दिवाली से पहले शुक्रवार को कांग्रेस नेता राहुल गांधी के सुनहरी बाग स्थित आवास पर दिवाली मिलन कार्यक्रम आयोजित किया गया। त्योहार के मौके पर आयोजित इस कार्यक्रम में कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए। हालांकि, मुलाकात और शुभकामनाओं के बीच नेताओं ने केंद्र की BJP सरकार पर शासन, नागरिकता, मतदाता सूची पुनरीक्षण (SIR) और दिल्ली-NCR के प्रदूषण को लेकर निशाना साधा।
कार्यक्रम का उद्देश्य नेताओं के बीच त्योहार के मौके पर मेल-मिलाप करना था, लेकिन इस दौरान राजनीतिक मुद्दों पर भी चर्चा हुई। कांग्रेस नेताओं ने BJP के प्रदर्शनों और सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए।
राहुल गांधी के आवास पर हुए इस दिवाली मिलन कार्यक्रम की तस्वीरें फिलहाल कांग्रेस या किसी नेता की ओर से सार्वजनिक नहीं की गई हैं। बताया जा रहा है कि यह पहला मौका है, जब राहुल गांधी ने दिवाली के अवसर पर इस तरह की पार्टी आयोजित की है। इससे पहले 13 अक्टूबर को उन्होंने INDIA ब्लॉक के नेताओं को चाय पर आमंत्रित किया था।
दिवाली मिलन में कांग्रेस नेताओं ने क्या कहा?
कार्यक्रम में शामिल नेताओं ने अलग-अलग मुद्दों पर BJP और सरकार की नीतियों की आलोचना की।
अशोक गहलोत: राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने BJP के सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन करने पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा, “80 साल में पहली बार भूमिकाएं बदलती दिख रही हैं। विपक्ष के बजाय सत्तारूढ़ पार्टी ‘लोकतंत्र बचाओ’ और ‘अराजकता खत्म करो’ के नारे लगा रही है।”
पवन खेड़ा: कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने स्पेशल समरी रिविजन (SIR) प्रक्रिया को लेकर चिंता जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि यह प्रक्रिया मतदाताओं को उनके मतदान के अधिकार से वंचित करने का माध्यम बन सकती है। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि किसी व्यक्ति को भारतीय नागरिक के रूप में ही मान्यता नहीं मिलेगी, तो उसके अधिकारों का क्या होगा।
उदित राज: कांग्रेस नेता उदित राज ने दिल्ली-NCR में बढ़ते प्रदूषण और मौसमी धुंध के लिए सरकार को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि जब BJP सत्ता में नहीं थी, तब वह हर जिम्मेदारी विपक्ष पर डालती थी। अब केंद्र, राज्य सरकार, उपराज्यपाल के अधीन प्रशासन और स्थानीय नगर निकायों पर BJP का नियंत्रण है, इसलिए प्रदूषण की जिम्मेदारी भी उसी की बनती है।
कार्यक्रम में नेताओं के बयानों से साफ रहा कि कांग्रेस ने दिवाली मिलन के मौके पर भी केंद्र और BJP सरकार के खिलाफ अपने राजनीतिक मुद्दों को प्रमुखता से उठाया।
