मध्य प्रदेश के चर्चित Twisha case में नया मोड़ आ गया है। इस मामले में अब हाईकोर्ट ने आरोपी की सास, जो एक रिटायर्ड जज हैं, को नोटिस जारी किया है। साथ ही राज्य सरकार ने अदालत में कहा है कि वह जांच में सहयोग नहीं कर रही हैं।
अब इस केस को लेकर जांच एजेंसी बदलने की तैयारी भी तेज हो गई है और संभावना जताई जा रही है कि केस डायरी जल्द ही CBI को सौंपी जा सकती है।
क्या है पूरा मामला?
ट्विशा केस एक हाई-प्रोफाइल विवादित मामला है, जिसमें एक्ट्रेस से जुड़े आरोपों की जांच चल रही है। मामले में पहले ही कई स्तरों पर जांच हो चुकी है, लेकिन अब जांच की दिशा और पारदर्शिता पर सवाल उठने लगे हैं।
हाईकोर्ट की सख्ती
इस केस की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने रिटायर्ड जज सास को नोटिस जारी किया है। कोर्ट ने उनसे मामले में जवाब मांगा है और यह भी स्पष्ट किया है कि जांच में किसी तरह की बाधा स्वीकार नहीं की जाएगी।
MP सरकार का क्या कहना है?
मध्य प्रदेश सरकार ने अदालत में कहा है कि:
- आरोपी पक्ष जांच में सहयोग नहीं कर रहा
- जरूरी दस्तावेज और जानकारी साझा नहीं की जा रही
- जांच प्रक्रिया प्रभावित हो रही है
सरकार ने यह भी संकेत दिया है कि अब केस को आगे बढ़ाने के लिए CBI जांच की जरूरत पड़ सकती है।
CBI जांच की संभावना क्यों बढ़ी?
अगर केस में:
- स्थानीय जांच एजेंसी को सहयोग नहीं मिलता
- या निष्पक्ष जांच पर सवाल उठते हैं
तो ऐसे मामलों में अदालत या सरकार CBI जांच की सिफारिश कर सकती है।
आगे क्या होगा?
अब इस मामले में तीन अहम बातें आगे तय होंगी:
- हाईकोर्ट का अगला रुख
- रिटायर्ड जज सास का जवाब
- केस CBI को ट्रांसफर होगा या नहीं
