आपका चैनल --
ताज़ा खबर
BREAKINGबिज़नेसN Chandrasekaran: Tata Sons के Chairman बने रहेंगे, 5 साल के Extension को Board की मंजूरीBREAKINGवर्ल्ड न्यूज़Pakistan Drone Deal: Trump के बेटों से जुड़े Investment वाली Powerus का बड़ा MoUBREAKINGदेश-हरपलAaditya Thackeray को ₹500 करोड़ का मानहानि नोटिस, Disha Salian के पिता ने मांगी माफीBREAKINGबिज़नेसGold Silver Price ₹1.51 लाख के करीब पहुंचा सोना, चांदी में भी बड़ी गिरावटBREAKINGदेश-हरपलEPFO Rule Change: ₹25,000 तक Salary वालों को मिलेगा फायदा, ऐसे Calculate होगी PensionBREAKINGदेश-हरपलModi Birthday 2026: Putin ने PM मोदी को किया Wish, Global मंच पर नेतृत्व की तारीफBREAKINGमध्य प्रदेशग्वालियर में पैसों के विवाद में दो युवकों को गोली मारी, एक की हालत गंभीरBREAKINGएंटरटेनमेंटIIFA Awards 2027 Salman Khan से Kareena Kapoor तक, Abu Dhabi में दिखेगा Bollywood का GlamourBREAKINGबिज़नेसN Chandrasekaran: Tata Sons के Chairman बने रहेंगे, 5 साल के Extension को Board की मंजूरीBREAKINGवर्ल्ड न्यूज़Pakistan Drone Deal: Trump के बेटों से जुड़े Investment वाली Powerus का बड़ा MoUBREAKINGदेश-हरपलAaditya Thackeray को ₹500 करोड़ का मानहानि नोटिस, Disha Salian के पिता ने मांगी माफीBREAKINGबिज़नेसGold Silver Price ₹1.51 लाख के करीब पहुंचा सोना, चांदी में भी बड़ी गिरावटBREAKINGदेश-हरपलEPFO Rule Change: ₹25,000 तक Salary वालों को मिलेगा फायदा, ऐसे Calculate होगी PensionBREAKINGदेश-हरपलModi Birthday 2026: Putin ने PM मोदी को किया Wish, Global मंच पर नेतृत्व की तारीफBREAKINGमध्य प्रदेशग्वालियर में पैसों के विवाद में दो युवकों को गोली मारी, एक की हालत गंभीरBREAKINGएंटरटेनमेंटIIFA Awards 2027 Salman Khan से Kareena Kapoor तक, Abu Dhabi में दिखेगा Bollywood का Glamour
Banner

Latest Posts

World Environment Day 2025

World Environment Day 2025 भारत ने उठाया बड़ा कदम, थीम है “Plastic Pollution ko Khatam Karo”

5 जून 2025 को World Environment Day 2025 (विश्व पर्यावरण दिवस) के मौके पर भारत समेत पूरी दुनिया में पर्यावरण सुरक्षा को लेकर एक नई चेतना दिखाई दी। इस वर्ष की थीम थी — “Plastic Pollution ko Khatam Karo”, यानी Say No to Single Use Plastic और साफ-सुथरा पर्यावरण अपनाओ। South Korea बना Global Host, पर India भी नहीं रहा पीछे इस साल South Korea ने वर्ल्ड एनवायरनमेंट डे का ग्लोबल आयोजन किया, लेकिन भारत ने भी प्लास्टिक प्रदूषण के खिलाफ जंग में अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कराई। सरकारी कोशिशें: सिंगल यूज़ प्लास्टिक पर बैन और EPR लागू भारत सरकार ने पिछले कुछ सालों में Plastic Waste Management Rules के ज़रिए सिंगल यूज़ प्लास्टिक पर रोक लगाई है। इसके अलावा Extended Producer Responsibility (EPR) लागू की गई है जिससे कंपनियों को उनके बनाए प्लास्टिक प्रोडक्ट्स के निपटान की ज़िम्मेदारी दी गई है। बेंगलुरु से बरेली तक – लोग खुद उठाने लगे हैं ज़िम्मेदार आज के दिन देश के कोने-कोने में छोटे-बड़े इवेंट्स हुए।बेंगलुरु में RWAs ने rainwater harvesting, solar panels और eco-friendly products को अपनाने की मिसाल दी। वहीं उत्तर प्रदेश, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों में स्कूलों, कॉलेजों और NGOs ने प्लास्टिक मुक्त रैलियाँ और सफाई अभियान चलाए। बच्चों और युवाओं का बढ़-चढ़ कर हिस्सा लेना World Environment Day 2025 में बच्चों ने पौधे लगाए, निबंध प्रतियोगिताएं हुईं और प्रदर्शनी के ज़रिए बताया गया कि कैसे हम छोटे कदमों से बड़े बदलाव ला सकते हैं।युवाओं ने सोशल मीडिया पर campaigns चलाकर प्लास्टिक से होने वाले नुकसान को उजागर किया। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
COVID19

COVID19 Cases India Update भारत में फिर बढ़ा कोरोना का खतरा, 24 घंटे में 564 नए मामले, 7 मौतें

भारत में एक बार फिर COVID19 का खतरा बढ़ता नजर आ रहा है। 5 जून 2025 को स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी ताज़ा आंकड़ों के अनुसार, बीते 24 घंटों में देश में 564 नए कोरोना केस सामने आए हैं और 7 लोगों की मौत हुई है। इससे एक्टिव मामलों की संख्या 4,866 तक पहुंच गई है। Corona Hotspot States in India देश में COVID19 के सबसे ज़्यादा केस केरल से रिपोर्ट किए गए हैं। इसके बाद महाराष्ट्र, गुजरात, पश्चिम बंगाल और दिल्ली जैसे राज्यों में भी मामलों में बढ़ोतरी देखी जा रही है। इन इलाकों में स्वास्थ्य विभाग की टीमें निगरानी और टेस्टिंग बढ़ा रही हैं। Omicron Subvariants बढ़ा रहे चिंता इस बार COVID19 के मामलों में उछाल की वजह Omicron के सब-वेरिएंट्स को माना जा रहा है। इनमें LF.7, XFG, JN.1 और NB.1.8.1 जैसे नए वेरिएंट्स शामिल हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, इन वेरिएंट्स से संक्रमित अधिकतर लोगों में माइल्ड लक्षण देखे जा रहे हैं और इलाज घर पर ही संभव हो रहा है। जनवरी 2025 से अब तक COVID Updates जनवरी 2025 से अब तक देश में 51 मौतें कोरोना से हो चुकी हैं। हालांकि ज़्यादातर मौतें पहले से बीमार लोगों में दर्ज की गई हैं। देशभर में कोविड टेस्टिंग, वैक्सीनेशन और ट्रैकिंग सिस्टम को फिर से एक्टिव किया जा रहा है। Health Ministry की Advisory स्वास्थ्य मंत्रालय ने नागरिकों से अपील की है कि कोई भी व्यक्ति अगर सांस लेने में परेशानी, तेज़ बुखार, गले में खराश या लगातार खांसी महसूस करे, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करे। इसके अलावा मास्क पहनना, हाथ धोना और सोशल डिस्टेंसिंग जैसी सावधानियाँ दोबारा अपनाने की सलाह दी गई है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
COVID

भारत में COVID-19 के नए Variants NB.1.8.1 और LF.7 Symptoms

भारत में COVID-19 के नए Variants NB.1.8.1 और LF.7 तेजी से सामने आ रहे हैं। जानिए इन नए COVID Variants के Symptoms क्या हैं, ये कितना Dangerous हो सकते हैं, और कैसे बचाव करें। NB.1.8.1 और LF.7 क्या हैं? (What are these Variants?) NB.1.8.1 और LF.7 दोनों Omicron के नए Sub-variants हैं। भारत में INSACOG की रिपोर्ट के अनुसार, ये Variants अभी सीमित संख्या में पाए गए हैं, लेकिन इन पर लगातार नजर रखी जा रही है। COVID-19 के नए Variants के Common Symptoms (लक्षण) इन नए Variants के लक्षण आमतौर पर हल्के और सामान्य सर्दी-जुकाम जैसे होते हैं: अगर आपको ये लक्षण दिखें, तो जल्द से जल्द COVID-19 टेस्ट करवाएं। भारत में स्थिति और खतरा (Current Situation & Risk) हालांकि NB.1.8.1 और LF.7 Variants अभी तक ज्यादा Serious नहीं हैं, लेकिन इनके तेजी से फैलने की वजह से सावधानी जरूरी है। भारत में COVID-19 केस थोड़े बढ़े हैं, इसलिए Social Distancing और मास्क पहनना अभी भी महत्वपूर्ण है। INSACOG और स्वास्थ्य मंत्रालय इस पर निगरानी बनाए हुए हैं और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दे रहे हैं। COVID-19 से बचाव के लिए जरूरी Tips (Safety Measures) हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Covid-19

Covid-19 Active Cases India में बढ़े Kerala Tops Case Count

भारत में कोविड-19 सक्रिय मामलों में वृद्धि भारत (India) में कोविड-19 (COVID-19) के एक्टिव केस (Active Cases) फिर से तेजी से बढ़ने लगे हैं। देश में कुल एक्टिव इन्फेक्शंस अब 2,710 तक पहुंच गए हैं, जिसमें केरल (Kerala) सबसे आगे है। केरल में 1,147 सक्रिय मामले हैं, जबकि महाराष्ट्र (Maharashtra) में 424, दिल्ली (Delhi) में 294 और गुजरात (Gujarat) में 223 एक्टिव केस दर्ज किए गए हैं। तमिलनाडु (Tamil Nadu), कर्नाटक (Karnataka), और पश्चिम बंगाल (West Bengal) जैसे राज्यों में भी संक्रमण की स्थिति गंभीर बनी हुई है। तमिलनाडु और कर्नाटक में 148-148 जबकि पश्चिम बंगाल में 116 केस हैं। स्वास्थ्य मंत्रालय की रिपोर्ट और हालात केंद्र सरकार के स्वास्थ्य मंत्रालय (Union Health Ministry) के मुताबिक, अधिकतर नए मामलों की स्थिति हल्की है और अस्पतालों पर फिलहाल दबाव नहीं है। हालांकि, पिछले कुछ दिनों में कोरोना से 7 मौतें हुई हैं, जिनमें ज्यादातर मरीजों की पहले से अन्य बीमारियां थीं। सरकार का कदम: तैयारियों की रिपोर्ट और निर्देश इस बढ़ते Covid-19 संक्रमण को देखते हुए, केंद्र सरकार ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से 2 जून तक कोविड प्रबंधन की तैयारियों की रिपोर्ट मांगी है। दिल्ली समेत कई राज्यों को संक्रमण रोकने और अस्पताल व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश दिए गए हैं। भारत सरकार (Government of India) की सतर्कता और राज्य सरकारों के प्रयासों के बीच नागरिकों से भी कोविड-19 से बचाव के लिए मास्क पहनने, सोशल डिस्टेंसिंग बनाए रखने और वैक्सीनेशन पूरी कराने की अपील की गई है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Covid-19

Covid-19 India Cases क्यों बढ़ रहे हैं कोविड केस और कैसे करें सुरक्षा

भारत (India) में Covid-19 के मामले फिर से तेजी से बढ़ रहे हैं। 27 मई 2025 तक सक्रिय (Active) केस 1,000 के पार पहुंच गए हैं, जिससे स्वास्थ्य विभाग की चिंताएं बढ़ गई हैं। खासकर केरल, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और कर्नाटक जैसे राज्यों में नए केस बढ़े हैं। Covid-19 Cases बढ़ने के कारण क्या Covid-19 को लेकर चिंता करें? Health experts का मानना है कि फिलहाल ज्यादा घबराने की जरूरत नहीं है। नए variants ज्यादातर mild symptoms देते हैं और hospitalisation में कोई खास वृद्धि नहीं हुई है। कोविड-19 अब धीरे-धीरे seasonal flu जैसा हो रहा है। जरूरी Covid-19 Precautions हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Corona Virus

Corona Virus का नया JN.1 Variant,भारत में तेजी से फैल रहा है

भारत में Corona Virus (COVID-19) का नया JN.1 Variant तेजी से फैल रहा है और सक्रिय केस बढ़ रहे हैं। यह नया वैरिएंट ओमिक्रॉन के BA.2.86.1.1 से उत्पन्न हुआ है, जिसमें कई म्यूटेशन हैं, जो इसे और अधिक संक्रामक बनाते हैं। आइए जानते हैं JN.1 वैरिएंट के लक्षण (Symptoms), बढ़ते मामले (Cases) और इससे बचाव के लिए जरूरी सावधानियां (Safety Tips)। JN.1 Variant के बढ़ते Active Cases – भारत में स्थिति देश के कई राज्यों में JN.1 वैरिएंट के सक्रिय कोरोना केस तेजी से बढ़े हैं। कुल मिलाकर भारत में सक्रिय Corona Virus मामलों की संख्या 1,047 तक पहुंच गई है, जिनमें ज्यादातर JN.1 वैरिएंट से संक्रमित हैं। JN.1 Variant के Symptoms (लक्षण) JN.1 वैरिएंट के सामान्य लक्षणों में शामिल हैं: Safety Tips: JN.1 से कैसे बचें? स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने सभी से सतर्क रहने और Corona Virus (कोविड-19) से बचाव के लिए इन Safety Tips को अपनाने की सलाह दी है: विशेषज्ञों की राय विशेषज्ञों का कहना है कि अधिकांश JN.1 मामलों में लक्षण हल्के होते हैं और अस्पताल में भर्ती की आवश्यकता कम होती है। फिर भी, सावधानी बरतना जरूरी है क्योंकि नया वैरिएंट तेजी से फैलता है। वैक्सीनेशन और हेल्थ प्रोटोकॉल का पालन करना अभी भी सबसे प्रभावी तरीका है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Monsoon

Monsoon Alert 2025: केरल-कर्नाटक में Red Alert Mumbai-Goa-Andhra में Heavy Rain का कहर

भारत में 2025 का मानसून (Monsoon) पूरे जोश में दस्तक दे चुका है और इसका असर अब देशभर में दिखाई दे रहा है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने केरल (Kerala) और कर्नाटक (Karnataka) में रेड अलर्ट (Red Alert) जारी किया है, जबकि मुंबई, गोवा और आंध्र प्रदेश समेत कई राज्यों में भारी बारिश (Heavy Rainfall) की चेतावनी दी गई है। आइए जानते हैं किस राज्य में कैसा है मौसम का हाल: Kerala में Monsoon का कहर: 11 जिलों में Red Alert केरल में मानसून की समय से पहले और जबरदस्त शुरुआत के कारण लगातार भारी बारिश हो रही है। Karnataka के Coastal इलाकों में 5 दिन का Red Alert कर्नाटक के तटीय जिलों – Dakshina Kannada और Udupi – में लगातार बारिश से जलभराव और भूस्खलन की स्थिति बनी हुई है। Mumbai में Record बारिश, Flights Cancel 26 मई को मुंबई में रिकॉर्ड 295 मिमी बारिश दर्ज की गई। Goa में भी Red Alert, Flash Flood की चेतावनी IMD ने North Goa में रेड अलर्ट जारी किया है। Andhra Pradesh: Coastal क्षेत्रों में Thunderstorm Alert हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Covid-19 cases in India 2025, JN.1 variant India,

Covid Surge Alert: भारत में फिर बढ़े कोरोना केस, जेएन.1 वैरिएंट बना चिंता का कारण

कोरोना फिर से दे रहा है दस्तक! सिंगापुर और हांगकांग के बाद अब भारत में भी Covid-19 Cases में हल्का लेकिन चिंताजनक इजाफा देखने को मिल रहा है। देश के कई राज्यों ने Corona Advisory जारी कर दी है। स्वास्थ्य एजेंसियों की रिपोर्ट्स के अनुसार, नए मामलों में JN.1 वैरिएंट सक्रिय भूमिका निभा रहा है। फोर्टिस हॉस्पिटल में पल्मोनोलॉजी डिपार्टमेंट के सीनियर डायरेक्टर डॉ. विकास मौर्य के मुताबिक, “JN.1 variant अब तक केवल हल्के से मध्यम लक्षण ही दिखा रहा है और इससे गंभीर बीमारी का खतरा बहुत कम है।” New Covid variant in Asia-एशिया में तेजी से फैल रहा है संक्रमण चीन में कोविड के गंभीर मामले पिछले महीने 3.3% से बढ़कर 5.5% हो गए हैं। अस्पतालों में A&E (Accident & Emergency) रोगियों की दर 7.5% से बढ़कर 16.2% हो चुकी है। ताइवान में भी कोविड-19 के चलते अस्पतालों में भर्ती बढ़ने लगे हैं। संक्रमण के लक्षण क्या हैं? डॉक्टरों के अनुसार, नए वैरिएंट के सामान्य लक्षण इस प्रकार हैं: गंभीर लक्षण बहुत कम मामलों में देखे गए हैं और उनमें भी ज्यादातर मरीज रिकवरी की ओर तेजी से बढ़ रहे हैं। क्या वैक्सीन और इम्यूनिटी काम कर रही है? विशेषज्ञों का मानना है कि संक्रमण की हल्की प्रकृति का कारण भारत की जनता में विकसित हुई Natural Immunity और पहले से ली गई वैक्सीनेशन डोज़ हैं। इसलिए कोविड की पहली लहर जैसी गंभीरता की फिलहाल कोई आशंका नहीं है। सरकार और स्वास्थ्य एजेंसियों की तैयारी केंद्र और राज्य सरकारें अलर्ट मोड में हैं। कुछ राज्यों ने मास्क पहनने और भीड़-भाड़ वाले इलाकों में सावधानी बरतने की एडवाइजरी जारी की है। हालांकि, लॉकडाउन या बड़े प्रतिबंधों की कोई योजना नहीं है। क्या करना चाहिए आम जनता को? घबराएं नहीं, सतर्क रहें Covid-19 का खतरा पूरी तरह टला नहीं है, लेकिन मौजूदा हालात घबराने वाले नहीं हैं। अगर हम जरूरी सावधानियाँ बरतें और सरकार की गाइडलाइंस का पालन करें, तो स्थिति नियंत्रण में रह सकती है।
Read more
Monsoon 2025

दक्षिण-पश्चिम Monsoon 2025 ने केरल में दी समय से पहले दस्तक Monsoon in Kerala

24 मई 2025: भारत में Monsoon 2025 ने इस साल समय से पहले दस्तक दी है। दक्षिण-पश्चिम Monsoon 2025 ने आज 24 मई को केरल में प्रवेश कर लिया, जो कि सामान्य तिथि 1 जून से 8 दिन पहले है। यह 2009 के बाद सबसे जल्दी मानसून की एंट्री है, जबकि सबसे जल्दी रिकॉर्डेड आगमन 1990 में 19 मई को हुआ था। IMD का अलर्ट: भारी बारिश की चेतावनी भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने केरल और माहे में अत्यधिक भारी वर्षा (Extreme Heavy Rainfall) की चेतावनी जारी की है। अगले 2–3 दिनों में कुछ स्थानों पर 24 घंटे में 205 मिमी से अधिक बारिश हो सकती है। कर्नाटक, तमिलनाडु और लक्षद्वीप में भी Monsoon Rain Alerts जारी किए गए हैं। कृषि के लिए वरदान है समय से पहले Monsoon समय से पहले मानसून का आगमन किसानों के लिए खुशखबरी लेकर आया है। धान, कपास, मक्का, गन्ना, सोयाबीन जैसी प्रमुख फसलों की समय पर बुवाई शुरू हो सकेगी। इससे फसलों की पैदावार और उत्पादकता में इज़ाफा होने की संभावना है। मानसून 2025: सामान्य से अधिक बारिश का पूर्वानुमान IMD के अनुसार, इस वर्ष भारत में औसत से अधिक बारिश (Above Normal Rainfall) होने की संभावना है। पूरे मौसम में 105% LPA (Long Period Average) वर्षा का अनुमान है, ±5% के उतार-चढ़ाव के साथ। राज्य सरकारें अलर्ट मोड पर केरल, कर्नाटक, और तमिलनाडु की सरकारों ने आपदा प्रबंधन बलों को तैयार कर लिया है। भूस्खलन, जलभराव और तेज हवाओं से निपटने के लिए हर जिले में आपातकालीन नियंत्रण कक्ष सक्रिय कर दिए गए हैं। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
COVID-19 Surge

COVID-19 Surge: एशिया में फिर बढ़े कोरोना केस, हांगकांग-सिंगापुर में हालात चिंताजनक

19 मई 2025, देश हरपल डेस्क COVID-19 एक बार फिर एशिया में अपने पैर पसार रहा है। हांगकांग और सिंगापुर जैसे विकसित शहरों में संक्रमण के मामलों में तेज़ वृद्धि देखी जा रही है, जिससे स्वास्थ्य अधिकारियों और आम जनता में चिंता बढ़ गई है। हांगकांग में 10 हफ्तों में 30 गुना वृद्धि हांगकांग में मार्च 2025 से COVID-19 मामलों में लगातार वृद्धि हो रही है। स्थानीय स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, पिछले 10 हफ्तों में संक्रमण के मामलों में 30 गुना तक की बढ़ोतरी हुई है। Sewage surveillance और आउटपेशेंट क्लीनिकों में COVID-19 के मामलों की संख्या में भी उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई है। सिंगापुर में भी संक्रमण में उछाल सिंगापुर में मई के पहले सप्ताह में COVID-19 के मामलों में 28% की वृद्धि हुई है, और अस्पताल में भर्ती होने वालों की संख्या में भी 30% तक की बढ़ोतरी देखी गई है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने जनता से सतर्क रहने और आवश्यक सावधानियां बरतने की अपील की है। नया वैरिएंट और लक्षणस्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, Omicron JN.1 वैरिएंट इस नए उछाल के पीछे हो सकता है। इस वैरिएंट के कारण मरीजों में खांसी, गले में खराश, मतली, उल्टी, ब्रेन फॉग और आंखों में जलन जैसे लक्षण देखे जा रहे हैं। भारत में स्थिति और सतर्कता भारत में भी कुछ शहरों में COVID-19 के मामलों में हल्की वृद्धि देखी जा रही है। मुंबई में डॉक्टरों ने हाल ही में कुछ नए मामलों की पुष्टि की है, हालांकि अधिकांश मामले हल्के हैं और गंभीर चिंता की आवश्यकता नहीं है। स्वास्थ्य विभाग ने जनता से सतर्क रहने और आवश्यक सावधानियां बरतने की अपील की है। बचाव के उपाय और सलाह स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि सतर्कता और सावधानी बरतकर हम इस नए उछाल से बच सकते हैं। निष्कर्ष COVID-19 का यह नया उछाल हमें याद दिलाता है कि महामारी अभी समाप्त नहीं हुई है। हांगकांग और सिंगापुर जैसे देशों में मामलों की वृद्धि हमें सतर्क रहने की आवश्यकता का संकेत देती है। भारत में स्थिति अभी नियंत्रण में है, लेकिन हमें सतर्क रहना और आवश्यक सावधानियां बरतनी चाहिए।
Read more
1 24 25 26 27

Editor's Picks

N Chandrasekaran

N Chandrasekaran: Tata Sons के Chairman बने रहेंगे, 5 साल के Extension को Board की मंजूरी

Tata Group से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है। N. Chandrasekaran एक बार फिर Tata Sons की कमान संभालेंगे। Tata Sons के Board ने उनके कार्यकाल को अगले 5 साल के लिए बढ़ाने की मंजूरी दे दी है। उनका मौजूदा कार्यकाल फरवरी 2027 में पूरा होना था। चंद्रशेखरन के Extension को लेकर पिछले कुछ समय से काफी चर्चा चल रही थी। ऐसे में Board के इस फैसले से Tata Sons के नेतृत्व को लेकर स्थिति अब साफ हो गई है। N Chandrasekaran को मिला 5 Years Extension Tata Sons के Board ने N. Chandrasekaran को अगले पांच साल के लिए Chairman बनाए रखने की मंजूरी दी है। इससे वह फरवरी 2027 के बाद भी Tata Group की Holding Company Tata Sons का नेतृत्व करते रहेंगे। यह फैसला उस समय आया है जब कुछ महीने पहले उनके अगले कार्यकाल को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं थी। अब Board की मंजूरी के बाद उनके नेतृत्व को आगे जारी रखने का रास्ता साफ हो गया है। फरवरी 2026 में Extension पर नहीं बनी थी सहमति N. Chandrasekaran के नए कार्यकाल का मुद्दा पहले भी Tata Sons के Board के सामने आया था। फरवरी 2026 की बैठक में उनके पांच साल के Extension को लेकर पूरी सहमति नहीं बन पाई थी। इसके बाद चंद्रशेखरन ने फरवरी 2027 में अपना मौजूदा कार्यकाल पूरा होने के बाद पद छोड़ने की बात कही थी। हालांकि, अब ताजा Board फैसले के बाद कहानी ने नया मोड़ ले लिया है। 1987 में TCS Intern से शुरू हुआ था सफर N. Chandrasekaran की सबसे खास बात उनका लंबा Tata Group career है। उन्होंने 1987 में Tata Consultancy Services यानी TCS से अपने करियर की शुरुआत की थी। एक Intern के तौर पर शुरू हुआ यह सफर धीरे-धीरे कंपनी के सबसे बड़े पदों तक पहुंचा। TCS में उन्होंने अलग-अलग जिम्मेदारियां संभालीं और आगे चलकर कंपनी के CEO और Managing Director बने। यानी जिस ग्रुप में उन्होंने अपने करियर की शुरुआत की थी, आज उसी Tata Group की Holding Company की जिम्मेदारी उनके हाथ में है। TCS CEO से Tata Sons Chairman तक चंद्रशेखरन 2009 में TCS के CEO और Managing Director बने। करीब आठ साल बाद, 2017 में उन्हें Tata Sons का Chairman बनाया गया। इसके बाद से वह Tata Group की रणनीति और बड़े कारोबारी फैसलों में अहम भूमिका निभाते रहे हैं। उनके नेतृत्व में Tata Group ने Technology, Electronics, Semiconductors, Batteries और Aviation जैसे कई नए क्षेत्रों में अपना कारोबार बढ़ाने पर जोर दिया। Tata Group के लिए आगे का दौर अहम N. Chandrasekaran को पांच साल का नया कार्यकाल मिलने के बाद Tata Group के कई बड़े प्रोजेक्ट्स पर उनका नेतृत्व जारी रहेगा। Tata Sons की भविष्य की Corporate Strategy, नए Business Investments और अलग-अलग कंपनियों के बीच तालमेल बढ़ाने जैसे मुद्दे उनके सामने अहम रहेंगे। फिलहाल Board के फैसले ने एक बात साफ कर दी है कि N. Chandrasekaran फरवरी 2027 के बाद भी Tata Sons की कमान संभालते रहेंगे। N Chandrasekaran Career Timeline एक TCS Intern से शुरू हुआ N. Chandrasekaran का सफर अब Tata Group के शीर्ष नेतृत्व तक पहुंच चुका है। नए पांच साल के कार्यकाल के साथ अब उनकी अगली पारी पर कारोबारी जगत की नजर रहेगी। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
MoU

Pakistan Drone Deal: Trump के बेटों से जुड़े Investment वाली Powerus का बड़ा MoU

पाकिस्तान और अमेरिका से जुड़ी एक डिफेंस डील इस समय चर्चा में है। अमेरिकी ड्रोन कंपनी Powerus ने पाकिस्तान आर्मी के साथ एक Memorandum of Understanding (MoU) साइन किया है। इस समझौते के तहत कंपनी को ड्रोन से जुड़े शुरुआती ऑर्डर की बात भी सामने आई है। इस डील की खास बात सिर्फ पाकिस्तान आर्मी के साथ हुआ समझौता नहीं है। Powerus का कनेक्शन अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump के बेटों Donald Trump Jr. और Eric Trump से जुड़े निवेश से भी है। इसी वजह से यह मामला अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सुर्खियों में है। Pakistan Army के साथ हुआ Drone MoU Reuters की रिपोर्ट के मुताबिक Powerus के को-फाउंडर Brett Velicovich ने बताया कि कंपनी ने पाकिस्तान आर्मी के साथ MoU किया है। यह समझौता Unmanned Aerial Systems (UAS) यानी मानवरहित हवाई सिस्टम से संबंधित है। कंपनी को इसके तहत शुरुआती ऑर्डर भी मिला है। हालांकि, ऑर्डर की कुल कीमत और ड्रोन सिस्टम से जुड़ी पूरी तकनीकी जानकारी अभी सार्वजनिक नहीं की गई है। कंपनी ने सुरक्षा और गोपनीयता को इसकी वजह बताया है। Trump के बेटों से क्या है Connection? अब सवाल उठता है कि इस डील में Trump परिवार का नाम क्यों सामने आ रहा है? दरअसल, Powerus का Aureus Greenway Holdings के साथ मर्जर प्रस्तावित है। अमेरिकी नियामकीय दस्तावेजों के मुताबिक Donald Trump Jr. और Eric Trump की Aureus में निवेश हिस्सेदारी American Ventures नाम के फंड के जरिए है। प्रस्तावित मर्जर पूरा होने के बाद American Ventures की संयुक्त कंपनी में करीब 9.9% beneficial ownership हिस्सेदारी होने की उम्मीद जताई गई है। यानी Trump के बेटों का नाम Powerus के पाकिस्तान के साथ हुए समझौते में सीधे कंपनी चलाने या डील करने के तौर पर नहीं, बल्कि प्रस्तावित मर्जर और निवेश कनेक्शन के कारण जुड़ रहा है। Trump Jr. ने डील में भूमिका से किया इनकार Trump परिवार से जुड़े इस कनेक्शन के सामने आने के बाद डील को लेकर सवाल उठना स्वाभाविक है। हालांकि, Donald Trump Jr. के प्रवक्ता ने कहा कि वह Powerus में passive investor हैं और कंपनी के रोजमर्रा के कामकाज या मैनेजमेंट में उनकी भूमिका नहीं है। प्रवक्ता के अनुसार Trump Jr. ने पाकिस्तान के साथ इस समझौते की बातचीत या कॉन्ट्रैक्ट हासिल करने की प्रक्रिया में कोई भूमिका नहीं निभाई। Powerus के CEO Andrew Fox ने भी कहा कि कंपनी अपने कॉन्ट्रैक्ट कारोबारी योग्यता के आधार पर करती है। Pakistan में Manufacturing की भी तैयारी? Powerus की योजना सिर्फ ड्रोन सिस्टम उपलब्ध कराने तक सीमित रहने की नहीं बताई जा रही है। कंपनी ने पाकिस्तान में technology development और manufacturing से जुड़े संभावित अवसरों पर भी बात की है। अगर आगे इस दिशा में समझौते होते हैं, तो इससे पाकिस्तान में ड्रोन टेक्नोलॉजी और उत्पादन क्षमता को बढ़ावा देने की कोशिश की जा सकती है। Asim Munir से भी हुई मुलाकात Powerus के प्रतिनिधिमंडल की पाकिस्तान के सेना प्रमुख Field Marshal Syed Asim Munir से मुलाकात भी हुई। पाकिस्तान सेना के अनुसार बैठक में defence procurement, production और भविष्य में capacity building जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई। हालांकि, सेना की ओर से जारी आधिकारिक बयान में Powerus के साथ हुए MoU का उल्लेख नहीं किया गया था। क्यों अहम है यह Drone Deal? आज के समय में ड्रोन टेक्नोलॉजी सैन्य क्षेत्र का अहम हिस्सा बन चुकी है। निगरानी से लेकर अलग-अलग defence applications तक इनका इस्तेमाल लगातार बढ़ रहा है। ऐसे में एक अमेरिकी कंपनी का पाकिस्तान आर्मी के साथ ड्रोन टेक्नोलॉजी को लेकर समझौता महत्वपूर्ण घटनाक्रम है। वहीं, Trump परिवार से जुड़े निवेश कनेक्शन ने इस पूरी खबर को और ज्यादा चर्चा में ला दिया है। फिलहाल MoU की पूरी financial details, शुरुआती ऑर्डर की कीमत और ड्रोन सिस्टम की विस्तृत तकनीकी जानकारी सामने नहीं आई है। इसलिए आने वाले समय में इस डील से जुड़ी अतिरिक्त जानकारी पर नजर रहेगी। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Aaditya Thackeray

Aaditya Thackeray को ₹500 करोड़ का मानहानि नोटिस, Disha Salian के पिता ने मांगी माफी

दिशा सालियान (Disha Salian) की मौत से जुड़ा मामला एक बार फिर सुर्खियों में है। दिशा के पिता सतीश सालियान ने शिवसेना (UBT) नेता आदित्य ठाकरे (Aaditya Thackeray) और महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख को ₹500 करोड़ का मानहानि नोटिस (Defamation Notice) भेजा है। नोटिस में दोनों नेताओं के कथित बयानों पर आपत्ति जताई गई है। साथ ही 7 दिन के भीतर माफी मांगने और संबंधित बयान वापस लेने की मांग की गई है। यह मामला ऐसे समय फिर चर्चा में आया है, जब दिशा सालियान की मौत को लेकर CBI ने FIR दर्ज कर जांच शुरू की है। लंबे समय से परिवार की ओर से मामले की दोबारा जांच की मांग की जाती रही है। 7 दिन में माफी और ₹500 करोड़ की मांग सतीश सालियान की ओर से भेजे गए कानूनी नोटिस में आदित्य ठाकरे और अनिल देशमुख से बिना शर्त सार्वजनिक माफी मांगने को कहा गया है। इसके साथ ही कथित बयानों को वापस लेने और ₹500 करोड़ का हर्जाना देने की मांग रखी गई है। नोटिस में यह भी कहा गया है कि माफी को प्रमुख मीडिया प्लेटफॉर्म और सोशल मीडिया के जरिए सार्वजनिक किया जाए। सतीश सालियान का कहना है कि कुछ बयानों से उनकी बेटी की मौत की जांच को लेकर उठाई गई उनकी मांग पर ही सवाल खड़े किए गए। CBI जांच के बाद फिर बढ़ी हलचल दिशा सालियान की मौत के मामले में CBI की FIR के बाद अब जांच का दायरा एक बार फिर चर्चा में है। रिपोर्टों के मुताबिक FIR में आदित्य ठाकरे समेत कई लोगों के नाम का उल्लेख किया गया है। हालांकि, किसी FIR में नाम आने का मतलब यह नहीं है कि संबंधित व्यक्ति दोषी साबित हो गया है। CBI की जांच के बाद ही सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई तय होगी। 2020 में हुई थी दिशा सालियान की मौत दिशा सालियान की जून 2020 में मुंबई में मौत हुई थी। वह अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की पूर्व मैनेजर थीं। दिशा की मौत के कुछ दिनों बाद सुशांत सिंह राजपूत की भी मौत हुई थी, जिसके बाद दोनों घटनाओं को लेकर काफी चर्चा हुई। शुरुआती जांच में दिशा की मौत को दुर्घटना के तौर पर दर्ज किया गया था। बाद में उनके परिवार की ओर से मामले की नए सिरे से जांच की मांग उठाई गई। इसी सिलसिले में सतीश सालियान ने बॉम्बे हाईकोर्ट का रुख भी किया था। आदित्य ठाकरे ने आरोपों से किया इनकार CBI FIR में नाम सामने आने के बाद आदित्य ठाकरे ने दिशा सालियान से किसी तरह का संबंध होने से इनकार किया है। उन्होंने कहा कि वह दिशा से कभी नहीं मिले थे। आदित्य ठाकरे की ओर से यह भी कहा गया कि उनका नाम लंबे समय से राजनीतिक और व्यक्तिगत कारणों से इस मामले से जोड़ा जा रहा है। उन्होंने मामले की आधिकारिक जांच को आगे बढ़ने देने की बात कही है। अनिल देशमुख के बयान पर भी सवाल मानहानि नोटिस में अनिल देशमुख के पुराने बयान का भी जिक्र किया गया है। सतीश सालियान की ओर से आरोप लगाया गया है कि उनके बयान में दिशा मामले की जांच की मांग को आदित्य ठाकरे को बदनाम करने की कोशिश के तौर पर पेश किया गया। अब नोटिस के जरिए दिशा के पिता ने दोनों नेताओं से अपने कथित बयान वापस लेने और सार्वजनिक माफी मांगने की मांग की है। अब आगे क्या होगा? फिलहाल इस पूरे मामले में दो स्तर पर कानूनी प्रक्रिया चल रही है। एक तरफ CBI दिशा सालियान केस की जांच कर रही है, वहीं दूसरी तरफ ₹500 करोड़ के Defamation Notice पर दोनों नेताओं के जवाब का इंतजार है। आने वाले दिनों में जांच से सामने आने वाले तथ्य और नोटिस पर संबंधित पक्षों की प्रतिक्रिया इस मामले को आगे की दिशा देगी। फिलहाल इतना साफ है कि करीब छह साल पुराना यह मामला एक बार फिर महाराष्ट्र की राजनीति और बॉलीवुड दोनों के बीच चर्चा का विषय बन गया है।
Gold Silver Price

Gold Silver Price ₹1.51 लाख के करीब पहुंचा सोना, चांदी में भी बड़ी गिरावट

Gold Silver Price सोना-चांदी खरीदने वालों के लिए आज बाजार से राहत भरी खबर सामने आई है। दोनों कीमती धातुओं के भाव में गिरावट दर्ज की गई है। सोने की कीमत ₹1,036 प्रति 10 ग्राम कम हुई है, जिसके बाद इसका भाव करीब ₹1.51 लाख प्रति 10 ग्राम रह गया है। वहीं, चांदी भी ₹2,862 प्रति किलो सस्ती हुई है। पिछले कुछ समय से सोने और चांदी की कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। ऐसे में आज की गिरावट उन लोगों के लिए अहम है, जो खरीदारी के लिए सही समय का इंतजार कर रहे हैं। Gold Price Today: सोने के भाव में आई गिरावट आज सोने की कीमत में ₹1,036 की कमी आई है। गिरावट के बाद सोना करीब ₹1.51 लाख प्रति 10 ग्राम के स्तर पर पहुंच गया है। सोने की कीमत में रोजाना होने वाले बदलाव का सीधा असर ज्वेलरी खरीदने वालों पर पड़ता है। हालांकि, दुकान से गहना खरीदते समय सिर्फ Gold Rate ही नहीं, बल्कि मेकिंग चार्ज और GST भी कुल बिल में जुड़ते हैं। Silver Price Today: चांदी भी हुई ₹2,862 सस्ती सोने के साथ चांदी के भाव में भी आज अच्छी-खासी गिरावट देखने को मिली। चांदी की कीमत ₹2,862 प्रति किलो कम हुई है। इसके बाद इसका भाव करीब ₹2.30 लाख प्रति किलो के आसपास आ गया है। चांदी का इस्तेमाल ज्वेलरी के अलावा कई इंडस्ट्रियल सेक्टर में भी होता है। इसलिए इसकी कीमत पर घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजार की गतिविधियों का असर देखने को मिलता है। इस महीने सोना करीब ₹5 हजार टूटा अगर पूरे महीने की बात करें तो सोने के भाव में करीब ₹5,000 प्रति 10 ग्राम की गिरावट दर्ज की गई है। यानी महीने की शुरुआत के मुकाबले सोना फिलहाल काफी नीचे आ चुका है। बाजार में सोने की कीमत को लेकर आगे भी उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना बनी हुई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार, डॉलर की कीमत और निवेशकों की गतिविधियां Gold Rate को प्रभावित करने वाले प्रमुख कारकों में शामिल हैं। चांदी भी महीने में करीब ₹9 हजार सस्ती चांदी की कीमत में इस महीने गिरावट और ज्यादा देखने को मिली है। रिपोर्ट के मुताबिक, महीने के दौरान चांदी करीब ₹9,000 प्रति किलो तक सस्ती हुई है। हालांकि, गिरावट के बाद भी चांदी का भाव ऊंचे स्तर पर बना हुआ है। ऐसे में खरीदारी करने वाले लोग बाजार के ताजा भाव पर नजर रख रहे हैं। Jewelry खरीदने से पहले यह बात जरूर जानें अगर आप सोने की ज्वेलरी खरीदने का प्लान बना रहे हैं तो सिर्फ बाजार में बताए गए Gold Rate को देखकर अंतिम कीमत का अंदाजा न लगाएं। ज्वेलरी की कीमत में मेकिंग चार्ज, GST और अन्य शुल्क भी शामिल हो सकते हैं। इसके अलावा अलग-अलग शहरों और ज्वेलर्स के यहां भाव में थोड़ा अंतर भी देखने को मिल सकता है। इसलिए खरीदारी से पहले अपने शहर का ताजा रेट जरूर चेक करें। क्या आगे और सस्ता होगा Gold और Silver? सोने और चांदी की कीमत आगे किस दिशा में जाएगी, इसे लेकर पक्की भविष्यवाणी करना मुश्किल है। फिलहाल दोनों धातुओं में गिरावट दर्ज हुई है और महीने के स्तर पर भी कीमतें नीचे आई हैं। आने वाले दिनों में International Market, Dollar Rate और निवेशकों की खरीद-बिक्री जैसे कारक Gold और Silver के भाव को प्रभावित कर सकते हैं। इसलिए अगर आप खरीदारी की तैयारी में हैं तो रोजाना के रेट पर नजर रखना फायदेमंद रहेगा।
EPFO

EPFO Rule Change: ₹25,000 तक Salary वालों को मिलेगा फायदा, ऐसे Calculate होगी Pension

EPFO New Rule नौकरी करने वाले लोगों के लिए EPFO से जुड़ी बड़ी खबर है। सरकार ने EPFO की wage ceiling ₹15,000 से बढ़ाकर ₹25,000 प्रति माह करने का फैसला किया है। नया बदलाव 17 सितंबर 2026 से लागू किया गया है। इससे बड़ी संख्या में ऐसे कर्मचारियों को EPFO के दायरे में आने का मौका मिलेगा, जो अब तक पुरानी salary limit की वजह से बाहर थे। सरकार के मुताबिक, इस फैसले से 51 लाख से ज्यादा अतिरिक्त कर्मचारी अनिवार्य EPFO coverage में आ सकते हैं। इसका मतलब है कि अब ₹15,000 से ज्यादा और ₹25,000 तक के वेतन वाले कर्मचारियों के लिए social security का दायरा बढ़ेगा। आखिर बदला क्या है? EPFO की wage ceiling काफी समय से ₹15,000 थी। अब इसे बढ़ाकर ₹25,000 कर दिया गया है। आसान भाषा में समझें तो पहले जहां ₹15,000 तक की सीमा को आधार बनाया जाता था, वहीं अब नई सीमा ₹25,000 हो गई है। इस बदलाव का फायदा उन पात्र कर्मचारियों को मिल सकता है जिनकी salary इस नई सीमा के भीतर आती है और जो EPFO की अनिवार्य coverage की शर्तें पूरी करते हैं। EPFO के तहत कर्मचारियों को EPF, EPS और EDLI जैसी social security schemes से जुड़े फायदे मिलते हैं। ₹25,000 Salary पर कितनी Pension बनेगी? अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि अगर किसी कर्मचारी की salary ₹25,000 है तो retirement के बाद उसे कितनी pension मिल सकती है? यहां एक जरूरी बात समझना बहुत जरूरी है। सिर्फ ₹25,000 salary होने से pension की रकम तय नहीं होती। Pension की calculation में pensionable salary और pensionable service अहम भूमिका निभाते हैं। EPS में सामान्य calculation formula है: Monthly Pension = Pensionable Salary × Pensionable Service ÷ 70 मान लीजिए उदाहरण के तौर पर pensionable salary ₹25,000 है और कर्मचारी ने 30 साल की pensionable service पूरी की है। तो calculation होगी: ₹25,000 × 30 ÷ 70 = करीब ₹10,714 प्रति माह अगर service period 35 साल हो, तो: ₹25,000 × 35 ÷ 70 = ₹12,500 प्रति माह यानी 35 साल की service और ₹25,000 pensionable salary को आधार मानने पर calculation करीब ₹12,500 monthly pension की आती है। लेकिन इसे हर कर्मचारी की पक्की pension न समझें। असली रकम उसके service record और लागू EPS नियमों के अनुसार तय होगी। पहले ₹15,000 की Salary Ceiling पर क्या था Calculation? पुरानी ₹15,000 की ceiling को उदाहरण में लें और 35 साल की service मानें, तो calculation होगी: ₹15,000 × 35 ÷ 70 = ₹7,500 प्रति माह वहीं ₹25,000 को pensionable salary मानने पर यही calculation: ₹25,000 × 35 ÷ 70 = ₹12,500 प्रति माह इससे साफ है कि calculation में pensionable salary का कितना महत्व है। हालांकि नई wage ceiling लागू होने का मतलब यह नहीं है कि हर मौजूदा EPFO member की pension अपने आप बढ़कर ₹12,500 हो जाएगी। किन कर्मचारियों को मिलेगा फायदा? नई व्यवस्था का असर खास तौर पर उन कर्मचारियों पर पड़ेगा जिनका वेतन ₹15,000 से अधिक और ₹25,000 तक है और जो EPFO coverage की संबंधित शर्तों को पूरा करते हैं। सरकार का अनुमान है कि इससे 51 लाख से ज्यादा नए कर्मचारी अनिवार्य EPFO coverage में आ सकते हैं। इसका उद्देश्य ज्यादा कर्मचारियों को formal social security system से जोड़ना है, ताकि नौकरी के दौरान retirement savings और दूसरी सामाजिक सुरक्षा सुविधाओं का दायरा बढ़ सके। EPF, EPS और EDLI में क्या मिलता है? EPFO से जुड़ने के बाद पात्र कर्मचारियों को अलग-अलग योजनाओं के तहत अलग-अलग फायदे मिलते हैं। EPF: कर्मचारी के retirement corpus को तैयार करने में मदद करता है। EPS: पात्र सदस्य को नियमों के अनुसार retirement के बाद pension benefit देता है। EDLI: EPFO members के लिए insurance benefit से जुड़ी योजना है। इन सभी योजनाओं के अपने अलग नियम और eligibility conditions हैं। सरकार ने क्यों बढ़ाई Wage Ceiling? सरकार का तर्क है कि पिछले वर्षों में वेतन और रोजगार के स्वरूप में बदलाव आया है। ₹15,000 की पुरानी सीमा लंबे समय से लागू थी। ऐसे में wage ceiling को ₹25,000 करने से ज्यादा कर्मचारियों को social security network में लाने का रास्ता खुल सकता है। इस फैसले से केंद्र सरकार पर भी अतिरिक्त वित्तीय बोझ पड़ेगा। सरकार के अनुमान के मुताबिक, wage ceiling बढ़ाने से सालाना करीब ₹11,339 करोड़ का अतिरिक्त खर्च हो सकता है। सबसे जरूरी बात: ₹25,000 Salary = ₹12,500 Pension नहीं अगर आप भी ₹25,000 salary लेते हैं तो इस खबर का सबसे जरूरी हिस्सा यही है कि ₹12,500 pension कोई fixed amount नहीं है। यह रकम सिर्फ एक example है, जिसमें ₹25,000 pensionable salary और 35 साल की service को formula में रखा गया है। आपकी actual pension कितनी होगी, यह आपके pensionable salary, pensionable service और लागू EPS provisions पर निर्भर करेगा।

About Me

देशहरपल सिर्फ खबरों का मंच नहीं, बल्कि आपकी आवाज़ को सामने लाने का एक सशक्त माध्यम भी है। यहां आपको ताज़ातरीन खबरों के साथ-साथ नौकरी, शिक्षा, और नए भारत की बदलती आर्थिक तस्वीर पर उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी मिलेगी।

Phone: +91 9406783569, +91 755 484 8829
Email: support@deshharpal.com
Address : A-23 Sakshi Bunglow Trilanga Near Aura Mall Bhopal M.P

Recent Posts

  • All Post
  • Breaking News
  • Education
  • More News
  • Web Story
  • एंटरटेनमेंट
  • देश-हरपल
  • धर्म-कर्म
  • प्रदेश
  • बिज़नेस
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • वीडियो
  • स्पोर्ट्स
    •   Back
    • एक्सक्लूसिव
    • Editorial
    •   Back
    • IPL 2026
    • T20 वर्ल्ड कप
    • FIFA 2026
    •   Back
    • सोच-विचार
    • हेल्थ
    • ट्रैवल
    • कल्चर
    • एनवायरनमेंट
    • Impact Feature
    •   Back
    • राशिफल
    • पंचांग
    • पर्व-त्यौहार
    • पूजा-पाठ
    • चैत्र नवरात्रि 2025
    •   Back
    • मध्य प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    •   Back
    • टीवी
    • वेब-सीरीज
    • फिल्म रिव्यू
    • बॉलीवुड
    •   Back
    • लाइफस्टाइल
    •   Back
    • स्टॉक-मार्केट

© 2023 Deshharpal. All Rights Reserved.