कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 (Commonwealth Games 2026) की शुरुआत से पहले भारतीय बॉक्सिंग टीम को एक ऐसी परेशानी का सामना करना पड़ा, जिसने खिलाड़ियों की तैयारियों पर असर डाल दिया। बेलफास्ट (आयरलैंड) से स्कॉटलैंड के ग्लासगो रवाना हुई टीम का जरूरी सामान एयरपोर्ट पर ही छूट गया। इसमें खिलाड़ियों की ट्रेनिंग किट, बॉक्सिंग गियर और ओपनिंग सेरेमनी (Opening Ceremony) के लिए निर्धारित आधिकारिक ड्रेस भी शामिल हैं।
मुकाबलों से ठीक पहले हुई इस घटना ने खिलाड़ियों और टीम प्रबंधन दोनों की चिंता बढ़ा दी है। हालांकि अधिकारियों का कहना है कि सामान जल्द से जल्द खिलाड़ियों तक पहुंचाने की कोशिश की जा रही है।
कैसे हुआ पूरा मामला?
भारतीय बॉक्सिंग टीम पिछले कुछ दिनों से बेलफास्ट में विशेष प्रशिक्षण शिविर में हिस्सा ले रही थी। कैंप खत्म होने के बाद टीम ग्लासगो पहुंची, लेकिन एयरपोर्ट पर सामान का इंतजार करते-करते खिलाड़ियों को पता चला कि उनके कई बैग विमान में लोड ही नहीं किए गए थे।
बताया जा रहा है कि जिस विमान से टीम ने यात्रा की, उसकी कार्गो क्षमता सीमित थी। इसी वजह से कई खिलाड़ियों और अधिकारियों का सामान बेलफास्ट एयरपोर्ट पर ही रह गया। एयरलाइन ने बाद में सामान को अगली उपलब्ध उड़ान से भेजने की प्रक्रिया शुरू की।
इन खिलाड़ियों का सामान नहीं पहुंचा
रिपोर्ट्स के मुताबिक जिन खिलाड़ियों और अधिकारियों का सामान पीछे रह गया, उनमें शामिल हैं—
- जैसमीन लांबोरिया
- साक्षी चौधरी
- परवीन हुड्डा
- जदुमणि सिंह
- कपिल पोखरिया
- पुरुष टीम के मुख्य कोच सी. कुट्टप्पा
इन खिलाड़ियों के बैग में बॉक्सिंग ग्लव्स, ट्रेनिंग किट, निजी सामान और उद्घाटन समारोह में पहनने वाली आधिकारिक ड्रेस रखी हुई थी।
Opening Ceremony से पहले बढ़ी चिंता
कॉमनवेल्थ गेम्स का उद्घाटन समारोह 23 जुलाई को आयोजित होना है, जबकि बॉक्सिंग प्रतियोगिता अगले ही दिन से शुरू होगी। ऐसे में खिलाड़ियों के पास अभ्यास और अंतिम तैयारियों के लिए सीमित समय बचा है।
यदि सामान समय पर नहीं पहुंचता, तो खिलाड़ियों को नए उपकरण और ड्रेस की व्यवस्था करनी पड़ सकती है। हालांकि भारतीय दल को उम्मीद है कि एयरलाइन जल्द ही पूरा सामान ग्लासगो पहुंचा देगी।
दूसरी बार सामने आई ऐसी समस्या
भारतीय बॉक्सिंग टीम के साथ यह पहली बार नहीं हुआ है। इससे पहले दोहा से बेलफास्ट की यात्रा के दौरान भी कुछ खिलाड़ियों का सामान निर्धारित समय पर नहीं पहुंचा था। लगातार दूसरी बार ऐसी स्थिति बनने से टीम प्रबंधन ने लॉजिस्टिक व्यवस्था को लेकर चिंता जताई है।
रहने की व्यवस्था को लेकर भी सवाल
सिर्फ सामान ही नहीं, बल्कि टीम की आवास व्यवस्था भी चर्चा में है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार महिला टीम की कोच को खिलाड़ियों से अलग होटल में ठहराया गया है। इससे खिलाड़ियों और कोच के बीच समन्वय प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है।
हालांकि भारतीय ओलंपिक संघ और टीम अधिकारी इन सभी मुद्दों को जल्द सुलझाने का प्रयास कर रहे हैं ताकि खिलाड़ियों का पूरा ध्यान प्रतियोगिता पर बना रहे।
भारत को बॉक्सिंग से बड़ी उम्मीद
कॉमनवेल्थ गेम्स में भारतीय बॉक्सिंग टीम हमेशा मजबूत दावेदार रही है। इस बार भी टीम से कई पदकों की उम्मीद की जा रही है। अनुभवी और युवा मुक्केबाज शानदार फॉर्म में हैं और उनका लक्ष्य देश के लिए अधिक से अधिक पदक जीतना है।
शुरुआती परेशानियों के बावजूद खिलाड़ियों का मनोबल ऊंचा है। टीम का विश्वास है कि जैसे ही सामान पहुंच जाएगा, वे पूरी तैयारी के साथ रिंग में उतरेंगे और भारत का नाम रोशन करने की कोशिश करेंगे.
