल के मुकाबले 0.5 प्रतिशत अंक की बढ़ोतरी की है। वहीं, 2027 के लिए भी विकास दर का अनुमान बढ़ाकर 7% कर दिया गया है। दिए गए आंकड़ों के मुताबिक, 2027 का अनुमान जुलाई के मुकाबले 0.3 प्रतिशत अंक और अप्रैल के मुकाबले 0.5 प्रतिशत अंक अधिक है। इससे संकेत मिलता है कि वैश्विक आर्थिक चुनौतियों के बीच भी भारत में विकास की संभावनाओं को लेकर उम्मीद बनी हुई है। IMF से पहले विश्व बैंक और आर्थिक सहयोग एवं विकास संगठन (OECD) जैसी अंतरराष्ट्रीय संस्थाएं भी भारत की विकास दर के अनुमान में बढ़ोतरी कर चुकी हैं। चीन की सुस्ती के बीच भारत पर नजर रिपोर्ट के मुताबिक, एशिया की अर्थव्यवस्थाओं में मजबूती देखने को मिल रही है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से जुड़ी गतिविधियों में तेजी ने भी वैश्विक आर्थिक परिदृश्य को प्रभावित किया है। भारत और चीन एशिया की आर्थिक गतिविधियों में अहम भूमिका निभा रहे हैं, हालांकि दोनों देशों की विकास संभावनाओं में अंतर दिखाई दे रहा है। IMF के अनुमान के अनुसार, चीन की विकास दर 2026 में 4.5% और 2027 में 4% रह सकती है। वैश्विक तनाव और ऊर्जा की ऊंची कीमतों को चीन की आर्थिक वृद्धि के सामने चुनौतियों में शामिल किया गया है। दुनिया की आर्थिक विकास दर पर दबाव IMF के मुताबिक, 2028 से 2031 के बीच वैश्विक अर्थव्यवस्था औसतन 3.2% की दर से बढ़ सकती है। यह 2000 से 2019 के बीच महामारी से पहले दर्ज औसत 3.7% की विकास दर से कम है। रिपोर्ट में वैश्विक तनाव, ऊर्जा बाजार में अनिश्चितता और ऊर्जा आयात पर निर्भर उभरती अर्थव्यवस्थाओं पर पड़ने वाले दबाव को आर्थिक विकास के लिए चुनौती बताया गया है। ऐसे माहौल में भारत की अनुमानित विकास दर अपेक्षाकृत मजबूत दिखाई देती है। मजबूत घरेलू मांग और जनसांख्यिकी से मिल रहा सहारा भारत की आर्थिक मजबूती के पीछे बढ़ता घरेलू बाजार, मजबूत मांग, अनुकूल जनसांख्यिकी और सुधारों को अहम कारक माना गया है। सर्विसेज सेक्टर का बेहतर प्रदर्शन भी विकास दर को सहारा दे रहा है। हालांकि, बेहतर अनुमान के बावजूद चुनौतियां खत्म नहीं हुई हैं। कच्चे तेल की ऊंची कीमतें भारत के आयात बिल और महंगाई पर दबाव डाल सकती हैं। इसके अलावा, अंतरराष्ट्रीय तनाव और वैश्विक मांग में कमजोरी का असर भारतीय अर्थव्यवस्था पर भी पड़ सकता है।

About Me

देशहरपल सिर्फ खबरों का मंच नहीं, बल्कि आपकी आवाज़ को सामने लाने का एक सशक्त माध्यम भी है। यहां आपको ताज़ातरीन खबरों के साथ-साथ नौकरी, शिक्षा, और नए भारत की बदलती आर्थिक तस्वीर पर उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी मिलेगी।

Phone: +91 9406783569, +91 755 484 8829
Email: support@deshharpal.com
Address : A-23 Sakshi Bunglow Trilanga Near Aura Mall Bhopal M.P

Recent Posts

  • All Post
  • Breaking News
  • Education
  • More News
  • Web Story
  • एंटरटेनमेंट
  • देश-हरपल
  • धर्म-कर्म
  • प्रदेश
  • बिज़नेस
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • वीडियो
  • स्पोर्ट्स
    •   Back
    • एक्सक्लूसिव
    • Editorial
    •   Back
    • IPL 2026
    • T20 वर्ल्ड कप
    • FIFA 2026
    •   Back
    • सोच-विचार
    • हेल्थ
    • ट्रैवल
    • कल्चर
    • एनवायरनमेंट
    • Impact Feature
    •   Back
    • राशिफल
    • पंचांग
    • पर्व-त्यौहार
    • पूजा-पाठ
    • चैत्र नवरात्रि 2025
    •   Back
    • मध्य प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    •   Back
    • टीवी
    • वेब-सीरीज
    • फिल्म रिव्यू
    • बॉलीवुड
    •   Back
    • लाइफस्टाइल
    •   Back
    • स्टॉक-मार्केट

© 2023 Deshharpal. All Rights Reserved.