आपका चैनल --
ताज़ा खबर
BREAKINGछत्तीसगढ़बिलासपुर केंद्रीय जेल से 19 बंदी रिहा, 15 से 16 साल की सजा काटने के बाद मिली मुक्ति◆BREAKINGमध्य प्रदेशग्वालियर के दारुल कुरआन मदरसे पर कार्रवाई की मांग, 4 दिन में तालाबंदी का अल्टीमेटम◆BREAKINGप्रदेशVishwas Sarang खेड़ापति हनुमान मंदिर पहुंचे मंत्री, कॉरिडोर और दशहरा मैदान का लिया जायजा◆BREAKINGवर्ल्ड न्यूज़Philippines Plane Crash: ट्रेनिंग के दौरान बड़ा हादसा, 4 पायलटों की गई जान◆BREAKINGदेश-हरपलYogi Adityanath जिस जमीन पर था भू-माफिया का कब्जा, वहां अब बना फॉरेंसिक साइंस इंस्टीट्यूट◆BREAKINGदेश-हरपलRahul Gandhi Rally: दिवाली से पहले रैली टालने की मांग, दिल्ली के कारोबारियों को ₹10,000 करोड़ के नुकसान का डर◆BREAKINGबिज़नेसStock Market Update 4 दिन की गिरावट से निवेशकों को झटका, ₹20 लाख करोड़ से ज्यादा घटा मार्केट कैप◆BREAKINGस्पोर्ट्सIND vs NZ 2nd T20: आज भारत-न्यूजीलैंड की भिड़ंत, ईशान किशन बाहर; वैभव सूर्यवंशी को मौका?◆BREAKINGछत्तीसगढ़बिलासपुर केंद्रीय जेल से 19 बंदी रिहा, 15 से 16 साल की सजा काटने के बाद मिली मुक्ति◆BREAKINGमध्य प्रदेशग्वालियर के दारुल कुरआन मदरसे पर कार्रवाई की मांग, 4 दिन में तालाबंदी का अल्टीमेटम◆BREAKINGप्रदेशVishwas Sarang खेड़ापति हनुमान मंदिर पहुंचे मंत्री, कॉरिडोर और दशहरा मैदान का लिया जायजा◆BREAKINGवर्ल्ड न्यूज़Philippines Plane Crash: ट्रेनिंग के दौरान बड़ा हादसा, 4 पायलटों की गई जान◆BREAKINGदेश-हरपलYogi Adityanath जिस जमीन पर था भू-माफिया का कब्जा, वहां अब बना फॉरेंसिक साइंस इंस्टीट्यूट◆BREAKINGदेश-हरपलRahul Gandhi Rally: दिवाली से पहले रैली टालने की मांग, दिल्ली के कारोबारियों को ₹10,000 करोड़ के नुकसान का डर◆BREAKINGबिज़नेसStock Market Update 4 दिन की गिरावट से निवेशकों को झटका, ₹20 लाख करोड़ से ज्यादा घटा मार्केट कैप◆BREAKINGस्पोर्ट्सIND vs NZ 2nd T20: आज भारत-न्यूजीलैंड की भिड़ंत, ईशान किशन बाहर; वैभव सूर्यवंशी को मौका?◆

NE

News Elementor

What's Hot

Banner

Latest Posts

Rohit Sharma

Rohit Sharma Test Retirement: रोहित ने छोड़ी कप्तानी, गिल या बुमराह होंगे नए कप्तान

भारतीय क्रिकेट टीम के दिग्गज बल्लेबाज़ Rohit Sharma ने टेस्ट क्रिकेट (Test Cricket) से संन्यास लेने का बड़ा फैसला लिया है। यह निर्णय ऐसे समय पर आया है जब BCCI के चयनकर्ताओं (Selectors) ने आगामी इंग्लैंड दौरे (England Tour 2025) से पहले उन्हें टेस्ट कप्तानी (Test Captaincy) से हटा दिया है। Rohit Sharma का फॉर्म बना चिंता का कारण रोहित शर्मा पिछले एक साल से टेस्ट फॉर्म में संघर्ष कर रहे थे। उन्होंने इस दौरान औसतन केवल 10.93 रन बनाए, जो उनकी काबिलियत के मुकाबले बेहद कम है। हालांकि उन्होंने वनडे वर्ल्ड कप 2023 में भारत को चैंपियन बनाया, लेकिन चयनकर्ताओं का मानना है कि टेस्ट क्रिकेट के लिए अलग मानदंड होने चाहिए। सोशल मीडिया पर भावुक संदेश के साथ संन्यास की घोषणा Rohit Sharma ने सोशल मीडिया पर अपने संन्यास की घोषणा (Retirement Announcement) करते हुए लिखा कि उन्होंने भारतीय टेस्ट टीम का हिस्सा बनने और नेतृत्व करने पर गर्व महसूस किया। साथ ही उन्होंने यह भी साफ किया कि वह वनडे फॉर्मेट में खेलना जारी रखेंगे। अगला टेस्ट कप्तान कौन? शुभमन गिल या बुमराह? अब सभी की नजरें इस पर हैं कि रोहित शर्मा के बाद भारत का नया टेस्ट कप्तान (Next Test Captain of India) कौन होगा। भारत का नया टेस्ट अध्याय जल्द शुरू होगा Rohit Sharma ने साल 2022 में Virat Kohli से टेस्ट टीम की कप्तानी संभाली थी और कुल 24 टेस्ट में टीम का नेतृत्व किया, जिसमें से भारत ने 12 टेस्ट मैच जीते। अब इंग्लैंड के खिलाफ जून 2025 में शुरू हो रही 5 टेस्ट मैचों की सीरीज से भारत का नया World Test Championship Cycle शुरू होगा और साथ ही नए कप्तान के साथ एक नया अध्याय भी। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Helicopter Crash

उत्तरकाशी Helicopter Crash: हेलिकॉप्टर हादसे में 4 पर्यटकों की दर्दनाक मौत, 2 घायल

उत्तराखंड के उत्तरकाशी ज़िले के पास गुरुवार सुबह एक बड़ा हादसा हो गया, जब एक हेलिकॉप्टर क्रैश (Helicopter Crash) हो गया। इस दुर्घटना में 4 पर्यटकों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो लोग गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। हादसे की जानकारी मिलते ही राहत-बचाव टीमें मौके पर पहुंचीं Helicopter Crash में कुल 6 लोग सवार थे। हादसे के बाद राज्य आपदा राहत बल (SDRF) और जिला प्रशासन की टीमों ने मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिया। वहीं उत्तरकाशी के जिलाधिकारी भी घटनास्थल के लिए रवाना हो गए हैं। देहरादून से उड़ान भरकर हर्सिल की ओर जा रहा था हेलिकॉप्टर यह हेलिकॉप्टर देहरादून से उड़ान भरकर हर्सिल हेलीपैड की ओर जा रहा था। हर्सिल पहुंचने के बाद पर्यटकों को सड़क मार्ग से लगभग 30 किलोमीटर दूर स्थित गंगनानी ले जाया जाना था। इसी दौरान यह दुखद हादसा हुआ। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जताया शोक मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हादसे पर गहरा शोक जताया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा, “ईश्वर दिवंगत आत्माओं को शांति दें और शोक संतप्त परिवारों को यह अपार दुख सहने की शक्ति प्रदान करें।”मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि घायलों को हर संभव मदद दी जाए और दुर्घटना की गहन जांच कराई जाए। उन्होंने यह भी कहा कि वे लगातार अधिकारियों से संपर्क में हैं और हर स्थिति पर नजर रखी जा रही है। दुर्घटना का कारण जांच के अधीन फिलहाल हेलिकॉप्टर क्रैश का असली कारण सामने नहीं आया है। जांच एजेंसियां हादसे के पीछे की वजह का पता लगाने में जुटी हैं। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
pancang

8 मई 2025 (गुरुवार) का पंचांग

तिथि: शुक्ल पक्ष एकादशी (11:52 AM तक), द्वादशी प्रारंभ नक्षत्र: उत्तरा फाल्गुनी (07:45 PM तक), फिर हस्त योग: हर्षण (01:04 AM तक), फिर वज्र करण: वणिज (11:52 AM तक), फिर विष्टि सूर्योदय: 05:52 AM सूर्यास्त: 06:54 PM चंद्रोदय: 03:50 PM चंद्रास्त: 03:45 AM (9 मई) राहुकाल: 01:58 PM – 03:35 PM शुभ मुहूर्त: अभिजीत मुहूर्त – 11:57 AM – 12:49 PM चंद्र राशि: कन्या सूर्य राशि: मेष व्रत/त्योहार: प्रदोष व्रत
Read more
Daily Horoscope

8 मई 2025 गुरुवार| (Thursday)| दैनिक राशिफल (Daily Horoscope)

मेष (Aries ♈️): अचानक धन लाभ संभव है। सोच समझकर निर्णय लें।वृषभ (Taurus ♉️): कार्यक्षेत्र में पदोन्नति के योग हैं। बॉस का सहयोग मिलेगा।मिथुन (Gemini ♊️): संचार माध्यम से लाभ होगा। रुके हुए काम पूरे होंगे।कर्क (Cancer ♋️): परिवार में खुशहाली आएगी। भाई-बहनों से सहयोग मिलेगा।सिंह (Leo ♌️): आत्मविश्वास बढ़ा रहेगा। निवेश के लिए अनुकूल समय है।कन्या (Virgo ♍️): पार्टनरशिप में लाभ के योग हैं।तुला (Libra ♎️): जीवनसाथी का सहयोग मिलेगा। प्रेम संबंध मजबूत होंगे।वृश्चिक (Scorpio ♏️): मानसिक रूप से तनाव रह सकता है। योग ध्यान करें।धनु (Sagittarius ♐️): मित्रों से सहयोग मिलेगा। नए अवसर सामने आएंगे।मकर (Capricorn ♑️): नई जिम्मेदारियों का सामना करना पड़ेगा। धैर्य रखें।कुंभ(Aquarius ♒️): रचनात्मक कार्यों में सफलता मिलेगी।मीन(Pisces ♓️): पुराने मित्र से मुलाकात होगी। यात्रा के योग हैं।
Read more
Operation Sindoor

ऑपरेशन सिंदूर (Operation Sindoor): India की Air Strike से पाकिस्तान में हड़कंप, General Naravane ने दी चेतावनी – “Picture Abhi Baki Hai”

7 मई 2025: जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए भीषण आतंकी हमले के जवाब में भारत ने “ऑपरेशन सिंदूर” (Operation Sindoor) के तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में स्थित आतंकवादी ठिकानों पर करारा प्रहार किया। इस ऑपरेशन ने दोनों देशों के बीच तनाव को नई ऊँचाइयों पर पहुँचा दिया है। इस हमले में 26 निर्दोष नागरिकों की जान जाने के बाद भारतीय सेना ने 9 आतंकी ठिकानों को टारगेट किया। ये ठिकाने आतंकी प्रशिक्षण केंद्र, लॉन्च पैड्स और कम्युनिकेशन हब थे। भारत सरकार ने इसे “सटीक, सीमित और आतंकवाद के खिलाफ आवश्यक कदम” बताया है। General Naravane का बड़ा बयान: “Picture Abhi Baki Hai” भारत के पूर्व थलसेनाध्यक्ष जनरल मनोज मुकुंद नरवणे ने ऑपरेशन के बाद बड़ा बयान देते हुए कहा – “अभी पिक्चर बाकी है।” इस टिप्पणी को एक चेतावनी के रूप में देखा जा रहा है कि यदि पाकिस्तान ने आतंकी गतिविधियों पर लगाम नहीं लगाई, तो भारत की ओर से और भी कठोर कदम उठाए जा सकते हैं। पाकिस्तान ने बताया युद्ध, 5 भारतीय विमान गिराने का दावा पाकिस्तान ने इस सैन्य कार्रवाई को “युद्ध की शुरुआत” करार देते हुए कड़ी प्रतिक्रिया दी है। पाकिस्तानी सेना ने दावा किया कि उसने 5 भारतीय फाइटर जेट्स को मार गिराया और नियंत्रण रेखा (LoC) पर भारी गोला-बारी की। साथ ही, इस्लामाबाद ने भारत के साथ सभी राजनयिक और वीज़ा सेवाएं निलंबित कर दी हैं। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Operation Sindoor

Operation Sindoor: ऑपरेशन सिंदूर बना भारत की शान, पीएम मोदी बोले – “Pride of India”

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ऑपरेशन सिंदूर (Operation Sindoor) को भारत के लिए “गर्व का विषय (Pride of India)” बताया और इसे भारतीय सेना की ताकत और रणनीतिक क्षमता का प्रतीक कहा। यह ऑपरेशन 6 मई को उस आतंकी हमले के जवाब में किया गया, जिसमें जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 26 निर्दोष लोगों की जान चली गई थी। प्रधानमंत्री ने सोमवार को हुई कैबिनेट मीटिंग में कहा, “पूरा देश हमारी ओर देख रहा था। सेना ने जिस तरह से यह ऑपरेशन अंजाम दिया, वह सराहनीय है। हमें अपनी सेना पर गर्व है।” मंत्रियों ने मेज थपथपाकर ऑपरेशन की सराहना की और पीएम मोदी के नेतृत्व पर भरोसा जताया। Operation Sindoor की रणनीति और सफलता 6 मई की रात 1:05 बजे शुरू हुए इस हाईली कोऑर्डिनेटेड स्ट्राइक में मात्र 25 मिनट में दुश्मन के कब्जे वाले इलाके में मौजूद 9 आतंकी कैंप और ट्रेनिंग फैसिलिटीज को तबाह कर दिया गया। भारतीय वायुसेना ने इस मिशन में फ्रांस निर्मित HAMMER Bomb और SCALP Missile जैसे अत्याधुनिक स्टैंड-ऑफ हथियारों का इस्तेमाल किया। इस स्ट्राइक को इस तरह डिज़ाइन किया गया था कि दुश्मन को इसका अंदेशा भी न हो और अधिकतम नुकसान पहुंचाया जा सके। Operation Sindoor” नाम का भावनात्मक संदेश प्रधानमंत्री मोदी ने इस मिशन का नाम ‘सिंदूर’ रखा, जो भारतीय संस्कृति में विवाहित महिलाओं के माथे की पहचान है। यह नाम उन महिलाओं को श्रद्धांजलि है, जिन्होंने पहलगाम आतंकी हमले में अपने पति खो दिए। यह सिर्फ एक सैन्य ऑपरेशन नहीं बल्कि मानवता और न्याय की लड़ाई का प्रतीक भी है। शहीदों के परिजनों की प्रतिक्रिया हमले में मारे गए सुमित परमार के भतीजे ने कहा, “हम सरकार के आभारी हैं। हमें लगता है कि हमारे परिवार को न्याय मिला है। हम पीएम मोदी से अपील करते हैं कि आतंकवाद का सफाया पूरी तरह हो।” देशभर में सराहना और समर्थन कैबिनेट मंत्रियों ने एकमत से ऑपरेशन सिंदूर का समर्थन किया और प्रधानमंत्री मोदी की नेतृत्व क्षमता की तारीफ की। पूरे देश में इस जवाबी कार्रवाई को सराहा जा रहा है और सोशल मीडिया पर लोग इसे #OperationSindoor और #PrideOfIndia के रूप में ट्रेंड करा रहे हैं। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Blackout Drill

आज शाम Bhopal, Indore समेत 5 शहरों में Blackout Drill

भोपाल, 7 मई 2025 – आज शाम मध्य प्रदेश के पांच बड़े शहरों – भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर और कटनी – में Blackout Drill (ब्लैकआउट ड्रिल) आयोजित की जा रही है। यह ड्रिल गृह मंत्रालय द्वारा “ऑपरेशन सिंदूर” (Operation Sindoor) के तहत कराई जा रही है, जिसका उद्देश्य नागरिकों और प्रशासन को आपातकालीन स्थितियों के लिए तैयार करना है। क्या है Blackout Drill? ब्लैकआउट ड्रिल (Blackout Drill) एक सुरक्षा अभ्यास है जिसमें हवाई हमले या युद्ध जैसी परिस्थितियों की कल्पना की जाती है। इस दौरान बिजली बंद की जाती है, साइरन बजाए जाते हैं और राहत व बचाव कार्यों का अभ्यास किया जाता है। किन शहरों में होगी ड्रिल? Blackout Drill का समय: नागरिकों के लिए जरूरी निर्देश: ड्रिल के दौरान ये गतिविधियां होंगी: क्यों जरूरी है यह ड्रिल? हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Operation Sindoor

Operation Sindoor: India Strikes Terror Targets in PoK, China Expresses Concern

भारत ने 7 मई 2025 को एक बड़ा सैन्य ऑपरेशन, जिसे ‘Operation Sindoor’ कहा गया, पाकिस्तान और पाकिस्तान-आधारित कश्मीर (PoK) में स्थित आतंकवादी ठिकानों को निशाना बनाते हुए शुरू किया। इस ऑपरेशन का उद्देश्य जम्मू और कश्मीर में हुए पहलगाम हमले में मारे गए भारतीय नागरिकों का बदला लेना था। भारत ने दावा किया कि इस कार्रवाई के तहत जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर-ए-तैयबा जैसे आतंकवादी संगठनों के ठिकानों को निशाना बनाया गया। Operation Sindoor के प्रमुख तथ्य: Operation Sindoor में भारतीय सेना ने पाकिस्तान-आधारित कश्मीर (PoK) के आतंकी कैंपों पर हमले किए, जिसमें कई आतंकवादी ठिकानों को नष्ट किया गया। यह हमला पाकिस्तान के बालाकोट इलाके में हुआ, जहां आतंकवादी समूहों की गतिविधियाँ जारी थीं। भारत सरकार के मुताबिक, यह हमले पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में आतंकवाद के खिलाफ किए गए थे और इसने 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले का बदला लिया, जिसमें 26 भारतीय नागरिकों और एक नेपाली नागरिक की मौत हो गई थी। पाकिस्तान का विरोध: पाकिस्तान ने इस हमले में नागरिकों के मरने की पुष्टि की और भारतीय लड़ाकू विमानों को मार गिराने का दावा किया। भारत और पाकिस्तान के बीच नियंत्रण रेखा (LoC) पर तनाव बढ़ गया है और दोनों देशों के बीच सैन्य संघर्ष का खतरा उत्पन्न हो गया है। पाकिस्तान ने इस हमले को उकसावे का कारण बताया और इसके जवाब में कड़े कदम उठाने की धमकी दी। चीन की प्रतिक्रिया: भारत के Operation Sindoor पर चीन ने गहरी चिंता जताई है। चीन के विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा, “चीन भारत की सैन्य कार्रवाई पर खेद व्यक्त करता है और वर्तमान घटनाओं के संबंध में चिंतित है। चीन आतंकवाद के सभी रूपों का विरोध करता है और दोनों देशों से अपील करता है कि वे शांति बनाए रखें और संयम बरतें, ताकि स्थिति और जटिल न हो।” चीन का यह बयान उसकी पहले की नीति के अनुरूप है, जिसमें उसने हमेशा भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव कम करने और विवादों को कूटनीतिक तरीके से सुलझाने की वकालत की है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय का संदेश: संयुक्त राष्ट्र और अन्य अंतरराष्ट्रीय संगठन इस बढ़ते तनाव पर नजर बनाए हुए हैं। संयुक्त राष्ट्र ने भारत और पाकिस्तान से शांति बनाए रखने और सैन्य संघर्ष से बचने की अपील की है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय ने दोनों देशों से आग्रह किया है कि वे बातचीत के जरिए समाधान खोजें और क्षेत्रीय शांति को खतरे में न डालें। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Vyomika Singh

Operation Sindoor: विंग कमांडर Vyomika Singh ने बताया कैसे Indian Air Force ने PoK में Terror Camps तबाह किए

Indian Air Force (IAF) ने हाल ही में “Operation Sindoor” के तहत Pakistan Occupied Kashmir (PoK) और पाकिस्तान में मौजूद आतंकी ठिकानों पर सटीक एयरस्ट्राइक की। इस जवाबी कार्रवाई की कमान विंग कमांडर Vyomika Singh ने संभाली। उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि यह ऑपरेशन जम्मू-कश्मीर के Pahalgam Terror Attack के बाद शुरू किया गया, जिसमें 26 निर्दोष नागरिक मारे गए थे। क्या है Operation Sindoor? “ऑपरेशन सिंदूर” भारतीय वायुसेना द्वारा की गई एक हाई-प्रोफाइल जवाबी कार्रवाई थी। इस अभियान में भारतीय फाइटर जेट्स ने 9 आतंकी कैंप्स को निशाना बनाकर पूरी तरह नष्ट कर दिया। यह हमला आतंकियों और उन्हें समर्थन देने वालों को यह संदेश देने के लिए था कि भारत की सुरक्षा से कोई खिलवाड़ नहीं कर सकता। कौन हैं विंग कमांडर Vyomika Singh? Wing Commander Vyomika Singh भारतीय वायुसेना की एक कुशल महिला अधिकारी हैं, जिन्हें 18 दिसंबर 2019 को फ्लाइंग ब्रांच में परमानेंट कमीशन मिला। अब तक वह 2,500 घंटे से अधिक की उड़ान भर चुकी हैं। वह अपने परिवार की पहली सदस्य हैं जो Armed Forces में शामिल हुईं। उनके नेतृत्व में इस ऑपरेशन की रणनीति बनाई गई और उसका सफल क्रियान्वयन हुआ। Airstrike का पूरा प्लान और Execution प्रेस कांफ्रेंस में विंग कमांडर ने बताया कि कैसे इस मिशन को रणनीतिक रूप से तैयार किया गया। आतंकियों की गतिविधियों की सटीक जानकारी मिलने के बाद IAF के पायलटों ने रात के अंधेरे में फाइटर जेट्स की मदद से सर्जिकल स्ट्राइक को अंजाम दिया। मिशन का उद्देश्य था – आतंक को जड़ से खत्म करना और देशवासियों को न्याय दिलाना। महिलाओं के लिए प्रेरणा बनीं Vyomika Singh व्योमिका सिंह आज लाखों लड़कियों के लिए प्रेरणा हैं। उन्होंने दिखा दिया कि महिलाएं सिर्फ घर तक सीमित नहीं, देश की सीमाएं भी संभाल सकती हैं और युद्ध के मैदान में दुश्मनों को मात दे सकती हैं। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
pancang

7 मई 2025 (बुधवार) का पंचांग

तिथि: शुक्ल पक्ष दशमी (10:20 AM तक), एकादशी प्रारंभ नक्षत्र: पूर्वा फाल्गुनी (06:17 PM तक), फिर उत्तरा फाल्गुनी योग: व्याघात (12:29 AM तक), फिर हर्षण करण: गर (10:20 AM तक), फिर वणिज सूर्योदय: 05:53 AM सूर्यास्त: 06:53 PM चंद्रोदय: 02:47 PM चंद्रास्त: 03:12 AM (8 मई) राहुकाल: 12:21 PM – 01:58 PM शुभ मुहूर्त: अभिजीत मुहूर्त – 11:57 AM – 12:49 PM चंद्र राशि: कन्या सूर्य राशि: मेष व्रत/त्योहार: कामदा एकादशी
Read more
1 … 335 336 337 338 339 … 350

Trending News

Editor's Picks

बिलासपुर केंद्रीय जेल से 19 बंदी रिहा, 15 से 16 साल की सजा काटने के बाद मिली मुक्ति

बिलासपुर केंद्रीय जेल में लंबे समय से बंद 19 पुरुष बंदियों को शुक्रवार को रिहा कर दिया गया। ये बंदी 15 से 16 साल तक जेल में सजा काट चुके थे। सजा की अवधि पूरी होने के बावजूद शासन स्तर से माफी संबंधी स्वीकृति नहीं मिलने के कारण उनकी रिहाई लंबित थी। जेल महानिदेशक हिमांशु गुप्ता के निरीक्षण के दौरान यह मामला सामने आया था। इसके बाद संबंधित बंदियों के प्रकरणों की समीक्षा की गई और रिहाई का प्रस्ताव शासन को भेजा गया। स्वीकृति मिलने के बाद सभी 19 बंदियों को जेल से रिहा कर दिया गया। बंदियों से बातचीत में सामने आई थी समस्या केंद्रीय जेल के निरीक्षण के दौरान जेल महानिदेशक हिमांशु गुप्ता ने बंदियों से सीधे बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनी थीं। इस दौरान कुछ बंदियों ने बताया कि वे अपनी सजा की अवधि पूरी कर चुके हैं, लेकिन माफी संबंधी स्वीकृति नहीं मिलने के कारण उनकी रिहाई नहीं हो पा रही है। मामले की जानकारी मिलने के बाद संबंधित बंदियों के आचरण और जेल के अभिलेखों की जांच कराई गई। परीक्षण के दौरान अच्छे आचरण वाले और अधिक उम्र के बंदियों के प्रकरणों पर विचार करते हुए रिहाई के प्रस्ताव तैयार किए गए और शासन को भेजे गए। परिवार के बीच लौटकर नई शुरुआत का अवसर शासन से स्वीकृति मिलने के बाद शुक्रवार को 19 पुरुष बंदियों की रिहाई की प्रक्रिया पूरी की गई। लंबे समय तक जेल में रहने के बाद अब ये बंदी अपने परिवारों के बीच लौट सकेंगे और समाज की मुख्यधारा से जुड़कर नई शुरुआत कर सकेंगे। रिहाई के दौरान केंद्रीय जेल अधीक्षक खोमेश मंडावी, जेलर विजयानंद सिंह सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों के अनुसार, सभी 19 बंदियों को शासन के निर्देश पर रिहा किया गया है।

ग्वालियर के दारुल कुरआन मदरसे पर कार्रवाई की मांग, 4 दिन में तालाबंदी का अल्टीमेटम

ग्वालियर के एजी ऑफिस स्थित ‘दारुल कुरआन’ मदरसे में मध्य प्रदेश बाल अधिकार संरक्षण आयोग की टीम के निरीक्षण के बाद विवाद बढ़ गया है। मदरसे में बच्चों की देखरेख, साफ-सफाई और जरूरी दस्तावेजों को लेकर सामने आई कथित अनियमितताओं के विरोध में राष्ट्रीय सनातन सेना ने प्रदर्शन किया। संगठन ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर सख्त कार्रवाई की मांग की है। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि चार दिन के भीतर मदरसे पर ताला नहीं लगाया गया, तो उसके कार्यकर्ता खुद तालाबंदी करेंगे। संगठन के पदाधिकारियों ने बच्चों के साथ किसी भी तरह की गलत हरकत सामने आने पर संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग भी की। निरीक्षण के दौरान मिले थे 26 बच्चे शुक्रवार को मध्य प्रदेश बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष डॉ. निवेदिता ने बाल कल्याण समिति (CWC) की टीम के साथ मदरसे का औचक निरीक्षण किया था। मौके पर 4 से 14 वर्ष की उम्र के 8 बच्चियां और 18 बच्चे मिले थे। इस तरह कुल 26 बच्चे मौजूद थे। निरीक्षण के दौरान बताया गया कि रजिस्टर्ड 15 बच्चियों में से मौके पर केवल 8 मौजूद थीं। खबर के अनुसार, कुछ बच्चियों को पिछले रास्ते से बाहर भेजे जाने की आशंका भी जताई गई। हालांकि, इस संबंध में जांच के निष्कर्ष सामने आना बाकी हैं। टीम के मुताबिक, मदरसा प्रबंधन मौके पर मान्यता और पंजीकरण से जुड़े जरूरी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। बच्चों की सुरक्षा और संस्थान के संचालन से संबंधित पहलुओं की जांच की जा रही है। रसोई और टॉयलेट में मिली गंदगी निरीक्षण के दौरान टीम को रसोईघर और टॉयलेट में गंदगी मिली। रिपोर्ट के अनुसार, कुछ जगहों पर दरवाजे भी नहीं थे। बच्चों के सोने की व्यवस्था पर भी सवाल उठे। बताया गया कि 42 पंजीकृत बच्चों के लिए एक छोटे हॉल में पलंग के बजाय पतली चादरों पर सोने की व्यवस्था थी। इन स्थितियों को लेकर बाल अधिकारों और बच्चों को उपलब्ध कराई जा रही बुनियादी सुविधाओं पर सवाल उठाए गए हैं। राष्ट्रीय सनातन सेना ने की सख्त कार्रवाई की मांग राष्ट्रीय सनातन सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष भगवती शुक्ला ने मदरसे में कथित अनियमितताओं पर नाराजगी जताते हुए कार्रवाई की मांग की। संगठन ने आरोप लगाया कि ऐसे संस्थानों में बच्चों को भड़काऊ शिक्षा दी जा रही है। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना अभी बाकी है। फिलहाल, मदरसे के संचालन, निर्माण, जमीन और फंडिंग के स्रोतों से जुड़े पहलुओं की जांच किए जाने की जानकारी सामने आई है। मामले में जांच एजेंसियों की आगे की कार्रवाई और आधिकारिक निष्कर्षों पर नजर रहेगी।
Vishwas Sarang

Vishwas Sarang खेड़ापति हनुमान मंदिर पहुंचे मंत्री, कॉरिडोर और दशहरा मैदान का लिया जायजा

राजधानी भोपाल के छोला स्थित श्री खेड़ापति हनुमान मंदिर को आने वाले समय में नई पहचान मिलने जा रही है। करीब 100 करोड़ रुपये की लागत से यहां भव्य श्री खेड़ापति हनुमान लोक कॉरिडोर विकसित किया जा रहा है। मंत्री विश्वास सारंग (Vishwas Sarang) ने रावतपुरा सरकार के साथ मंदिर में दर्शन किए और प्रदेशवासियों के सुख-समृद्धि की कामना की। इसके बाद उन्होंने मंदिर परिसर में चल रहे निर्माण कार्यों और छोला दशहरा मैदान का निरीक्षण कर अधिकारियों से परियोजना की प्रगति की जानकारी ली। इस परियोजना का मकसद सिर्फ मंदिर परिसर का विस्तार करना नहीं, बल्कि श्रद्धालुओं को बेहतर दर्शन व्यवस्था, आधुनिक सुविधाएं और धार्मिक वातावरण उपलब्ध कराना भी है। योजना को ‘विरासत भी और विकास भी’ की भावना के साथ आगे बढ़ाया जा रहा है। 100 करोड़ रुपये से बदलेगा खेड़ापति हनुमान मंदिर का स्वरूप श्री खेड़ापति हनुमान लोक कॉरिडोर को लगभग 21 एकड़ क्षेत्र में विकसित करने की योजना है। जुलाई 2026 में प्रकाशित परियोजना संबंधी रिपोर्टों के अनुसार, इसके निर्माण में राजस्थान के व्हाइट मार्बल और प्राचीन नागर शैली की वास्तुकला का इस्तेमाल किया जाना है। मंत्री विश्वास सारंग ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि निर्माण कार्य तय समय सीमा में पूरा किया जाए और गुणवत्ता से किसी तरह का समझौता न हो। साथ ही मंदिर के पुराने गर्भगृह की मूल संरचना और धार्मिक स्वरूप को सुरक्षित रखने पर भी जोर दिया गया है। सुंदरकांड की झलक से सजेगा भव्य कॉरिडोर हनुमान लोक कॉरिडोर की खास बात यह होगी कि इसमें सुंदरकांड से जुड़े प्रसंगों की झलक देखने को मिलेगी। इससे मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं को दर्शन के साथ धार्मिक और सांस्कृतिक अनुभव भी मिलेगा। कॉरिडोर को पारंपरिक वास्तुकला और आधुनिक निर्माण के मेल से विकसित करने की योजना है। इससे मंदिर परिसर की सुंदरता बढ़ने के साथ भोपाल की धार्मिक पहचान को भी नई मजबूती मिलने की उम्मीद है। श्रद्धालुओं को मिलेंगी ये आधुनिक सुविधाएं परियोजना के तहत श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए कई तरह के विकास कार्य प्रस्तावित हैं। इन व्यवस्थाओं का उद्देश्य खासतौर पर धार्मिक आयोजनों और त्योहारों के दौरान श्रद्धालुओं को होने वाली परेशानियों को कम करना है। Chhola Dussehra Maidan का भी होगा विकास मंत्री विश्वास सारंग ((Vishwas Sarang)) ने छोला दशहरा मैदान का भी निरीक्षण किया। योजना के तहत मैदान के खुले स्वरूप को बनाए रखते हुए सार्वजनिक कार्यक्रमों के लिए जरूरी सुविधाएं विकसित की जानी हैं। यहां दर्शक दीर्घा, मंच और दशहरा जैसे आयोजनों के लिए आवश्यक अधोसंरचना तैयार करने की योजना है। इससे बड़े धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के आयोजन में बेहतर व्यवस्थाएं उपलब्ध कराने में मदद मिल सकती है। स्थानीय लोगों और कारोबारियों का भी रखा जाएगा ध्यान निर्माण कार्यों के दौरान श्रद्धालुओं के साथ स्थानीय रहवासियों और व्यापारियों की सुविधाओं का ध्यान रखने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों से कहा गया है कि यातायात व्यवस्था सुचारु रहे और लोगों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े। परियोजना से संबंधित पूर्व में प्रकाशित जानकारी में दर्शक दीर्घा के नीचे 100 से अधिक दुकानों के निर्माण का प्रस्ताव भी सामने आया था। इसका उद्देश्य स्थानीय व्यापार को बढ़ावा देना और रोजगार के नए अवसर पैदा करना है। Bhopal की धार्मिक पहचान को मिलेगी नई पहचान श्री खेड़ापति हनुमान मंदिर भोपाल के प्रमुख धार्मिक स्थलों में शामिल है। ऐसे में कॉरिडोर का विकास शहर के धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। परियोजना पूरी होने के बाद मंदिर परिसर में दर्शन व्यवस्था और सार्वजनिक आयोजनों के लिए सुविधाओं में सुधार होने की उम्मीद है। हालांकि, निर्माण पूरा होने की निश्चित तारीख और वर्तमान प्रगति की ताजा आधिकारिक स्थिति की पुष्टि उपलब्ध जानकारी से नहीं होती है। कुल मिलाकर, श्री खेड़ापति हनुमान लोक कॉरिडोर भोपाल में आस्था और आधुनिक विकास को जोड़ने वाली एक महत्वपूर्ण परियोजना है। अब श्रद्धालुओं को इंतजार है कि यह भव्य परिसर कब पूरी तरह तैयार होकर उनके लिए नई सुविधाओं के साथ खुलेगा। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Philippines

Philippines Plane Crash: ट्रेनिंग के दौरान बड़ा हादसा, 4 पायलटों की गई जान

फिलीपींस (Philippines) से एक दुखद खबर सामने आई है। यहां ट्रेनिंग के दौरान वायुसेना के दो सैन्य विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गए। इस हादसे में चार पायलटों की मौत हो गई। घटना के बाद फिलीपींस एयर फोर्स ने एहतियात के तौर पर SF-260 ट्रेनिंग विमानों की उड़ान पर रोक लगा दी है। वहीं, दुर्घटना की असली वजह जानने के लिए जांच शुरू कर दी गई है। Philippines Plane Crash: कहां और कब हुआ हादसा? यह हादसा 23 अक्टूबर 2026 को फिलीपींस के बटांगस प्रांत के लिपा शहर में स्थित फर्नांडो एयर बेस के पास हुआ। वायुसेना के अनुसार, दुर्घटना स्थानीय समयानुसार दोपहर करीब 3:51 बजे हुई। दोनों विमान ट्रेनिंग फ्लाइट पर थे। शुरुआती मीडिया रिपोर्ट्स में बताया गया कि उड़ान के दौरान दोनों विमान हवा में टकरा गए, जिसके बाद वे दुर्घटनाग्रस्त हो गए। हालांकि, टक्कर किन परिस्थितियों में हुई और इसके पीछे क्या वजह थी, इसकी आधिकारिक पुष्टि होना अभी बाकी है। हादसे में चार पायलटों की मौत इस दुर्घटना में दोनों विमानों में सवार चारों पायलटों की जान चली गई। इस खबर के सामने आने के बाद वायुसेना ने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना जताई। अधिकारियों ने परिवारों को जरूरी सहायता देने की बात भी कही है। वायुसेना के मुताबिक, हादसा एयर बेस की सीमा के भीतर हुआ। शुरुआती जानकारी के अनुसार, जमीन पर मौजूद किसी अन्य व्यक्ति के हताहत होने की सूचना नहीं है। दुर्घटना के बाद SF-260 विमानों की उड़ान पर रोक हादसे के बाद फिलीपींस एयर फोर्स ने एहतियाती कदम उठाते हुए SF-260 ट्रेनिंग विमानों के पूरे बेड़े की उड़ानें अस्थायी रूप से रोक दी हैं। जांच के दौरान इन विमानों को उड़ान भरने की अनुमति नहीं होगी। इस फैसले का उद्देश्य दुर्घटना की वजह का पता लगाना और विमानों की सुरक्षा से जुड़े पहलुओं की जांच करना है। फिलहाल तकनीकी खराबी, मानवीय चूक या किसी अन्य कारण की पुष्टि नहीं हुई है। जांच के नतीजे आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। पहले भी हो चुका है SF-260 विमान हादसा फिलीपींस में SF-260 विमान से जुड़ी दुर्घटना पहले भी सामने आ चुकी है। मई 2026 में उत्तरी फिलीपींस के बेंगुएट प्रांत में एक ट्रेनिंग विमान दुर्घटनाग्रस्त हुआ था। उस हादसे में दो सैन्य पायलटों की मौत हुई थी। ताजा दुर्घटना के बाद सैन्य ट्रेनिंग विमानों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर सवाल उठ रहे हैं। हालांकि, दोनों घटनाओं के बीच किसी संबंध की पुष्टि नहीं हुई है। जांच के बाद सामने आएगी हादसे की वजह फिलीपींस एयर फोर्स ने दुर्घटना की जांच शुरू कर दी है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जाएगी कि दोनों विमान किस परिस्थिति में दुर्घटनाग्रस्त हुए और क्या इसमें किसी तकनीकी समस्या की भूमिका थी। फिलहाल सबसे अहम बात यह है कि हादसे में चार पायलटों की जान चली गई है। वायुसेना ने संबंधित विमानों की उड़ान रोक दी है और जांच पूरी होने के बाद ही दुर्घटना के कारणों को लेकर विस्तृत जानकारी सामने आने की उम्मीद है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Yogi Adityanath

Yogi Adityanath जिस जमीन पर था भू-माफिया का कब्जा, वहां अब बना फॉरेंसिक साइंस इंस्टीट्यूट

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) ने भू-माफिया से सरकारी जमीन वापस लेने की कहानी सुनाते हुए बताया कि जिस जमीन को कभी कब्जे से मुक्त कराना मुश्किल हो रहा था, आज उसी पर स्टेट फॉरेंसिक साइंस इंस्टीट्यूट (State Forensic Science Institute) बनाया गया है। इस उदाहरण के जरिए उन्होंने प्रदेश में जमीनों को कब्जे से मुक्त कराने, कानून-व्यवस्था और विकास कार्यों का जिक्र किया। सीएम योगी ने यह बात 15 जून 2026 को लखनऊ में आयोजित डिजिटल डेमोक्रेसी डायलॉग ‘त्रिवेणी’ के समापन सत्र में कही। उन्होंने बताया कि सरकारी जमीन को वापस लेकर उसका इस्तेमाल एक महत्वपूर्ण संस्थान बनाने के लिए किया गया। कैसे भू-माफिया के कब्जे में पहुंची सरकारी जमीन? लखनऊ के सरोजनी नगर इलाके में स्थित इस जमीन का मामला कई साल पुराना है। रिपोर्टों के मुताबिक, करीब 57 एकड़ जमीन वर्ष 1955 में एक ट्रैक्टर कंपनी को 10 साल की लीज पर दी गई थी। लीज की अवधि पूरी होने के बाद जमीन ग्राम सभा के नाम दर्ज की गई। बाद में जमीन के दस्तावेजों में कथित हेराफेरी कर उसे दूसरे नाम पर दर्ज कराने के आरोप सामने आए। जांच में जमीन को वक्फ संपत्ति के रूप में दर्ज कराने और फिर रियल एस्टेट कंपनियों के बीच हस्तांतरित करने से जुड़े आरोपों की पड़ताल की गई। मामले को लेकर स्थानीय स्तर पर शिकायतें हुईं। इसके बाद प्रशासन और पुलिस ने दस्तावेजों की जांच शुरू की। जमीन के स्वामित्व और कथित अवैध हस्तांतरण का मामला प्रशासनिक कार्रवाई तक पहुंचा। 2015 में वापस मिली जमीन, फिर शुरू हुई संस्थान बनाने की तैयारी उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, 17 दिसंबर 2015 को जिला प्रशासन ने जमीन को कब्जे से मुक्त कराया। इस मामले में एफआईआर भी दर्ज की गई थी। कथित अनियमितताओं की जांच के दौरान राजस्व विभाग के अधिकारियों की भूमिका भी जांच के दायरे में आई। जमीन वापस मिलने के बाद इसके इस्तेमाल को लेकर योजना बनाई गई। आगे चलकर इसी जगह उत्तर प्रदेश स्टेट फॉरेंसिक साइंस इंस्टीट्यूट स्थापित करने का फैसला हुआ। यह मामला इसलिए भी चर्चा में आया, क्योंकि जमीन को लेकर विवाद और कब्जे की शिकायतों के बाद उसका इस्तेमाल सार्वजनिक उद्देश्य के लिए किए जाने की योजना बनी। ₹200 करोड़ की लागत से बना Forensic Science Institute लखनऊ के सरोजनी नगर में इस संस्थान की आधारशिला 1 अगस्त 2021 को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रखी थी। इस मौके पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ समेत कई वरिष्ठ नेता मौजूद थे। शुरुआती रिपोर्टों में परियोजना की लागत करीब 200 करोड़ रुपये बताई गई थी। संस्थान का उद्देश्य फॉरेंसिक विज्ञान के क्षेत्र में विशेषज्ञ तैयार करना और पुलिस व जांच एजेंसियों को आधुनिक तकनीकों से जोड़ना है। यहां वैज्ञानिक जांच, साइबर सुरक्षा और अपराध से जुड़े साक्ष्यों के विश्लेषण पर विशेष ध्यान दिया जाता है। आज के समय में आपराधिक मामलों की जांच केवल गवाहों और बयानों तक सीमित नहीं है। डीएनए जांच, डिजिटल साक्ष्य और दूसरे वैज्ञानिक तरीकों की मदद से जांच को अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है। ऐसे संस्थान इसी जरूरत को पूरा करने में अहम भूमिका निभाते हैं। CM Yogi ने क्यों सुनाया जमीन का यह किस्सा? मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस उदाहरण के जरिए बताया कि सरकारी जमीन को कब्जे से मुक्त कराकर उसका इस्तेमाल विकास कार्यों में किया जा सकता है। उनके बयान का मुख्य संदेश यह था कि जिस जमीन पर कभी कब्जे की समस्या थी, उसी पर अब शिक्षा और आधुनिक तकनीक से जुड़ा संस्थान बनाया गया है। सीएम योगी ने इसे प्रदेश में कानून-व्यवस्था सुधारने और भू-माफिया के खिलाफ कार्रवाई से जोड़कर पेश किया। उन्होंने उत्तर प्रदेश में औद्योगिक विकास, डिफेंस कॉरिडोर और ब्रह्मोस मिसाइल निर्माण जैसी परियोजनाओं का भी उल्लेख किया। हालांकि, जमीन से जुड़े आरोपों और कानूनी दावों को समझने के लिए प्रशासनिक रिकॉर्ड तथा जांच के निष्कर्ष महत्वपूर्ण हैं। भू-माफिया से मुक्त जमीन पर आवास योजना भी चर्चा में उत्तर प्रदेश में कब्जे से मुक्त कराई गई जमीनों का सार्वजनिक इस्तेमाल हाल के महीनों में भी चर्चा में रहा है। अक्टूबर 2026 में प्रयागराज के कसारी-मसारी इलाके में माफिया अतीक अहमद से जुड़ी बताई गई जमीन पर आवासीय परियोजना की शुरुआत की खबर सामने आई। 15 अक्टूबर 2026 को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पद्मलोक आवास योजना के तहत 602 फ्लैटों की परियोजना का भूमि पूजन किया। परियोजना की लागत 191 करोड़ रुपये से अधिक बताई गई। इसी दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पीपलगांव में बने 556 घरों के लाभार्थियों को चाबियां सौंपने की जानकारी भी सामने आई। इन परियोजनाओं को राज्य सरकार जमीन के इस्तेमाल को आम लोगों के आवास और विकास से जोड़ने के उदाहरण के तौर पर पेश कर रही है। सरकारी जमीन से संस्थान तक, क्या है इस खबर का महत्व? लखनऊ के फॉरेंसिक साइंस इंस्टीट्यूट की कहानी में जमीन का पुराना विवाद, प्रशासनिक कार्रवाई और सार्वजनिक उपयोग के लिए संस्थान बनाने की प्रक्रिया शामिल है। यह मामला दिखाता है कि सरकारी जमीन को लेकर विवाद सुलझने के बाद उसका इस्तेमाल शिक्षा और वैज्ञानिक जांच जैसी जरूरतों के लिए किया जा सकता है। सीएम योगी के बयान ने इस पुराने मामले को एक बार फिर चर्चा में ला दिया है। अब यह कहानी सिर्फ जमीन वापस लेने तक सीमित नहीं है, बल्कि इस बात पर भी ध्यान खींचती है कि सरकारी संपत्ति का इस्तेमाल किस तरह सार्वजनिक सुविधाओं के निर्माण में किया जा सकता है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!

About Me

देशहरपल सिर्फ खबरों का मंच नहीं, बल्कि आपकी आवाज़ को सामने लाने का एक सशक्त माध्यम भी है। यहां आपको ताज़ातरीन खबरों के साथ-साथ नौकरी, शिक्षा, और नए भारत की बदलती आर्थिक तस्वीर पर उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी मिलेगी।

Phone: +91 9406783569, +91 755 484 8829
Email: support@deshharpal.com
Address : A-23 Sakshi Bunglow Trilanga Near Aura Mall Bhopal M.P

Recent Posts

  • All Post
  • Breaking News
  • Education
  • More News
  • Web Story
  • एंटरटेनमेंट
  • देश-हरपल
  • धर्म-कर्म
  • प्रदेश
  • बिज़नेस
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • वीडियो
  • स्पोर्ट्स
    •   Back
    • एक्सक्लूसिव
    • Editorial
    •   Back
    • IPL 2026
    • T20 वर्ल्ड कप
    • FIFA 2026
    •   Back
    • सोच-विचार
    • हेल्थ
    • ट्रैवल
    • कल्चर
    • एनवायरनमेंट
    • Impact Feature
    •   Back
    • राशिफल
    • पंचांग
    • पर्व-त्यौहार
    • पूजा-पाठ
    • चैत्र नवरात्रि 2025
    •   Back
    • मध्य प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    •   Back
    • टीवी
    • वेब-सीरीज
    • फिल्म रिव्यू
    • बॉलीवुड
    •   Back
    • लाइफस्टाइल
    •   Back
    • स्टॉक-मार्केट

© 2023 Deshharpal. All Rights Reserved.