आपका चैनल --
ताज़ा खबर
BREAKINGदेश-हरपलPM Modi on Paper Leak: युवाओं को दिया भरोसा, Fast Track Courts का ऐलान; राहुल गांधी का पलटवारBREAKINGदेश-हरपलड्डा का राहुल पर पलटवार: बोले- कांग्रेस बताए अपने राज्यों में पेपर लीक क्यों हुए, सरकार चर्चा को तैयारBREAKINGदेश-हरपलअजमेर में मार्बल व्यापारी पर जानलेवा हमला, CCTV में कैद हुई वारदातBREAKINGबिज़नेसBPCL को जून तिमाही में ₹3,962 करोड़ का घाटा, कच्चे तेल की महंगाई से बिगड़े नतीजेBREAKINGBreaking Newsफ्रांस की पर्यावरण मंत्री मोनिक बारबू का इस्तीफा, विवादित कृषि बिल के विरोध में छोड़ा पदBREAKINGमध्य प्रदेशइंदौर में छात्र आंदोलन को मिला कांग्रेस का समर्थन, दिग्विजय सिंह और जीतू पटवारी धरने में पहुंचेBREAKINGप्रदेशबिजली कंपनी के अधीक्षण यंत्री की 17 करोड़ की संपत्ति का खुलासा, लोकायुक्त जांच में आय से 627% अधिक संपत्ति मिलीBREAKINGमध्य प्रदेशभोपाल में अरेरा हिल्स थाना प्रभारी और आरक्षक निलंबित, महिला से अनैतिक संबंध के आरोपों पर विभागीय जांच शुरूBREAKINGदेश-हरपलPM Modi on Paper Leak: युवाओं को दिया भरोसा, Fast Track Courts का ऐलान; राहुल गांधी का पलटवारBREAKINGदेश-हरपलड्डा का राहुल पर पलटवार: बोले- कांग्रेस बताए अपने राज्यों में पेपर लीक क्यों हुए, सरकार चर्चा को तैयारBREAKINGदेश-हरपलअजमेर में मार्बल व्यापारी पर जानलेवा हमला, CCTV में कैद हुई वारदातBREAKINGबिज़नेसBPCL को जून तिमाही में ₹3,962 करोड़ का घाटा, कच्चे तेल की महंगाई से बिगड़े नतीजेBREAKINGBreaking Newsफ्रांस की पर्यावरण मंत्री मोनिक बारबू का इस्तीफा, विवादित कृषि बिल के विरोध में छोड़ा पदBREAKINGमध्य प्रदेशइंदौर में छात्र आंदोलन को मिला कांग्रेस का समर्थन, दिग्विजय सिंह और जीतू पटवारी धरने में पहुंचेBREAKINGप्रदेशबिजली कंपनी के अधीक्षण यंत्री की 17 करोड़ की संपत्ति का खुलासा, लोकायुक्त जांच में आय से 627% अधिक संपत्ति मिलीBREAKINGमध्य प्रदेशभोपाल में अरेरा हिल्स थाना प्रभारी और आरक्षक निलंबित, महिला से अनैतिक संबंध के आरोपों पर विभागीय जांच शुरू

NE

News Elementor

Protection Officer Exam 13 सितम्बर को: आवेदन फॉर्म में सुधार और वापसी का आज अंतिम मौका

Table of Content

Protection Officer भर्ती परीक्षा 13 सितंबर 2025 को आयोजित की जाएगी। अगर आपने इस परीक्षा के लिए आवेदन किया है, लेकिन फॉर्म में कोई गलती रह गई है या आप अपना आवेदन वापस लेना चाहते हैं, तो आपके पास आज रात तक का ही मौका है।

मध्यप्रदेश प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड (MPPEB) ने बताया है कि आवेदन फॉर्म में सुधार (correction) और फॉर्म वापसी (withdrawal) की अंतिम तारीख 14 जुलाई की रात 12 बजे तक है। इसके बाद कोई बदलाव या रद्द करने का मौका नहीं मिलेगा।

  • जिन छात्रों ने गलत जानकारी भर दी है, वे तुरंत ऑफिशियल वेबसाइट पर जाकर लॉगइन करें।
  • “एप्लिकेशन करेक्शन” सेक्शन में जाकर जरूरी बदलाव करें।
  • यदि आप इस परीक्षा में शामिल नहीं होना चाहते हैं, तो “फॉर्म विदड्रॉ” का विकल्प चुनें।

इस भर्ती के जरिए राज्य सरकार के महिला एवं बाल विकास विभाग में प्रोटेक्शन अफसर के पद भरे जाएंगे। यह पद बच्चों और महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े मामलों में अहम भूमिका निभाते हैं।

  • 📅 एग्जाम डेट: 13 सितम्बर 2025
  • 🕛 करेक्शन/फॉर्म वापसी की अंतिम तारीख: 14 जुलाई, रात 12 बजे
  • 🌐 वेबसाइट: esb.mp.gov.in

यदि आप इस जिम्मेदारी भरे पद के लिए आवेदन कर चुके हैं, तो यह सुनिश्चित करें कि आपकी जानकारी पूरी तरह सही हो। आपका एक छोटा सुधार, भविष्य की बड़ी परेशानी से बचा सकता है।

हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!

Neha Pandey

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Editor's Picks

PM Modi

PM Modi on Paper Leak: युवाओं को दिया भरोसा, Fast Track Courts का ऐलान; राहुल गांधी का पलटवार

देश में लगातार सामने आ रहे पेपर लीक के मामलों ने लाखों छात्रों और अभिभावकों की चिंता बढ़ा दी है। इसी बीच PM Modi ने इस मुद्दे पर बड़ा बयान देते हुए कहा कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ अब और सख्त कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने घोषणा की कि पेपर लीक से जुड़े मामलों की सुनवाई के लिए Fast Track Courts का गठन किया जाएगा, ताकि दोषियों को जल्द सजा मिल सके। प्रधानमंत्री के इस बयान के बाद कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने भी प्रतिक्रिया दी और सरकार से जवाबदेही तय करने की मांग की। ऐसे में पेपर लीक का मुद्दा एक बार फिर राजनीतिक और सामाजिक बहस का केंद्र बन गया है। PM मोदी बोले- युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि किसी भी छात्र की मेहनत और सपनों के साथ समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार परीक्षा प्रणाली को पूरी तरह पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि पेपर लीक जैसे मामलों में शामिल लोगों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई होगी और ऐसे मामलों के जल्द निपटारे के लिए Fast Track Courts स्थापित किए जाएंगे। इससे जांच और न्यायिक प्रक्रिया में तेजी आने की उम्मीद है। परीक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने पर जोर प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि सरकार तकनीक के बेहतर उपयोग, कड़ी निगरानी और सख्त कानूनों के जरिए भर्ती एवं प्रतियोगी परीक्षाओं को अधिक सुरक्षित बनाने की दिशा में काम कर रही है। उनका कहना था कि दोषियों को किसी भी हाल में बचने नहीं दिया जाएगा। राहुल गांधी ने सरकार से पूछे सवाल प्रधानमंत्री के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कहा कि केवल घोषणाएं करने से समस्या खत्म नहीं होगी। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले कुछ वर्षों में कई भर्ती परीक्षाओं के पेपर लीक होने से लाखों युवाओं का भविष्य प्रभावित हुआ है। राहुल गांधी ने कहा कि छात्रों को भरोसा तभी मिलेगा, जब दोषियों पर समयबद्ध कार्रवाई होगी और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए प्रभावी व्यवस्था बनाई जाएगी। छात्रों की उम्मीदें बढ़ीं पेपर लीक की घटनाओं से प्रभावित छात्र लंबे समय से सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे थे। ऐसे में Fast Track Courts की घोषणा को कई छात्र सकारात्मक कदम मान रहे हैं। हालांकि, उनका कहना है कि इस फैसले का वास्तविक असर तभी दिखेगा, जब दोषियों के खिलाफ तेजी से कार्रवाई होगी और भविष्य में परीक्षाएं निष्पक्ष तरीके से आयोजित की जाएंगी। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!

ड्डा का राहुल पर पलटवार: बोले- कांग्रेस बताए अपने राज्यों में पेपर लीक क्यों हुए, सरकार चर्चा को तैयार

पेपर लीक के मुद्दे पर संसद में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस देखने को मिली। केंद्रीय मंत्री और भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के आरोपों का जवाब देते हुए कहा कि कांग्रेस पहले यह बताए कि उसके शासन वाले राज्यों में पेपर लीक की घटनाएं क्यों हुईं। नड्डा ने कहा कि केंद्र सरकार इस गंभीर विषय पर संसद में विस्तृत चर्चा के लिए तैयार है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष इस मुद्दे का राजनीतिकरण कर रहा है, जबकि सरकार दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के पक्ष में है। दरअसल, राहुल गांधी ने हाल ही में दावा किया था कि पिछले 10 वर्षों में देशभर में 152 पेपर लीक की घटनाएं हुई हैं। उन्होंने इसे युवाओं के भविष्य से जुड़ा बड़ा मुद्दा बताते हुए सरकार पर परीक्षा प्रणाली को सुरक्षित रखने में विफल रहने का आरोप लगाया था। इस पर जवाब देते हुए नड्डा ने कहा कि केवल आंकड़े पेश करने से काम नहीं चलेगा। कांग्रेस को यह भी बताना चाहिए कि जिन राज्यों में उसकी सरकारें रही हैं, वहां भर्ती परीक्षाओं में पेपर लीक की घटनाएं क्यों हुईं और उन्हें रोकने के लिए क्या कदम उठाए गए। उन्होंने दोहराया कि केंद्र सरकार परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए प्रतिबद्ध है तथा संसद में इस विषय पर सार्थक चर्चा का स्वागत करती है।

अजमेर में मार्बल व्यापारी पर जानलेवा हमला, CCTV में कैद हुई वारदात

राजस्थान के अजमेर जिले के किशनगढ़ में बुधवार सुबह मार्बल व्यापारी पर चार बदमाशों ने लाठी-डंडों से हमला कर दिया। स्कॉर्पियो से आए हमलावरों ने गोदाम में घुसकर व्यापारी के साथ बेरहमी से मारपीट की। पूरी घटना गोदाम में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। गोदाम में घुसकर किया हमला गांधीनगर थाना क्षेत्र स्थित मार्बल एरिया में बुधवार सुबह करीब 8:20 बजे स्कॉर्पियो में सवार चार युवक गोदाम के बाहर पहुंचे। गोदाम में बैठे मार्बल व्यापारी गोवर्धन पर उन्होंने लाठी-डंडों से हमला कर दिया। व्यापारी ने शुरुआत में हमलावरों का मुकाबला करने की कोशिश की, लेकिन चारों बदमाशों ने उसे घेर लिया और जमीन पर गिराकर लगातार लाठियों से पीटा। वारदात के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए। सिर और हाथ में गंभीर चोट हमले में व्यापारी के सिर और हाथ में गंभीर चोटें आईं। घायल अवस्था में उन्हें तत्काल किशनगढ़ के राजकीय अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। पीड़ित ने दर्ज कराई शिकायत गांधीनगर थाना प्रभारी अनिल शर्मा ने बताया कि पीड़ित व्यापारी की शिकायत पर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के प्रयास कर रही है। भाई के साथ गोदाम में मौजूद था व्यापारी पीड़ित गोवर्धन ने बताया कि वह बुधवार सुबह अपने भाई के साथ गोदाम में बैठा था। इसी दौरान स्कॉर्पियो में सवार चार युवक पहुंचे और बिना किसी बातचीत के अचानक हमला कर दिया। बदमाशों ने गोदाम के अंदर घुसकर उन्हें नीचे गिराया और लाठियों से बेरहमी से पीटा। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। अधिक खबरों के लिए विजिट करें:deshharpal.com

BPCL को जून तिमाही में ₹3,962 करोड़ का घाटा, कच्चे तेल की महंगाई से बिगड़े नतीजे

भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (BPCL) ने वित्त वर्ष 2026-27 की जून तिमाही (Q1) के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी को इस तिमाही में ₹3,962 करोड़ का शुद्ध घाटा हुआ है। पिछले साल की समान तिमाही में कंपनी ने ₹6,124 करोड़ का मुनाफा कमाया था, जबकि मार्च तिमाही में ₹3,191 करोड़ का लाभ दर्ज किया गया था। 23% बढ़ा कंपनी का रेवेन्यू घाटे के बावजूद BPCL का परिचालन से राजस्व (Revenue from Operations) बढ़कर ₹1.59 लाख करोड़ पहुंच गया। यह पिछले साल की समान तिमाही के ₹1.29 लाख करोड़ के मुकाबले करीब 23% अधिक है। वहीं, मार्च तिमाही के ₹1.35 लाख करोड़ की तुलना में इसमें करीब 18% की वृद्धि दर्ज की गई। कच्चे तेल की महंगाई बनी घाटे की वजह कंपनी के अनुसार, अमेरिका-ईरान तनाव के चलते अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें 120 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गईं। इसके साथ ही शिपिंग (भाड़ा) और इंश्योरेंस लागत भी बढ़ गई। हालांकि, बढ़ी हुई लागत का पूरा बोझ पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की कीमतों में नहीं डाला जा सका, जिससे कंपनी की लाभप्रदता प्रभावित हुई और तिमाही घाटे में बदल गई। शेयर में गिरावट नतीजों के बाद BPCL का शेयर 3% की गिरावट के साथ ₹309 पर बंद हुआ। BPCL के बारे में भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (BPCL) देश की प्रमुख सरकारी तेल कंपनियों में शामिल है। इसकी स्थापना 24 जनवरी 1976 को हुई थी। कंपनी मुंबई, कोच्चि, नुमालीगढ़ और बीना में रिफाइनरियों का संचालन करती है, जिनकी कुल रिफाइनिंग क्षमता 40 मिलियन मीट्रिक टन प्रति वर्ष से अधिक है। BPCL पेट्रोल, डीजल, एलपीजी, लुब्रिकेंट्स और अन्य पेट्रोलियम उत्पादों के रिफाइनिंग व वितरण का कार्य करती है। अधिक खबरों के लिए विजिट करें:deshharpal.com

फ्रांस की पर्यावरण मंत्री मोनिक बारबू का इस्तीफा, विवादित कृषि बिल के विरोध में छोड़ा पद

फ्रांस की पर्यावरण मंत्री मोनिक बारबू ने विवादित कृषि विधेयक के विरोध में इस्तीफा देने का ऐलान कर दिया है। इस बिल में दो प्रतिबंधित कीटनाशकों के सीमित इस्तेमाल और सिंचाई के लिए बड़े जलाशय बनाने की अनुमति देने का प्रावधान है। वैज्ञानिकों और पर्यावरणविदों का कहना है कि इससे मधुमक्खियों, जैव विविधता और पर्यावरण को गंभीर नुकसान हो सकता है। एसोसिएटेड प्रेस (AP) के अनुसार, बारबू बुधवार को राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों को अपना इस्तीफा सौंपेंगी। उन्होंने कहा कि सरकार ने पर्यावरण संरक्षण के अपने वादों से पीछे हटते हुए ऐसे प्रावधानों को मंजूरी दी, जिनका वह लगातार विरोध करती रही थीं। बिल के दो विवादित प्रावधान 1. प्रतिबंधित कीटनाशकों को मंजूरीविधेयक में एसेटामिप्रिड और फ्लुपाइराडीफ्यूरोन जैसे प्रतिबंधित कीटनाशकों के सीमित उपयोग की अनुमति दी गई है। इनका इस्तेमाल चुकंदर, सेब और चेरी जैसी फसलों में किया जा सकेगा। पर्यावरण विशेषज्ञों का कहना है कि ये रसायन मधुमक्खियों और अन्य परागण करने वाले कीड़ों के लिए बेहद हानिकारक हैं, जिससे कृषि उत्पादन और पारिस्थितिकी तंत्र दोनों प्रभावित हो सकते हैं। 2. सिंचाई के लिए बड़े जलाशयों की अनुमतिबिल में किसानों को सिंचाई के लिए बड़े जलाशय और कृत्रिम तालाब बनाने की प्रक्रिया आसान करने का भी प्रावधान है। पर्यावरणविदों का तर्क है कि इससे भूजल और नदियों पर अतिरिक्त दबाव पड़ेगा और गर्मियों में जल संकट बढ़ सकता है। संसद से पास हुआ विधेयक फ्रांस की संसद में मंगलवार को पेश किए गए इस विधेयक को सीनेट ने 214 के मुकाबले 111 मतों से पारित कर दिया। सरकार का कहना है कि यह कानून किसानों की बढ़ती लागत और घटती आय को देखते हुए लाया गया है, ताकि वे यूरोप के अन्य देशों के किसानों के साथ प्रतिस्पर्धा कर सकें। बारबू ने जताई नाराजगी मोनिक बारबू ने कहा कि विवादित प्रावधान आखिरी समय में बिल में जोड़े गए और उन्हें हटाने पर सरकार ने कोई गंभीर चर्चा नहीं की। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि पिछले नौ महीनों में उन्होंने जंगलों, स्वच्छ जल, साफ हवा और जैव विविधता की रक्षा के लिए काम किया, लेकिन अब वह अपने उद्देश्यों को पूरा करने की स्थिति में नहीं हैं। पहले भी विवादों में रहा कीटनाशक एसेटामिप्रिड और फ्लुपाइराडीफ्यूरोन नियोनिकोटिनॉइड समूह के कीटनाशक हैं। फ्रांस ने 2018 में एसेटामिप्रिड पर प्रतिबंध लगाया था। इससे पहले भी इस प्रतिबंध को हटाने की कोशिश हुई थी, लेकिन फ्रांस की सर्वोच्च अदालत ने पर्यावरण और मानव स्वास्थ्य पर संभावित खतरे का हवाला देते हुए अनुमति देने से इनकार कर दिया था। अधिक खबरों के लिए विजिट करें:deshharpal.com

About Me

देशहरपल सिर्फ खबरों का मंच नहीं, बल्कि आपकी आवाज़ को सामने लाने का एक सशक्त माध्यम भी है। यहां आपको ताज़ातरीन खबरों के साथ-साथ नौकरी, शिक्षा, और नए भारत की बदलती आर्थिक तस्वीर पर उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी मिलेगी।

Phone: +91 9406783569, +91 755 484 8829
Email: support@deshharpal.com
Address : A-23 Sakshi Bunglow Trilanga Near Aura Mall Bhopal M.P

Recent Posts

  • All Post
  • Breaking News
  • Education
  • More News
  • Web Story
  • एंटरटेनमेंट
  • देश-हरपल
  • धर्म-कर्म
  • प्रदेश
  • बिज़नेस
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • वीडियो
  • स्पोर्ट्स
    •   Back
    • एक्सक्लूसिव
    • Editorial
    •   Back
    • IPL 2026
    • T20 वर्ल्ड कप
    • FIFA 2026
    •   Back
    • सोच-विचार
    • हेल्थ
    • ट्रैवल
    • कल्चर
    • एनवायरनमेंट
    • Impact Feature
    •   Back
    • राशिफल
    • पंचांग
    • पर्व-त्यौहार
    • पूजा-पाठ
    • चैत्र नवरात्रि 2025
    •   Back
    • मध्य प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    •   Back
    • टीवी
    • वेब-सीरीज
    • फिल्म रिव्यू
    • बॉलीवुड
    •   Back
    • लाइफस्टाइल
    •   Back
    • स्टॉक-मार्केट

© 2023 Deshharpal. All Rights Reserved.