आपका चैनल --
ताज़ा खबर
BREAKINGबिज़नेसX पर अब लाइक बटन दबाकर भेज सकेंगे $1 की टिप, मस्क ने नए फीचर का किया ऐलान◆BREAKINGदेश-हरपलपूर्व जज संजय किशन कौल का पूर्व CJI चंद्रचूड़ पर निशाना, बोले- जजों की नियुक्ति में सरकार के प्रति ज्यादा झुके थे◆BREAKINGमध्य प्रदेशभोपाल में 1.50 लाख की MD ड्रग्स के साथ दो युवक गिरफ्तार, बाइक-मोबाइल समेत 3 लाख का सामान जब्त◆BREAKINGस्पोर्ट्सहरमनप्रीत और दीप्ति के शतक, भारत ने जिम्बाब्वे को दिया 329 रन का टारगेट◆BREAKINGदेश-हरपलBSF Action: कच्छ के Sir Creek में पकड़े गए 4 Pakistani Fishermen◆BREAKINGदेश-हरपलIndian Air Force: ऑपरेशन सिंदूर ने दिखाई भारत की ताकत, AP Singh का बड़ा बयान◆BREAKINGदेश-हरपलBank Holidays 2026: नवंबर में 5 रविवार और 2 शनिवार, इन त्योहारों पर भी छुट्टी◆BREAKINGदेश-हरपलVaranasi Air Show 2026: नमो घाट पर Fighter Jets का प्रदर्शन, PM मोदी-योगी और राजनाथ सिंह शामिल◆BREAKINGबिज़नेसX पर अब लाइक बटन दबाकर भेज सकेंगे $1 की टिप, मस्क ने नए फीचर का किया ऐलान◆BREAKINGदेश-हरपलपूर्व जज संजय किशन कौल का पूर्व CJI चंद्रचूड़ पर निशाना, बोले- जजों की नियुक्ति में सरकार के प्रति ज्यादा झुके थे◆BREAKINGमध्य प्रदेशभोपाल में 1.50 लाख की MD ड्रग्स के साथ दो युवक गिरफ्तार, बाइक-मोबाइल समेत 3 लाख का सामान जब्त◆BREAKINGस्पोर्ट्सहरमनप्रीत और दीप्ति के शतक, भारत ने जिम्बाब्वे को दिया 329 रन का टारगेट◆BREAKINGदेश-हरपलBSF Action: कच्छ के Sir Creek में पकड़े गए 4 Pakistani Fishermen◆BREAKINGदेश-हरपलIndian Air Force: ऑपरेशन सिंदूर ने दिखाई भारत की ताकत, AP Singh का बड़ा बयान◆BREAKINGदेश-हरपलBank Holidays 2026: नवंबर में 5 रविवार और 2 शनिवार, इन त्योहारों पर भी छुट्टी◆BREAKINGदेश-हरपलVaranasi Air Show 2026: नमो घाट पर Fighter Jets का प्रदर्शन, PM मोदी-योगी और राजनाथ सिंह शामिल◆

NE

News Elementor

What's Hot

Banner

Latest Posts

मंडी शुल्क बढ़ाने के फैसले का खंडवा में विरोध, व्यापारियों ने सरकार से बढ़ोतरी वापस लेने की मांग की

खंडवा। मध्य प्रदेश सरकार द्वारा कृषि उपज मंडियों में मंडी शुल्क 1 प्रतिशत से बढ़ाकर 1.5 प्रतिशत किए जाने के फैसले का विरोध तेज हो गया है। मंगलवार को खंडवा में व्यापार एवं उद्योग कांग्रेस के पदाधिकारियों और व्यापारियों ने पुरानी अनाज मंडी कार्यालय पहुंचकर मंडी सचिव को ज्ञापन सौंपा और शुल्क में की गई 0.5 प्रतिशत बढ़ोतरी वापस लेने की मांग की। व्यापारियों ने बढ़ती लागत पर जताई चिंता ज्ञापन में व्यापारियों ने कहा कि मंडी शुल्क बढ़ने से व्यापार की लागत में इजाफा होगा, जिसका सीधा असर किसानों और आम उपभोक्ताओं पर पड़ सकता है। उनका कहना है कि बढ़ा हुआ शुल्क मध्य प्रदेश की मंडियों को पड़ोसी राज्यों की मंडियों की तुलना में प्रतिस्पर्धा में कमजोर कर सकता है, जिससे कृषि व्यापार प्रभावित होने की आशंका है। पुरानी व्यवस्था बहाल करने की मांग व्यापार एवं उद्योग कांग्रेस के खंडवा शहर अध्यक्ष संदीप सोनी ने कहा कि संगठन व्यापार और उद्योग से जुड़े मुद्दों को शासन-प्रशासन के सामने मजबूती से उठाएगा। उन्होंने बताया कि यह संगठन का पहला सामूहिक कार्यक्रम था, जिसमें बड़ी संख्या में व्यापारियों ने भाग लिया। उन्होंने सरकार से मंडी शुल्क में की गई वृद्धि को वापस लेकर पहले की व्यवस्था बहाल करने की मांग की। कांग्रेस नेताओं ने दिया समर्थन कार्यक्रम में शहर कांग्रेस अध्यक्ष प्रतिभा रघुवंशी और नेता प्रतिपक्ष मुल्लू राठौर भी मौजूद रहे। दोनों नेताओं ने व्यापारियों की मांग का समर्थन करते हुए कहा कि सरकार को ऐसे निर्णय लेने से बचना चाहिए, जिनका नकारात्मक प्रभाव व्यापार, कृषि और आम नागरिकों पर पड़े। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने “देश का कल्चर-एग्रीकल्चर” जैसे नारे लगाकर भी अपना विरोध दर्ज कराया। ज्ञापन में रखी गई प्रमुख मांग व्यापारियों ने सरकार से मांग की कि मंडी शुल्क में की गई 0.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी तत्काल वापस ली जाए और किसानों, व्यापारियों तथा उपभोक्ताओं के हितों को ध्यान में रखते हुए पहले वाली शुल्क व्यवस्था दोबारा लागू की जाए। मध्य प्रदेश और कारोबार से जुड़ी ताजा खबरों के लिए विजिट करें –deshharpal.com
Read more

गुना गैंगरेप प्रयास केस: आरोपियों के अवैध मकानों पर चला बुलडोजर, वन भूमि से हटाया अतिक्रमण

गुना जिले में इंजीनियर और उसकी मंगेतर के साथ मारपीट, लूट और सामूहिक दुष्कर्म के प्रयास के मामले में प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। आरोपियों के बोरखेड़ा गांव स्थित अवैध निर्माणों पर बुलडोजर चलाकर कार्रवाई की गई। जांच में सामने आया कि कई लोग वन विभाग की जमीन पर अवैध कब्जा कर मकान बनाकर रह रहे थे। प्रशासन और वन विभाग की संयुक्त टीम ने जेसीबी की मदद से अवैध निर्माण ध्वस्त कर अतिक्रमण हटाया। जंगल में ले जाकर की थी मारपीट और दुष्कर्म की कोशिश घटना गुरुवार रात की है। नेशनल फर्टिलाइजर्स लिमिटेड (NFL) में कार्यरत 29 वर्षीय इंजीनियर अपनी मंगेतर के साथ हनुमान टेकरी दर्शन कर लौट रहे थे। शाम करीब 7:30 बजे गादेर गांव के पास रिलायंस पेट्रोल पंप के निकट कुछ बदमाशों ने उनकी बाइक रोक ली। आरोपी दोनों को जबरन सड़क किनारे जंगल में ले गए, जहां उनके साथ मारपीट की, मोबाइल, पर्स और अन्य सामान लूट लिया तथा युवती के साथ सामूहिक दुष्कर्म का प्रयास किया। इसी दौरान एक राहगीर ने घटना की सूचना डायल-112 पुलिस को दी। पुलिस टीम के मौके पर पहुंचते ही आरोपी भाग निकले और युवती के साथ बड़ी घटना होने से बच गई। 24 घंटे में पांच आरोपी गिरफ्तार धरनावदा थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की और 24 घंटे के भीतर पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी: वन भूमि पर अवैध कब्जे हटाए गए आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद प्रशासन ने उनके मकानों की जांच कराई। जांच में वन भूमि पर अतिक्रमण मिलने के बाद बोरखेड़ा गांव में कार्रवाई करते हुए बुलडोजर से अवैध निर्माण ढहा दिए गए। इस दौरान अन्य अतिक्रमण भी हटाए गए। कलेक्टर ने क्या कहा? कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल ने बताया कि गैंगरेप के प्रयास के मामले में पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार किया। जांच के दौरान वन भूमि पर अवैध कब्जे की जानकारी मिली, जिसके बाद वन विभाग ने नियमानुसार अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की। नोट: मामला अभी जांच के अधीन है। आरोपियों के खिलाफ न्यायालय में आरोप सिद्ध होना शेष है। अधिक खबरों और ताजा अपडेट्स के लिए विजिट करें:deshharpal.com
Read more

सागर में पारिवारिक विवाद बना खूनी संघर्ष, रिटायर्ड पुलिसकर्मी पर बहू की हत्या का आरोप

सागर के गायत्री नगर में मंगलवार सुबह पारिवारिक विवाद के दौरान एक दर्दनाक घटना सामने आई। 65 वर्षीय रिटायर्ड पुलिसकर्मी पर अपनी 36 वर्षीय बहू सविता दीक्षित की हत्या करने का आरोप है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया और आरोपी ससुर को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी गई है। मृतका के पति देवेश दीक्षित सीमा सुरक्षा बल (BSF) में जवान हैं और वर्तमान में पश्चिम बंगाल में पदस्थ हैं। घटना की सूचना उन्हें दे दी गई है। सविता अपने सास-ससुर के साथ गायत्री नगर स्थित घर में रहती थीं। पड़ोसियों की सूचना पर पहुंची पुलिस मकरोनिया थाना प्रभारी नितिन पाल के अनुसार, बहू के चीखने-चिल्लाने की आवाज सुनकर पड़ोसियों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची तो आरोपी घर में ही मौजूद मिला। प्रारंभिक जांच में महिला के शरीर पर 7 से 8 चोटों के निशान मिले हैं। पुलिस और एफएसएल टीम ने घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटाए हैं। बताया जा रहा है कि आरोपी का दूसरा बेटा पुलिस विभाग में कार्यरत है। आरोपी का दावा- बहू ने पहले किया हमला पूछताछ में आरोपी रामनरेश दीक्षित ने दावा किया कि मंगलवार सुबह बहू ने घर में रखे मंदिर को उठाकर फेंक दिया और कुर्सियों में भी तोड़फोड़ की। इसके बाद वह बड़ी बेटी को स्कूल छोड़ने चली गई। आरोपी के मुताबिक, जब वह नहाकर पूजा कर रहे थे, तभी बहू वापस लौटी और छोटी बच्ची को उठाकर पटकने लगी। उसे बचाने पहुंचे तो बहू ने उन पर चाकू से हमला कर दिया, जिससे उनके हाथ में चोट आई। उन्होंने दावा किया कि चाकू छीनने के बाद दोनों के बीच मारपीट हुई, जिसमें बहू गंभीर रूप से घायल हो गई और उसकी मौत हो गई। लंबे समय से चल रहा था पारिवारिक विवाद आरोपी का कहना है कि बहू के घर आने के बाद से परिवार में लगातार विवाद होते थे और मोहल्ले के लोग भी इस स्थिति से परिचित थे। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार पुलिस का कहना है कि महिला की मौत का सटीक कारण पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद स्पष्ट होगा। फिलहाल आरोपी के बयान, घटनास्थल से मिले साक्ष्यों और अन्य तथ्यों के आधार पर सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अधिक खबरों और ताजा अपडेट्स के लिए विजिट करें:deshharpal.com
Read more

जबलपुर: मुंह के छाले की सर्जरी के बाद मुंह के अंदर उगने लगे बाल, मरीज ने डॉक्टर पर लापरवाही का लगाया आरोप

जबलपुर के अधारताल निवासी 55 वर्षीय मुकेश गंभीर ने एक निजी अस्पताल के डॉक्टर पर ऑपरेशन में गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका दावा है कि मुंह के अंदर हुए एक छोटे से छाले की सर्जरी के बाद पिछले 19 महीनों से उनके मुंह के भीतर बाल उग रहे हैं, जिससे खाना-पीना और निगलना बेहद मुश्किल हो गया है। गले की त्वचा लगाने का आरोप पीड़ित के अनुसार, जून 2024 में डॉक्टर अर्पण मिश्रा ने उनके मुंह के छाले का ऑपरेशन किया था। आरोप है कि सर्जरी के दौरान डॉक्टर ने गले की त्वचा (स्किन ग्राफ्ट) का इस्तेमाल मुंह के अंदर किया, जिसके कारण वहां लगातार बाल उगने लगे। मुकेश गंभीर का कहना है कि ऑपरेशन से पहले उन्हें इस तरह के संभावित दुष्प्रभाव या जोखिम के बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई थी। आयुष्मान योजना के बावजूद नकद राशि लेने का आरोप पीड़ित ने यह भी आरोप लगाया कि इलाज का कुछ हिस्सा आयुष्मान भारत योजना के तहत कवर होने के बावजूद अस्पताल ने उनसे 75 हजार रुपये नकद वसूले। उनका कहना है कि ऑपरेशन से कुछ मिनट पहले घबराहट की स्थिति में उनसे और उनके परिजनों से कई दस्तावेजों पर हस्ताक्षर कराए गए, जिनमें यह उल्लेख था कि अस्पताल ने कोई अतिरिक्त राशि नहीं ली है। कई अस्पतालों में कराया इलाज, नहीं मिली राहत मुकेश गंभीर ने बताया कि समस्या बढ़ने पर उन्होंने संबंधित डॉक्टर से संपर्क किया, लेकिन कोई समाधान नहीं मिला। इसके बाद उन्होंने भोपाल, मेमोरियल अस्पताल और होशंगाबाद सहित कई अस्पतालों में इलाज कराया, लेकिन अब तक स्थायी राहत नहीं मिल सकी। प्रशासन से जांच और कार्रवाई की मांग लगातार शारीरिक परेशानी और मानसिक तनाव झेल रहे पीड़ित ने जिला प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कराने, बेहतर इलाज उपलब्ध कराने और यदि लापरवाही साबित होती है तो जिम्मेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। नोट: यह खबर पीड़ित द्वारा लगाए गए आरोपों और शिकायत पर आधारित है। संबंधित डॉक्टर या अस्पताल की ओर से इस मामले में आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा। अधिक खबरों और ताजा अपडेट्स के लिए विजिट करें:deshharpal.com
Read more

दतिया उपचुनाव में कांग्रेस की जीत पर खंडवा में जश्न, कार्यकर्ताओं ने निकाली रैली और की आतिशबाजी

खंडवा। दतिया उपचुनाव में कांग्रेस की जीत के बाद सोमवार को खंडवा में पार्टी कार्यकर्ताओं ने उत्साह के साथ जीत का जश्न मनाया। कार्यकर्ताओं ने ढोल-नगाड़ों की थाप पर नृत्य किया, एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर बधाई दी और आतिशबाजी कर खुशी का इजहार किया। जश्न की शुरुआत गांधी भवन से हुई, जहां से कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विजय रैली निकाली। यह रैली केवलराम पेट्रोल पंप चौराहे से होते हुए घंटाघर पहुंची। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने “कांग्रेस जिंदाबाद”, “लोकतंत्र की जीत” और “जनता की जीत” जैसे नारे लगाए। भगवान गणेश का लिया आशीर्वाद रैली के बाद कांग्रेस कार्यकर्ता सराफा स्थित भगवान श्री गणेश मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि, शांति और कांग्रेस की निरंतर सफलता की कामना की। मंदिर में दर्शन के बाद कार्यकर्ता दोबारा चौराहे पर पहुंचे, जहां देर तक ढोल-नगाड़ों के साथ जश्न और आतिशबाजी का सिलसिला चलता रहा। कांग्रेस ने जीत को बताया लोकतंत्र की विजय कांग्रेस शहर अध्यक्ष प्रतिभा रघुवंशी ने कहा कि दतिया उपचुनाव का परिणाम प्रदेश की जनता के कांग्रेस की नीतियों, जनहित के मुद्दों और लोकतांत्रिक मूल्यों पर विश्वास को दर्शाता है। उनके अनुसार, यह केवल एक विधानसभा सीट की जीत नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक व्यवस्था और जनता की भावनाओं की जीत है। उन्होंने कहा कि इस सफलता से आगामी चुनावों के लिए कार्यकर्ताओं में नया उत्साह और ऊर्जा का संचार हुआ है। सिंगोट गांव में कई लोगों ने थामा कांग्रेस का दामन दतिया उपचुनाव के नतीजों का असर खंडवा जिले के पंधाना विधानसभा क्षेत्र में भी देखने को मिला। ग्राम सिंगोट में करीब 20 से 25 लोगों ने कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण की। जिला कांग्रेस अध्यक्ष (ग्रामीण) उत्तमपाल सिंह पुरनी ने नए सदस्यों को कांग्रेस का गमछा पहनाकर पार्टी में शामिल कराया। कांग्रेस नेताओं ने इसे संगठन के विस्तार और पार्टी के प्रति बढ़ते जनसमर्थन का संकेत बताया। मध्य प्रदेश और देश की ताजा राजनीतिक खबरों के लिए विजिट करें –deshharpal.com
Read more
Akhilesh Yadav Attack: अखिलेश यादव का योगी सरकार पर तंज, बोले- ‘सरकार के सिर्फ चार दिन बचे, इसलिए विधानसभा सत्र भी चार दिन का’

Akhilesh Yadav Attack: अखिलेश यादव का योगी सरकार पर तंज, बोले- ‘सरकार के सिर्फ चार दिन बचे, इसलिए विधानसभा सत्र भी चार दिन का’

लखनऊ: समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने विधानसभा सत्र को लेकर राज्य की योगी आदित्यनाथ सरकार पर निशाना साधा है। अखिलेश यादव ने तंज कसते हुए कहा कि सरकार के अब सिर्फ चार दिन बचे हैं, इसलिए विधानसभा का सत्र भी चार दिन का ही रखा गया है। अखिलेश यादव के इस बयान के बाद यूपी की सियासत में बयानबाजी तेज हो गई है। उन्होंने सरकार के कामकाज और विधानसभा सत्र की अवधि को लेकर सवाल खड़े किए। विधानसभा सत्र को लेकर अखिलेश का तंज अखिलेश यादव ने कहा कि विधानसभा का सत्र महज चार दिन का होना कई सवाल खड़े करता है। उन्होंने इसे सरकार के बचे हुए कार्यकाल से जोड़ते हुए कहा कि जब सरकार के पास सिर्फ चार दिन बचे हैं, तो विधानसभा सत्र भी चार दिन का रखा गया है। उनके इस बयान को आगामी राजनीतिक माहौल से जोड़कर देखा जा रहा है। समाजवादी पार्टी लगातार सरकार की नीतियों और फैसलों को लेकर सवाल उठाती रही है। सरकार पर कामकाज को लेकर सवाल सपा प्रमुख ने सरकार के कामकाज पर भी निशाना साधा। उनका कहना है कि विधानसभा सत्र जनता से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा का अहम मंच होता है। ऐसे में सत्र की अवधि कम होने से विपक्ष को अपनी बात रखने के लिए सीमित समय मिल सकता है। अखिलेश यादव ने सरकार से जनता से जुड़े मुद्दों पर सदन में जवाब देने की मांग भी की। यूपी की राजनीति में बयानबाजी तेज अखिलेश यादव के बयान के बाद उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच जुबानी जंग तेज होने के आसार हैं। विधानसभा सत्र के दौरान कानून-व्यवस्था, रोजगार, महंगाई और विकास से जुड़े मुद्दे उठ सकते हैं। अब देखना होगा कि विधानसभा में विपक्ष किन मुद्दों को प्रमुखता से उठाता है और सरकार की ओर से इन सवालों पर क्या जवाब दिया जाता है। विधानसभा सत्र पर सबकी नजर उत्तर प्रदेश की राजनीति में विधानसभा सत्र को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। कम अवधि के इस सत्र में कई अहम मुद्दों पर चर्चा की उम्मीद है।
Read more
Jasprit Bumrah Out: श्रीलंका टेस्ट सीरीज से बाहर हुए जसप्रीत बुमराह, घुटने की चोट ने बढ़ाई टीम इंडिया की चिंता

Jasprit Bumrah Out: श्रीलंका टेस्ट सीरीज से बाहर हुए जसप्रीत बुमराह, घुटने की चोट ने बढ़ाई टीम इंडिया की चिंता

नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट टीम को श्रीलंका के खिलाफ होने वाली टेस्ट सीरीज से पहले बड़ा झटका लगा है। तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह घुटने की चोट से पूरी तरह उबर नहीं पाए हैं। इसी वजह से वह 15 अगस्त से शुरू होने वाली श्रीलंका टेस्ट सीरीज में टीम का हिस्सा नहीं होंगे। बुमराह की गैरमौजूदगी टीम इंडिया के लिए बड़ा नुकसान मानी जा रही है। वह टेस्ट क्रिकेट में भारत के सबसे भरोसेमंद तेज गेंदबाजों में से एक हैं और मुश्किल परिस्थितियों में विकेट निकालने की उनकी क्षमता टीम के लिए काफी अहम रही है। घुटने की चोट से पूरी तरह नहीं उबरे बुमराह जानकारी के मुताबिक बुमराह अभी अपनी चोट से पूरी तरह रिकवर नहीं कर पाए हैं। टीम मैनेजमेंट उनकी फिटनेस को लेकर कोई जल्दबाजी नहीं करना चाहता। ऐसे में उन्हें श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज से आराम देने का फैसला किया गया है। बुमराह की फिटनेस पर टीम इंडिया की मेडिकल टीम लगातार नजर रख रही है। उनका लक्ष्य पूरी तरह फिट होकर मैदान पर वापसी करना है। 15 अगस्त से शुरू होगी टेस्ट सीरीज भारत और श्रीलंका के बीच टेस्ट सीरीज 15 अगस्त से शुरू होने वाली है। सीरीज में बुमराह के नहीं खेलने से भारतीय गेंदबाजी आक्रमण की जिम्मेदारी दूसरे तेज गेंदबाजों पर बढ़ जाएगी। बुमराह की जगह टीम में किस खिलाड़ी को मौका मिलता है, यह भी देखने वाली बात होगी। युवा गेंदबाजों के पास अब खुद को साबित करने का बड़ा अवसर होगा। टीम इंडिया के लिए बड़ा झटका बुमराह की गैरमौजूदगी भारत के लिए इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि टेस्ट क्रिकेट में उनका अनुभव और गेंदबाजी दोनों टीम को मजबूती देते हैं। नई गेंद से विकेट लेने के साथ-साथ वह पुरानी गेंद से भी प्रभावी साबित होते हैं। ऐसे में श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज में भारतीय टीम को उनके बिना नई रणनीति के साथ उतरना होगा।
Read more
Hardik Pandya Tirupati Visit: हार्दिक पंड्या ने सिर मुंडवाया, तिरुपति बालाजी के किए दर्शन; महिका शर्मा भी दिखीं साथ

Hardik Pandya Tirupati Visit: हार्दिक पंड्या ने सिर मुंडवाया, तिरुपति बालाजी के किए दर्शन; महिका शर्मा भी दिखीं साथ

भारतीय क्रिकेटर हार्दिक पंड्या इन दिनों क्रिकेट मैदान से दूर हैं। इसी बीच वह आंध्र प्रदेश के प्रसिद्ध तिरुपति बालाजी मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने भगवान वेंकटेश्वर के दर्शन किए। इस दौरान हार्दिक का नया लुक भी चर्चा में रहा। उन्होंने सिर मुंडवाया हुआ था। मंदिर दर्शन के दौरान हार्दिक के साथ महिका शर्मा भी नजर आईं। दोनों की तस्वीरें और वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर इस विजिट को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। नए लुक में नजर आए हार्दिक तिरुपति बालाजी के दर्शन के दौरान हार्दिक पंड्या पूरी तरह अलग अंदाज में दिखाई दिए। उन्होंने सिर मुंडवाया हुआ था और मंदिर में धार्मिक परंपराओं के अनुसार दर्शन किए। हार्दिक के फैंस के बीच उनका यह नया लुक तेजी से चर्चा का विषय बन गया। सोशल मीडिया पर लोग उनके मंदिर जाने और नए लुक को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। महिका शर्मा भी दिखीं साथ हार्दिक के साथ महिका शर्मा के नजर आने के बाद दोनों को लेकर भी सोशल मीडिया पर चर्चाएं तेज हो गईं। हालांकि दोनों के रिश्ते को लेकर किसी तरह की आधिकारिक पुष्टि सामने नहीं आई है। इसलिए सोशल मीडिया पर चल रही अटकलों को तथ्य के तौर पर देखना सही नहीं होगा। फिलहाल इतना ही सामने आया है कि दोनों तिरुपति में दर्शन के दौरान साथ नजर आए। IPL के बाद से मैदान से दूर हैं हार्दिक हार्दिक पंड्या IPL के बाद से लगातार क्रिकेट एक्शन में नजर नहीं आए हैं। ऐसे में उनका मंदिर जाना और नया लुक सामने आना फैंस के लिए खास रहा। हार्दिक भारतीय क्रिकेट टीम के प्रमुख ऑलराउंडरों में शामिल रहे हैं और उनके मैदान पर लौटने को लेकर फैंस की नजर बनी हुई है।
Read more
Weather Update: राजस्थान के 24 जिलों में बारिश, अजमेर में सड़कों पर पानी; बिहार में बिजली गिरने से 6 की मौत

Weather Update: राजस्थान के 24 जिलों में बारिश, अजमेर में सड़कों पर पानी; बिहार में बिजली गिरने से 6 की मौत

नई दिल्ली: देश के कई हिस्सों में मानसून का असर लगातार देखने को मिल रहा है। राजस्थान में बारिश के कारण कई इलाकों में जनजीवन प्रभावित हुआ है। राज्य के 24 जिलों में बारिश दर्ज की गई, जबकि अजमेर में तेज बारिश के बाद कई सड़कों पर पानी भर गया। वहीं, बिहार में मौसम ने चिंता बढ़ा दी है। यहां बिजली गिरने की अलग-अलग घटनाओं में 6 लोगों की मौत की खबर है। दूसरी ओर, केरल और कर्नाटक में बारिश के बीच लैंडस्लाइड की घटनाओं ने मुश्किलें बढ़ा दी हैं। इन घटनाओं में 11 लोगों की जान जाने की जानकारी सामने आई है। राजस्थान में बारिश से कई इलाकों में असर राजस्थान के कई जिलों में बारिश का दौर जारी है। 24 जिलों में बारिश के बाद लोगों को गर्मी से राहत जरूर मिली, लेकिन कई जगह जलभराव की स्थिति बन गई। अजमेर में सड़कों पर पानी भरने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। कई इलाकों में वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई और लोगों को पानी के बीच से निकलना पड़ा। बारिश के बाद स्थानीय प्रशासन को भी कई जगह व्यवस्थाओं पर नजर रखनी पड़ रही है। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। बिहार में बिजली गिरने से 6 लोगों की मौत बिहार में बारिश के साथ आकाशीय बिजली ने चिंता बढ़ा दी है। अलग-अलग स्थानों पर बिजली गिरने की घटनाओं में 6 लोगों की मौत की खबर सामने आई है। मानसून के दौरान आकाशीय बिजली ग्रामीण और खुले इलाकों में रहने वाले लोगों के लिए बड़ा खतरा बन जाती है। ऐसे में खराब मौसम के दौरान लोगों को खुले मैदान, पेड़ और बिजली के खंभों से दूर रहने की सलाह दी जाती है। केरल और कर्नाटक में लैंडस्लाइड से नुकसान दक्षिण भारत के केरल और कर्नाटक में भी भारी बारिश का असर दिखाई दे रहा है। बारिश के कारण कुछ इलाकों में लैंडस्लाइड की घटनाएं हुईं, जिनमें 11 लोगों की मौत की जानकारी सामने आई है। पहाड़ी इलाकों में लगातार बारिश के कारण सड़कें और संपर्क मार्ग प्रभावित हुए हैं। कई जगह लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने और राहत-बचाव का काम भी किया जा रहा है।
Read more
Nepal Violence: सांप्रदायिक हिंसा के बाद नेपाल में हालात सुधरे, कई इलाकों से हटाया कर्फ्यू; शांति के लिए समझौता

Nepal Violence: सांप्रदायिक हिंसा के बाद नेपाल में हालात सुधरे, कई इलाकों से हटाया कर्फ्यू; शांति के लिए समझौता

काठमांडू: नेपाल में हाल ही में हुई सांप्रदायिक हिंसा के बाद अब हालात धीरे-धीरे सामान्य होने लगे हैं। तनाव वाले कई इलाकों में प्रशासन ने कर्फ्यू हटाने का फैसला किया है। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए स्थानीय स्तर पर समझौते और बातचीत का रास्ता अपनाया गया है। हिंसा के बाद प्रशासन ने संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा बढ़ा दी थी। लोगों की आवाजाही पर प्रतिबंध लगाए गए थे, लेकिन स्थिति में सुधार के बाद कुछ इलाकों में राहत दी गई है। कई इलाकों से कर्फ्यू हटाया गया तनाव प्रभावित क्षेत्रों में हालात सामान्य होने के बाद प्रशासन ने चरणबद्ध तरीके से कर्फ्यू हटाना शुरू किया है। इससे स्थानीय लोगों को रोजमर्रा के कामकाज में राहत मिली है। हालांकि संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा बलों की मौजूदगी अभी भी बनी हुई है। प्रशासन की कोशिश है कि किसी भी तरह की नई घटना को रोका जा सके और माहौल शांत बना रहे। शांति बहाली के लिए हुआ समझौता हिंसा के बाद तनाव कम करने के लिए संबंधित पक्षों के बीच बातचीत हुई। इसके बाद शांति बनाए रखने को लेकर समझौता किए जाने की जानकारी सामने आई है। समझौते का उद्देश्य लोगों के बीच भरोसा बढ़ाना और इलाके में सामान्य स्थिति बहाल करना है। स्थानीय प्रशासन भी लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों से दूर रहने की अपील कर रहा है। सुरक्षा व्यवस्था पर प्रशासन की नजर हिंसा के बाद प्रशासन किसी भी तरह का जोखिम नहीं लेना चाहता। संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत रखा गया है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। अधिकारियों का प्रयास है कि बाजार, स्कूल और दूसरे सार्वजनिक स्थानों पर सामान्य गतिविधियां जल्द पूरी तरह शुरू हो सकें। लोगों को शांति बनाए रखने की अपील प्रशासन और स्थानीय प्रतिनिधियों ने लोगों से संयम बरतने की अपील की है। लोगों से कहा गया है कि वे सोशल मीडिया पर फैलने वाली अपुष्ट खबरों और अफवाहों पर भरोसा न करें। कर्फ्यू में ढील और समझौते के बाद उम्मीद है कि नेपाल के प्रभावित इलाकों में स्थिति जल्द पूरी तरह सामान्य हो जाएगी।
Read more
1 … 31 32 33 34 35 … 153

Trending News

Editor's Picks

X पर अब लाइक बटन दबाकर भेज सकेंगे $1 की टिप, मस्क ने नए फीचर का किया ऐलान

नई दिल्ली। इलॉन मस्क सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X को फाइनेंशियल सर्विसेज से जोड़ने की दिशा में एक और कदम उठा रहे हैं। मस्क ने ऐलान किया है कि X पर यूजर्स लाइक बटन को लॉन्ग-प्रेस करके किसी यूजर या क्रिएटर को 1 डॉलर की टिप भेज सकेंगे। यह पेमेंट कंपनी के फाइनेंशियल प्लेटफॉर्म X मनी के जरिए किया जाएगा। मस्क ने X पर पोस्ट कर इसकी जानकारी दी। उन्होंने लिखा कि X मनी के माध्यम से किसी को भी 1 डॉलर भेजने के लिए लाइक बटन पर लॉन्ग-प्रेस करने का विकल्प जोड़ा जा रहा है। कैसे काम करेगा नया टिपिंग फीचर? इस फीचर के जरिए यूजर्स किसी पोस्ट के लेखक या क्रिएटर को सीधे आर्थिक मदद दे सकेंगे। इसके लिए लाइक बटन को कुछ देर तक दबाना होगा। इसके बाद X मनी के पेमेंट सिस्टम के जरिए 1 डॉलर ट्रांसफर करने का विकल्प मिलेगा। इस व्यवस्था का मकसद क्रिएटर्स को सपोर्ट करने की प्रक्रिया आसान बनाना है, ताकि यूजर्स को अलग से पेमेंट ऐप या लंबी प्रक्रिया का सहारा न लेना पड़े। हालांकि, X ने अभी तक इस फीचर के लॉन्च की तारीख और इसकी उपलब्धता से जुड़ी शर्तों की जानकारी नहीं दी है। यह भी स्पष्ट नहीं है कि यूजर्स 1 डॉलर की तय रकम को बदल सकेंगे या भविष्य में अलग-अलग रकम भेजने के विकल्प भी मिलेंगे। क्या है X मनी और इसमें कौन-सी सुविधाएं हैं? X मनी, X का फाइनेंशियल सर्विस प्लेटफॉर्म है। इसके जरिए यूजर्स के बीच पैसे ट्रांसफर करने, डिपॉजिट अकाउंट और X-ब्रांडेड वीजा डेबिट कार्ड जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने की योजना है। इसका पेमेंट और बैंकिंग इंफ्रास्ट्रक्चर क्रॉस रिवर बैंक के साथ जुड़ा है। X मनी खुद बैंक नहीं है, बल्कि बैंकिंग पार्टनर के माध्यम से वित्तीय सेवाएं उपलब्ध कराने वाला प्लेटफॉर्म है। इससे जुड़ी सुविधाओं में पात्र डिपॉजिट पर ब्याज, खरीदारी पर कैशबैक और डेबिट कार्ड को Apple Pay से कनेक्ट करने जैसे विकल्प शामिल हैं। इन सुविधाओं की उपलब्धता यूजर की पात्रता और लागू शर्तों पर निर्भर करती है। X को ‘एवरीथिंग ऐप’ बनाना चाहते हैं मस्क इलॉन मस्क लंबे समय से X को सिर्फ सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म तक सीमित नहीं रखना चाहते। उनका लक्ष्य इसे ‘एवरीथिंग ऐप’ यानी सुपर ऐप के रूप में विकसित करना है, जहां सोशल मीडिया, मैसेजिंग और वित्तीय सेवाएं एक ही जगह मिल सकें। X मनी के जरिए टिप भेजने का फीचर इसी रणनीति का हिस्सा है। अगर यह सुविधा व्यापक स्तर पर शुरू होती है, तो क्रिएटर्स को अपने कंटेंट के जरिए सीधे आर्थिक सहयोग पाने का एक और माध्यम मिल सकता है। भारत में कब शुरू होगा X मनी? X ने भारत में X मनी या नए टिपिंग फीचर को लॉन्च करने की कोई आधिकारिक तारीख घोषित नहीं की है। फिलहाल भारतीय यूजर्स के लिए इसकी उपलब्धता को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है। भारत में पहले से ही UPI आधारित डिजिटल पेमेंट का बड़ा नेटवर्क मौजूद है। ऐसे में X मनी को भारत में वित्तीय सेवाएं शुरू करने के लिए देश के लागू बैंकिंग, भुगतान और नियामकीय नियमों का पालन करना होगा। क्या होता है ‘एवरीथिंग ऐप’? एवरीथिंग ऐप या सुपर ऐप ऐसा डिजिटल प्लेटफॉर्म होता है, जिसमें एक ही ऐप के जरिए कई तरह की सेवाएं इस्तेमाल की जा सकती हैं। इनमें सोशल मीडिया, मैसेजिंग, डिजिटल पेमेंट, शॉपिंग और बैंकिंग जैसी सुविधाएं शामिल हो सकती हैं। चीन का WeChat इसका प्रमुख उदाहरण है, जहां मैसेजिंग के साथ भुगतान और कई अन्य डिजिटल सेवाएं भी मिलती हैं। मस्क X को भी इसी तरह का बहुउद्देशीय प्लेटफॉर्म बनाना चाहते हैं।

पूर्व जज संजय किशन कौल का पूर्व CJI चंद्रचूड़ पर निशाना, बोले- जजों की नियुक्ति में सरकार के प्रति ज्यादा झुके थे

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज संजय किशन कौल ने पूर्व मुख्य न्यायाधीश (CJI) डीवाई चंद्रचूड़ के रवैए पर सवाल उठाए हैं। अपनी आगामी किताब ‘विदाउट फियर ऑर फेवर’ में कौल ने आरोप लगाया है कि न्यायाधीशों की नियुक्ति के मामले में चंद्रचूड़ सरकार के प्रति जरूरत से ज्यादा झुके हुए थे। कौल के मुताबिक, नियुक्तियों से पहले सरकार की राय लेने की प्रवृत्ति न्यायपालिका की स्वतंत्रता के लिए चिंता का विषय है। कौल ने किताब में कॉलेजियम की उस बैठक का जिक्र किया है, जिसमें सुप्रीम कोर्ट की छह रिक्तियों को भरने के लिए नामों पर विचार किया गया था। उन्होंने कहा कि सरकार से निपटने के तरीके को लेकर मतभेदों के कारण चंद्रचूड़ के साथ उनके संबंधों में तनाव आया। कॉलेजियम बैठक में छठे नाम को लेकर मतभेद कौल के मुताबिक, सुप्रीम कोर्ट के छह जजों की नियुक्ति पर विचार के दौरान पांच नामों पर पहले सहमति बन चुकी थी। बैठक से ठीक पहले तत्कालीन CJI चंद्रचूड़ ने छठे उम्मीदवार का नाम उनके सामने रखा। कौल ने बताया कि चंद्रचूड़ उन्हें एक अलग कमरे में ले गए और पूछा कि क्या उन्हें सरकार का रुख जानने के लिए फोन करना चाहिए। कौल ने द वायर से बातचीत में कहा कि उन्हें नहीं लगता कि यह सरकार को खुश करने का मामला था, लेकिन नामों पर पहले उनके साथ चर्चा हुई थी। उन्होंने कहा कि छठे उम्मीदवार के नाम पर उनकी सहमति नहीं थी और उन्हें लगा कि कॉलेजियम के अन्य सदस्य भी उस नाम को स्वीकार नहीं करेंगे। कौल के अनुसार, बैठक में वही हुआ और छठे नाम पर सहमति नहीं बन सकी। उन्होंने आशंका जताई कि शायद चंद्रचूड़ ने इस नाम सहित अन्य नामों को लेकर सरकार से पहले ही किसी तरह की मंजूरी ले ली थी। नियुक्तियों से पहले सरकार की राय लेने पर आपत्ति जस्टिस कौल ने कहा कि कॉलेजियम की औपचारिक चर्चा से पहले सरकार के साथ नामों पर विचार-विमर्श करने की परंपरा चिंता पैदा करती है। उनके मुताबिक, सरकार से सलाह लेना और पहले से मंजूरी लेना दो अलग-अलग बातें हैं। कौल का मानना है कि कॉलेजियम को न्यायपालिका की स्वतंत्रता बनाए रखने के लिए सरकार के दबाव का विरोध करना चाहिए। उन्होंने कहा कि अगर नियुक्तियों से पहले सरकार की सहमति लेने की प्रक्रिया परंपरा बन जाती है, तो भविष्य में आने वाले मुख्य न्यायाधीशों के लिए इससे अलग चलना मुश्किल हो सकता है। NJAC पर भी रखी अपनी राय किताब में कौल ने 2015 में केंद्र सरकार की ओर से पेश किए गए नेशनल ज्यूडिशियल अपॉइंटमेंट्स कमीशन (NJAC) का भी उल्लेख किया है। उन्होंने कहा कि उस समय नियुक्ति व्यवस्था को लेकर आमने-सामने बैठकर चर्चा की जा सकती थी। कौल के मुताबिक, मौजूदा व्यवस्था में सुधार और उसके तौर-तरीकों में बदलाव की गुंजाइश थी। हालांकि, उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि सुधार के नाम पर नियुक्तियों से पहले सरकार की मंजूरी लेने की परंपरा को बढ़ावा नहीं मिलना चाहिए। PMLA मामले को दूसरी बेंच में भेजने पर भी सवाल कौल ने अपनी बेंच के एक फैसले से जुड़े मामले को दूसरी बेंच में भेजे जाने पर भी आपत्ति जताई। यह मामला मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम कानून (PMLA) से जुड़े फैसले के कुछ हिस्सों पर दोबारा विचार करने से संबंधित था। कौल का कहना था कि किसी मामले को इस आशंका के आधार पर एक बेंच से दूसरी बेंच में नहीं भेजा जाना चाहिए कि फैसला किस दिशा में जा सकता है। कांग्रेस ने न्यायपालिका की स्वतंत्रता का मुद्दा उठाया कौल की किताब अभी बाजार में नहीं आई है, लेकिन उनके बयानों के आधार पर कांग्रेस ने न्यायपालिका की स्वतंत्रता को लेकर सवाल उठाए हैं। कांग्रेस महासचिव और संचार प्रभारी जयराम रमेश ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर कहा कि कौल ने न्यायाधीशों की नियुक्ति में सरकार के दखल से जुड़ी चिंताएं सामने रखी हैं। रमेश के मुताबिक, इनमें कॉलेजियम की बैठकों से पहले सरकार की मंजूरी लेने की कोशिश और अल्पसंख्यक समुदाय से आने वाले एक न्यायाधीश की जाति को लेकर सरकार की ओर से पूछताछ का मुद्दा भी शामिल है। उन्होंने कहा कि कौल ने इन विषयों को नपे-तुले शब्दों में दर्ज किया है। कांग्रेस ने इसे न्यायपालिका को सत्ता में बैठे लोगों के दबाव से मुक्त रखने की जरूरत से जोड़कर देखा है। कौल बोले- भविष्य के CJI के लिए परंपरा बदलना मुश्किल होगा कौल ने अपने रुख को स्पष्ट करते हुए कहा कि मुख्य न्यायाधीश का कार्यकाल सीमित होता है, लेकिन उनके फैसलों से बनी परंपराएं आगे भी जारी रह सकती हैं। उनके मुताबिक, यदि नियुक्तियों से पहले सरकार से चर्चा करने की प्रक्रिया सामान्य बन जाती है, तो बाद में आने वाले मुख्य न्यायाधीशों के लिए उससे अलग रास्ता अपनाना मुश्किल हो सकता है। इसी वजह से उन्होंने चंद्रचूड़ को इस तरह की प्रक्रिया से बचने की सलाह देने की कोशिश की।

भोपाल में 1.50 लाख की MD ड्रग्स के साथ दो युवक गिरफ्तार, बाइक-मोबाइल समेत 3 लाख का सामान जब्त

भोपाल। राजधानी भोपाल में परवलिया सड़क थाना पुलिस ने बायपास रोड पर घेराबंदी कर दो युवकों को MD ड्रग्स के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 12.63 ग्राम MD ड्रग्स बरामद हुई है, जिसकी कीमत करीब 1.50 लाख रुपए बताई गई है। पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल बाइक और मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। जब्त सामान की कुल कीमत करीब 3 लाख रुपए आंकी गई है। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने की घेराबंदी पुलिस के मुताबिक, 24 अक्टूबर की रात मुखबिर से सूचना मिली थी कि दो युवक बाइक से MD ड्रग्स लेकर थाना क्षेत्र से गुजरने वाले हैं। सूचना मिलने के बाद वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया गया। थाना प्रभारी के नेतृत्व में पांच पुलिस टीमें गठित कर बायपास रोड पर घेराबंदी की गई। रात करीब 1:40 बजे पुलिस को बाइक पर सवार दो संदिग्ध युवक दिखाई दिए। पुलिस को देखकर दोनों ने बाइक मोड़कर भागने की कोशिश की, लेकिन घेराबंदी के चलते उन्हें पकड़ लिया गया। तरुण सराठे और अखिलेश मेहरा गिरफ्तार पुलिस के अनुसार, तलाशी के दौरान तरुण सराठे (24), निवासी छावनी पठार, बिलखिरिया के पास से 12.63 ग्राम MD ड्रग्स बरामद हुई। बाइक पर उसके साथ मौजूद अखिलेश मेहरा (24), निवासी छावनी पठार को भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने आरोपियों के पास से ड्रग्स के अलावा तस्करी में इस्तेमाल बाइक और मोबाइल फोन जब्त किए हैं। जब्त सामान की कुल कीमत करीब 3 लाख रुपए बताई गई है। दोनों आरोपियों पर पहले से दर्ज हैं मामले पुलिस के मुताबिक, तरुण सराठे के खिलाफ बिलखिरिया थाने में मारपीट और आर्म्स एक्ट के दो मामले दर्ज हैं। वहीं, अखिलेश मेहरा के खिलाफ मारपीट के चार प्रकरण पहले से दर्ज हैं। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ NDPS एक्ट की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है। ड्रग्स सप्लाई नेटवर्क की जांच जारी गिरफ्तारी के बाद पुलिस दोनों युवकों से पूछताछ कर रही है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि MD ड्रग्स कहां से लाई गई थी और इसे किसे सप्लाई किया जाना था। पुलिस ड्रग्स की खरीद-फरोख्त से जुड़े नेटवर्क की जानकारी भी जुटा रही है।

हरमनप्रीत और दीप्ति के शतक, भारत ने जिम्बाब्वे को दिया 329 रन का टारगेट

वडोदरा। भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने जिम्बाब्वे के खिलाफ दूसरे वनडे मुकाबले में शानदार बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवर में 6 विकेट पर 328 रन बनाए। वडोदरा के कोटांबी स्टेडियम में रविवार को टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की ओर से कप्तान हरमनप्रीत कौर और दीप्ति शर्मा ने शतक लगाए। दोनों के बीच छठे विकेट के लिए 153 रन की अहम साझेदारी हुई। भारत की शुरुआत खराब, 19 रन पर गिरे 2 विकेट भारतीय टीम की शुरुआत बेहद खराब रही। स्मृति मंधाना पारी की चौथी गेंद पर बिना खाता खोले आउट हो गईं। इसके बाद शेफाली वर्मा भी 8 रन बनाकर पवेलियन लौट गईं। तीसरे ओवर में भारत का स्कोर 19 रन पर 2 विकेट हो गया। मुश्किल समय में प्रतीका रावल और हरमनप्रीत कौर ने पारी को संभाला। दोनों ने संभलकर बल्लेबाजी करते हुए टीम को शुरुआती झटकों से उबारा। प्रतीका रावल ने 67 गेंदों पर 61 रन बनाए। उनकी पारी में 4 चौके और 2 छक्के शामिल रहे। वह 22.2 ओवर में 143 रन के स्कोर पर आउट हुईं। हरमनप्रीत कौर ने 121 गेंदों पर बनाए 126 रन कप्तान हरमनप्रीत कौर ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 121 गेंदों पर 126 रन बनाए। उन्होंने अपनी पारी में 15 चौके लगाए। यह उनके वनडे करियर का आठवां शतक रहा। हालांकि, पारी के दौरान उनके तीन कैच भी छूटे। हरमनप्रीत का विकेट 46.2 ओवर में गिरा। उस समय भारतीय टीम 301 रन बना चुकी थी। पारी के बाद उन्होंने कहा कि लंबे समय बाद धूप में खेलना आसान नहीं था। उन्होंने बताया कि जब दूसरे छोर पर बल्लेबाज अच्छी लय में रन बना रही हो, तो स्ट्राइक बदलते रहना और साझेदारी को आगे बढ़ाना जरूरी होता है। दीप्ति शर्मा ने 86 गेंदों में जड़ा शतक छठे नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरीं दीप्ति शर्मा ने 86 गेंदों पर 106 रन की पारी खेली। उन्होंने 15 चौके लगाए। दीप्ति ने 37 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया और पारी के आखिरी ओवर में चौका लगाकर वनडे करियर का दूसरा शतक पूरा किया। दीप्ति ने हरमनप्रीत के साथ मिलकर भारतीय पारी को मजबूत स्थिति में पहुंचाया। दोनों ने पांचवें विकेट के लिए 137 गेंदों पर 153 रन की साझेदारी की। इस दौरान दोनों ने विकेट बचाने के साथ रन गति भी बनाए रखी। दीप्ति शर्मा ने बनाए तीन रिकॉर्ड आखिरी 10 ओवर में बने 72 रन भारतीय टीम ने आखिरी 10 ओवर में 72 रन जोड़े और इस दौरान 2 विकेट गंवाए। हरमनप्रीत के आउट होने के बाद ऋचा घोष भी ज्यादा देर नहीं टिक सकीं। वह 9 गेंदों पर 7 रन बनाकर 47.6 ओवर में आउट हुईं। भारत ने निर्धारित 50 ओवर में 6 विकेट पर 328 रन बनाकर जिम्बाब्वे के सामने 329 रन का लक्ष्य रखा। दोनों टीमों की प्लेइंग-11 भारत: प्रतीका रावल, स्मृति मंधाना (कप्तान), शेफाली वर्मा, हरमनप्रीत कौर, तेजल हसब्निस, दीप्ति शर्मा, ऋचा घोष (विकेटकीपर), श्री चरणी, जिंतिमणि कलिता, सयाली सतघरे और वैष्णवी शर्मा। जिम्बाब्वे: मोडेस्टर मुपाचिकवा (विकेटकीपर), लोरिन फिरी, चिपो मुगेरी-तिरिपानो, बिलव्ड बिजा, जोसेफिन नकोमो (कप्तान), न्याशा ग्वांजुरा, चिएद्जा धुरुरु, मिशेल मावुंगा, नोमवेलो सिबांडा, तेंदाई मकुशा और ओलिंडर चारे।
BSF

BSF Action: कच्छ के Sir Creek में पकड़े गए 4 Pakistani Fishermen

गुजरात के कच्छ से भारत-पाकिस्तान सीमा पर सुरक्षा से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है। सीमा सुरक्षा बल (BSF) ने रविवार, 25 अक्टूबर 2026 को सर क्रीक के संवेदनशील इलाके में चार पाकिस्तानी मछुआरों को पकड़ लिया। इस दौरान उनकी फाइबर से बनी मछली पकड़ने वाली नाव भी जब्त की गई। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, चारों मछुआरे कथित तौर पर केकड़े पकड़ने के लिए भारतीय जलक्षेत्र में दाखिल हुए थे। यह कार्रवाई खुफिया जानकारी मिलने के बाद की गई। घटना के बाद एक बार फिर कच्छ के समुद्री सीमा क्षेत्र में सुरक्षा और निगरानी को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। हालांकि, मछुआरों के भारतीय जलक्षेत्र में पहुंचने की परिस्थितियों और उनकी गतिविधियों की पूरी जानकारी जांच के बाद ही सामने आएगी। BSF ने कैसे पकड़े चार पाकिस्तानी मछुआरे? India Today की 25 अक्टूबर की रिपोर्ट के मुताबिक, BSF को सूचना मिली थी कि कुछ पाकिस्तानी मछुआरे भारतीय जलक्षेत्र में मौजूद हैं। इसके बाद जवानों ने सर क्रीक इलाके में कार्रवाई करते हुए चारों को पकड़ लिया। पकड़े गए मछुआरों की पहचान कादिर थैमोर, मुहम्मद मूसा, अजगर थैमोर और अहसान जाट के रूप में बताई गई है। रिपोर्ट के मुताबिक, चारों पाकिस्तान के सिंध प्रांत के निवासी हैं। कार्रवाई के दौरान उनकी फाइबर की नाव भी जब्त की गई। फिलहाल, पूछताछ और आगे की कानूनी प्रक्रिया से जुड़ी विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं हुई है। आखिर क्या है मछुआरों का अपराध? इस मामले में सबसे अहम सवाल है कि चारों मछुआरे भारतीय जलक्षेत्र में क्यों पहुंचे थे। शुरुआती रिपोर्ट में कहा गया है कि वे केकड़े पकड़ने के लिए सीमा पार कर भारतीय क्षेत्र में दाखिल हुए थे। भारत के जलक्षेत्र में बिना अनुमति प्रवेश करना या वहां अवैध रूप से मछली पकड़ना संबंधित कानूनों के तहत कार्रवाई का कारण बन सकता है। हालांकि, इस मामले में अंतिम कानूनी स्थिति जांच और उपलब्ध सबूतों के आधार पर तय होगी। अभी तक सामने आई रिपोर्ट में चारों मछुआरों के जासूसी या किसी अन्य गंभीर गतिविधि में शामिल होने की पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए मामले को लेकर किसी अपुष्ट दावे को तथ्य मानना सही नहीं होगा। कच्छ का Sir Creek इलाका क्यों है संवेदनशील? गुजरात का कच्छ क्षेत्र भारत और पाकिस्तान की समुद्री सीमा के पास स्थित है। सर क्रीक एक ज्वारीय जलमार्ग है, जो अपनी भौगोलिक स्थिति और दलदली इलाके के कारण सीमा पर निगरानी के लिहाज से चुनौतीपूर्ण माना जाता है। इस क्षेत्र में मछली पकड़ने के लिए नावों की आवाजाही होती है। समुद्री सीमा के आसपास होने के कारण किसी दूसरे देश की नाव का भारतीय जलक्षेत्र में प्रवेश करना सुरक्षा एजेंसियों के लिए जांच का विषय बन जाता है। BSF यहां नियमित गश्त और निगरानी करती है। संदिग्ध नाव या गतिविधि दिखाई देने पर जवान संबंधित लोगों से पूछताछ करते हैं और जरूरत पड़ने पर कानूनी कार्रवाई की जाती है। Kutch Border पर हाल की घटनाओं से बढ़ी निगरानी कच्छ के समुद्री सीमा क्षेत्र में अक्टूबर 2026 के दौरान पाकिस्तानी नागरिकों और नावों से जुड़े दूसरे मामले भी रिपोर्ट किए गए हैं। 19 अक्टूबर को कोटेश्वर के पास क्रीक क्षेत्र में गश्त के दौरान BSF ने एक पाकिस्तानी नागरिक को नाव के साथ पकड़ा था। शुरुआती जांच में नाव से मछली पकड़ने के उपकरण मिलने की जानकारी दी गई थी। इसके बाद इलाके में तलाशी अभियान चलाए जाने की खबर भी सामने आई। 20 अक्टूबर को कच्छ के लखपत और आसपास के क्रीक क्षेत्र से जुड़ी अन्य घटनाओं की भी रिपोर्ट आई थी। इन मामलों में नावों, पाकिस्तानी नागरिकों और तलाशी अभियान का जिक्र किया गया था। हालांकि, ये अलग-अलग घटनाएं हैं और इन्हें 25 अक्टूबर को पकड़े गए चार मछुआरों के मामले से अलग समझना जरूरी है। लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाओं के बीच समुद्री सीमा पर निगरानी का महत्व बढ़ जाता है। फिर भी, केवल इन घटनाओं के आधार पर किसी बड़ी साजिश का निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा। क्या पाकिस्तानी नाव से कोई संदिग्ध सामान मिला? 25 अक्टूबर की घटना से जुड़ी शुरुआती रिपोर्ट में फाइबर की नाव जब्त किए जाने की पुष्टि हुई है। हालांकि, नाव से किसी हथियार, नशीले पदार्थ या अन्य संदिग्ध सामान की बरामदगी के बारे में स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई है। इसलिए फिलहाल ऐसी किसी बरामदगी का दावा नहीं किया जा सकता। आगे की जांच में नाव, मछुआरों की गतिविधियों और भारतीय जलक्षेत्र में उनकी मौजूदगी से जुड़े तथ्यों की पड़ताल की जा सकती है। अब आगे क्या होगा? चारों मछुआरों को पकड़े जाने के बाद अब जांच और कानूनी प्रक्रिया के अगले चरण महत्वपूर्ण होंगे। संबंधित अधिकारी उनकी पहचान, भारतीय जलक्षेत्र में प्रवेश की परिस्थितियों और घटना से जुड़े दूसरे पहलुओं की जांच कर सकते हैं। फिलहाल उपलब्ध जानकारी के अनुसार, BSF ने गुजरात के कच्छ स्थित सर क्रीक इलाके में चार पाकिस्तानी मछुआरों को पकड़ा है और उनकी नाव जब्त की है। वे भारतीय जलक्षेत्र में किन परिस्थितियों में पहुंचे और इस मामले में आगे क्या कार्रवाई होगी, इसकी पूरी जानकारी जांच के बाद ही सामने आएगी। भारत-पाकिस्तान सीमा के पास स्थित इस संवेदनशील क्षेत्र में BSF की निगरानी सुरक्षा व्यवस्था का अहम हिस्सा है। मामले में आधिकारिक अपडेट आने पर आगे की स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!

About Me

देशहरपल सिर्फ खबरों का मंच नहीं, बल्कि आपकी आवाज़ को सामने लाने का एक सशक्त माध्यम भी है। यहां आपको ताज़ातरीन खबरों के साथ-साथ नौकरी, शिक्षा, और नए भारत की बदलती आर्थिक तस्वीर पर उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी मिलेगी।

Phone: +91 9406783569, +91 755 484 8829
Email: support@deshharpal.com
Address : A-23 Sakshi Bunglow Trilanga Near Aura Mall Bhopal M.P

Recent Posts

  • All Post
  • Breaking News
  • Education
  • More News
  • Web Story
  • एंटरटेनमेंट
  • देश-हरपल
  • धर्म-कर्म
  • प्रदेश
  • बिज़नेस
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • वीडियो
  • स्पोर्ट्स
    •   Back
    • एक्सक्लूसिव
    • Editorial
    •   Back
    • IPL 2026
    • T20 वर्ल्ड कप
    • FIFA 2026
    •   Back
    • सोच-विचार
    • हेल्थ
    • ट्रैवल
    • कल्चर
    • एनवायरनमेंट
    • Impact Feature
    •   Back
    • राशिफल
    • पंचांग
    • पर्व-त्यौहार
    • पूजा-पाठ
    • चैत्र नवरात्रि 2025
    •   Back
    • मध्य प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    •   Back
    • टीवी
    • वेब-सीरीज
    • फिल्म रिव्यू
    • बॉलीवुड
    •   Back
    • लाइफस्टाइल
    •   Back
    • स्टॉक-मार्केट

© 2023 Deshharpal. All Rights Reserved.