अयोध्या के राम मंदिर (Ram Mandir) में चढ़ावे से जुड़े चोरी के मामले में जांच लगातार आगे बढ़ रही है। इस मामले के मुख्य आरोपी टिन्नू यादव को पुलिस जेल से उसके भतीजे मनीष यादव के साथ पूछताछ और जांच के लिए लेकर गई। इस दौरान टिन्नू यादव पूरे समय गमछे से अपना चेहरा छिपाता नजर आया। दूसरी ओर, राम मंदिर ट्रस्ट की ओर से इस घटना के बाद शुरू किया गया प्रायश्चित अनुष्ठान भी दूसरे दिन जारी रहा।
गमछे से चेहरा छिपाए रहा टिन्नू यादव
पुलिस सुरक्षा के बीच जब टिन्नू यादव को जेल से बाहर लाया गया तो उसने मीडिया और लोगों से बचने के लिए पूरे समय गमछे से अपना चेहरा ढका रखा। उसके साथ उसके भतीजे मनीष यादव को भी जांच के सिलसिले में ले जाया गया। पुलिस दोनों से मामले से जुड़े अहम तथ्यों की जानकारी जुटाने में लगी है।
चोरी के मामले में जांच तेज
राम मंदिर में श्रद्धालुओं द्वारा चढ़ाए गए चढ़ावे की चोरी के आरोप सामने आने के बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी है। अधिकारियों के अनुसार मामले में वित्तीय लेनदेन, रिकॉर्ड और अन्य साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि चोरी की पूरी साजिश कैसे रची गई और इसमें किन-किन लोगों की भूमिका रही।
ट्रस्ट का प्रायश्चित अनुष्ठान जारी
घटना के बाद श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने मंदिर की गरिमा और श्रद्धालुओं की आस्था को ध्यान में रखते हुए प्रायश्चित अनुष्ठान शुरू किया है। अनुष्ठान का दूसरा दिन भी विधि-विधान के साथ संपन्न हुआ। ट्रस्ट का कहना है कि मंदिर की पवित्रता और धार्मिक परंपराओं के अनुसार सभी आवश्यक अनुष्ठान किए जा रहे हैं।
श्रद्धालुओं में बनी हुई है चर्चा
राम मंदिर जैसे आस्था के सबसे बड़े केंद्र में चढ़ावे से जुड़ी चोरी की घटना सामने आने के बाद श्रद्धालुओं में भी इस मामले को लेकर चर्चा बनी हुई है। लोग जांच पूरी होने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की उम्मीद कर रहे हैं।
पुलिस की नजर जांच पर
फिलहाल पुलिस मामले की हर कड़ी को जोड़ने में जुटी है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। वहीं, ट्रस्ट की ओर से धार्मिक अनुष्ठान जारी रखते हुए मंदिर की व्यवस्थाओं की भी समीक्षा की जा रही है।
