आपका चैनल --
ताज़ा खबर
BREAKINGदेश-हरपलLok Sabha Rajya Sabha Update: हंगामे के बाद दोनों सदन 2 बजे तक स्थगित, NDA-INDIA में टकरावBREAKINGदेश-हरपलSonam Wangchuk मेदांता में भर्ती बोले- सरकार भरोसा दे तो आज ही खत्म करूंगा अनशनBREAKINGएंटरटेनमेंटSalman Khan on Education Protest: ‘हिंसा से नहीं निकलेगा हल’, Alia Bhatt बोलीं- छात्र अपने भविष्य के लिए लड़ रहे हैंBREAKINGदेश-हरपलRaja Raghuvanshi Case Update: सोनम रघुवंशी की जमानत रद्द, Supreme Court ने दिया सरेंडर का आदेशBREAKINGस्पोर्ट्सChina Open 2026: 4 मैच प्वाइंट गंवाकर फाइनल में हारीं PV Sindhu, खिताब जीतने का सपना टूटाBREAKINGदेश-हरपलIMD Rain Alert: Surat में बारिश से हालात बिगड़े, Ahmedabad-Mumbai Route पर ट्रेनें रद्दBREAKINGवर्ल्ड न्यूज़Iran का दावा- कुवैत में अमेरिकी पैट्रियट सिस्टम और ड्रोन हैंगर किए तबाहBREAKINGदेश-हरपलAbhijeet Deepke ने भाजपा कार्यकर्ताओं पर लगाए पत्थरबाजी के आरोपBREAKINGदेश-हरपलLok Sabha Rajya Sabha Update: हंगामे के बाद दोनों सदन 2 बजे तक स्थगित, NDA-INDIA में टकरावBREAKINGदेश-हरपलSonam Wangchuk मेदांता में भर्ती बोले- सरकार भरोसा दे तो आज ही खत्म करूंगा अनशनBREAKINGएंटरटेनमेंटSalman Khan on Education Protest: ‘हिंसा से नहीं निकलेगा हल’, Alia Bhatt बोलीं- छात्र अपने भविष्य के लिए लड़ रहे हैंBREAKINGदेश-हरपलRaja Raghuvanshi Case Update: सोनम रघुवंशी की जमानत रद्द, Supreme Court ने दिया सरेंडर का आदेशBREAKINGस्पोर्ट्सChina Open 2026: 4 मैच प्वाइंट गंवाकर फाइनल में हारीं PV Sindhu, खिताब जीतने का सपना टूटाBREAKINGदेश-हरपलIMD Rain Alert: Surat में बारिश से हालात बिगड़े, Ahmedabad-Mumbai Route पर ट्रेनें रद्दBREAKINGवर्ल्ड न्यूज़Iran का दावा- कुवैत में अमेरिकी पैट्रियट सिस्टम और ड्रोन हैंगर किए तबाहBREAKINGदेश-हरपलAbhijeet Deepke ने भाजपा कार्यकर्ताओं पर लगाए पत्थरबाजी के आरोप

NE

News Elementor

Latest Posts

राष्ट्रीय महिला आयोग की टीम टीआईटी कॉलेज पहुंची:भोपाल के लव जिहाद मामले में हो रही पूछताछ, छात्राओं की सुरक्षा का लिया जायजा

भोपाल में कॉलेज छात्राओं के साथ हुए रेप, ब्लैकमेलिंग और कथित लव जिहाद के गंभीर मामले की जांच तेज हो गई है। राष्ट्रीय महिला आयोग की तीन सदस्यीय टीम सोमवार को रायसेन रोड स्थित टीआईटी कॉलेज पहुंची, जहां उन्होंने कॉलेज प्रशासन, संबंधित अधिकारियों और पीड़िताओं को पढ़ाने वाले शिक्षकों से लंबी पूछताछ की। टीम ने कॉलेज परिसर में सुरक्षा व्यवस्था की भी बारीकी से जांच की। यह जानने की कोशिश की गई कि क्या पीड़ित छात्राओं ने घटना से पहले कॉलेज प्रबंधन या किसी अन्य अधिकारी को कोई शिकायत दी थी। मौके पर विशेष जांच टीम (SIT) के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे, जो इस मामले में दर्ज हुई एफआईआर के आधार पर जांच कर रहे हैं। महिला आयोग की टीम ने कॉलेज स्टाफ और संबंधित विभाग प्रमुखों से अलग-अलग बातचीत कर आवश्यक जानकारी जुटाई। होटल रेडिसन में महिला आयोग और पुलिस के बीच विशेष बैठक सूत्रों के अनुसार, सोमवार को होटल रेडिसन में महिला आयोग की टीम और भोपाल पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के बीच एक अहम बैठक हुई, जिसमें केस की वर्तमान स्थिति और आगे की कार्रवाई पर चर्चा हुई। इससे पहले शनिवार को टीम बाग सेवनिया थाने भी पहुंची थी, जहां केस की शुरुआती रिपोर्ट दर्ज हुई थी। रविवार को टीम ने पुलिस अधिकारियों से केस की स्टेटस रिपोर्ट भी मांगी थी। पीड़िताओं को न्याय और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग राष्ट्रीय महिला आयोग की टीम ने स्पष्ट किया है कि वह केवल जांच की निगरानी नहीं कर रही, बल्कि सभी पक्षों को आवश्यक सुझाव भी दे रही है ताकि किसी भी स्तर पर लापरवाही न हो। आयोग ने भरोसा दिलाया कि पीड़ित छात्राओं को पूर्ण न्याय मिलेगा और दोषियों पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। जमीनी जांच के लिए गठित की गई विशेष समिति https://deshharpal.com/ इस हाई-प्रोफाइल केस की गहराई से जांच के लिए महिला आयोग ने एक विशेष समिति बनाई है, जिसमें झारखंड की पूर्व डीजीपी निर्मल कौर, हाईकोर्ट की वरिष्ठ अधिवक्ता निर्मला नायक समेत अन्य सदस्य शामिल हैं। यह समिति भोपाल पहुंचकर जमीनी सच्चाई का आकलन कर रही है।
Read more
Breaking: Fire Breaks Out at Ujjain Mahakal Temple Complex, Panic in Premises

Breaking News: उज्जैन के महाकाल मंदिर(Mahakal Temple) के बाहर लगी भीषण आग 

Breaking: Fire Breaks Out at Ujjain Mahakal Temple Complex, Panic in Premises उज्जैन। मध्य प्रदेश के प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंग महाकालेश्वर मंदिर परिसर में आज सुबह भीषण आग लग गई, जिससे पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। जानकारी के अनुसार, यह आग शंख द्वार के पास स्थित एक कार्यालय में लगी बैटरियों से फैली, जिसका कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग इतनी विकराल थी कि दूर-दूर तक काले धुएं का गुबार देखा गया। मंदिर परिसर में मौजूद श्रद्धालु घबरा गए और अफरा-तफरी का माहौल बन गया। जानकारी के मुताबिक सोमवार को 12 बजे महाकाल मंदिर स्थित फैसिलिटी सेंटर के ऊपर बने प्रदूषण बोर्ड के कंट्रोल रूम में अचानक आग लग गई. देखते ही देखते आग की लपटें फैल गई. आग लगते ही यहां हड़कंप मच गया. इसकी सूचना तपरंत ही पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम को दी गई. टीम मौके पर पहुंचकर आग बुझाने का प्रयास कर रही है. आग और धुएं के गुबार की की भयंकर लपटें दूर-दूर तक दिखाई दे रही है. मौके पर दमकल की कई गाड़ियां तैनात कर दी गई हैं और आग बुझाने का कार्य युद्धस्तर पर जारी है। राहत और बचाव दल सक्रिय हो गया है और आसपास के क्षेत्र को खाली करवाया जा रहा है। फिलहाल इस आगजनी में किसी के हताहत होने की जानकारी नहीं है, लेकिन मंदिर परिसर में हुए नुकसान का आंकलन किया जा रहा है। प्रशासन ने जांच के आदेश दे दिए हैं और सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। यह मंदिर भारत के 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक है और हर दिन हजारों श्रद्धालु यहां दर्शन के लिए आते हैं। ऐसे में इस तरह की घटना से सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठते हैं। 👉 इस हादसे से जुड़ा वीडियो और अपडेट देखने के लिए हमारे साथ जुड़े रहें।
Read more

पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष को गृहमंत्री विजय शर्मा का कॉल:पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष को गृहमंत्री विजय शर्मा का कॉल

छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष धनेंद्र साहू से हुई नक्सल मुद्दे पर बातचीत को अपने सोशल मीडिया पर साझा किया है। उन्होंने बताया कि साहू समेत कांग्रेस के कुछ नेताओं ने नक्सलवाद के खिलाफ सरकार की कार्रवाई को लेकर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी, जिसके लिए उन्होंने खुद फोन कर आभार जताया। शर्मा ने लिखा – “हम सब चाहते हैं कि छत्तीसगढ़ से नक्सलवाद पूरी तरह खत्म हो। जो भी इस मुहिम में साथ देगा, उसका सम्मान किया जाएगा।” फोन पर हुई बातचीत में धनेंद्र साहू ने भी सरकार की कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा – “जब पहली बार इतनी बड़ी कार्रवाई हो रही है, तो विपक्ष में रहकर भी विरोध करना सही नहीं होगा। जो सच है, उसे बोलना चाहिए।” बस्तर में विकास और सम्मान की दोहरी योजना उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने बातचीत में बताया कि बस्तर में नक्सल प्रभावित परिवारों के लिए विशेष सर्वे कराकर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत घर दिए जा रहे हैं। साथ ही ‘बस्तर ओलंपिक’ और ‘बस्तर पुंडम’ जैसे आयोजनों के जरिए स्थानीय युवाओं को विकास की मुख्यधारा से जोड़ा जा रहा है। इसके अलावा, बस्तर में शहीद जवानों और नागरिकों की याद में “बलिदानी स्मारक” बनाए जा रहे हैं। अब तक 500 से ज्यादा स्मारकों की योजना है, जिन पर संगमरमर की प्रतिमा लगाई जाएगी। हर स्मारक पर लगभग 3 लाख रुपये खर्च होंगे। धनेंद्र साहू ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा – “यह उन शहीदों को सच्चा सम्मान है जिन्होंने राज्य की सुरक्षा के लिए जान दी। सरकार का ये कदम सराहनीय है।” झीरम सिर्फ एक पार्टी नहीं, पूरे राज्य का दर्द विजय शर्मा ने बताया कि इस बार वह खुद झीरम घाटी जाएंगे, जहां नेताओं की शहादत हुई थी, और वहां पुष्पांजलि अर्पित करेंगे। इस पर साहू ने कहा – “झीरम जैसी घटनाएं किसी एक पार्टी की नहीं, पूरे राज्य की पीड़ा हैं। ऐसे मौकों पर एकजुटता ही सच्ची राजनीति है।” डिप्टी सीएम अरुण साव का तंज – नक्सलियों पर नरमी आज भी बरकरार? इस पूरे घटनाक्रम पर राज्य के दूसरे डिप्टी सीएम अरुण साव ने भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा – “अगर विपक्ष सरकार के अच्छे कामों का समर्थन करता है, तो यही आदर्श राजनीति है। लेकिन कुछ नेता, जो पांच साल तक नक्सलियों को परोक्ष संरक्षण देते रहे, आज सरकार को फेल बता रहे हैं। इससे साफ है कि उनके मन में अब भी नक्सलियों के लिए नरमी है।” चाहें बस्तर का विकास हो या झीरम की शहादत – नक्सलवाद के खिलाफ एकजुटता की नई तस्वीर उभर रही है।https://deshharpal.com/के साथ – पल-पल की खबर, हरपल।
Read more

छत्तीसगढ़ के कई हिस्सों में फिर आंधी-तूफान:50-60KM/घंटे की रफ्तार से चल रही हवाएं; 6 मई तक ऐसा ही रहेगा मौसम

रायपुर। मई की शुरुआत के साथ ही वेस्टर्न डिस्टर्बेंस का असर छत्तीसगढ़ में देखने को मिल रहा है। बीते कुछ दिनों से तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि ने प्रदेश के कई जिलों में कहर बरपाया है। 6 मई तक 50-60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है, जिससे स्थिति और बिगड़ सकती है। शनिवार को रायपुर, बिलासपुर, अंबिकापुर सहित कई जिलों में तेज हवाओं के साथ हल्की बारिश हुई, वहीं गौरेला-पेंड्रा-मरवाही में ओले गिरे। इस बदलाव से तापमान में 4-5 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई है। किसानों पर दोहरी मार: फसलें चौपट, बिजली सेवा ठप तेज आंधी और ओलों ने रबी फसलों, फल-सब्जियों और खासकर आम के उत्पादन को भारी नुकसान पहुंचाया है। भिलाई में पपीते, केले और चीकू की 500 एकड़ खेती बर्बाद हो गई। धमधा क्षेत्र के धौराभाठा गांव में 500 एकड़ पर ऑर्गेनिक खेती करने वाले किसान राजेश पुनिया ने बताया कि करीब 70-80 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। बिजली आपूर्ति भी प्रभावित तेज अंधड़ से इलेक्ट्रिक पोल और तार टूटने के कारण रायपुर, भिलाई समेत कई जिलों में बिजली आपूर्ति ठप रही। पावर कंपनी की टीम ने युद्धस्तर पर काम करते हुए शुक्रवार शाम तक 80% व्यवस्था बहाल कर दी थी, जबकि शेष शिकायतों का निपटारा देर रात तक जारी रहा। खेतों से बाजार तक असर बदला मौसम क्यों? मौसम विभाग के अनुसार, राजस्थान, पंजाब और हरियाणा के ऊपर वेस्टर्न डिस्टर्बेंस सक्रिय है, वहीं हरियाणा से केरल तक ट्रफ लाइन बनने से छत्तीसगढ़ में अचानक मौसम बदला है। आगे क्या? राहत भी, गर्मी भी मौसम विभाग ने बताया कि अगले तीन दिनों तक अधिकतम तापमान में बड़ा बदलाव नहीं होगा। हालांकि गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना बनी रहेगी, जिससे थोड़ी राहत महसूस की जा सकती है। https://deshharpal.com/ पर बने रहें, हम आपको पल-पल की सटीक खबर सबसे पहले देंगे।
Read more

KR लॉ कॉलेज में NSUI का हंगामा:बिलासपुर में एनवल फंक्शन में स्टेज पर चढ़कर दी धमकी, अभद्रता व धमकी देने का भी आरोप

बिलासपुर। कौशलेंद्र राव (KR) लॉ कॉलेज में आयोजित वार्षिकोत्सव और पुरस्कार वितरण समारोह के दौरान NSUI नेताओं ने जमकर हंगामा मचाया। आरोप है कि नेताओं ने छात्राओं से अभद्रता, मंच से माइक छीनने और कार्यक्रम बंद कराने की धमकी तक दी। डिप्टी सीएम के आने से ठीक पहले हुई इस घटना से माहौल तनावपूर्ण हो गया। घटना को लेकर छात्र-छात्राओं ने एसपी से शिकायत कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। छात्राओं ने लगाए गंभीर आरोप छात्रा नेहा तिवारी और अंजूलता साहू ने बताया कि 28 अप्रैल को कॉलेज में सांस्कृतिक कार्यक्रम चल रहा था। तभी NSUI के जिला अध्यक्ष रंजीत सिंह, लोकेश नायक, शुभम जायसवाल सहित कई पदाधिकारी पहुंचे और मंच पर चढ़कर कार्यक्रम में बाधा डालने लगे। उन्होंने कार्यक्रम प्रस्तुत कर रही छात्राओं से दुर्व्यवहार किया और माइक छीनकर धमकी भी दी। सम्मान न मिलने पर भड़के NSUI पदाधिकारी छात्रों के अनुसार, NSUI नेताओं ने अपना नाम मंच से पुकारे जाने की मांग की थी। उन्होंने एक पर्ची के माध्यम से मंच संचालन कर रहे छात्र-छात्राओं को अपने नामों के साथ अन्य पदाधिकारियों के नाम मंच पर बुलाने को कहा। जब ऐसा नहीं हुआ, तो NSUI जिला अध्यक्ष रंजीत सिंह ने गुस्से में मंच पर चढ़कर हंगामा शुरू कर दिया। डिप्टी सीएम के आने से पहले ही माहौल बिगड़ा कार्यक्रम में मुख्य अतिथि डिप्टी सीएम अरुण साव के आगमन से ठीक पहले ही NSUI नेताओं ने हंगामा शुरू कर दिया। मंच संचालन कर रहे छात्रों से माइक छीनने और मारपीट की धमकी देने की बात सामने आई है। छात्राओं का कहना है कि खराब तबीयत और मौसम के कारण वे तुरंत शिकायत नहीं कर सकीं, लेकिन अब सभी एकजुट होकर न्याय की मांग कर रहे हैं। पहले भी लग चुके हैं गंभीर आरोप जानकारी के अनुसार, NSUI जिला अध्यक्ष रंजीत सिंह पर पहले भी श्री चैतन्य टेक्नो स्कूल, तोरवा के प्रबंधन ने वसूली और स्कूल बंद कराने की धमकी का आरोप लगाया था। उस मामले में भी लिखित शिकायत के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई थी। https://deshharpal.com/आपके साथ – छात्रों की आवाज़, सच्चाई की पहचान।
Read more

खंडवा में कल 6 सेंटर्स पर NEET-2025 एग्जाम:2400 विद्यार्थी होंगे शामिल, सीएसपी को बनाया प्रभारी; घड़ी पहनकर नहीं दे सकेंगे परीक्षा

खंडवा। मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET UG 2025 इस बार 4 मई को आयोजित होगी। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) द्वारा परीक्षा पिछली बार की तरह ऑफलाइन मोड में ही ली जाएगी। देशभर की तरह खंडवा शहर में भी परीक्षा की तैयारियां जोरों पर हैं। शहर के 6 परीक्षा केंद्रों पर कुल 2400 छात्र परीक्षा में शामिल होंगे। खंडवा के ये स्कूल बने परीक्षा केंद्र परीक्षा के लिए केंद्रीय विद्यालय, उत्कृष्ट विद्यालय, नेहरू स्कूल, कन्या स्कूल सूरजकुंड, एमएलबी स्कूल और एसएन कॉलेज को परीक्षा केंद्र बनाया गया है। परीक्षा एक ही शिफ्ट में दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक आयोजित की जाएगी, लेकिन छात्रों को सुबह 11:30 बजे से ही प्रवेश दिया जाएगा। चार स्तर की जांच और बायोमेट्रिक से होगी एंट्री परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा के लिए पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। हर कमरे में CCTV कैमरे लगाए जाएंगे, जिनकी लाइव निगरानी NEET मुख्यालय से की जाएगी। छात्रों को चार स्तरों की चेकिंग और बायोमेट्रिक सत्यापन के बाद दोपहर 1:30 बजे परीक्षा कक्ष में प्रवेश मिलेगा। पुलिस तैनात, मोबाइल जैमर और सख्त निगरानी परीक्षा के दौरान पुलिस बल और जिला प्रशासन के अधिकारी केंद्रों पर तैनात रहेंगे। किसी भी तरह की गड़बड़ी रोकने के लिए मोबाइल जैमर लगाए जाएंगे। सुरक्षा और संचालन की जिम्मेदारी सीएसपी अभिनव बारंगे को सौंपी गई है। घड़ी, कड़ा, क्लचर और बैंड पर रोक विद्यार्थियों को परीक्षा केंद्र पर प्रवेश पत्र और वैध पहचान पत्र लाना अनिवार्य होगा। घड़ी, कड़ा, हेयर क्लचर, बैंड आदि पहनकर आना प्रतिबंधित रहेगा। साथ ही, एडमिट कार्ड पर एक पासपोर्ट साइज और एक पोस्टकार्ड साइज फोटो लगाना अनिवार्य होगा। परीक्षा के बाद छात्रों को अपना प्रवेश पत्र जमा करना होगा। पेन और स्टेशनरी केंद्र पर मिलेगी छात्रों को परीक्षा के दौरान उपयोग में आने वाली पेन और अन्य जरूरी स्टेशनरी परीक्षा केंद्र पर ही उपलब्ध कराई जाएगी।
Read more

आयुर्विज्ञान विवि जबलपुर का दीक्षांत समारोह:डिप्टी सीएम की घोषणा-श्योपुर, सिंगरौली में खुलेंगे मेडिकल कॉलेज

जबलपुर। मध्यप्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को विस्तार देने की दिशा में एक और कदम बढ़ाते हुए राज्य के डिप्टी सीएम और स्वास्थ्य मंत्री राजेंद्र शुक्ल ने शनिवार को घोषणा की कि श्योपुर और सिंगरौली जिलों में जल्द ही नए मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे। यह ऐलान उन्होंने जबलपुर में आयोजित मप्र आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय के द्वितीय दीक्षांत समारोह के दौरान किया। इस मौके पर राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने विश्वविद्यालय का नाम बदलकर “महर्षि सुश्रुत आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय” करने की घोषणा भी की। राज्यपाल ने समारोह में 76 मेधावी छात्रों को गोल्ड मेडल भी वितरित किए। एम्स की मांग भी उठी कार्यक्रम के दौरान मंच पर मौजूद महापौर जगत बहादुर अन्नू ने जबलपुर को एम्स (AIIMS) की सौगात देने की मांग उपमुख्यमंत्री से की। उन्होंने कहा कि “अगर ऐसा होता है तो जबलपुर के लिए यह बहुत बड़ी सौगात होगी।” समारोह में मौजूद रहे राज्य के कई प्रमुख चेहरे यह भव्य कार्यक्रम नेताजी सुभाषचंद्र बोस सांस्कृतिक एवं सूचना केंद्र, घंटाघर के ऑडिटोरियम में आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता राज्यपाल एवं कुलाधिपति मंगुभाई पटेल ने की, जबकि मंच पर उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल, चिकित्सा शिक्षा राज्य मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल, कुलपति डॉ. अशोक खंडेलवाल और कुलसचिव पुष्पराज बघेल मौजूद रहे। 32 हजार छात्रों को मिलेगी उपाधि, पार्किंग के लिए शटल और ई-रिक्शा की सुविधा इस दीक्षांत समारोह में 32,000 छात्रों को उपाधियां मान्य की जाएंगी। आगंतुकों की सुविधा के लिए पार्किंग व्यवस्था क्राइस्ट चर्च स्कूल, तैय्यब अली पेट्रोल पंप के पास की गई है, जहाँ से कार्यक्रम स्थल तक शटल और ई-रिक्शा की सुविधा उपलब्ध कराई गई है।(https://deshharpal.com/)
Read more

फिर 5 हजार करोड़ का कर्ज लेगी मोहन सरकार:एमपी पर पहले से 4.21 लाख करोड़ का कर्ज, 6 मई को दो किश्तों में नया लोन

एक महीने में फिर कर्ज लेने की तैयारी में मोहन सरकार, RBI से लेगी 5,000 करोड़ भोपाल। नया वित्त वर्ष 2024-25 शुरू हुए अभी एक महीना ही बीता है, और मध्यप्रदेश की मोहन यादव सरकार एक बार फिर कर्ज लेने की तैयारी में जुट गई है। अप्रैल महीने में भले ही सरकार ने एक भी रुपया कर्ज न लिया हो, लेकिन मई की शुरुआत में ही 5,000 करोड़ रुपये का भारी-भरकम कर्ज दो किश्तों में उठाया जा रहा है। यह कर्ज भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) से लिया जा रहा है, जिसकी प्रक्रिया 6 मई को पूरी होगी और राशि का भुगतान 7 मई को किया जाएगा। 12 और 14 साल की अवधि वाले होंगे दोनों लोन वित्त विभाग की अधिसूचना के मुताबिक, यह दोनों ऋण लंबे अवधि के होंगे। पहली किश्त 2,500 करोड़ रुपये की है, जिसे 12 साल के लिए लिया जाएगा और यह 7 मई 2037 को चुकाई जाएगी। वहीं दूसरी किश्त भी 2,500 करोड़ की है, लेकिन इसकी अवधि 14 साल होगी और इसे 7 मई 2039 को सरकार को लौटाना होगा। राजस्व अधिशेष का दावा, लेकिन कर्ज पर भरोसा सरकार का दावा है कि बीते वित्त वर्ष 2023-24 में राज्य को 12,487.78 करोड़ रुपये का राजस्व अधिशेष मिला था। उस समय कुल आय 2,34,026.05 करोड़ रुपये और व्यय 2,21,538.27 करोड़ रुपये रहा। चालू वित्त वर्ष 2024-25 में संशोधित अनुमानों के अनुसार सरकार की आमदनी 2,62,009.01 करोड़ और खर्च 2,60,983.10 करोड़ रुपये आंका गया है। यानी सरकार इस बार भी 1,025.91 करोड़ रुपये के अधिशेष में रहने का अनुमान लगा रही है। मार्च में ही लिया था रिकॉर्ड कर्ज( https://deshharpal.com/) गौरतलब है कि बीते वित्तीय वर्ष में राज्य सरकार ने कुल 61,400 करोड़ रुपये का कर्ज लिया था, जिसमें से सिर्फ मार्च महीने में ही 20,400 करोड़ रुपये का लोन उठाया गया—जो किसी भी एक महीने में लिया गया अब तक का सबसे बड़ा कर्ज माना जा रहा है।
Read more

इंदौर में धर्म पूछकर व्यापार करने के लिए लगे पोस्टर:लिखा-धर्म पूछकर गोली मारी जा सकती है तो वैसे ही व्यापार करना पड़ेगा

जम्मू-कश्मीर के पहलगाम आतंकी हमले ने पूरे देश को झकझोर दिया है, और उसका गुस्सा इंदौर की सड़कों पर अब भी दिख रहा है। शहर में ‘धर्म पूछकर व्यापार’ करने जैसे संदेश वाले पोस्टर लगाए गए हैं, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं। ये पोस्टर सेंट्रल जेल के सामने नजर आए हैं। इन पर बजरंग दल और विश्व हिंदू परिषद का नाम छपा है, लेकिन अभी तक इन संगठनों की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। इससे यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि पोस्टर किसने और कब लगाए। पोस्टर में लिखा गया है: “अगर धर्म पूछकर गोली मारी जा सकती है, तो अब धर्म पूछकर ही व्यापार होगा… अपने बच्चों के सुरक्षित भविष्य के लिए अब नाम पूछना ही पड़ेगा… आदत डालिए नाम पूछने की।” पोस्टर पर जम्मू-कश्मीर का नक्शा भी छापा गया है, जिसमें शहीद लेफ्टिनेंट विनय नरवाल का पार्थिव शरीर और पास बैठी उनकी पत्नी हिमांशी की तस्वीर भी नजर आ रही है। हालांकि इन पोस्टरों की संख्या कम है, लेकिन इनकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर शेयर कर इसे आंदोलन का रूप देने की कोशिशें की जा रही हैं। पहले भी लगे थे उग्र पोस्टर, ‘नो एंट्री फॉर पाकिस्तानी सिटीज़न्स’इससे पहले इंदौर के छप्पन दुकान क्षेत्र में एक पोस्टर लगाया गया था, जिसमें लिखा था –“सुअरों और पाकिस्तानी नागरिकों को नो एंट्री”इसमें एक सुअर को पाकिस्तानी जनरल के रूप में दिखाया गया था। ‘पाकिस्तान जिंदाबाद’ नारे पर मचा था हंगामादो दिन पहले ही इंदौर में जब पाकिस्तान का पुतला जलाया जा रहा था, उसी दौरान किसी ने ‘पाकिस्तान जिंदाबाद’ का नारा लगा दिया। इस पर विवाद हुआ और स्थानीय विधायक ने सदर बाजार थाने में शिकायत दर्ज करवाई।इसके बाद पार्षद अनवर कादरी को गिरफ्तार कर लिया गया। पेंटर संगठन ने भी किया विरोध प्रदर्शन इंदौर के पेंटर संगठन ने भी सड़क पर पाकिस्तानी झंडा बनाकर उसके ऊपर “पाकिस्तान मुर्दाबाद” लिखा और विरोध जताया। https://deshharpal.com/ की राय: देशभक्ति में आवेश जरूरी है, पर कानून और समाज की मर्यादाएं बनाए रखना भी उतना ही ज़रूरी है। आतंकवाद के खिलाफ आवाज उठाइए, लेकिन नफरत को नहीं, एकता को ताकत बनाइए।
Read more

4 महीने में वापस मिले 2 करोड़ 73 लाख रुपए:सही समय पर की थी शिकायत, लोगों को कर रहे अवेयर

इंदौर में ऑनलाइन ठगी के बढ़ते मामलों के बीच एक राहतभरी खबर सामने आई है। क्राइम ब्रांच इंदौर ने जनवरी से अप्रैल 2025 के बीच साइबर ठगी के शिकार हुए नागरिकों को ₹2 करोड़ 73 लाख रुपए वापस दिलवाए हैं। ठगी का शिकार हुए लोगों ने साइबर हेल्पलाइन और एनसीआरपी पोर्टल के जरिए शिकायतें दर्ज कराईं, जिसके बाद क्राइम ब्रांच की फ्रॉड इन्वेस्टिगेशन टीमों ने तेजी से कार्रवाई की। एडिशनल डीसीपी क्राइम ब्रांच राजेश दंडोतिया ने बताया कि शहर में साइबर ठगी के मामलों में लगातार इजाफा हो रहा है, लेकिन इंदौर पुलिस की सक्रियता से पीड़ितों को राहत भी मिल रही है। उन्होंने कहा कि “केवल 4 महीनों में ही 2.73 करोड़ रुपए पीड़ितों के खातों में वापस कराना बड़ी उपलब्धि है।” क्राइम ब्रांच ने पहले भी ठगी का शिकार हुए लोगों को करोड़ों रुपए की रकम वापस दिलाई है। आंकड़ों पर नजर डालें तो: साइबर ठगी से बचाव के लिए जागरूकता अभियान भी जारी क्राइम ब्रांच “साइबर पाठशाला” जैसे अभियानों के जरिए लोगों को ऑनलाइन फ्रॉड से बचने के उपाय भी सिखा रही है।अगर कोई ऑनलाइन धोखाधड़ी का शिकार होता है तो तुरंत 7049124445 पर कॉल करें या 1930 / NCRP पोर्टल पर शिकायत दर्ज करें। https://deshharpal.com/की सलाह: सतर्क रहें, जागरूक रहें और ठगी की शिकायत में देरी न करें।
Read more
1 107 108 109 110 111 115

Editor's Picks

NDA

Lok Sabha Rajya Sabha Update: हंगामे के बाद दोनों सदन 2 बजे तक स्थगित, NDA-INDIA में टकराव

संसद के मानसून सत्र में गुरुवार को एक बार फिर सियासी गर्मी देखने को मिली। Parliament Protest के दौरान NDA और INDIA Block के सांसद संसद भवन परिसर में आमने-सामने आ गए। दोनों पक्षों के नेताओं ने जमकर नारेबाजी की। इसी बीच कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा नारे लगाते NDA सांसदों के करीब पहुंच गईं, लेकिन सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें आगे जाने से रोक दिया। परिसर का यह घटनाक्रम कैमरे में कैद हो गया और इसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने लगा। इस पूरे मामले के बाद सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच राजनीतिक बयानबाजी और तेज हो गई है। संसद के बाहर दिखा सियासी शक्ति प्रदर्शन मानसून सत्र के दौरान विपक्ष और सरकार के बीच कई मुद्दों को लेकर पहले से ही तनाव बना हुआ है। गुरुवार को संसद भवन के बाहर दोनों गठबंधनों के सांसद अपने-अपने मुद्दों को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे। एक तरफ INDIA Block के सांसद सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रहे थे, वहीं NDA सांसदों ने भी विपक्ष के आरोपों के जवाब में प्रदर्शन किया। देखते ही देखते दोनों गुट आमने-सामने आ गए और संसद परिसर में माहौल काफी गरमा गया। Priyanka Gandhi का वीडियो हुआ वायरल प्रदर्शन के दौरान प्रियंका गांधी वाड्रा विपक्षी सांसदों के साथ मौजूद थीं। वीडियो में नजर आया कि वह नारे लगा रहे NDA सांसदों की ओर बढ़ीं। स्थिति को देखते हुए सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें रोक दिया और दोनों पक्षों के बीच दूरी बनाए रखने की कोशिश की। इस घटना का वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर राजनीतिक प्रतिक्रियाओं का दौर शुरू हो गया है। कांग्रेस नेताओं ने इसे विपक्ष की आवाज उठाने की कोशिश बताया, जबकि NDA नेताओं ने इसे विरोध प्रदर्शन का हिस्सा बताया। हंगामे के चलते Parliament Proceedings प्रभावित संसद परिसर में हुए विरोध प्रदर्शन का असर सदन की कार्यवाही पर भी पड़ा। लोकसभा और राज्यसभा में विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच जोरदार हंगामा हुआ, जिसके बाद दोनों सदनों की कार्यवाही को दोपहर 2 बजे तक स्थगित कर दिया गया। सांसदों के हंगामे के कारण कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा नहीं हो सकी। अब सभी की नजरें आगे की कार्यवाही पर टिकी हुई हैं। NDA vs INDIA Block के बीच जारी है राजनीतिक टकराव संसद के इस सत्र में सरकार और विपक्ष के बीच लगातार टकराव देखने को मिल रहा है। विपक्ष कई मुद्दों पर सरकार से जवाब मांग रहा है, जबकि सरकार का कहना है कि विपक्ष चर्चा के बजाय हंगामा कर रहा है। गुरुवार का घटनाक्रम एक बार फिर दिखाता है कि संसद के अंदर और बाहर दोनों ही जगह राजनीतिक मुकाबला तेज हो चुका है। आने वाले दिनों में भी NDA और INDIA Block के बीच बहस और विरोध प्रदर्शन जारी रहने की संभावना है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Sonam Wangchuk

Sonam Wangchuk मेदांता में भर्ती बोले- सरकार भरोसा दे तो आज ही खत्म करूंगा अनशन

लद्दाख के अधिकारों और पर्यावरण से जुड़े मुद्दों को लेकर अनशन कर रहे सोनम वांगचुक (Sonam Wangchuk) को गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उनकी तबीयत को देखते हुए अस्पताल में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई है। करीब 600 जवानों की तैनाती के बीच वांगचुक का इलाज चल रहा है। इस बीच Sonam Wangchuk ने सरकार के सामने बातचीत का रास्ता खुला रखा है। उन्होंने कहा कि अगर उन्हें सरकार की ओर से भरोसा मिलता है कि उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार किया जाएगा, तो वह अपना अनशन आज ही खत्म करने के लिए तैयार हैं। मेदांता अस्पताल में बढ़ाई गई सुरक्षा, 600 जवान तैनात सोनम वांगचुक की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल लाया गया। सुरक्षा को देखते हुए अस्पताल परिसर और आसपास बड़ी संख्या में पुलिस और सुरक्षाबलों की तैनाती की गई है। प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं ताकि किसी भी तरह की स्थिति से निपटा जा सके। वहीं डॉक्टरों की टीम लगातार उनके स्वास्थ्य की निगरानी कर रही है। Sonam Wangchuk बोले- समाधान चाहिए, टकराव नहीं अनशन के दौरान सोनम वांगचुक ने साफ किया कि उनका उद्देश्य सरकार के साथ टकराव नहीं, बल्कि बातचीत के जरिए समाधान निकालना है। उन्होंने कहा कि अगर केंद्र सरकार उनकी मांगों पर ठोस आश्वासन देती है तो वह अपना आंदोलन समाप्त करने पर विचार कर सकते हैं। वांगचुक का कहना है कि लद्दाख के लोगों की पहचान, जमीन, रोजगार और पर्यावरण की सुरक्षा को लेकर उनकी चिंताएं हैं और इन मुद्दों पर गंभीर चर्चा जरूरी है। JP Nadda का बयान- आपकी चिट्ठी मिली, सरकार कर रही चर्चा इस पूरे मामले में केंद्रीय मंत्री और भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा (JP Nadda) ने भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि सोनम वांगचुक की ओर से भेजी गई चिट्ठी सरकार को मिल गई है और इस विषय पर चर्चा की जा रही है। नड्डा के बयान के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि केंद्र सरकार और सोनम वांगचुक के बीच बातचीत का रास्ता आगे बढ़ सकता है। लद्दाख को लेकर क्या मांग कर रहे हैं सोनम वांगचुक? सोनम वांगचुक लंबे समय से लद्दाख के भविष्य और स्थानीय लोगों के अधिकारों को लेकर आवाज उठा रहे हैं। उनकी प्रमुख मांगों में शामिल हैं: अब बातचीत पर टिकी नजरें सोनम वांगचुक के बयान और जेपी नड्डा के जवाब के बाद अब सभी की नजर सरकार और आंदोलनकारियों के बीच संभावित बातचीत पर है। अगर दोनों पक्षों के बीच सहमति बनती है तो लंबे समय से चल रहा यह मुद्दा समाधान की दिशा में बढ़ सकता है। फिलहाल सोनम वांगचुक मेदांता अस्पताल में डॉक्टरों की निगरानी में हैं और आगे की रणनीति सरकार की प्रतिक्रिया पर निर्भर करेगी। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Salman Khan

Salman Khan on Education Protest: ‘हिंसा से नहीं निकलेगा हल’, Alia Bhatt बोलीं- छात्र अपने भविष्य के लिए लड़ रहे हैं

देशभर में शिक्षा व्यवस्था और परीक्षा से जुड़े मुद्दों को लेकर जारी विरोध प्रदर्शन अब नए मोड़ पर पहुंच गया है। कई राज्यों में छात्रों का आंदोलन लगातार तेज हो रहा है, वहीं कुछ स्थानों पर हुई हिंसा और तोड़फोड़ ने चिंता भी बढ़ा दी है। इस बीच बॉलीवुड अभिनेता Salman Khan और अभिनेत्री Alia Bhatt ने आंदोलन पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए छात्रों का समर्थन किया, लेकिन साथ ही हिंसा से बचने और शिक्षा के मुद्दे को राजनीति से दूर रखने की अपील भी की। Salman Khan बोले- शिक्षा का मुद्दा है, इसे राजनीतिक रंग न दें Salman Khan ने आंदोलन के दौरान हुई हिंसक घटनाओं पर दुख जताया। उनका कहना है कि किसी भी लोकतांत्रिक विरोध का उद्देश्य अपनी बात शांतिपूर्ण तरीके से रखना होना चाहिए। उन्होंने कहा कि शिक्षा लाखों युवाओं के भविष्य से जुड़ा विषय है और इसे राजनीतिक बहस का हिस्सा बनाने के बजाय समाधान खोजने पर ध्यान देना चाहिए। सलमान ने यह भी कहा कि सरकार और छात्रों के बीच खुलकर संवाद होना जरूरी है। उनका मानना है कि बातचीत से निकला समाधान ही सबसे प्रभावी और स्थायी होता है। Alia Bhatt ने छात्रों की भावनाओं को समझने की अपील की आलिया भट्ट ने भी इस मुद्दे पर अपनी राय साझा करते हुए कहा कि आंदोलन कर रहे छात्र केवल अपनी सुविधा के लिए नहीं, बल्कि पूरे शिक्षा तंत्र में सुधार की उम्मीद लेकर सड़क पर उतरे हैं। उन्होंने कहा कि युवाओं की आवाज को गंभीरता से सुनने की जरूरत है। यदि उनकी समस्याओं का समय रहते समाधान निकाला जाए तो ऐसे हालात बनने से बचा जा सकता है। हिंसा से आंदोलन की दिशा बदलने का खतरा शिक्षा से जुड़े इस आंदोलन की शुरुआत छात्रों की मांगों को लेकर हुई थी, लेकिन कुछ जगहों पर हिंसा और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की घटनाओं ने पूरे आंदोलन का फोकस बदल दिया। कई सामाजिक संगठनों और विशेषज्ञों का भी मानना है कि हिंसा से किसी भी आंदोलन की विश्वसनीयता प्रभावित होती है। इसी वजह से सलमान खान और आलिया भट्ट दोनों ने प्रदर्शनकारियों से संयम बरतने और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने की अपील की है। शिक्षा सुधार पर बढ़ी राष्ट्रीय बहस हाल के दिनों में परीक्षा प्रणाली, भर्ती प्रक्रिया और शिक्षा व्यवस्था को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं। छात्रों का कहना है कि उन्हें पारदर्शी और भरोसेमंद व्यवस्था चाहिए, जबकि सरकार का कहना है कि समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। इन सबके बीच फिल्म जगत की चर्चित हस्तियों का सामने आकर प्रतिक्रिया देना इस मुद्दे की गंभीरता को और भी स्पष्ट करता है। छात्रों और सरकार के बीच संवाद की जरूरत विशेषज्ञों का मानना है कि शिक्षा जैसे संवेदनशील विषय पर टकराव के बजाय बातचीत का रास्ता अपनाना सभी पक्षों के हित में होगा। छात्रों की मांगों पर गंभीर चर्चा और समयबद्ध कार्रवाई से ही स्थिति सामान्य हो सकती है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Raja Raghuvanshi

Raja Raghuvanshi Case Update: सोनम रघुवंशी की जमानत रद्द, Supreme Court ने दिया सरेंडर का आदेश

चर्चित राजा रघुवंशी (Raja Raghuvanshi) मर्डर केस में गुरुवार को बड़ा कानूनी घटनाक्रम सामने आया। सुप्रीम कोर्ट ने मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी को मिली जमानत रद्द कर दी है। अदालत ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि सोनम को तीन सप्ताह के भीतर सरेंडर करना होगा। यदि वह तय समय में आत्मसमर्पण नहीं करती हैं, तो उनकी जमानत स्वतः समाप्त मानी जाएगी। इस फैसले ने एक बार फिर पूरे मामले को सुर्खियों में ला दिया है। Raja Raghuvanshi Murder Case क्या है? इंदौर निवासी व्यवसायी राजा रघुवंशी और उनकी पत्नी सोनम रघुवंशी मई 2025 में हनीमून के लिए मेघालय गए थे। यात्रा के दौरान दोनों अचानक लापता हो गए। कुछ दिनों बाद राजा का शव एक गहरी खाई से बरामद हुआ, जबकि सोनम बाद में उत्तर प्रदेश के गाजीपुर में मिली थीं। जांच के दौरान मेघालय पुलिस ने दावा किया कि यह एक सोची-समझी साजिश के तहत की गई हत्या थी। पुलिस ने सोनम समेत कई लोगों को आरोपी बनाया और मामले में चार्जशीट भी दाखिल की। इसके बाद यह केस देशभर में चर्चा का विषय बन गया। Sonam Raghuvanshi को कैसे मिली थी जमानत? इस साल ट्रायल कोर्ट ने गिरफ्तारी की प्रक्रिया में तकनीकी खामियों का हवाला देते हुए सोनम रघुवंशी को जमानत दे दी थी। अदालत का कहना था कि गिरफ्तारी के दौरान जरूरी कानूनी औपचारिकताओं का पूरी तरह पालन नहीं किया गया। बाद में मेघालय हाईकोर्ट ने भी उस आदेश को बरकरार रखा। हालांकि, मेघालय सरकार ने इस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी और कहा कि इतने गंभीर अपराध में केवल प्रक्रियात्मक त्रुटि के आधार पर जमानत देना न्यायहित में नहीं है। सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा? सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई के दौरान माना कि मामला बेहद गंभीर प्रकृति का है और उपलब्ध तथ्यों को देखते हुए आरोपी को जमानत पर रखना उचित नहीं होगा। अदालत ने ट्रायल कोर्ट और हाईकोर्ट के आदेशों को रद्द करते हुए सोनम रघुवंशी को तीन सप्ताह के भीतर सरेंडर करने का निर्देश दिया। कोर्ट ने यह भी कहा कि यदि ट्रायल के दौरान प्रमुख गवाहों के बयान दर्ज हो जाते हैं, तो सोनम भविष्य में नियमित जमानत के लिए दोबारा आवेदन कर सकती हैं। यानी अदालत ने फिलहाल जमानत खत्म की है, लेकिन कानूनी अधिकार पूरी तरह समाप्त नहीं किए हैं। अब आगे क्या होगा? सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद सोनम रघुवंशी को निर्धारित समय सीमा के भीतर संबंधित अदालत के सामने आत्मसमर्पण करना होगा। इसके बाद उन्हें फिर से न्यायिक हिरासत में भेजा जा सकता है और ट्रायल की कार्यवाही आगे बढ़ेगी। उधर, जांच एजेंसियां भी इस बहुचर्चित मामले में सभी सबूतों और गवाहों के आधार पर अदालत में अपना पक्ष मजबूती से रखने की तैयारी कर रही हैं। देशभर की नजर इस केस पर राजा रघुवंशी हत्याकांड पिछले एक साल से देश के सबसे चर्चित आपराधिक मामलों में शामिल रहा है। हर सुनवाई के साथ इस केस पर लोगों की नजर बनी हुई है। सुप्रीम कोर्ट के ताजा फैसले के बाद अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि सोनम रघुवंशी कब सरेंडर करेंगी और ट्रायल कोर्ट में आगे की सुनवाई किस दिशा में आगे बढ़ेगी। इस मामले का अंतिम फैसला अदालत में पेश होने वाले सबूतों, गवाहों और कानूनी दलीलों के आधार पर ही तय होगा। फिलहाल सुप्रीम कोर्ट के आदेश ने साफ कर दिया है कि सोनम रघुवंशी को एक बार फिर जेल जाना होगा। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
China Open 2026: 4 मैच प्वाइंट गंवाकर फाइनल में हारीं PV Sindhu, खिताब जीतने का सपना टूटा

China Open 2026: 4 मैच प्वाइंट गंवाकर फाइनल में हारीं PV Sindhu, खिताब जीतने का सपना टूटा

भारत की स्टार बैडमिंटन खिलाड़ी PV Sindhu चाइना ओपन 2026 का खिताब जीतने से सिर्फ एक कदम दूर थीं, लेकिन किस्मत ने आखिरी समय पर उनका साथ नहीं दिया। फाइनल मुकाबले में सिंधु के पास जीत के चार मैच प्वाइंट थे, लेकिन वह उन्हें भुना नहीं सकीं और आखिरकार मुकाबला हार गईं। यह हार सिर्फ एक मैच की हार नहीं थी, बल्कि करोड़ों भारतीय प्रशंसकों की उम्मीदों को भी झटका देने वाली रही। पूरे टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन करने वाली सिंधु ने फाइनल में भी दमदार खेल दिखाया, लेकिन निर्णायक क्षणों में विपक्षी खिलाड़ी ने शानदार वापसी करते हुए मैच अपने नाम कर लिया। मैच के दौरान सिंधु ने कई बेहतरीन रैलियां खेलीं और लंबे समय तक मुकाबले पर अपनी पकड़ बनाए रखी। ऐसा लग रहा था कि ट्रॉफी अब भारत आने वाली है, लेकिन चार मैच प्वाइंट गंवाने के बाद मैच का रुख पूरी तरह बदल गया। हालांकि, हार के बावजूद सिंधु का प्रदर्शन पूरे टूर्नामेंट में शानदार रहा। उन्होंने लगातार बेहतरीन खेल दिखाकर फाइनल तक का सफर तय किया और यह साबित किया कि वह आज भी दुनिया की सबसे मजबूत बैडमिंटन खिलाड़ियों में शामिल हैं। इस हार से सिंधु और उनके प्रशंसक जरूर निराश होंगे, लेकिन खेल में जीत और हार दोनों का हिस्सा होती हैं। भारतीय फैंस को उम्मीद है कि पीवी सिंधु जल्द ही इस हार से उबरकर आने वाले टूर्नामेंट में और भी मजबूत वापसी करेंगी। चाइना ओपन 2026 का यह फाइनल लंबे समय तक याद रखा जाएगा, क्योंकि जीत सिंधु के बेहद करीब थी, लेकिन आखिर में किस्मत ने उनका साथ नहीं दिया। भारतीय खेल प्रेमियों को अब उनकी अगली बड़ी जीत का इंतजार रहेगा। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!

About Me

देशहरपल सिर्फ खबरों का मंच नहीं, बल्कि आपकी आवाज़ को सामने लाने का एक सशक्त माध्यम भी है। यहां आपको ताज़ातरीन खबरों के साथ-साथ नौकरी, शिक्षा, और नए भारत की बदलती आर्थिक तस्वीर पर उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी मिलेगी।

Phone: +91 9406783569, +91 755 484 8829
Email: support@deshharpal.com
Address : A-23 Sakshi Bunglow Trilanga Near Aura Mall Bhopal M.P

Recent Posts

  • All Post
  • Breaking News
  • Education
  • More News
  • Web Story
  • एंटरटेनमेंट
  • देश-हरपल
  • धर्म-कर्म
  • प्रदेश
  • बिज़नेस
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • वीडियो
  • स्पोर्ट्स
    •   Back
    • एक्सक्लूसिव
    • Editorial
    •   Back
    • IPL 2026
    • T20 वर्ल्ड कप
    • FIFA 2026
    •   Back
    • सोच-विचार
    • हेल्थ
    • ट्रैवल
    • कल्चर
    • एनवायरनमेंट
    • Impact Feature
    •   Back
    • राशिफल
    • पंचांग
    • पर्व-त्यौहार
    • पूजा-पाठ
    • चैत्र नवरात्रि 2025
    •   Back
    • मध्य प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    •   Back
    • टीवी
    • वेब-सीरीज
    • फिल्म रिव्यू
    • बॉलीवुड
    •   Back
    • लाइफस्टाइल
    •   Back
    • स्टॉक-मार्केट

© 2023 Deshharpal. All Rights Reserved.