आपका चैनल --
ताज़ा खबर
BREAKINGप्रदेशNavratri 2026: दूसरे दिन मां ब्रह्मचारिणी की पूजा, जानें पौराणिक कथा और मंत्र◆BREAKINGधर्म-कर्मPremanand Maharaj Viral Video: ‘मेरा जन्म ही नहीं हुआ…’ बयान ने खींचा लोगों का ध्यान◆BREAKINGवर्ल्ड न्यूज़Imran Khan की PTI को झटका! Pakistan के खैबर पख्तूनख्वा में इमरजेंसी लागू◆BREAKINGदेश-हरपलDelhi Protest: CJP नेताओं का आरोप- फ्लाइट से किया Kidnap, दिल्ली में दूसरे दिन भी प्रदर्शन◆BREAKINGस्पोर्ट्सGautam Gambhir in Ujjain: महाकाल मंदिर में टेका माथा, Team India के लिए मांगा आशीर्वाद◆BREAKINGप्रदेशShivraj Singh Chouhan की अपील: नवरात्रि पर महिलाओं के सम्मान का लें संकल्प◆BREAKINGदेश-हरपलPM Modi और CM Vijay की Metro Ride: चेन्नई को ₹13,000 करोड़ से ज्यादा की परियोजनाओं की सौगात◆BREAKINGदेश-हरपलDelhi Business Loss: दिल्ली में प्रदर्शन से कारोबार पर असर, व्यापारियों ने की बड़ी अपील◆BREAKINGप्रदेशNavratri 2026: दूसरे दिन मां ब्रह्मचारिणी की पूजा, जानें पौराणिक कथा और मंत्र◆BREAKINGधर्म-कर्मPremanand Maharaj Viral Video: ‘मेरा जन्म ही नहीं हुआ…’ बयान ने खींचा लोगों का ध्यान◆BREAKINGवर्ल्ड न्यूज़Imran Khan की PTI को झटका! Pakistan के खैबर पख्तूनख्वा में इमरजेंसी लागू◆BREAKINGदेश-हरपलDelhi Protest: CJP नेताओं का आरोप- फ्लाइट से किया Kidnap, दिल्ली में दूसरे दिन भी प्रदर्शन◆BREAKINGस्पोर्ट्सGautam Gambhir in Ujjain: महाकाल मंदिर में टेका माथा, Team India के लिए मांगा आशीर्वाद◆BREAKINGप्रदेशShivraj Singh Chouhan की अपील: नवरात्रि पर महिलाओं के सम्मान का लें संकल्प◆BREAKINGदेश-हरपलPM Modi और CM Vijay की Metro Ride: चेन्नई को ₹13,000 करोड़ से ज्यादा की परियोजनाओं की सौगात◆BREAKINGदेश-हरपलDelhi Business Loss: दिल्ली में प्रदर्शन से कारोबार पर असर, व्यापारियों ने की बड़ी अपील◆

NE

News Elementor

What's Hot

Banner

Latest Posts

Purnam Kumar Shaw

BSF जवान Purnam Kumar Shaw की Pakistan से वतन वापसी | आँखों पर पट्टी, 21 दिन की हिरासत की पूरी कहानी

सीमा सुरक्षा बल (BSF) के जवान पूर्णम कुमार शॉ (Purnam Kumar Shaw) की पाकिस्तान से भारत वापसी ने पूरे देश को राहत की सांस दी। 23 अप्रैल 2025 को पंजाब बॉर्डर पर गश्त करते हुए वह गलती से भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा पार कर गए थे, जिसके बाद उन्हें Pakistan Rangers द्वारा हिरासत में ले लिया गया। Blindfolded तस्वीर ने देश को झकझोरा पाकिस्तानी मीडिया और सेना द्वारा जारी की गई एक तस्वीर में Purnam Kumar Shaw जवान की आंखों पर पट्टी (blindfold) बंधी थी और वह बेहद थके व असहाय नजर आ रहे थे। यह छवि सोशल मीडिया पर वायरल हो गई, जिससे जनता में गुस्सा और जवान की सुरक्षित वापसी की मांग तेज हो गई। Pahalgam Terror Attack के बाद तनावपूर्ण माहौल इस घटना के एक दिन पहले 22 अप्रैल को कश्मीर के पहलगाम में आतंकी हमला हुआ था। इसके चलते भारत और पाकिस्तान के बीच पहले से ही तनाव था, जिससे राजनयिक बातचीत पूरी तरह रुक गई थी। पत्नी की गुहार और ममता बनर्जी का समर्थन कोलकाता निवासी जवान की पत्नी रजनी शॉ, जो उस वक्त गर्भवती थीं, ने BSF और राज्य सरकार से मदद की गुहार लगाई। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने उन्हें फोन कर भरोसा दिलाया कि सरकार उनके साथ है और हरसंभव मदद करेगी। India-Pakistan ने की Soldier Exchange लगभग तीन हफ्ते (21 दिन) बाद, 14 मई 2025 को पूर्णम कुमार शॉ को अटारी-वाघा सीमा (Attari-Wagah Border) से भारत लाया गया। इसके बदले भारत ने भी एक पाकिस्तानी रेंजर को रिहा किया, जो करीब दो सप्ताह से भारतीय हिरासत में था। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Justice B. R. Gavai

Justice B. R. Gavai बने India के 52वें Chief Justice – भारत को मिला पहला Buddhist CJI

जस्टिस भूषण रमकृष्ण गवई (Justice B. R. Gavai) ने मंगलवार को भारत के 52वें मुख्य न्यायाधीश (Chief Justice of India) के रूप में शपथ ली। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उन्हें राष्ट्रपति भवन में आयोजित एक भव्य समारोह में शपथ दिलाई। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला समेत कई प्रमुख नेता और अधिकारी मौजूद रहे। जस्टिस गवई का कार्यकाल 23 नवंबर 2025 तक रहेगा। उनकी नियुक्ति कई मायनों में ऐतिहासिक है क्योंकि वे भारत के पहले बौद्ध (Buddhist) और दूसरे दलित (Dalit) मुख्य न्यायाधीश हैं। इससे पहले केवल जस्टिस के. जी. बालाकृष्णन को यह गौरव प्राप्त हुआ था। जस्टिस गवई का जीवन और करियर अपने न्यायिक करियर के दौरान जस्टिस गवई कई अहम फैसलों का हिस्सा रहे, जिनमें अनुच्छेद 370 की समाप्ति और नोटबंदी को लेकर आए फैसले प्रमुख हैं। संविधान और सामाजिक न्याय के प्रति समर्पण शपथ ग्रहण से पहले, जस्टिस गवई ने डॉ. भीमराव अंबेडकर के विचारों को अपनी प्रेरणा बताते हुए कहा कि वे संविधान में निहित सामाजिक और राजनीतिक न्याय के सिद्धांतों को आगे बढ़ाने के लिए कार्य करेंगे। उन्होंने समाज के वंचित और कमजोर वर्गों को न्याय दिलाने के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
PM Modi

PM Modi Adampur Visit: पीएम मोदी का आदमपुर एयरबेस दौरा

13 मई 2025 – प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) ने सोमवार को पंजाब के जालंधर स्थित Adampur Airbase का दौरा किया। यह यात्रा हाल ही में भारत-पाकिस्तान के बीच हुए संघर्ष विराम (Ceasefire) के कुछ ही दिनों बाद हुई है। दौरे का मुख्य उद्देश्य भारतीय वायुसेना (Indian Air Force) के जवानों का मनोबल बढ़ाना और पाकिस्तान के फर्जी दावों का पर्दाफाश करना था। PM Modi ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की दी बधाई PM Modi ने वायुसेना के अधिकारियों और जवानों से मुलाकात की और हाल ही में संपन्न ‘ऑपरेशन सिंदूर’ (Operation Sindoor) की सफलता पर उन्हें बधाई दी।उन्होंने कहा,“देश को अपने वीर सैनिकों पर गर्व है। हमारी सेनाएं हर संकट में राष्ट्र की रक्षा के लिए तत्पर रहती हैं।” पाकिस्तान के झूठे दावों की खुली पोल हाल ही में पाकिस्तान ने दावा किया था कि उसके JF-17 फाइटर जेट द्वारा दागी गई मिसाइल ने आदमपुर एयरबेस पर मौजूद भारत के अत्याधुनिक S-400 एयर डिफेंस सिस्टम को नष्ट कर दिया है।प्रधानमंत्री मोदी की यात्रा के दौरान मीडिया को दिखाई गई ताजा तस्वीरों और वीडियो में S-400 सिस्टम पूरी तरह सुरक्षित और एक्टिव दिखाई दिया। साथ ही MiG-29 फाइटर जेट्स भी तैयार हालत में मौजूद थे। इससे पाकिस्तान के झूठे प्रचार की पोल खुल गई और भारत ने स्पष्ट कर दिया कि उसकी सैन्य शक्ति पूरी तरह मजबूत और जवाब देने में सक्षम है। आदमपुर एयरबेस का सामरिक महत्व आदमपुर एयरबेस भारतीय वायुसेना का उत्तर भारत में दूसरा सबसे बड़ा एयरबेस है, जो भारत-पाक सीमा से लगभग 100 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है।यहां से वायुसेना की 47वीं स्क्वाड्रन (Black Archers) संचालित होती है, जो मिग-29 विमान उड़ाती है और दुश्मन के ठिकानों पर त्वरित प्रतिक्रिया देने की क्षमता रखती है। इतिहास की गौरवशाली विरासत आदमपुर एयरबेस ने 1965 के भारत-पाक युद्ध में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी, जब पाकिस्तानी वायुसेना ने इस पर हमला किया था जिसे भारतीय वायुसेना ने सफलतापूर्वक विफल किया। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
CBSE Results 2025

CBSE Results 2025: कैसे चेक करें Class 10th और 12th के रिजल्ट | How to Check CBSE Class 10th & 12th Results 2025

सीबीएसई (CBSE) Result 2025 के लिए कक्षा 10वीं और 12वीं के परिणाम अब घोषित कर दिए गए हैं। छात्र अपने परिणाम आसानी से सीबीएसई की आधिकारिक वेबसाइट से देख सकते हैं। इस साल परिणामों में बड़ा सुधार हुआ है, और छात्रों का प्रदर्शन बेहतर रहा है। CBSE Results 2025 कक्षा 10वीं और 12वीं रिजल्ट चेक करने के लिए आधिकारिक वेबसाइट: इसके अलावा, डिगीलॉकर (DigiLocker) और उमंग ऐप (UMANG App) के जरिए भी परिणाम देखे जा सकते हैं। CBSE 12th Results 2025: पास प्रतिशत और महत्वपूर्ण जानकारी 2025 में कक्षा 12वीं का कुल पास प्रतिशत 88.39% रहा है, जो पिछले साल के मुकाबले बेहतर है। सीबीएसई के इस सुधार से छात्रों का आत्मविश्वास बढ़ा है और वे परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन करने में सक्षम हुए हैं। CBSE Results 2025 चेक करने की आसान प्रक्रिया: DigiLocker और UMANG App से रिजल्ट चेक करें: SMS के माध्यम से CBSE Results चेक करें: सीबीएसई ने रिजल्ट्स चेक करने के लिए एक SMS सेवा भी शुरू की है। छात्र इस सेवा के माध्यम से अपने परिणाम सीधे SMS द्वारा प्राप्त कर सकते हैं। महत्वपूर्ण जानकारी: सीबीएसई रिजल्ट 2025: ट्रेंड्स और अपडेट्स इस साल सीबीएसई बोर्ड ने छात्रों को अधिक सुविधाएं प्रदान की हैं, जिनमें डिजिटल प्रमाणपत्र, ऑनलाइन रिजल्ट्स चेक करने की सुविधा, और एक सरल यूजर इंटरफेस शामिल है। यह तकनीकी बदलाव छात्रों को अधिक सशक्त बनाता है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Operation Sindoor: PM Modi's Powerful Address After Ceasefire with Pakistan

प्रधानमंत्री मोदी:भारत ने मिलिट्री एक्शन को केवल स्थगित किया है, समाप्त नहीं

प्रधानमंत्री मोदी का सीजफायर के बाद संबोधन: ऑपरेशन सिंदूर की गूंज Operation Sindoor: PM Modi’s Powerful Address After Ceasefire with Pakistan नई दिल्ली: पाकिस्तान के साथ संघर्षविराम (Ceasefire) के 51 घंटे बाद सोमवार रात 8 बजे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को संबोधित किया। 22 मिनट के इस भाषण में प्रधानमंत्री ने पहलगाम हमला, ऑपरेशन सिंदूर, सीजफायर, आतंकवाद, सिंधु जल समझौता और PoK पर खुलकर बात की। ऑपरेशन सिंदूर: आतंक के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई प्रधानमंत्री ने कहा, “जिन आतंकियों ने हमारी मां-बहनों का सिंदूर मिटाया, हमने उन्हें मिटा दिया।” ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारत की सेनाओं ने पाकिस्तान में आतंकवाद के ठिकानों पर सटीक प्रहार किया। इस कार्रवाई में 100 से अधिक खूंखार आतंकवादी मारे गए। प्रधानमंत्री ने कहा कि आतंकी अब जान चुके हैं कि भारत की बेटियों के माथे से सिंदूर हटाने का अंजाम क्या होता है। सीजफायर: पाकिस्तान की गुहार और भारत का रुख प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि पाकिस्तान की गुहार पर भारत ने संघर्षविराम की सहमति दी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत ने मिलिट्री एक्शन को केवल स्थगित किया है, समाप्त नहीं। आगे की कार्रवाई पाकिस्तान के रवैये पर निर्भर करेगी। पहलगाम हमला: आतंक का वीभत्स चेहरा 22 अप्रैल को पहलगाम में आतंकवादियों द्वारा किए गए बर्बर हमले ने देश और दुनिया को झकझोर दिया था। छुट्टियां मना रहे मासूम लोगों को बेरहमी से मारना आतंक का घिनौना चेहरा है। प्रधानमंत्री ने कहा कि यह हमारे देश के सद्भाव को तोड़ने की कोशिश थी। आतंकवाद पर भारत की स्पष्ट नीति प्रधानमंत्री ने आतंकवाद के खिलाफ भारत की कड़ी नीति का जिक्र करते हुए कहा कि अब आतंक और टॉक एक साथ नहीं चल सकते। भारत ने आतंक के ठिकानों पर निर्णायक प्रहार कर आतंकियों को मिटा दिया है। सिंधु जल समझौता और PoK पर भारत का रुख प्रधानमंत्री मोदी ने स्पष्ट किया कि खून और पानी एक साथ नहीं बह सकते। पाकिस्तान से बात केवल आतंकवाद और PoK पर ही होगी। उन्होंने कहा कि अगर पाकिस्तान को बचना है तो उसे अपने टेरर इन्फ्रास्ट्रक्चर का सफाया करना होगा। ऑपरेशन सिंदूर: तीन स्पष्ट संदेश पीएम का संदेश: शांति के लिए शक्ति जरूरी बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर प्रधानमंत्री ने कहा कि शांति का मार्ग शक्ति से होकर गुजरता है। उन्होंने सेना के साहस और समर्पण की सराहना करते हुए कहा कि भारत की एकता आतंकवाद के खिलाफ सबसे बड़ी शक्ति है।
Read more
एयरस्ट्राइक पर एयरमार्शल बोले- भय बिनु होय ना प्रीति

एयरस्ट्राइक पर एयरमार्शल – भय बिनु होय ना प्रीति

Operation Sindoor: Indian Army’s Joint Press Conference Highlights भारतीय सेना ने सोमवार को ऑपरेशन सिंदूर पर लगातार दूसरे दिन प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में आर्मी से DGMO लेफ्टिनेंट जनरल राजीव घई, नेवी से वाइस एडमिरल एएन प्रमोद और एयरफोर्स से एयर मार्शल अवधेश कुमार भारती ने भाग लिया। 32 मिनट की इस कॉन्फ्रेंस में आतंकवाद और ऑपरेशन सिंदूर पर विस्तार से चर्चा हुई। ऑपरेशन सिंदूर का उद्देश्य एयर मार्शल अवधेश कुमार भारती ने स्पष्ट किया कि ‘भय बिनु होय ना प्रीत’ की नीति के तहत हमारी लड़ाई केवल आतंकवादियों के खिलाफ है, न कि पाकिस्तानी मिलिट्री के। उन्होंने कहा कि पाकिस्तानी सेना ने आतंकियों का समर्थन किया, जिससे हमें जवाबी कार्रवाई करनी पड़ी। पाकिस्तानी हमले का करारा जवाब भारतीय सेना के अनुसार, पाकिस्तान ने चीनी मूल के लॉन्ग रेंज रॉकेट, UAV और ड्रोन का उपयोग किया। भारतीय वायु रक्षा प्रणाली ने इन हमलों का सफलतापूर्वक मुकाबला किया। एयर मार्शल भारती ने बताया कि पुराने एयर डिफेंस सिस्टम ने भी शानदार प्रदर्शन किया, जिसमें आकाश मिसाइल सिस्टम से दुश्मन के ड्रोन और फाइटर एयरक्राफ्ट को गिराया गया। युद्ध की रणनीति और खेल से प्रेरणा लेफ्टिनेंट जनरल राजीव घई ने इस ऑपरेशन को ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के बीच 1974 एशेज सीरीज से जोड़ा, जहां ऑस्ट्रेलियाई तेज गेंदबाजों ने इंग्लैंड की टीम को ध्वस्त कर दिया था। उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर को उसी तरह की रणनीति से प्रेरित बताया। नौसेना की महत्वपूर्ण भूमिका वाइस एडमिरल एएन प्रमोद ने बताया कि नौसेना ने सर्विलांस और डिटेक्शन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। हमारे एयरक्राफ्ट कैरियर में मिग-29 एक्शन के लिए तैयार थे। नौसेना ने लगातार खतरे की पहचान कर उसे नष्ट किया। किराना हिल्स पर क्या है सच्चाई? प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान एयर मार्शल भारती ने स्पष्ट किया कि भारतीय सेना ने किराना हिल्स पर कोई हमला नहीं किया। यह इलाका पाकिस्तान के सरगोधा में स्थित है और यहां पर परमाणु हथियारों के भंडारण की जानकारी दी गई। संयुक्त सैन्य अभियान का संदेश तीनों सेनाओं के प्रमुखों ने स्पष्ट किया कि ऑपरेशन सिंदूर एक समन्वित और संयुक्त प्रयास था। इसमें आर्मी, नेवी और एयरफोर्स ने मिलकर आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई की। BSF ने भी सीमा पर मुस्तैदी से अपनी जिम्मेदारी निभाई। निष्कर्ष भारतीय सेना का यह ऑपरेशन दर्शाता है कि भारत आतंकवाद के खिलाफ कड़ा रुख अपनाए हुए है। ऑपरेशन सिंदूर में तीनों सेनाओं के तालमेल और आधुनिक एयर डिफेंस सिस्टम की भूमिका ने दुश्मन के मंसूबों को नाकाम किया।
Read more
modi

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज रात 8 बजे देश को संबोधित करेंगे

Ceasefire Aftermath: PM Modi to Address Nation Tonight नई दिल्ली। PM Modi to Address Nation Tonight- भारत और पाकिस्तान के बीच तीन दिन पहले हुए सीजफायर के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज रात 8 बजे देश को संबोधित करेंगे। उम्मीद है कि पीएम मोदी ऑपरेशन सिंदूर और उसके बाद के हालात पर बात करेंगे। इस ऑपरेशन के दौरान 5 आर्मी और 2 BSF जवान शहीद हुए हैं, जबकि 60 जवान घायल हैं। वहीं, पाकिस्तान की गोलाबारी में 27 सिविलियंस की भी जान गई है। ऑपरेशन सिंदूर: कब और कैसे शुरू हुआ? 7 मई को भारतीय सेना ने ऑपरेशन सिंदूर की शुरुआत की। यह ऑपरेशन पाकिस्तान की लगातार गोलाबारी के जवाब में किया गया था। इस दौरान पाकिस्तान ने सीमावर्ती इलाकों में भारी गोलाबारी की, जिसमें भारतीय सेना और BSF को नुकसान हुआ। पाकिस्तान का ऑपरेशन बनयान-उन-मर्सूस सीजफायर के बाद पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने 10 मई की रात 11.30 बजे अपने देशवासियों को संबोधित किया। उन्होंने पाकिस्तानी सेना के ऑपरेशन बनयान-उन-मर्सूस की सफलता का दावा किया। पाकिस्तान में इसके बाद ‘यौम-ए-तशक्कुर’ मनाया जा रहा है, जिसका अर्थ है ‘शुक्रिया का दिन’। सेना के DGMO कर रहे प्रेस कॉन्फ्रेंस सीजफायर के बाद से लगातार तीन दिन से भारतीय सेना के तीनों अंगों के डीजीएमओ प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रहे हैं। इसमें सीजफायर के हालात और आगे की रणनीति पर चर्चा की जा रही है। क्या कह सकते हैं पीएम मोदी? प्रधानमंत्री मोदी के संबोधन में ऑपरेशन सिंदूर की रणनीति और भविष्य की तैयारी पर चर्चा होने की संभावना है। इसके अलावा वे शहीद जवानों के परिवारों के लिए भी कुछ महत्वपूर्ण घोषणाएं कर सकते हैं। यौम-ए-तशक्कुर और भारत की प्रतिक्रिया पाकिस्तान में यौम-ए-तशक्कुर के उत्सव पर भारत ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। भारतीय रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि पाकिस्तान का यह दावा पूरी तरह से प्रोपेगेंडा है। देश हरपल पर बने रहें, पीएम मोदी के संबोधन की लाइव अपडेट्स के लिए।
Read more
Peace Along Borders, But Bomb Threat to Jaipur Stadium Sparks Concern

Peace Along Borders, But Bomb Threat to Jaipur Stadium Sparks Concern

एक ओर जहां जम्मू-कश्मीर और इंटरनेशनल बॉर्डर पर पूरी तरह से शांति बनी हुई है, वहीं दूसरी ओर जयपुर से एक डराने वाली खबर सामने आई है। राजस्थान के जयपुर शहर में मौजूद SAWAI MANSINGH STADIUM को बम से उड़ाने की धमकी दी गई है। यह धमकी राजस्थान स्पोर्ट्स काउंसिल को भेजे गए एक ईमेल के जरिए मिली। खुशखबरी: बॉर्डर पर सब कुछ शांत हाल के दिनों में जम्मू-कश्मीर और भारत-पाकिस्तान इंटरनेशनल बॉर्डर पर माहौल पूरी तरह शांतिपूर्ण बना हुआ है। सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक, न तो कोई घुसपैठ की कोशिश हुई है और न ही सीमा पर कोई तनाव है। यह हमारे जवानों की कड़ी मेहनत और सतर्कता का नतीजा है, जो देशवासियों को सुकून देता है। जयपुर में आई धमकी से लोग डरे लेकिन इसी बीच जयपुर से आई एक धमकी ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। किसी अनजान शख्स ने राजस्थान स्पोर्ट्स काउंसिल को एक ईमेल भेजकर सवाई मान सिंह स्टेडियम को बम से उड़ाने की धमकी दी। यह स्टेडियम देश के प्रमुख खेल मैदानों में से एक है और यहां कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मैच खेले जाते हैं। जांच में जुटी पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां जैसे ही ये ईमेल मिला, पुलिस और खुफिया एजेंसियां तुरंत एक्टिव हो गईं। पूरे स्टेडियम की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। स्पेशल टीम ईमेल भेजने वाले की तलाश में जुट गई है। हालांकि अभी तक धमकी की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन सतर्कता के तौर पर हर एहतियात बरता जा रहा है।
Read more
Bhopal Tragedy: School Bus Loses Control, Hits 12 People – 1 Dead, Several Injured

Bhopal Tragedy: School Bus Loses Control, Hits 12 People – 1 Dead, Several Injured

राजधानी BHOPAL से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। सोमवार सुबह एक स्कूल बस ने अचानक नियंत्रण खो दिया और सड़क पर चल रहे 12 लोगों को कुचल दिया। हादसे में एक शख्स की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। यह दर्दनाक हादसा RAISEN ROAD क्षेत्र में हुआ, जहां एक प्राइवेट स्कूल की खाली बस तेज़ रफ्तार से जा रही थी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बस अचानक डिवाइडर पार कर दूसरी लेन में आ गई और सामने से आ रहे वाहन और राहगीरों को कुचलना शुरू कर दिया। मृतक की पहचान एक मजदूर के रूप में हुई है, जो अपने बच्चों के लिए खाने का सामान लेने निकला था। एक महिला, जो अपने छोटे बच्चे के साथ सड़क पार कर रही थी, गंभीर रूप से घायल है और उसे हमीदिया अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों के मुताबिक उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। स्थानीय लोगों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर घायलों को मदद पहुंचाई। एक दुकानदार ने कहा, “बस अचानक आई और सबको कुचलती चली गई। लोग चीख रहे थे, चारों तरफ अफरा-तफरी मच गई थी। ऐसा मंजर पहले कभी नहीं देखा।” प्राथमिक जांच में सामने आया है कि बस के ब्रेक फेल हो गए थे, जिसके कारण ड्राइवर नियंत्रण नहीं रख सका। बस को ज़ब्त कर लिया गया है और ड्राइवर को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। घटना की जानकारी मिलते ही भोपाल कलेक्टर और एसपी मौके पर पहुंचे और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया।
Read more
Airports

32 Airports फिर से खुलेंगे: India-Pakistan Tensions के बाद NOTAM जारी, Flight Operations फिर शुरू होंगे

India-Pakistan Border Tensions के चलते अस्थायी रूप से बंद किए गए उत्तर और पश्चिम भारत के 32 प्रमुख हवाई अड्डे अब फिर से खुलने जा रहे हैं। Indian Air Force (IAF) के निर्देश के बाद Airports Authority of India (AAI) और DGCA ने NOTAM (Notice to Airmen) जारी किया है, जिसके तहत 15 मई 2025 से नागरिक उड़ानें (civil flight operations) पुनः आरंभ की जाएंगी। क्यों बंद हुए थे ये Airports? 7 मई को भारत द्वारा “ऑपरेशन सिंदूर“ लॉन्च किया गया था, जिसके तहत पाकिस्तान अधिकृत क्षेत्रों में आतंकियों के ठिकानों पर हवाई हमले किए गए थे। इसके जवाब में सीमा पर तनाव बढ़ गया और ड्रोन और मिसाइल हमलों की घटनाएं हुईं। सुरक्षा कारणों से DGCA ने 9 मई से 15 मई सुबह 5:29 बजे तक इन हवाई अड्डों को बंद करने का निर्णय लिया था। बंद किए गए 32 Airports में कौन-कौन से शामिल हैं? इनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं: Ceasefire के बाद आई राहत की खबर 10 मई को भारत और पाकिस्तान के बीच सीज़फायर की घोषणा हुई, जिसमें अमेरिका ने मध्यस्थ की भूमिका निभाई। 11 मई की रात जम्मू-कश्मीर और इंटरनेशनल बॉर्डर पर कोई बड़ी घटना नहीं हुई, जिससे हालात में थोड़ी राहत महसूस की गई। Haj यात्रियों के लिए फ्लाइट बहाल करने की मांग जम्मू और कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने सरकार से अपील की कि श्रीनगर एयरपोर्ट से हज यात्राओं की उड़ानें जल्द शुरू की जाएं। उन्होंने X (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा: “अब जब सीज़फायर हो गया है, मैं उम्मीद करता हूं कि एयरस्पेस फिर से खोला जाए और हज यात्रियों की उड़ानें जल्द शुरू हों।” हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
1 … 221 222 223 224 225 … 234

Trending News

Editor's Picks

मां ब्रह्मचारिणी पूजा, ब्रह्मचारिणी कथा, Navratri Day 2, ब्रह्मचारिणी मंत्र, नवरात्रि पूजा।

Navratri 2026: दूसरे दिन मां ब्रह्मचारिणी की पूजा, जानें पौराणिक कथा और मंत्र

नवरात्रि के दूसरे दिन मां दुर्गा के ब्रह्मचारिणी स्वरूप की पूजा की जाती है। मां ब्रह्मचारिणी तपस्या, त्याग, धैर्य और संयम की प्रतीक मानी जाती हैं। उनकी कथा भक्तों को लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने की प्रेरणा देती है। मां ब्रह्मचारिणी की कथा पौराणिक मान्यता के अनुसार, मां पार्वती ने भगवान शिव को पति रूप में प्राप्त करने के लिए कठोर तपस्या की थी। उनकी कठिन साधना और अटूट संकल्प के कारण उन्हें ब्रह्मचारिणी नाम से जाना गया। यह कथा धैर्य और दृढ़ निश्चय का संदेश देती है। मां का स्वरूप और महत्त्व पूजा विधि मंत्र: ॐ देवी ब्रह्मचारिण्यै नमः। भोग: मां को शक्कर, मिश्री और पंचामृत अर्पित करने की परंपरा प्रचलित है।
Premanand Maharaj

Premanand Maharaj Viral Video: ‘मेरा जन्म ही नहीं हुआ…’ बयान ने खींचा लोगों का ध्यान

वृंदावन के प्रसिद्ध संत प्रेमानंद महाराज (Premanand Maharaj) अपने प्रवचनों और आध्यात्मिक विचारों को लेकर अक्सर सोशल मीडिया पर चर्चा में रहते हैं। इन दिनों उनके एक वीडियो को लेकर लोगों के बीच काफी दिलचस्पी देखी जा रही है। ‘मेरा जन्म ही नहीं हुआ…’ जैसे शब्दों से चर्चा में आए इस वीडियो को लोग आध्यात्मिक नजरिए से समझने की कोशिश कर रहे हैं। हालांकि, इस कथन का पूरा संदर्भ समझना जरूरी है, ताकि किसी अधूरी क्लिप के आधार पर गलत मतलब न निकाला जाए। प्रेमानंद महाराज का वीडियो क्यों हो रहा वायरल? Premanand Maharaj के प्रवचनों में अक्सर जीवन, मृत्यु, आत्मा, भगवान की भक्ति और मन की शांति जैसे विषयों पर चर्चा होती है। उनके विचारों को बड़ी संख्या में लोग सुनते और सोशल मीडिया पर साझा करते हैं। इसी वजह से उनके प्रवचनों के छोटे-छोटे वीडियो भी लोगों का ध्यान खींचते हैं। ‘मेरा जन्म ही नहीं हुआ…’ जैसे कथन को आध्यात्मिक संदर्भ में समझने के लिए यह जानना जरूरी है कि महाराज किस सवाल का जवाब दे रहे थे और उससे पहले तथा बाद में उन्होंने क्या कहा था। केवल एक वाक्य के आधार पर उनके विचारों का निष्कर्ष निकालना सही नहीं होगा। जीवन और आत्मा को लेकर क्या है आध्यात्मिक नजरिया? भारतीय आध्यात्मिक परंपराओं में आत्मा, शरीर और जन्म-मृत्यु को लेकर अलग-अलग दार्शनिक व्याख्याएं मिलती हैं। भगवद्गीता में भी आत्मा को शरीर से अलग और अविनाशी बताया गया है। इसी तरह संतों के प्रवचनों में व्यक्ति की वास्तविक पहचान, अहंकार और ईश्वर से जुड़ाव जैसे विषयों पर चर्चा होती रहती है। ऐसे विचारों को समझने के लिए उनके मूल संदर्भ को देखना जरूरी है। किसी आध्यात्मिक कथन का अर्थ सामान्य बोलचाल के अर्थ से अलग भी हो सकता है। प्रेमानंद महाराज का पुराना भावुक वीडियो भी हुआ था वायरल हाल ही में Premanand Maharaj का एक भावुक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। कुछ पोस्ट में दावा किया गया कि यह वीडियो उनके शिष्य रसिक दुलारी की मौत के बाद का है। हालांकि, आजतक की फैक्ट चेक रिपोर्ट के मुताबिक, यह वीडियो नया नहीं था। इसका लंबा संस्करण प्रेमानंद महाराज के आधिकारिक YouTube चैनल ‘भजन मार्ग’ पर 1 मार्च 2026 को अपलोड किया गया था। वायरल हिस्सा उसी प्रवचन में लगभग 7 मिनट 10 सेकंड पर मौजूद था। इसलिए इसे सितंबर में सामने आई घटना के बाद का वीडियो बताना भ्रामक था। इस मामले से यह भी स्पष्ट होता है कि सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो की तारीख और संदर्भ की जांच करना जरूरी है। <escape><Cite refs={[“turn157990search0″,”turn157990search1”]}/></escape> आश्रम से जुड़ी घटनाओं के बीच भी चर्चा में हैं महाराज वृंदावन स्थित राधा केली कुंज आश्रम से जुड़े मामले और शिष्य रसिक दुलारी की मौत के बाद प्रेमानंद महाराज को लेकर सोशल मीडिया पर कई तरह की चर्चाएं सामने आईं। इस बीच आश्रम से जुड़ी घटनाओं के बारे में अलग-अलग दावे भी किए गए। ऐसे मामलों में पुलिस जांच और आधिकारिक जानकारी को प्राथमिकता देना जरूरी है। 9 अक्टूबर 2026 को प्रकाशित नवभारत टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, प्रेमानंद महाराज का एक अन्य वीडियो भी चर्चा में आया, जिसमें उन्होंने भक्ति के मार्ग पर बने रहने की कठिनाई पर बात की। <escape><Cite refs={[“turn157990search2″,”turn585743search3”]}/></escape> वायरल वीडियो को पूरा देखना क्यों जरूरी है? सोशल मीडिया पर किसी संत या सार्वजनिक व्यक्ति के बयान का छोटा हिस्सा तेजी से वायरल हो सकता है। लेकिन कई बार वीडियो का शुरुआती या अंतिम हिस्सा न होने से उसका वास्तविक अर्थ स्पष्ट नहीं हो पाता। इसलिए किसी कथन पर राय बनाने से पहले उसका पूरा वीडियो, तारीख और मूल स्रोत देखना बेहतर है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Pakistan

Imran Khan की PTI को झटका! Pakistan के खैबर पख्तूनख्वा में इमरजेंसी लागू

Pakistan की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में इमरजेंसी लागू करने और पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) की प्रांतीय सरकार के अधिकार सीमित किए जाने की खबर सामने आई है। इस घटनाक्रम ने पाकिस्तान की संघीय सरकार और PTI के बीच पहले से जारी टकराव को और बढ़ा दिया है। रिपोर्टों के मुताबिक, राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने संघीय कैबिनेट की सिफारिश पर इस फैसले को मंजूरी दी। सरकार ने इसके पीछे आतंकवाद और बिगड़ती कानून-व्यवस्था को प्रमुख वजह बताया है। वहीं, PTI इस कदम का विरोध कर रही है। हालांकि, प्रांतीय प्रशासन में हुए बदलाव और उसके कानूनी प्रभावों से जुड़ी सभी जानकारियों की आधिकारिक पुष्टि जरूरी है। Khyber Pakhtunkhwa में Emergency लगाने की वजह क्या है? पाकिस्तान की संघीय सरकार का कहना है कि खैबर पख्तूनख्वा में सुरक्षा की स्थिति चिंता का विषय बनी हुई है। अफगानिस्तान की सीमा से लगे इस प्रांत में आतंकवादी घटनाओं और सुरक्षा चुनौतियों के कारण लंबे समय से तनाव है। सरकार का आरोप है कि PTI के नेतृत्व वाली प्रांतीय सरकार आतंकवाद के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करने में अपेक्षित सहयोग नहीं कर रही थी। इसी आधार पर संघीय कैबिनेट ने इमरजेंसी लागू करने की सिफारिश की। दूसरी ओर, PTI का कहना है कि सुरक्षा संबंधी समस्याओं का समाधान राजनीतिक अधिकारों को सीमित करके नहीं किया जा सकता। इस मामले में केंद्र सरकार और विपक्ष के दावों को अलग-अलग समझना जरूरी है। Imran Khan की PTI सरकार पर क्या पड़ेगा असर? खैबर पख्तूनख्वा को इमरान खान की पार्टी का मजबूत राजनीतिक आधार माना जाता है। ऐसे में यहां प्रशासनिक अधिकारों में बदलाव PTI के लिए अहम राजनीतिक घटनाक्रम है। यदि प्रांतीय सरकार की शक्तियां निलंबित करके प्रशासन राज्यपाल या संघीय सरकार के नियंत्रण में दिया जाता है, तो इससे शासन व्यवस्था और केंद्र-प्रांत के संबंधों पर सीधा असर पड़ सकता है। हालांकि, इमरजेंसी लागू होने और निर्वाचित सरकार के अधिकार समाप्त होने के बीच कानूनी अंतर होता है। इसलिए अंतिम स्थिति समझने के लिए राष्ट्रपति के आदेश, संबंधित संवैधानिक प्रावधानों और आधिकारिक अधिसूचना की पुष्टि आवश्यक है। इमरान खान की रिहाई को लेकर PTI का प्रदर्शन इमरान खान की रिहाई की मांग PTI के प्रमुख राजनीतिक मुद्दों में शामिल है। अगस्त 2023 से जेल में बंद पूर्व प्रधानमंत्री के समर्थन में पार्टी लगातार सरकार पर दबाव बना रही है। PTI समर्थकों के इस्लामाबाद की ओर मार्च और संभावित प्रदर्शन को लेकर भी राजनीतिक माहौल गर्म है। पार्टी चाहती है कि इमरान खान से जुड़े मामलों में कानूनी प्रक्रिया का पालन किया जाए और उनकी रिहाई की मांग पर ध्यान दिया जाए। वहीं, संघीय सरकार के सामने राजधानी में कानून-व्यवस्था बनाए रखने की चुनौती है। प्रदर्शन, सुरक्षा इंतजाम और केंद्र-विपक्ष के बीच बातचीत का परिणाम आने वाले दिनों में पाकिस्तान की राजनीति की दिशा को प्रभावित कर सकता है। PTI ने फैसले पर उठाए सवाल PTI ने केंद्र सरकार के कदम का विरोध करते हुए इसे प्रांतीय अधिकारों और लोकतांत्रिक व्यवस्था से जुड़ा मुद्दा बताया है। पार्टी का तर्क है कि आतंकवाद से निपटने के लिए केंद्र और प्रांत के बीच सहयोग बढ़ाया जाना चाहिए। दूसरी तरफ, संघीय सरकार सुरक्षा स्थिति को देखते हुए अपने फैसले को जरूरी बता रही है। दोनों पक्षों के बीच आरोप-प्रत्यारोप के कारण राजनीतिक तनाव बढ़ने की आशंका है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
CJP

Delhi Protest: CJP नेताओं का आरोप- फ्लाइट से किया Kidnap, दिल्ली में दूसरे दिन भी प्रदर्शन

दिल्ली में चुनाव आयोग के खिलाफ विरोध प्रदर्शन को लेकर सियासी माहौल गरम है। 10 अक्टूबर को शुरू हुआ विरोध 11 अक्टूबर को भी जारी रहा। इस बीच CJP के नेताओं ने आरोप लगाया कि उन्हें मुंबई से दिल्ली पहुंचने के बाद विमान के अंदर से ही हिरासत में ले लिया गया। पार्टी के नेता सौरव दास ने इस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार अपने ही लोगों से जंग लड़ रही है। वहीं, दिल्ली में प्रदर्शन के दौरान कई लोगों को हिरासत में लिए जाने की खबर सामने आई है। यह मामला अब केवल प्रदर्शन तक सीमित नहीं है। हिरासत की कार्रवाई, चुनाव आयोग की भूमिका और शांतिपूर्ण विरोध के अधिकार को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। CJP नेताओं ने क्यों लगाया Kidnap करने का आरोप? अभिजीत दिपके, सौरव दास और आशुतोष रांका 10 अक्टूबर को मुंबई से दिल्ली पहुंचे थे। उन्हें जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन में शामिल होना था। नेताओं के मुताबिक, विमान के दिल्ली पहुंचने के बाद पुलिसकर्मी अंदर आए और उन्हें हिरासत में ले लिया। CJP नेताओं ने इस कार्रवाई को गलत बताते हुए आरोप लगाया कि उन्हें प्रदर्शन में शामिल होने से रोकने के लिए हिरासत में लिया गया। सौरव दास ने इसे फ्लाइट से किडनैप किए जाने जैसा बताया और सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाए। हालांकि, पुलिस की ओर से प्रदर्शन की अनुमति नहीं होने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने की जरूरत का हवाला दिया गया। ऐसे में इस मामले में प्रदर्शनकारियों के आरोप और पुलिस का पक्ष अलग-अलग हैं। Delhi Protest: लगातार दूसरे दिन सड़कों पर उतरे प्रदर्शनकारी दिल्ली में 10 अक्टूबर को प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई थी। कई इलाकों में पुलिस और अर्धसैनिक बलों की तैनाती की गई, जबकि कुछ स्थानों पर बैरिकेडिंग भी की गई। प्रदर्शन के दौरान कई लोगों को हिरासत में लिया गया। इनमें राजनीतिक कार्यकर्ता और विरोध प्रदर्शन में शामिल अन्य लोग भी थे। 11 अक्टूबर को भी प्रदर्शन जारी रहने के बीच पुलिस की कार्रवाई को लेकर सवाल उठते रहे। CJP समर्थकों का कहना है कि वे अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से आवाज उठाना चाहते हैं। उनका आरोप है कि हिरासत में लेकर प्रदर्शन को रोकने की कोशिश की गई। दूसरी ओर, पुलिस ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए जरूरी कदम उठाने की बात कही। हिरासत के बाद CJP नेताओं को मिली राहत रिपोर्टों के मुताबिक, अभिजीत दिपके, सौरव दास और आशुतोष रांका को कार्यकारी मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया। इसके बाद उन्हें शांति बनाए रखने से जुड़ी शर्तों के साथ रिहा कर दिया गया। CJP नेताओं ने हिरासत की पूरी प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि लोकतंत्र में सरकार और संवैधानिक संस्थाओं के फैसलों पर सवाल उठाना नागरिकों का अधिकार है। इस मामले में हिरासत की परिस्थितियों और संबंधित कानूनी प्रक्रिया को लेकर उठे सवालों पर स्पष्ट जानकारी सामने आना जरूरी है। आखिर क्यों हो रहा है Election Commission के खिलाफ प्रदर्शन? CJP ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन का आह्वान किया था। पार्टी और उसके समर्थक मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी Special Intensive Revision (SIR) की प्रक्रिया पर सवाल उठा रहे हैं। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि मतदाता सूची में नाम हटाने की प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जानी चाहिए। वे इस मामले की जांच और चुनाव आयोग से स्पष्टीकरण की मांग कर रहे हैं। वहीं, चुनाव आयोग ने मतदाता सूची के पुनरीक्षण की प्रक्रिया का बचाव किया है। भाजपा ने भी मतदाता सूची में गड़बड़ी के आरोपों को खारिज किया है। इस मुद्दे पर राजनीतिक दलों के बीच मतभेद बने हुए हैं। Democracy में Protest के अधिकार पर फिर छिड़ी बहस दिल्ली में हुई इस कार्रवाई के बाद शांतिपूर्ण प्रदर्शन के अधिकार और सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी को लेकर चर्चा तेज हो गई है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि अपनी बात रखने और संस्थाओं से जवाब मांगने का अधिकार लोकतंत्र का महत्वपूर्ण हिस्सा है। दूसरी ओर, प्रशासन की जिम्मेदारी है कि वह कानून-व्यवस्था बनाए रखे और किसी भी आयोजन के दौरान सुरक्षा सुनिश्चित करे। ऐसे में जरूरी है कि पुलिस की कार्रवाई और प्रदर्शनकारियों के आरोपों की जांच तथ्यों और कानूनी प्रावधानों के आधार पर हो। फिलहाल, CJP नेताओं की हिरासत और दिल्ली में लगातार दूसरे दिन हुए प्रदर्शन ने चुनाव आयोग तथा SIR को लेकर चल रही बहस को फिर चर्चा में ला दिया है। आने वाले दिनों में इस मामले पर राजनीतिक दलों और संबंधित अधिकारियों की प्रतिक्रियाएं महत्वपूर्ण रहेंगी। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Gautam Gambhir

Gautam Gambhir in Ujjain: महाकाल मंदिर में टेका माथा, Team India के लिए मांगा आशीर्वाद

भारत और वेस्टइंडीज के बीच तीसरे T20 मुकाबले से पहले भारतीय क्रिकेट टीम के हेड कोच गौतम गंभीर (Gautam Gambhir ) उज्जैन के महाकालेश्वर मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने भारतीय टीम के बैटिंग कोच सितांशु कोटक के साथ बाबा महाकाल के दर्शन किए। गंभीर ने देश की खुशहाली और टीम इंडिया की सफलता के लिए प्रार्थना की। क्रिकेट के मैदान पर रणनीति बनाने वाले गंभीर का यह धार्मिक दौरा आस्था और खेल के जुड़ाव को दिखाता है। Gautam Gambhir ने बाबा महाकाल से क्या मांगा? उज्जैन के श्री महाकालेश्वर मंदिर में गौतम गंभीर ने विधि-विधान से दर्शन किए और बाबा महाकाल का आशीर्वाद लिया। इस दौरान उनके साथ सितांशु कोटक भी मौजूद रहे। गंभीर ने कामना की कि बाबा महाकाल की कृपा देश और भारतीय क्रिकेट टीम पर बनी रहे। उनका यह दौरा ऐसे समय हुआ है, जब टीम इंडिया भारत-वेस्टइंडीज T20 सीरीज के अहम मुकाबले की तैयारी कर रही है। महाकाल मंदिर में देश के अलग-अलग हिस्सों से श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। क्रिकेट जगत की हस्तियों का यहां आना भी अक्सर प्रशंसकों के बीच चर्चा का विषय बन जाता है। Mahakal Temple पहुंचे बैटिंग कोच सितांशु कोटक गौतम गंभीर के साथ भारतीय टीम के बैटिंग कोच सितांशु कोटक ने भी बाबा महाकाल के दर्शन किए। दोनों का उज्जैन दौरा भारत-वेस्टइंडीज मुकाबले से पहले हुआ। क्रिकेट में खिलाड़ियों की मेहनत, सही रणनीति और दबाव में प्रदर्शन की अहम भूमिका होती है। ऐसे में कई खिलाड़ी और खेल से जुड़े लोग बड़े मुकाबलों से पहले मंदिरों में जाकर प्रार्थना करते हैं। गंभीर का महाकाल दर्शन भी इसी वजह से चर्चा में है। India vs West Indies 3rd T20: इंदौर में होगी भिड़ंत भारत और वेस्टइंडीज के बीच तीसरा T20 इंटरनेशनल मुकाबला इंदौर के होलकर स्टेडियम में खेला जाना है। इस मैच को लेकर क्रिकेट फैंस के बीच काफी उत्साह है। सीरीज के दूसरे मुकाबले में भारतीय टीम को हार का सामना करना पड़ा था। भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए बड़ा स्कोर बनाया, लेकिन वेस्टइंडीज के बल्लेबाजों ने लक्ष्य हासिल कर मुकाबला अपने नाम कर लिया। इस नतीजे के बाद तीसरे मैच में भारतीय टीम की वापसी पर सबकी नजरें रहेंगी। बल्लेबाजी के साथ गेंदबाजी में भी बेहतर प्रदर्शन करना टीम इंडिया के लिए अहम होगा। Team India की सफलता के लिए की प्रार्थना गौतम गंभीर के लिए यह दौरा केवल मंदिर में दर्शन करने तक सीमित नहीं रहा, बल्कि उन्होंने देश और टीम इंडिया के लिए भी शुभकामनाएं दीं। भारतीय क्रिकेट टीम के प्रशंसक भी उम्मीद कर रहे हैं कि खिलाड़ी मैदान पर अच्छा प्रदर्शन करेंगे और मुकाबले में जीत हासिल करने की पूरी कोशिश करेंगे। अब सभी की नजरें इंदौर के मैदान पर होने वाले भारत-वेस्टइंडीज मुकाबले पर हैं। बाबा महाकाल के दरबार में दर्शन के बाद टीम इंडिया के कोच गौतम गंभीर की यह यात्रा खेल और आस्था के खूबसूरत मेल के रूप में देखी जा रही है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!

About Me

देशहरपल सिर्फ खबरों का मंच नहीं, बल्कि आपकी आवाज़ को सामने लाने का एक सशक्त माध्यम भी है। यहां आपको ताज़ातरीन खबरों के साथ-साथ नौकरी, शिक्षा, और नए भारत की बदलती आर्थिक तस्वीर पर उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी मिलेगी।

Phone: +91 9406783569, +91 755 484 8829
Email: support@deshharpal.com
Address : A-23 Sakshi Bunglow Trilanga Near Aura Mall Bhopal M.P

Recent Posts

  • All Post
  • Breaking News
  • Education
  • More News
  • Web Story
  • एंटरटेनमेंट
  • देश-हरपल
  • धर्म-कर्म
  • प्रदेश
  • बिज़नेस
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • वीडियो
  • स्पोर्ट्स
    •   Back
    • एक्सक्लूसिव
    • Editorial
    •   Back
    • IPL 2026
    • T20 वर्ल्ड कप
    • FIFA 2026
    •   Back
    • सोच-विचार
    • हेल्थ
    • ट्रैवल
    • कल्चर
    • एनवायरनमेंट
    • Impact Feature
    •   Back
    • राशिफल
    • पंचांग
    • पर्व-त्यौहार
    • पूजा-पाठ
    • चैत्र नवरात्रि 2025
    •   Back
    • मध्य प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    •   Back
    • टीवी
    • वेब-सीरीज
    • फिल्म रिव्यू
    • बॉलीवुड
    •   Back
    • लाइफस्टाइल
    •   Back
    • स्टॉक-मार्केट

© 2023 Deshharpal. All Rights Reserved.