लखनऊ: बहुजन समाज पार्टी (BSP) की प्रमुख मायावती ने अपने भतीजे आकाश आनंद के ससुर को पार्टी से बाहर कर दिया है। मायावती ने कहा कि उन्हें कई बार चेतावनी दी गई, लेकिन इसके बावजूद उन्होंने पार्टी की नीतियों और अनुशासन का पालन नहीं किया। इसके बाद उनके खिलाफ यह कार्रवाई की गई।
मायावती ने साफ कहा कि पार्टी से निकाले गए नेता को अब दोबारा संगठन में शामिल नहीं किया जाएगा। इस फैसले के बाद BSP के भीतर राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गई हैं।
बार-बार चेतावनी देने का दावा
मायावती के मुताबिक संबंधित नेता को पार्टी की ओर से पहले भी कई बार समझाया और चेतावनी दी गई थी। इसके बावजूद उनके व्यवहार और गतिविधियों में बदलाव नहीं आया।
पार्टी नेतृत्व ने इसे अनुशासन का मामला माना और आखिरकार उन्हें संगठन से बाहर करने का फैसला लिया।
मायावती ने कही बड़ी बात
मायावती ने कहा कि पार्टी के अनुशासन और सिद्धांतों से समझौता नहीं किया जा सकता। उन्होंने संकेत दिया कि चेतावनी के बावजूद अगर कोई नेता पार्टी लाइन से अलग चलता है, तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि पार्टी से बाहर किए गए व्यक्ति को भविष्य में वापस लेने का सवाल नहीं है।
आकाश आनंद से रिश्ते के कारण चर्चा में आया मामला
यह मामला इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि पार्टी से निकाले गए नेता का संबंध मायावती के भतीजे आकाश आनंद के परिवार से है। इसी वजह से राजनीतिक गलियारों में इस फैसले को लेकर खास चर्चा हो रही है।
हालांकि मायावती ने कार्रवाई को पार्टी अनुशासन और संगठन के नियमों से जोड़कर पेश किया है।

