आपका चैनल --
ताज़ा खबर
BREAKINGमध्य प्रदेशरानी कमलापति स्टेशन पर दूरंतो एक्सप्रेस में यात्रियों और पैंट्री कर्मचारियों के बीच मारपीट, 29 मिनट खड़ी रही ट्रेन◆BREAKINGमध्य प्रदेशमध्यप्रदेश में पारंपरिक खेलों को बढ़ावा देने के लिए खर्च होंगे 7.5 करोड़ रुपए, 330 विकासखंडों में होगा खेल महोत्सव◆BREAKINGस्पोर्ट्सएशियन पैरा गेम्स में भारत का धमाकेदार प्रदर्शन, दूसरे दिन जीते 24 मेडल; कुल पदक 35 हुए◆BREAKINGदेश-हरपलSBI ग्राहकों का डेटा Dark Web पर मिलने से बढ़ी चिंता, जांच में जुटा बैंक◆BREAKINGदेश-हरपलDelhi HighCourt: सौरव दास-आशुतोष रांका ने वापस ली याचिका, Bond की शर्तों पर कोर्ट के सवाल◆BREAKINGबिज़नेसShare Market Update सेंसेक्स की तेजी पर लगा ब्रेक, Auto-Metal Stocks में दबाव◆BREAKINGमध्य प्रदेशमध्यप्रदेश के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में विवादों की लंबी फेहरिस्त, खरीदी से लेकर भर्ती तक उठे सवाल◆BREAKINGबिज़नेसGold-Silver Rate सोना लगातार दूसरे दिन हुआ सस्ता, चांदी के दाम भी गिरे◆BREAKINGमध्य प्रदेशरानी कमलापति स्टेशन पर दूरंतो एक्सप्रेस में यात्रियों और पैंट्री कर्मचारियों के बीच मारपीट, 29 मिनट खड़ी रही ट्रेन◆BREAKINGमध्य प्रदेशमध्यप्रदेश में पारंपरिक खेलों को बढ़ावा देने के लिए खर्च होंगे 7.5 करोड़ रुपए, 330 विकासखंडों में होगा खेल महोत्सव◆BREAKINGस्पोर्ट्सएशियन पैरा गेम्स में भारत का धमाकेदार प्रदर्शन, दूसरे दिन जीते 24 मेडल; कुल पदक 35 हुए◆BREAKINGदेश-हरपलSBI ग्राहकों का डेटा Dark Web पर मिलने से बढ़ी चिंता, जांच में जुटा बैंक◆BREAKINGदेश-हरपलDelhi HighCourt: सौरव दास-आशुतोष रांका ने वापस ली याचिका, Bond की शर्तों पर कोर्ट के सवाल◆BREAKINGबिज़नेसShare Market Update सेंसेक्स की तेजी पर लगा ब्रेक, Auto-Metal Stocks में दबाव◆BREAKINGमध्य प्रदेशमध्यप्रदेश के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में विवादों की लंबी फेहरिस्त, खरीदी से लेकर भर्ती तक उठे सवाल◆BREAKINGबिज़नेसGold-Silver Rate सोना लगातार दूसरे दिन हुआ सस्ता, चांदी के दाम भी गिरे◆

NE

News Elementor

What's Hot

Banner

Latest Posts

महिला हॉकी वर्ल्ड कप में भारत की बड़ी जीत, साउथ अफ्रीका को 6-1 से हराकर पूल-D में टॉप पर पहुंची टीम

भारतीय महिला हॉकी टीम ने एफआईएच महिला हॉकी वर्ल्ड कप 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए साउथ अफ्रीका को 6-1 से हरा दिया। एम्सटेलवीन में खेले गए पूल-D के मुकाबले में भारत ने शुरुआत से ही दबदबा बनाए रखा और टूर्नामेंट में अपनी पहली जीत दर्ज की। इस जीत के साथ भारत पूल-D की पॉइंट्स टेबल में शीर्ष पर पहुंच गया है। भारत की ओर से सुनेलिता टोप्पो, नवनीत कौर, सुशीला चानू, दीपिका, लालरेमसियामी और साक्षी राणा ने एक-एक गोल किया। साउथ अफ्रीका के लिए एकमात्र गोल कायला डी वाल ने 55वें मिनट में किया। यह वर्ल्ड कप में भारत की अब तक की सबसे बड़ी जीत भी रही। नवनीत ने पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदला भारत ने पहले क्वार्टर में ही सुनेलिता टोप्पो के गोल से बढ़त बना ली थी। इसके बाद दूसरे क्वार्टर की शुरुआत में नवनीत कौर ने पेनल्टी कॉर्नर को शानदार तरीके से गोल में बदला। 17वें मिनट में नवनीत ने एंगल बदलते हुए लो और तेज शॉट लगाया, जिसे साउथ अफ्रीकी गोलकीपर रोक नहीं सकीं। भारत की बढ़त 2-0 हो गई। इसके बाद भारतीय टीम ने लगातार आक्रमण जारी रखा और सर्कल में कई मौके बनाए। सुशीला के गोल से भारत 3-0 आगे 25वें मिनट में भारत ने तीसरा गोल किया। दीपिका के ड्रैगफ्लिक पर साउथ अफ्रीकी डिफेंस से डिफ्लेक्शन हुआ और गेंद सुशीला चानू के पास पहुंची। सुशीला ने मौके का फायदा उठाते हुए गेंद को गोल में पहुंचा दिया। भारत ने 3-0 की मजबूत बढ़त बना ली। इसके बाद भी भारतीय टीम ने दबाव कम नहीं किया और लगातार पेनल्टी कॉर्नर व सर्कल एंट्री हासिल करती रही। तीसरे क्वार्टर में तीन और गोल भारत ने तीसरे क्वार्टर में मुकाबले को पूरी तरह अपने नियंत्रण में कर लिया। दीपिका, लालरेमसियामी और साक्षी राणा ने गोल कर स्कोर 6-0 कर दिया। साउथ अफ्रीका ने आखिरी क्वार्टर में वापसी की कोशिश की और 55वें मिनट में कायला डी वाल ने गोल कर स्कोर 6-1 किया, लेकिन भारत ने बाकी समय में अपनी बढ़त कायम रखी और मुकाबला अपने नाम कर लिया। टॉप-8 की रेस में भारत की स्थिति मजबूत इस जीत के बाद भारत की अगले दौर में पहुंचने की स्थिति मजबूत हो गई है। टीम को अब अपने आखिरी पूल मुकाबले में इंग्लैंड के खिलाफ कम से कम ड्रॉ की जरूरत होगी, जिससे वह टॉप-8 में जगह पक्की कर सके। भारत ने टूर्नामेंट के अपने पहले मुकाबले में ओलिंपिक सिल्वर मेडलिस्ट चीन के खिलाफ 2-2 से ड्रॉ खेला था। उस मैच में नवनीत कौर और दीपिका ने भारत के लिए गोल किए थे। भारत के लिए शानदार शुरुआत चीन के खिलाफ ड्रॉ के बाद साउथ अफ्रीका पर 6-1 की बड़ी जीत ने भारतीय टीम के अभियान को मजबूती दी है। अब टीम की नजर इंग्लैंड के खिलाफ आखिरी पूल मुकाबले पर होगी, जहां एक अंक भी भारत को अगले दौर में पहुंचाने के लिए काफी हो सकता है।
Read more

खेलों पर अगले 5 साल में ₹36,441 करोड़ खर्च करेगी सरकार, 2036 ओलिंपिक में टॉप-10 का लक्ष्य

भारत सरकार खेलों को बढ़ावा देने और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की स्थिति मजबूत करने के लिए अगले पांच वर्षों में ₹36,441 करोड़ खर्च करेगी। भारतीय खेल प्राधिकरण (SAI) के अनुसार, यह राशि 2026 से 2031 के बीच रिवैंप्ड खेलो इंडिया योजना के तहत खर्च की जाएगी। सरकार ने बजट के साथ भविष्य के ओलिंपिक के लिए मेडल लक्ष्य भी तय किए हैं। भारत का लक्ष्य 2036 ओलिंपिक की मेडल टैली में टॉप-10 और 2048 ओलिंपिक में टॉप-5 देशों में जगह बनाना है। भारत 2036 ओलिंपिक की मेजबानी की दावेदारी भी पेश करना चाहता है। वहीं, 2048 ओलिंपिक तक देश की आजादी के 100 वर्ष पूरे हो चुके होंगे। ऐसे में सरकार लंबे समय की रणनीति के तहत भारतीय खिलाड़ियों को मजबूत करने पर जोर दे रही है। खिलाड़ियों की संख्या 10 गुना बढ़ाने की तैयारी SAI रीजनल सेंटर मुंबई के क्षेत्रीय निदेशक पांडुरंग चाटे के मुताबिक, रिवैंप्ड खेलो इंडिया योजना का उद्देश्य अलग-अलग योजनाओं के बजाय खिलाड़ियों के लिए पूरी खेल यात्रा तैयार करना है। योजना के बजट को करीब 8 गुना बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके साथ ही 2026 से 2031 के बीच योजना से लाभ पाने वाले खिलाड़ियों की संख्या को भी 10 गुना तक बढ़ाने की योजना है। 30 हजार खिलाड़ियों को मिलेगा फायदा रिवैंप्ड खेलो इंडिया योजना के तहत करीब 30 हजार खिलाड़ियों को सहायता देने की योजना है। योजना में केंद्र और राज्य के बीच खर्च का अनुपात 60:40 रखा गया है। SAI रीजनल सेंटर मुंबई ने कहा कि रिवैंप्ड खेलो इंडिया योजना महाराष्ट्र के मौजूदा स्पोर्ट्स इकोसिस्टम को और मजबूत करने का अवसर देगी। गौरतलब है कि पेरिस ओलिंपिक 2024 में भारत ने कुल 6 पदक जीते थे और मेडल टैली में 71वें स्थान पर रहा था। अब सरकार का फोकस खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण, सुविधाएं और लंबी अवधि की सहायता उपलब्ध कराकर ओलिंपिक में भारत के प्रदर्शन को नई ऊंचाई देने पर है।
Read more

हॉकी वर्ल्ड कप में इंग्लैंड ने भारत को 4-2 से हराया, 32 साल से जीत का इंतजार जारी

एम्सटेलवीन: भारतीय पुरुष हॉकी टीम को मेंस हॉकी वर्ल्ड कप में इंग्लैंड के खिलाफ 4-2 से हार का सामना करना पड़ा। सोमवार को वैगनर स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में भारत ने हाफ टाइम तक 2-1 की बढ़त बना रखी थी, लेकिन दूसरे हाफ में इंग्लैंड ने लगातार तीन गोल कर मैच अपने नाम कर लिया। इस हार के साथ वर्ल्ड कप में इंग्लैंड के खिलाफ भारत की जीत का इंतजार 32 साल का हो गया है। भारत ने आखिरी बार 1994 में इंग्लैंड को हराया था। अब भारतीय टीम का अगला मुकाबला 19 अगस्त को पाकिस्तान के खिलाफ होगा। पहले क्वार्टर में इंग्लैंड ने बनाई बढ़त भारत ने मुकाबले की शुरुआत आक्रामक अंदाज में की। छठे मिनट में जरमनप्रीत सिंह के पास गोल करने का मौका था, लेकिन उनका शॉट पोस्ट के बाहर चला गया। 14वें मिनट में निकोलस बंडुराक ने पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर इंग्लैंड को 1-0 की बढ़त दिला दी। हरमनप्रीत और दिलप्रीत ने पलटा मैच पहले क्वार्टर में पिछड़ने के बाद भारतीय टीम ने शानदार वापसी की। 17वें मिनट में कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने पेनल्टी कॉर्नर पर गोल कर स्कोर 1-1 कर दिया। इसके बाद 24वें मिनट में हार्दिक सिंह और अभिषेक के शानदार मूव के बाद दिलप्रीत सिंह ने फील्ड गोल दागकर भारत को 2-1 से आगे कर दिया। हाफ टाइम तक भारत इसी बढ़त पर रहा। तीसरे क्वार्टर में इंग्लैंड की वापसी दूसरे हाफ में इंग्लैंड ने आक्रामक खेल दिखाया। 39वें मिनट में स्टुअर्ट रशमेयर ने शानदार फ्लिक के जरिए गोल कर स्कोर 2-2 कर दिया। इसके कुछ ही मिनट बाद 44वें मिनट में रशमेयर ने गेंद हेनरी क्रॉफ्ट तक पहुंचाई। क्रॉफ्ट ने जोरदार हिट लगाकर गेंद को गोल पोस्ट के निचले कोने में पहुंचाया और इंग्लैंड 3-2 से आगे हो गया। चौथे क्वार्टर में बंडुराक ने किया दूसरा गोल 51वें मिनट में अभिषेक के पास भारत को बराबरी का मौका था, लेकिन उनका शॉट पोस्ट के बेहद करीब से बाहर निकल गया। 54वें मिनट में इंग्लैंड को पेनल्टी कॉर्नर मिला। निकोलस बंडुराक ने इसे गोल में बदलकर अपना दूसरा गोल किया और इंग्लैंड की बढ़त 4-2 कर दी। इसके बाद भारत ने वापसी की कोशिश की, लेकिन इंग्लैंड के मजबूत डिफेंस को भेद नहीं सका। इंग्लैंड पूल-डी में टॉप पर इंग्लैंड ने टूर्नामेंट में लगातार दूसरी जीत दर्ज की और पूल-डी में दो जीत के साथ शीर्ष पर पहुंच गया है। भारत के खाते में अब एक जीत और एक हार है। भारत का अगला मुकाबला पाकिस्तान से इंग्लैंड के खिलाफ हार के बाद भारतीय टीम अब 19 अगस्त को पाकिस्तान के खिलाफ मैदान पर उतरेगी। भारत के लिए यह मुकाबला बेहद अहम होगा। दोनों टीमों के स्क्वॉड भारत: हरमनप्रीत सिंह (कप्तान), जरमनप्रीत सिंह, अभिषेक, मनप्रीत सिंह, हार्दिक सिंह, दिलप्रीत सिंह, मंदीप सिंह, सुमित, नीलकंठ शर्मा, लालगे आदित्य अर्जुन, शशिकुमार मोहिथ होन्नेनहल्ली, अमित रोहिदास, जुगराज सिंह, विवेक सागर प्रसाद, सुखजीत सिंह, यशदीप सिवाच, संजय, सूरज करकेरा, राजिंदर सिंह, शिलानंद लाकड़ा। इंग्लैंड: जैचरी वॉलेस (कप्तान), निकोलस पार्क, जैक वॉलर, थॉमस सॉर्सबी, हेनरी क्रॉफ्ट, सैम वार्ड, जेम्स अल्बरी, फिल रोपर, जेम्स मजारेजो, स्टुअर्ट रशमेयर, टिमोथी नर्स, डेविड गुडफील्ड, ऑलिवर पेन, निकोलस बंडुराक, जेम्स गॉल, लियाम सैनफोर्ड, कॉनर विलियमसन, विल कैलनन, सैमुअल हूपर, बेन फॉक्स।
Read more
IND vs SL

IND vs SL: Team India का दबदबा, श्रीलंका 62/4; भारत ने पहली पारी में बनाए 462 रन

भारत और श्रीलंका (IND vs SL) के बीच जारी टेस्ट मुकाबले में टीम इंडिया ने अपनी पहली पारी में 462 रन बनाकर श्रीलंका के सामने मजबूत चुनौती रख दी है। भारतीय पारी के जवाब में मैदान पर उतरी श्रीलंकाई टीम की शुरुआत उम्मीद के मुताबिक नहीं रही। टीम ने सिर्फ 62 रन के स्कोर पर चार विकेट गंवा दिए, जिससे भारतीय गेंदबाजों का दबाव साफ नजर आ रहा है। 462 रन बनाकर भारत ने बनाई मजबूत स्थिति भारतीय बल्लेबाजों ने पहली पारी में अच्छी बल्लेबाजी करते हुए स्कोर को 462 रन तक पहुंचाया। इस स्कोर के साथ टीम इंडिया ने श्रीलंका पर शुरुआत से ही दबाव बनाने का काम किया। भारत के लिए अब सबसे अहम काम श्रीलंका की पहली पारी को जल्द समेटना और ज्यादा से ज्यादा बढ़त हासिल करना है। अगर भारतीय गेंदबाज श्रीलंका को कम स्कोर पर रोकने में सफल रहते हैं, तो मैच में टीम इंडिया की स्थिति और मजबूत हो सकती है। 62 रन पर श्रीलंका के 4 विकेट भारत के 462 रन के जवाब में श्रीलंका की पारी की शुरुआत लड़खड़ा गई। 62 रन तक पहुंचते-पहुंचते श्रीलंका के चार बल्लेबाज पवेलियन लौट चुके थे। भारतीय गेंदबाजों ने लगातार सही लाइन और लेंथ पर गेंदबाजी करते हुए श्रीलंकाई बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। सुथार ने दो विकेट लेकर सबसे ज्यादा असर डाला, जबकि मोहम्मद सिराज और कुलदीप यादव ने एक-एक विकेट अपने नाम किया। सुथार ने दिखाया दम, सिराज-कुलदीप का भी मिला साथ श्रीलंका के खिलाफ इस पारी में सुथार भारतीय गेंदबाजी के प्रमुख हथियार बनकर उभरे हैं। उनके दो विकेट ने श्रीलंका की बल्लेबाजी को शुरुआती झटका दिया। दूसरी तरफ सिराज और कुलदीप यादव ने भी एक-एक विकेट लेकर टीम को जरूरी सफलता दिलाई। भारतीय गेंदबाजों के प्रदर्शन से साफ है कि टीम श्रीलंका को ज्यादा रन बनाने का मौका नहीं देना चाहती। अब बड़ी बढ़त पर Team India की नजर मुकाबले की मौजूदा स्थिति में भारत मजबूत दिखाई दे रहा है। 462 रन का स्कोर और श्रीलंका के 62 रन पर चार विकेट टीम इंडिया के लिए अच्छी शुरुआत है। हालांकि टेस्ट क्रिकेट में एक सेशन भी पूरा मैच बदल सकता है। श्रीलंका के बल्लेबाज अगर लंबी साझेदारी बनाने में सफल रहते हैं तो भारत की बढ़त कम हो सकती है। इसलिए भारतीय गेंदबाजों के लिए अगला लक्ष्य श्रीलंका के बाकी बल्लेबाजों को जल्द आउट करना होगा। फिलहाल क्रिकेट फैंस की नजर इस बात पर है कि क्या भारत श्रीलंका को सस्ते में समेटकर पहली पारी में बड़ी बढ़त हासिल कर पाएगा? मुकाबला जैसे-जैसे आगे बढ़ेगा, तस्वीर और साफ होती जाएगी। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more

IPL 2027 से पहले राजस्थान छोड़ सकते हैं यशस्वी जायसवाल, हार्दिक पंड्या से ट्रेड की चर्चा

जयपुर। IPL 2027 से पहले राजस्थान रॉयल्स में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, फ्रेंचाइजी भारतीय ओपनर यशस्वी जायसवाल को रिलीज करने पर विचार कर रही है। यह भी दावा किया जा रहा है कि जायसवाल का मुंबई इंडियंस के ऑलराउंडर हार्दिक पंड्या के साथ ट्रेड हो सकता है। हालांकि, राजस्थान रॉयल्स, मुंबई इंडियंस या दोनों खिलाड़ियों की ओर से इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। रियान पराग को कप्तानी मिलने से नाराजगी की चर्चा रिपोर्ट्स के अनुसार, राजस्थान मैनेजमेंट यशस्वी के रवैये से खुश नहीं है। इसकी एक वजह रियान पराग को यशस्वी से पहले कप्तानी की जिम्मेदारी दिया जाना बताई जा रही है। हालांकि, यह जानकारी अभी रिपोर्ट्स पर आधारित है और फ्रेंचाइजी ने इसकी पुष्टि नहीं की है। वैभव सूर्यवंशी ने बनाई अलग पहचान IPL 2026 में यशस्वी जायसवाल ने 16 मैचों में 427 रन बनाए। उनका औसत 30.50 और स्ट्राइक रेट 152.50 रहा। इस दौरान उन्होंने तीन अर्धशतक लगाए। वहीं, उनके ओपनिंग पार्टनर वैभव सूर्यवंशी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 16 मैचों में 776 रन बनाए। उनका स्ट्राइक रेट 237.30 रहा। वैभव ने सीजन में ऑरेंज कैप, सुपर सिक्सेस और सुपर स्ट्राइकर जैसे खिताब अपने नाम किए। राजस्थान को फास्ट बॉलिंग ऑलराउंडर की तलाश राजस्थान रॉयल्स को टीम में एक मजबूत फास्ट बॉलिंग ऑलराउंडर की जरूरत बताई जा रही है। फ्रेंचाइजी ने पिछले सीजन में चेन्नई सुपर किंग्स के साथ ट्रेड के जरिए संजू सैमसन के बदले सैम करन और रवींद्र जडेजा को टीम में शामिल किया था। हालांकि सैम करन चोट के कारण पूरे सीजन में एक भी मुकाबला नहीं खेल सके। इसी वजह से हार्दिक पंड्या को टीम में शामिल करने की संभावनाओं को लेकर चर्चाएं तेज हुई हैं। हार्दिक के ट्रेड की चर्चा पहले भी हार्दिक पंड्या के ट्रेड को लेकर पहले भी कई रिपोर्ट्स सामने आ चुकी हैं। चेन्नई सुपर किंग्स के अलावा राजस्थान रॉयल्स, कोलकाता नाइट राइडर्स और दिल्ली कैपिटल्स के नाम भी उनके संभावित ट्रेड को लेकर चर्चा में रहे हैं। हालांकि, मुंबई इंडियंस के प्रवक्ता ने स्पोर्टस्टार से बातचीत में खिलाड़ियों के ट्रेड को लेकर किसी बातचीत से इनकार किया था। मुंबई में हार्दिक की कप्तानी पर भी सवाल हार्दिक पंड्या 2024 में गुजरात टाइटंस से ट्रेड होकर मुंबई इंडियंस में लौटे थे। इसके बाद रोहित शर्मा की जगह उन्हें टीम की कप्तानी सौंपी गई। हार्दिक की कप्तानी में मुंबई 2024 में ग्रुप स्टेज से आगे नहीं बढ़ सकी। 2025 में टीम प्लेऑफ तक पहुंची, जबकि 2026 में एक बार फिर ग्रुप स्टेज में ही बाहर हो गई। फिलहाल यशस्वी-हार्दिक ट्रेड की खबरें सिर्फ मीडिया रिपोर्ट्स तक सीमित हैं। आधिकारिक पुष्टि के बाद ही स्थिति साफ होगी।
Read more

महिला हॉकी वर्ल्ड कप: भारत ने नंबर-4 चीन को 2-2 से रोका

FIH रैंकिंग में 9वें स्थान पर काबिज भारतीय महिला हॉकी टीम ने वर्ल्ड कप के अपने पहले मुकाबले में शानदार प्रदर्शन करते हुए नंबर-4 चीन को 2-2 के ड्रॉ पर रोक दिया। वैगनर स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में भारत की ओर से नवनीत कौर और दीपिका ने गोल किए। भारत ने शुरुआत से ही आक्रामक खेल दिखाया। 8वें मिनट में नवनीत कौर ने फील्ड गोल कर टीम को 1-0 की बढ़त दिलाई। हालांकि 15वें मिनट में चीन को पेनल्टी स्ट्रोक मिला, जिसे झांग यिंग ने गोल में बदलकर स्कोर बराबर कर दिया। दूसरे क्वार्टर में भारत ने फिर बढ़त हासिल की। 25वें मिनट में दीपिका ने शानदार ड्रैग-फ्लिक के जरिए पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदल दिया और भारत 2-1 से आगे हो गया। तीसरे क्वार्टर में चीन ने दबाव बढ़ाया और 39वें मिनट में मा निंग ने पेनल्टी कॉर्नर पर गोल करके मुकाबला 2-2 से बराबर कर दिया। आखिरी क्वार्टर में चीन ने लगातार विजयी गोल की कोशिश की, लेकिन भारतीय डिफेंस ने शानदार प्रदर्शन करते हुए उन्हें रोक दिया। भारत को भी कुछ मौके मिले, लेकिन निर्णायक गोल नहीं हो सका और मुकाबला ड्रॉ पर खत्म हुआ। साविता की शानदार गोलकीपिंग चीन के दबाव के दौरान भारतीय गोलकीपर साविता ने कई अहम बचाव किए। आखिरी क्वार्टर में चीन को पेनल्टी कॉर्नर भी मिला, लेकिन भारतीय डिफेंस ने खतरे को टाल दिया। अब साउथ अफ्रीका से मुकाबला ड्रॉ के साथ भारत ने वर्ल्ड कप अभियान की शुरुआत की है। टीम का अगला मुकाबला साउथ अफ्रीका के खिलाफ होगा। भारत की कोशिश इस मैच में जीत दर्ज कर टूर्नामेंट में अपनी स्थिति मजबूत करने की होगी। भारत के गोल चीन के गोल
Read more

गॉल टेस्ट: पड्डिकल के 167 रन से भारत मजबूत, दूसरे दिन 9 विकेट पर 460 रन

भारत ने गॉल टेस्ट में श्रीलंका के खिलाफ दूसरे दिन का खेल खत्म होने तक 9 विकेट पर 460 रन बना लिए हैं। बारिश के कारण करीब साढ़े चार घंटे की देरी से शुरू हुए दिन के खेल में देवदत्त पड्डिकल ने 167 रन की शानदार पारी खेली। इसके साथ ही वह श्रीलंका में नंबर-3 पर बल्लेबाजी करते हुए सबसे बड़ी टेस्ट पारी खेलने वाले भारतीय बन गए। पड्डिकल ने इस मामले में चेतेश्वर पुजारा का रिकॉर्ड तोड़ दिया, जिन्होंने 2017 में इसी मैदान पर श्रीलंका के खिलाफ 153 रन बनाए थे। बारिश के कारण साढ़े चार घंटे देर से शुरू हुआ खेल दूसरे दिन लगातार बारिश के कारण मुकाबला समय पर शुरू नहीं हो सका। करीब 4 घंटे 35 मिनट की देरी के बाद खेल दोबारा शुरू हुआ। बारिश के चलते लगभग आधे दिन का खेल प्रभावित हुआ। राहुल दोबारा बल्लेबाजी करने उतरे, 82 रन बनाकर आउट पहले दिन क्रैम्प की समस्या के कारण 77 रन पर रिटायर्ड हर्ट हुए केएल राहुल दूसरे दिन दोबारा बल्लेबाजी करने उतरे। ऋषभ पंत के आउट होने के बाद राहुल मैदान पर आए, लेकिन अपने स्कोर में सिर्फ 5 रन जोड़ सके। राहुल 82 रन बनाकर केशर नुवंथा की गेंद पर निशान फर्नांडो के हाथों कैच आउट हुए। पड्डिकल ने चौके से पूरा किया 150 का आंकड़ा देवदत्त पड्डिकल ने 86वें ओवर की आखिरी गेंद पर चौका लगाकर 150 रन पूरे किए। असिथा फर्नांडो की पैड्स पर आई गेंद को उन्होंने ऑन-साइड में फ्लिक कर बाउंड्री के पार पहुंचाया। इसके बाद पड्डिकल ने बल्ला उठाकर दर्शकों का अभिवादन स्वीकार किया, जबकि ड्रेसिंग रूम में मौजूद भारतीय खिलाड़ियों ने खड़े होकर उनका स्वागत किया। रॉड टकर की तबीयत बिगड़ी ऑस्ट्रेलियाई अंपायर रॉड टकर की तबीयत खराब होने के कारण उन्होंने तीसरे सेशन में अंपायरिंग नहीं की। उनकी जगह रिजर्व अंपायर रवींद्र विमलासिरी ने अंपायरिंग की जिम्मेदारी संभाली। ध्रुव जुरेल का कैच भी छूटा 101.5वें ओवर में प्रभात जयसूर्या की गेंद पर ध्रुव जुरेल का कैच स्लिप में छूट गया। जुरेल ने कट शॉट खेलने की कोशिश की और गेंद बल्ले का किनारा लेकर पहली स्लिप में गई। धनंजय डी सिल्वा ने कैच पकड़ने की कोशिश की, लेकिन गेंद उनके हाथ से लगकर बाजू और फिर पसली से टकरा गई। दिन का खेल खत्म होने तक भारत 9 विकेट पर 460 रन बना चुका है और पड्डिकल की रिकॉर्ड पारी ने टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया है।
Read more
IND vs SL

IND vs SL Test: ऐतिहासिक 600वें मुकाबले में भारत की नजर जीत पर, Sri Lanka देगा कड़ी टक्कर

भारत और श्रीलंका (IND vs SL) के बीच दो मैचों की Test Series का पहला मुकाबला आज यानी 15 अगस्त को Galle International Stadium में खेला जा रहा है। इस मैच पर क्रिकेट फैंस की नजरें इसलिए भी टिकी हैं, क्योंकि टीम इंडिया अपने क्रिकेट इतिहास का 600वां Test Match खेलने उतरी है। भारतीय क्रिकेट के लिए यह किसी खास मौके से कम नहीं है। शुभमन गिल की कप्तानी में टीम इंडिया इस ऐतिहासिक मुकाबले को जीतकर WTC 2025-27 में अपनी स्थिति मजबूत करना चाहेगी। दूसरी ओर श्रीलंका की टीम घरेलू मैदान का फायदा उठाकर भारत को कड़ी चुनौती देने के इरादे से उतरेगी। 600वें Test में गिल के सामने बड़ी जिम्मेदारी शुभमन गिल के लिए यह मुकाबला कप्तान के तौर पर भी अहम है। भारत को World Test Championship के अगले चक्र में लगातार अच्छे नतीजों की जरूरत है। ऐसे में 600वें टेस्ट पर जीत दर्ज करना टीम के आत्मविश्वास को और बढ़ा सकता है। भारतीय टीम की बल्लेबाजी में यशस्वी जायसवाल, केएल राहुल, शुभमन गिल, ऋषभ पंत और रवींद्र जडेजा जैसे खिलाड़ियों से उम्मीदें रहेंगी। खासकर गिल और पंत पर फैंस की निगाहें रहेंगी। Bumrah की गैरमौजूदगी में गेंदबाजी की परीक्षा भारत को इस मुकाबले में जसप्रीत बुमराह की कमी महसूस हो सकती है। उनकी अनुपस्थिति में तेज गेंदबाजी की जिम्मेदारी मोहम्मद सिराज और प्रसिद्ध कृष्णा जैसे गेंदबाजों पर बढ़ जाएगी। गॉल की परिस्थितियों को देखते हुए टीम इंडिया तीन स्पिनरों के साथ उतर सकती है। रवींद्र जडेजा और कुलदीप यादव के साथ मानव सुथार को भी मौका मिलने की संभावना है। अगर पिच पर टर्न मिला तो भारतीय स्पिन अटैक श्रीलंकाई बल्लेबाजों के लिए बड़ी परेशानी खड़ी कर सकता है। Galle Pitch पर Spin का खेल गॉल की पिच पर मुकाबला आगे बढ़ने के साथ स्पिन गेंदबाजों का प्रभाव बढ़ सकता है। ऐसे में टॉस जीतने वाली टीम के कप्तान के सामने सही फैसला लेने की चुनौती होगी। श्रीलंका के स्पिन गेंदबाज भी भारतीय बल्लेबाजों को परेशान करने की कोशिश करेंगे। खासकर दूसरी पारी में पिच का व्यवहार मैच का रुख बदल सकता है। Rain भी बिगाड़ सकती है Game Plan मुकाबले से पहले गॉल में बारिश ने टीमों की तैयारियों को प्रभावित किया है। मैच के दौरान भी मौसम पर नजर रहेगी। अगर बारिश के कारण खेल रुकता है तो दोनों टीमों की रणनीति प्रभावित हो सकती है। ऐसे में बल्लेबाजों को शुरुआत में संभलकर खेलना होगा, जबकि गेंदबाजों को परिस्थितियों का फायदा उठाने का मौका मिल सकता है। Gill और Pant पर रहेंगी खास नजरें शुभमन गिल के पास इस मुकाबले में WTC से जुड़ी एक खास उपलब्धि हासिल करने का मौका है। वहीं ऋषभ पंत भी टेस्ट क्रिकेट में 100 छक्कों के आंकड़े के बेहद करीब हैं। पंत के बल्ले से अगर कुछ बड़े शॉट निकलते हैं तो यह मुकाबला उनके लिए यादगार बन सकता है। भारत को अपने टॉप ऑर्डर से मजबूत शुरुआत की उम्मीद होगी। वहीं मिडिल ऑर्डर में पंत और जडेजा जैसी आक्रामक बल्लेबाजी मैच का रुख बदल सकती है। India vs Sri Lanka 1st Test: मैच की जरूरी जानकारी 600वें Test को यादगार बनाना चाहेगी टीम इंडिया भारत के लिए यह मुकाबला सिर्फ WTC Points हासिल करने का मौका नहीं है। 600वां Test अपने आप में भारतीय क्रिकेट के लंबे सफर की कहानी कहता है। अब टीम की कोशिश होगी कि इस ऐतिहासिक दिन को जीत के साथ यादगार बनाया जाए। हालांकि श्रीलंका अपने घर में आसान प्रतिद्वंद्वी नहीं है। Galle की परिस्थितियां, Spin और बदलता मौसम—इन तीनों के बीच जो टीम बेहतर तालमेल बिठाएगी, उसके पास मुकाबले में बढ़त बनाने का मौका रहेगा। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
India का स्पोर्टिंग राइज: जब International Stage पर शान से लहराया तिरंगा

India का स्पोर्टिंग राइज: जब International Stage पर शान से लहराया तिरंगा

जब भी किसी International Sporting Stage पर India का तिरंगा शान से लहराता है, तो वह पल सिर्फ किसी मेडल या ट्रॉफी की जीत नहीं होता। वह पूरे देश के लिए गर्व का पल होता है। भारतीय खिलाड़ियों ने अपनी मेहनत, लगन और जुनून से बार-बार दुनिया के सामने भारत का नाम रोशन किया है। भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने ICC Women’s Cricket World Cup जीतकर इतिहास रचा। स्मृति मंधाना, शेफाली वर्मा और दीप्ति शर्मा जैसी खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन कर एक बार फिर साबित किया कि भारतीय महिला क्रिकेट कितनी मजबूत हो चुकी है। वेटलिफ्टिंग में मीराबाई चानू आज भी लाखों युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा हैं। उनकी पूरी जर्नी संघर्ष, मेहनत और कभी हार न मानने वाले जज्बे की मिसाल है। वहीं बॉक्सिंग, बैडमिंटन, फेंसिंग और एथलेटिक्स में भी भारतीय खिलाड़ियों ने इंटरनेशनल लेवल पर अपनी मजबूत पहचान बनाई है। भारत के स्पोर्ट्स की सबसे खास बात यह है कि अब टैलेंट सिर्फ बड़े शहरों तक सीमित नहीं है। छोटे शहरों और गांवों से आने वाले युवा खिलाड़ी भी इंटरनेशनल पोडियम तक पहुंच रहे हैं। Khelo India जैसे इनिशिएटिव्स ने ग्रासरूट लेवल पर नए टैलेंट को पहचानने और उन्हें आगे बढ़ने का मौका देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। आज भारतीय स्पोर्ट्स का मतलब सिर्फ क्रिकेट नहीं रह गया है। बॉक्सिंग रिंग से लेकर बैडमिंटन कोर्ट तक और एथलेटिक्स ट्रैक से लेकर वेटलिफ्टिंग प्लेटफॉर्म तक, भारतीय खिलाड़ी बड़े सपनों के साथ मैदान में उतर रहे हैं। हर बार जब कोई भारतीय खिलाड़ी पोडियम पर खड़ा होता है, तिरंगा उसके साथ और भी ऊंचा हो जाता है। इस Independence Day पर इन खिलाड़ियों की सफलता हमें एक सीधा संदेश देती है— भारत सिर्फ स्पोर्टिंग ग्रेटनेस का सपना नहीं देख रहा, बल्कि उसे हकीकत में बदलने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more

जेमिमा रोड्रिग्स एशिया कप और एशियन गेम्स से बाहर, हैमस्ट्रिंग में गंभीर चोट

भारतीय महिला क्रिकेट टीम को बड़ा झटका लगा है। स्टार बल्लेबाज जेमिमा रोड्रिग्स हैमस्ट्रिंग की गंभीर चोट के कारण एशिया कप और एशियन गेम्स से बाहर हो गई हैं। उनकी जगह प्रतिका रावल को टीम में शामिल किया गया है। BCCI ने शुक्रवार को बताया कि 25 वर्षीय जेमिमा की मेडिकल जांच में दाहिनी हैमस्ट्रिंग में हाई-ग्रेड टियर इंजरी सामने आई है। यह चोट उन्हें इंग्लैंड में खेले जा रहे द हंड्रेड टूर्नामेंट के दौरान 3 अगस्त को लगी थी। द हंड्रेड में खेलते हुए लगी चोट BCCI के मुताबिक, द हंड्रेड के एक मुकाबले के दौरान जेमिमा की दाहिनी हैमस्ट्रिंग में चोट लगी थी। इसके बाद उन्हें बेंगलुरु स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में मेडिकल टीम की निगरानी में रखा गया, जहां जांच में गंभीर टियर की पुष्टि हुई। चोट की गंभीरता को देखते हुए उन्हें आगामी दोनों बड़े टूर्नामेंट से बाहर होना पड़ा है। एशिया कप 28 अगस्त से महिला एशिया कप 28 अगस्त से 5 सितंबर तक दुबई में खेला जाएगा। जेमिमा की जगह अब प्रतिका रावल भारतीय टीम का हिस्सा होंगी। एशियन गेम्स में भी नहीं खेलेंगी एशियन गेम्स का आयोजन जापान के नागोया में 17 सितंबर से 3 अक्टूबर तक होगा। महिला क्रिकेट मुकाबले टी-20 फॉर्मेट में खेले जाएंगे। जेमिमा इस टूर्नामेंट में भी भारतीय टीम का हिस्सा नहीं होंगी। एशिया कप के लिए भारत की टीम हरमनप्रीत कौर (कप्तान), स्मृति मंधाना (उपकप्तान), शेफाली वर्मा, भारती फुलमाली, दीप्ति शर्मा, ऋचा घोष (विकेटकीपर), जी. कमालिनी (विकेटकीपर), अरुंधति रेड्डी, प्रेमा रावत, राधा यादव, श्री चरणी, रेणुका ठाकुर, नंदनी शर्मा, क्रांति गौड़ और प्रतिका रावल।
Read more
1 … 6 7 8 9 10 … 49

Trending News

Editor's Picks

रानी कमलापति स्टेशन पर दूरंतो एक्सप्रेस में यात्रियों और पैंट्री कर्मचारियों के बीच मारपीट, 29 मिनट खड़ी रही ट्रेन

भोपाल के रानी कमलापति रेलवे स्टेशन पर मंगलवार सुबह दूरंतो एक्सप्रेस में यात्रियों और पैंट्री कर्मचारियों के बीच मारपीट हो गई। घटना सुबह करीब 11:30 बजे की बताई जा रही है। सामान चढ़ाने और यात्रियों के आने-जाने को लेकर शुरू हुआ विवाद बढ़ गया, जिसके चलते ट्रेन करीब 29 मिनट तक स्टेशन पर खड़ी रही। आरोप है कि पैंट्री कर्मचारियों ने एकजुट होकर यात्रियों पर हमला किया। विवाद के दौरान कर्मचारियों द्वारा चेन पुलिंग किए जाने की बात भी सामने आई है। बताया गया कि ट्रेन रानी कमलापति स्टेशन पर पहले ही निर्धारित समय से 3 घंटे 33 मिनट की देरी से पहुंची थी। जीआरपी ने मौके पर पहुंचकर शांत कराया विवाद घटना की सूचना मिलने पर जीआरपी मौके पर पहुंची और यात्रियों व पैंट्री कर्मचारियों के बीच चल रहे विवाद को शांत कराया। जीआरपी टीआई अमित शर्मा के मुताबिक, पीड़ित यात्री बेंगलुरु जा रहा था। उन्होंने बताया कि रानी कमलापति स्टेशन पर इस मामले में शिकायत नहीं मिली। वहीं, नागपुर में जीरो पर प्रकरण दर्ज किए जाने की सूचना है। मामले में आगे की कार्रवाई संबंधित जीआरपी के स्तर पर की जाएगी।

मध्यप्रदेश में पारंपरिक खेलों को बढ़ावा देने के लिए खर्च होंगे 7.5 करोड़ रुपए, 330 विकासखंडों में होगा खेल महोत्सव

मध्यप्रदेश में पारंपरिक और आंचलिक खेलों को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार करीब साढ़े सात करोड़ रुपए खर्च करने की तैयारी कर रही है। खेल विभाग ने इसके लिए छोटे शहरों में प्रशिक्षण केंद्र खोलने की योजना बनाई है। इसके साथ ही प्रदेश के सभी 330 विकासखंडों में हर साल पारंपरिक खेल महोत्सव आयोजित किए जाएंगे। इस योजना का मुख्य उद्देश्य पारंपरिक खेलों को संरक्षण देना और ग्रामीण व आदिवासी क्षेत्रों में छिपी खेल प्रतिभाओं की पहचान करना है। सरकार की इस पहल से स्थानीय खेलों को प्रतियोगिताओं और व्यवस्थित प्रशिक्षण के जरिए आगे बढ़ाने की कोशिश की जाएगी। पिट्ठू से मलखंभ तक, कई खेल होंगे शामिल प्रस्तावित योजना में पिट्ठू, गदा और साइकिल रेस जैसे पारंपरिक व आंचलिक खेलों को शामिल किया गया है। इसके अलावा कबड्डी, खो-खो, पैदल चाल, तीरंदाजी और मलखंभ जैसे खेलों को भी बढ़ावा दिया जाएगा। खेल विभाग के अधिकारियों के मुताबिक, पारंपरिक खेल महोत्सव में विकासखंड स्तर से लेकर प्रदेश स्तर तक प्रतियोगिताएं आयोजित होंगी। इन स्पर्धाओं के लिए पूरे प्रदेश में एक समान नियम तैयार किए जाएंगे, ताकि खिलाड़ियों को प्रतियोगिताओं में भाग लेने के समान अवसर मिल सकें। छोटे शहरों में खुलेंगे प्रशिक्षण केंद्र खेल विभाग का मानना है कि ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में कई पारंपरिक खेल लंबे समय से स्थानीय संस्कृति का हिस्सा रहे हैं। हालांकि, इन खेलों से जुड़े खिलाड़ियों को अक्सर औपचारिक प्रशिक्षण और बड़े स्तर की प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेने का अवसर नहीं मिल पाता। प्रस्तावित प्रशिक्षण केंद्रों के माध्यम से ऐसे खिलाड़ियों को व्यवस्थित प्रशिक्षण देने की योजना है। इससे स्थानीय स्तर पर प्रतिभाओं की पहचान करने और उन्हें आगे बढ़ने के लिए बेहतर मंच उपलब्ध कराने में मदद मिल सकती है। आधुनिक खेलों से जोड़ने की भी तैयारी खेल विभाग इन प्रतियोगिताओं के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की पहचान करेगा। इसके बाद उन्हें आगे के प्रशिक्षण के लिए तैयार करने की योजना है। विभाग पारंपरिक खेलों से जुड़ी प्रतिभाओं को आधुनिक खेल व्यवस्था से जोड़ने के विकल्पों पर भी काम कर रहा है। इस पहल के जरिए पारंपरिक खेलों को नई पहचान देने के साथ-साथ ग्रामीण युवाओं की खेलों में भागीदारी बढ़ाने पर जोर दिया जाएगा। पारंपरिक खेलों के केंद्र स्थापित किए जाएंगे: विश्वास सारंग खेल मंत्री विश्वास सारंग के अनुसार, प्रदेश के विभिन्न अंचलों में कई देशी खेल प्रचलित हैं, लेकिन उन्हें बड़े पैमाने पर खेलने के अवसर सीमित हैं। अब इनके केंद्र स्थापित कर इन खेलों को बढ़ावा देने की योजना है। उन्होंने बताया कि प्रस्तावित योजना में टीम आधारित और व्यक्तिगत, दोनों तरह के खेलों को शामिल करने पर विचार किया जा रहा है।

एशियन पैरा गेम्स में भारत का धमाकेदार प्रदर्शन, दूसरे दिन जीते 24 मेडल; कुल पदक 35 हुए

जापान के आइची-नागोया में चल रहे एशियन पैरा गेम्स में भारत का शानदार प्रदर्शन जारी है। प्रतियोगिता के दूसरे दिन भारतीय खिलाड़ियों ने 24 मेडल जीते, जिनमें 5 गोल्ड, 6 सिल्वर और 13 ब्रॉन्ज शामिल हैं। इसके साथ ही भारत के कुल पदकों की संख्या 35 हो गई है। भारतीय खिलाड़ियों ने अब तक 9 गोल्ड, 11 सिल्वर और 15 ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किए हैं। दूसरे दिन एथलेटिक्स में भारतीय खिलाड़ियों का दबदबा देखने को मिला। पुरुषों की डिस्कस थ्रो स्पर्धा में भारत ने गोल्ड, सिल्वर और ब्रॉन्ज तीनों मेडल जीतकर शानदार उपलब्धि हासिल की। वहीं, निषाद कुमार ने हाई जंप में गेम्स रिकॉर्ड के साथ गोल्ड जीता। सिमरन शर्मा और दीप्ति जीवनजी ने भी क्रमशः 200 मीटर और 400 मीटर रेस में गोल्ड मेडल अपने नाम किए। शूटिंग में मनीष नरवाल ने सिल्वर मेडल जीता। इसके साथ ही उन्होंने 2028 में होने वाले लॉस एंजिलिस पैरालिंपिक्स के लिए कोटा भी हासिल किया। डिस्कस थ्रो में भारत का क्लीन स्वीप पुरुषों की डिस्कस थ्रो स्पर्धा में भारतीय खिलाड़ियों ने तीनों पदक जीतकर अपना दबदबा कायम किया। देवेंद्र कुमार ने 781 रजा पॉइंट्स के साथ गोल्ड मेडल हासिल किया। राकेश ने 771 पॉइंट्स लेकर सिल्वर, जबकि प्रदीप कुमार ने 669 पॉइंट्स के साथ ब्रॉन्ज मेडल जीता। इस मुकाबले की खास बात यह रही कि प्रदीप कुमार ने 51.15 मीटर का सबसे लंबा थ्रो किया, इसके बावजूद उन्हें ब्रॉन्ज मेडल मिला। इसकी वजह यह है कि इस स्पर्धा में अलग-अलग तरह की शारीरिक दिव्यांगता वाले खिलाड़ी एक साथ मुकाबला करते हैं। इसमें F43, F44, F62 और F64 कैटेगरी के खिलाड़ी शामिल थे। खिलाड़ियों की शारीरिक स्थिति और थ्रो करने की क्षमता में अंतर होने के कारण उनके प्रदर्शन का आकलन रजा पॉइंट्स सिस्टम के आधार पर किया जाता है। इस प्रणाली में खिलाड़ी की कैटेगरी के अनुसार प्रदर्शन को अंक दिए जाते हैं, जिससे अलग-अलग कैटेगरी के खिलाड़ियों के परिणामों की निष्पक्ष तुलना की जा सके। निषाद कुमार ने हाई जंप में जीता दूसरा गोल्ड भारतीय पैरा-एथलीट निषाद कुमार ने पुरुषों की हाई जंप T47 स्पर्धा में 2.02 मीटर की छलांग लगाकर गोल्ड मेडल जीता। यह इन गेम्स में उनका दूसरा गोल्ड है। इससे पहले वह लॉन्ग जंप में भी पहला स्थान हासिल कर चुके हैं। हाई जंप में खिलाड़ियों को एक निश्चित ऊंचाई पर रखी बार को बिना गिराए पार करना होता है। हर सफल प्रयास के बाद बार की ऊंचाई बढ़ाई जाती है और सबसे अधिक ऊंचाई पार करने वाला खिलाड़ी विजेता बनता है। T47 पैरा-एथलेटिक्स की वह श्रेणी है, जिसमें हाथ से जुड़ी शारीरिक दिव्यांगता वाले खिलाड़ी हिस्सा लेते हैं। निषाद की इस उपलब्धि से भारत के पदक अभियान को मजबूती मिली है। प्रणव सूरमा को गोल्ड, राम रतन सिंह ने जीता सिल्वर पुरुषों की डिस्कस थ्रो F51/F52/F53 स्पर्धा में भी भारतीय खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया। प्रणव सूरमा ने 932 रजा पॉइंट्स के साथ गोल्ड मेडल जीता, जबकि राम रतन सिंह 809 पॉइंट्स लेकर दूसरे स्थान पर रहे और उन्हें सिल्वर मेडल मिला। प्रणव ने अपने छह प्रयासों में 11.66 मीटर का सर्वश्रेष्ठ थ्रो किया। इस स्पर्धा में भी अलग-अलग कैटेगरी के खिलाड़ियों के प्रदर्शन की तुलना रजा पॉइंट्स के आधार पर की जाती है। इसलिए केवल थ्रो की दूरी के आधार पर विजेता तय नहीं होता। प्रणव और राम रतन के अंकों ने उन्हें क्रमशः पहला और दूसरा स्थान दिलाया। भारत की पदक तालिका पर नजर दूसरे दिन के शानदार प्रदर्शन के बाद भारत के कुल पदकों की संख्या 35 हो गई है। एथलेटिक्स में लगातार मिल रही सफलताओं और शूटिंग में मनीष नरवाल की उपलब्धि ने भारतीय अभियान को नई गति दी है। प्रतियोगिता के अगले दिनों में भी भारतीय खिलाड़ियों से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद रहेगी।
SBI

SBI ग्राहकों का डेटा Dark Web पर मिलने से बढ़ी चिंता, जांच में जुटा बैंक

देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के ग्राहकों की निजी जानकारी डार्क वेब पर मिलने का मामला सामने आया है। बैंक की शुरुआती जांच में 3,897 ग्राहक रिकॉर्ड में व्यक्तिगत जानकारी उजागर होने की पहचान की गई है। इनमें नाम, मोबाइल नंबर, ईमेल आईडी और पते जैसी जानकारियां शामिल हैं। इस खबर के सामने आने के बाद ग्राहकों की डेटा सिक्योरिटी को लेकर चिंता बढ़ गई है। SBI ने कहा है कि इस घटना से बैंक के सामान्य कामकाज, वित्तीय प्रदर्शन और सेवाओं पर कोई बड़ा असर नहीं पड़ा है। वहीं, डेटा कहां से आया, कितने ग्राहकों की जानकारी प्रभावित हुई और इसके पीछे क्या वजह रही, इन सवालों के जवाब तलाशने के लिए जांच की जा रही है। SBI Data Leak: कैसे सामने आया डेटा लीक का मामला? बैंक के अनुसार, 16 अक्टूबर 2026 को उसे अपने Threat Intelligence Service Provider, Defence Cyber Agency और भारतीय कंप्यूटर इमरजेंसी रिस्पॉन्स टीम (CERT-In) से डार्क वेब पर ग्राहकों का डेटा उपलब्ध होने की जानकारी मिली थी। इसके बाद SBI ने शुरुआती स्तर पर करीब 3.75 लाख रिकॉर्ड का विश्लेषण किया। इस प्रक्रिया में 3,897 ग्राहक रिकॉर्ड ऐसे मिले, जिनमें व्यक्तिगत पहचान से जुड़ी जानकारी मौजूद थी। हालांकि, डार्क वेब पर मिले सभी रिकॉर्ड के बारे में अभी पूरी जानकारी सामने नहीं आई है। बैंक जांच के जरिए यह पता लगाने की कोशिश कर रहा है कि डेटा कितना वास्तविक है और किस माध्यम से बाहर पहुंचा। ग्राहकों की कौन-सी निजी जानकारी हुई उजागर? शुरुआती जांच में सामने आए रिकॉर्ड में ग्राहकों से जुड़ी कई तरह की जानकारियां शामिल बताई गई हैं। इनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं: इनमें से कुछ जानकारियों का इस्तेमाल साइबर ठग लोगों को निशाना बनाने के लिए कर सकते हैं। उदाहरण के लिए, किसी ग्राहक का नाम, मोबाइल नंबर और बैंकिंग से जुड़ी जानकारी पता होने पर ठग खुद को बैंक कर्मचारी बताकर भरोसा जीतने की कोशिश कर सकते हैं। हालांकि, इस मामले में ग्राहकों के बैंक खातों से पैसे निकलने या किसी खास तरह की धोखाधड़ी होने की पुष्टि नहीं हुई है। SBI ने जांच के लिए उठाए जरूरी कदम डेटा लीक की जानकारी मिलने के बाद बैंक ने अपने साइबर सिक्योरिटी प्रोटोकॉल सक्रिय कर दिए। साथ ही, मामले की विस्तृत जांच के लिए CERT-In से सूचीबद्ध एक स्वतंत्र साइबर सुरक्षा एजेंसी को नियुक्त किया गया है। जांच में यह पता लगाने पर ध्यान दिया जा रहा है कि डेटा का स्रोत क्या था, जानकारी कैसे उजागर हुई और इससे ग्राहकों की सुरक्षा पर कितना असर पड़ सकता है। बैंक के अनुसार, जांच के नतीजों के आधार पर जरूरी सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे। फिलहाल डेटा लीक के पीछे किसी व्यक्ति या समूह की भूमिका को लेकर कोई अंतिम निष्कर्ष सामने नहीं आया है। क्या SBI ग्राहकों के बैंक खाते खतरे में हैं? डेटा लीक की खबर सुनकर ग्राहकों के मन में सबसे पहला सवाल यही आता है कि क्या उनके बैंक खाते सुरक्षित हैं? यहां एक बात समझना जरूरी है। ग्राहकों का नाम, मोबाइल नंबर या पता सामने आने का मतलब यह नहीं है कि उनके बैंक खाते भी हैक हो गए हैं। निजी जानकारी का उजागर होना और खाते से पैसे निकलना दो अलग-अलग बातें हैं। SBI ने कहा है कि इस घटना से उसके मुख्य कामकाज और सेवाओं पर कोई महत्वपूर्ण असर नहीं पड़ा है। हालांकि, निजी जानकारी का गलत इस्तेमाल करके फर्जी कॉल, मैसेज और ऑनलाइन ठगी की कोशिश की जा सकती है। इसलिए ग्राहकों को सावधानी बरतने की जरूरत है। Data Leak के बाद ग्राहकों को क्या करना चाहिए? डिजिटल बैंकिंग के दौर में थोड़ी सी लापरवाही भी परेशानी बढ़ा सकती है। ऐसे में SBI ग्राहकों को कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना चाहिए। 1. OTP और PIN किसी को न बताएं: बैंक अधिकारी बनकर फोन करने वाला व्यक्ति भी आपसे OTP, ATM PIN या CVV मांगे, तो जानकारी साझा न करें। 2. संदिग्ध लिंक से बचें: KYC अपडेट, बैंक खाता बंद होने या रिफंड मिलने के नाम पर आए अनजान लिंक पर क्लिक न करें। 3. बैंक खाते पर नजर रखें: अपने खाते के लेनदेन की नियमित जांच करें। कोई संदिग्ध ट्रांजैक्शन दिखे तो तुरंत बैंक से संपर्क करें। 4. फर्जी कॉल से सावधान रहें: अगर कोई व्यक्ति बैंकिंग जानकारी बताकर आपका भरोसा जीतने की कोशिश करे, तो उसकी पहचान की स्वतंत्र रूप से पुष्टि करें। 5. साइबर ठगी होने पर शिकायत करें: वित्तीय साइबर धोखाधड़ी की स्थिति में 1930 हेल्पलाइन या भारत सरकार के आधिकारिक साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं। ध्यान रखें कि किसी ठग के पास आपकी कुछ निजी जानकारी होने का मतलब यह नहीं है कि वह बैंक का अधिकृत प्रतिनिधि है। SBI Data Leak मामले में अब आगे क्या होगा? फिलहाल SBI डेटा लीक मामले की जांच जारी है। बैंक यह पता लगाने में जुटा है कि डार्क वेब पर उपलब्ध जानकारी कहां से आई और घटना का वास्तविक दायरा कितना बड़ा है। जांच पूरी होने के बाद ही डेटा लीक की वजह और ग्राहकों पर इसके संभावित प्रभाव को लेकर ज्यादा स्पष्ट तस्वीर सामने आएगी। तब तक ग्राहकों के लिए अपनी बैंकिंग जानकारी सुरक्षित रखना और संदिग्ध गतिविधियों से सतर्क रहना सबसे जरूरी है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Delhi HighCourt

Delhi HighCourt: सौरव दास-आशुतोष रांका ने वापस ली याचिका, Bond की शर्तों पर कोर्ट के सवाल

दिल्ली हाईकोर्ट (Delhi HighCourt) में बुधवार, 21 अक्टूबर को CJP नेताओं सौरव दास और आशुतोष रांका की याचिका पर सुनवाई हुई। दोनों नेताओं ने स्पेशल एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट (SEM) के उस आदेश को चुनौती दी थी, जिसमें उनकी न्यायिक हिरासत दो दिन के लिए बढ़ाई गई थी। सुनवाई के दौरान कोर्ट की टिप्पणियों के बाद दोनों ने अपनी याचिका वापस ले ली। जस्टिस सुब्रमणियम प्रसाद की बेंच ने सुनवाई के दौरान सवाल उठाया कि जब इस मामले में दूसरी कानूनी प्रक्रिया अपनाने का विकल्प मौजूद है, तो सीधे हाईकोर्ट का रुख क्यों किया गया। कोर्ट ने दोनों नेताओं की ओर से शांति बनाए रखने के लिए दिए गए बॉन्ड की शर्तों के उल्लंघन के आरोपों पर भी टिप्पणी की। Jantar Mantar Protest Case: क्या है पूरा मामला? सौरव दास और आशुतोष रांका को 13 अक्टूबर को दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन के बाद हिरासत में लिया गया था। यह प्रदर्शन मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ किया गया था। पुलिस के मुताबिक, प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेडिंग पार कर उस स्थान पर प्रवेश किया था, जिसे प्रदर्शन स्थल के रूप में पहले ही अधिसूचित सूची से हटा दिया गया था। इसके बाद दोनों नेताओं को न्यायिक हिरासत में भेजा गया। शुरुआत में उनकी हिरासत पांच दिन के लिए तय की गई थी। 19 अक्टूबर को स्पेशल एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट ने उनकी हिरासत दो दिन और बढ़ाने का आदेश दिया था। इसी फैसले को चुनौती देते हुए दोनों ने दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की थी। Court Remarks: बॉन्ड की शर्तों पर क्या कहा? सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने शांति बनाए रखने के लिए दिए गए बॉन्ड और उसके कथित उल्लंघन को लेकर सवाल उठाए। कोर्ट ने यह भी कहा कि बैरिकेडिंग तोड़ने जैसी घटना के बाद दूसरे लोगों के भी नियमों का उल्लंघन करने की आशंका बढ़ सकती है। दोनों नेताओं की ओर से पेश वकील ने हिरासत बढ़ाने के आदेश और जमानतदारों से जुड़ी प्रक्रिया पर सवाल उठाए। उनका पक्ष था कि दोनों ने आवश्यक जमानतदार पेश किए थे, इसके बावजूद उन्हें हिरासत में रखा गया। हालांकि, हाईकोर्ट ने मामले में उपलब्ध वैकल्पिक कानूनी उपाय अपनाने की बात कही। इसके बाद दोनों नेताओं की ओर से याचिका वापस लेने का फैसला किया गया। याचिका वापस लेने का क्या मतलब है? सौरव दास और आशुतोष रांका की याचिका वापस लिए जाने का अर्थ यह नहीं है कि हाईकोर्ट ने हिरासत बढ़ाने के आदेश को सही ठहरा दिया है। अदालत ने मामले के गुण-दोष पर कोई अंतिम राय दिए बिना याचिका वापस लेने की अनुमति दी। कोर्ट ने दोनों पक्षों को पहले स्पेशल एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट के समक्ष चल रही प्रक्रिया के नतीजे का इंतजार करने और जरूरत पड़ने पर उचित अपीलीय मंच का रुख करने की सलाह दी। इस मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया और मजिस्ट्रेट के समक्ष होने वाली सुनवाई महत्वपूर्ण रहेगी। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!

About Me

देशहरपल सिर्फ खबरों का मंच नहीं, बल्कि आपकी आवाज़ को सामने लाने का एक सशक्त माध्यम भी है। यहां आपको ताज़ातरीन खबरों के साथ-साथ नौकरी, शिक्षा, और नए भारत की बदलती आर्थिक तस्वीर पर उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी मिलेगी।

Phone: +91 9406783569, +91 755 484 8829
Email: support@deshharpal.com
Address : A-23 Sakshi Bunglow Trilanga Near Aura Mall Bhopal M.P

Recent Posts

  • All Post
  • Breaking News
  • Education
  • More News
  • Web Story
  • एंटरटेनमेंट
  • देश-हरपल
  • धर्म-कर्म
  • प्रदेश
  • बिज़नेस
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • वीडियो
  • स्पोर्ट्स
    •   Back
    • एक्सक्लूसिव
    • Editorial
    •   Back
    • IPL 2026
    • T20 वर्ल्ड कप
    • FIFA 2026
    •   Back
    • सोच-विचार
    • हेल्थ
    • ट्रैवल
    • कल्चर
    • एनवायरनमेंट
    • Impact Feature
    •   Back
    • राशिफल
    • पंचांग
    • पर्व-त्यौहार
    • पूजा-पाठ
    • चैत्र नवरात्रि 2025
    •   Back
    • मध्य प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    •   Back
    • टीवी
    • वेब-सीरीज
    • फिल्म रिव्यू
    • बॉलीवुड
    •   Back
    • लाइफस्टाइल
    •   Back
    • स्टॉक-मार्केट

© 2023 Deshharpal. All Rights Reserved.