जापान (Japan) के चिबा प्रीफेक्चर में गुरुवार को हुई रिकॉर्डतोड़ बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया। कुछ इलाकों में महज एक घंटे में 115 मिमी बारिश दर्ज की गई, जबकि चिबा शहर में 12 घंटे के भीतर 348 मिमी बारिश रिकॉर्ड हुई। इतनी तेज बारिश के कारण सड़कें और रेलवे लाइनें जलमग्न हो गईं, कई घरों में पानी घुस गया और बिजली आपूर्ति भी बाधित हुई। अधिकारियों के मुताबिक इस आपदा में कम से कम 4 लोगों की मौत हुई है और एक व्यक्ति लापता बताया गया है।
एक घंटे में महीने भर जितनी बारिश
बारिश की भयावहता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि चिबा में एक घंटे में 115 मिमी पानी बरसा। यह मात्रा आमतौर पर अगस्त के पूरे महीने में होने वाली बारिश के आसपास है। वहीं 12 घंटे में 348 मिमी बारिश ने पुराने रिकॉर्ड भी तोड़ दिए। मौसम विभाग के मुताबिक गर्म और नम हवा के ऊपर मौजूद ठंडी हवा के साथ मिलने से बेहद तेज बारिश की स्थिति बनी।
पहली बार जारी हुई Level-5 की सबसे ऊंची चेतावनी
हालात बिगड़ने पर Japan Meteorological Agency (JMA) ने चिबा के कई हिस्सों के लिए Level-5 की सबसे ऊंची भारी बारिश और भूस्खलन चेतावनी जारी की। रिपोर्टों के मुताबिक प्रीफेक्चर में इस स्तर की चेतावनी पहली बार जारी की गई। बड़ी संख्या में लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी गई और 4 लाख से ज्यादा लोगों के लिए evacuation orders/advisories जारी किए गए।
Narita Airport पर 7 हजार यात्रियों की रात एयरपोर्ट में गुजरी
भारी बारिश का सबसे बड़ा असर Transport Network पर पड़ा। बाढ़ के कारण कई ट्रेन सेवाएं रोक दी गईं और प्रमुख सड़कें भी प्रभावित हुईं। इसका सीधा असर Narita International Airport पर पड़ा, जहां करीब 7,000 यात्री रातभर फंसे रहे।
यात्रियों के लिए एयरपोर्ट प्रशासन ने पानी, खाने-पीने का सामान, कंबल और sleeping bags उपलब्ध कराए। कुछ रेल सेवाएं शुक्रवार को सीमित रूप से दोबारा शुरू हुईं, जिससे यात्रियों को एयरपोर्ट से निकलने में थोड़ी राहत मिली। एयरपोर्ट खुद चालू रहा, हालांकि उड़ानों पर देरी का असर पड़ा।
बिजली गुल, सड़कों पर सैलाब
तेज बारिश के कारण चिबा और आसपास के इलाकों में हजारों घरों की बिजली चली गई। अलग-अलग समय पर बिजली कटौती से प्रभावित घरों की संख्या काफी बढ़ गई थी और शुक्रवार सुबह भी 22 हजार से ज्यादा घरों में बिजली आपूर्ति प्रभावित थी। कई इलाकों में पानी भरने के कारण वाहन सड़कों पर फंस गए और लोगों को सुरक्षित जगहों पर जाना पड़ा।
राहत और Rescue Operation जारी
स्थिति को संभालने के लिए प्रशासन ने राहत और बचाव दलों को प्रभावित क्षेत्रों में भेजा है। जापानी सेना के जवान भी राहत कार्य में लगाए गए हैं। बारिश की तीव्रता कम होने के बाद भी अधिकारियों ने लोगों से सतर्क रहने को कहा है, क्योंकि जमीन में पानी भर जाने के कारण Flood और Landslide का खतरा अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है।
चिबा के गवर्नर तोशिहितो कुमागाई ने इस घटना को बेहद असामान्य बताया। उन्होंने कहा कि अपने लंबे आपदा प्रबंधन अनुभव के बावजूद उन्होंने ऐसी स्थिति पहले नहीं देखी थी।
Japan Rain Disaster ने बढ़ाई चिंता
जापान में इस समय छुट्टियों का व्यस्त दौर चल रहा है, इसलिए Transport Disruption का असर यात्रियों पर और ज्यादा पड़ा। रिकॉर्ड बारिश ने एक बार फिर दिखाया कि बेहद आधुनिक Infrastructure वाला देश भी अचानक होने वाली Extreme Weather घटनाओं के सामने बड़ी चुनौती का सामना कर सकता है।
फिलहाल प्रशासन का फोकस प्रभावित लोगों को सुरक्षित निकालने, बिजली और परिवहन व्यवस्था बहाल करने तथा बाढ़ और भूस्खलन के संभावित खतरे से निपटने पर है। मौसम विभाग ने भी लोगों को निचले इलाकों, नदियों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है।
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