आपका चैनल --
ताज़ा खबर
BREAKINGमध्य प्रदेशखंडवा जिला पंचायत अध्यक्ष पिंकी वानखेड़े की कुर्सी पर 14 नवंबर को फैसला, अविश्वास प्रस्ताव पर होगा मतदान◆BREAKINGबिज़नेसStock Market Rally: बाजार में लौटी हरियाली, Sensex-Nifty में जोरदार तेजी; इन सेक्टर्स ने संभाली कमान◆BREAKINGमध्य प्रदेशखंडवा में कपास-तुअर की फसल के बीच गांजे की खेती पकड़ी, 221 पौधे जब्त; दो गिरफ्तार◆BREAKINGबिज़नेसGold Price Today: सोने-चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट, 24K और 22K Gold का नया रेट◆BREAKINGदेश-हरपलDaler Mehndi विवाद: मंत्री सुबोध उनियाल ने फिर ठुकराई माफी की मांग, दिया बड़ा बयान◆BREAKINGदेश-हरपलUS-Iran Conflict: केश्म द्वीप पर गूंजे धमाके, अमेरिका के हमले के बाद ईरान का बड़ा दावा◆BREAKINGBreaking NewsNepal Helicopter Crash: एवरेस्ट के पास टकराए 2 हेलिकॉप्टर, भारतीय पर्यटक की मौत; 3 घायल◆BREAKINGदेश-हरपलCyclone Alert: मुरासु तूफान से आंध्र प्रदेश में बिगड़े हालात, तेज हवाओं के साथ भारी बारिश का अलर्ट◆BREAKINGमध्य प्रदेशखंडवा जिला पंचायत अध्यक्ष पिंकी वानखेड़े की कुर्सी पर 14 नवंबर को फैसला, अविश्वास प्रस्ताव पर होगा मतदान◆BREAKINGबिज़नेसStock Market Rally: बाजार में लौटी हरियाली, Sensex-Nifty में जोरदार तेजी; इन सेक्टर्स ने संभाली कमान◆BREAKINGमध्य प्रदेशखंडवा में कपास-तुअर की फसल के बीच गांजे की खेती पकड़ी, 221 पौधे जब्त; दो गिरफ्तार◆BREAKINGबिज़नेसGold Price Today: सोने-चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट, 24K और 22K Gold का नया रेट◆BREAKINGदेश-हरपलDaler Mehndi विवाद: मंत्री सुबोध उनियाल ने फिर ठुकराई माफी की मांग, दिया बड़ा बयान◆BREAKINGदेश-हरपलUS-Iran Conflict: केश्म द्वीप पर गूंजे धमाके, अमेरिका के हमले के बाद ईरान का बड़ा दावा◆BREAKINGBreaking NewsNepal Helicopter Crash: एवरेस्ट के पास टकराए 2 हेलिकॉप्टर, भारतीय पर्यटक की मौत; 3 घायल◆BREAKINGदेश-हरपलCyclone Alert: मुरासु तूफान से आंध्र प्रदेश में बिगड़े हालात, तेज हवाओं के साथ भारी बारिश का अलर्ट◆

PAL-PAL KI KHABAR HAR PAL

[category_slider]

NE

News Elementor

What's Hot

Banner

Stock Market Rally: बाजार में लौटी हरियाली, Sensex-Nifty में जोरदार तेजी; इन सेक्टर्स ने संभाली कमान

Table of Content

मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार (Stock Market) में जबरदस्त रौनक देखने को मिली। सुबह से ही बाजार में खरीदारी का माहौल बना रहा और देखते ही देखते सेंसेक्स करीब 900 अंक उछलकर 76,600 के स्तर पर पहुंच गया। दूसरी ओर निफ्टी में भी करीब 250 अंकों की तेजी दर्ज की गई। बैंकिंग और IT सेक्टर के शेयरों में सबसे ज्यादा खरीदारी देखने को मिली।

पिछले कुछ कारोबारी सत्रों से बाजार जिस दबाव से गुजर रहा था, उसके बीच आई इस तेजी ने निवेशकों को बड़ी राहत दी है। खासकर उन निवेशकों के लिए यह अच्छी खबर रही, जो बाजार में सुधार का इंतजार कर रहे थे।

Sensex-Nifty में तेजी से बाजार में लौटी रौनक

मंगलवार, 3 नवंबर को कारोबार के दौरान BSE Sensex करीब 900 अंक की बढ़त के साथ 76,600 के आसपास कारोबार करता नजर आया। वहीं NSE Nifty भी लगभग 250 अंक चढ़कर 23,700 के पार पहुंच गया।

इस तेजी में बैंकिंग, IT, FMCG और मेटल सेक्टर के शेयरों का अहम योगदान रहा। बाजार में खरीदारी बढ़ने से निवेशकों के बीच भी सकारात्मक माहौल देखने को मिला।

इससे पहले सोमवार को भी बाजार ने शानदार वापसी की थी। Sensex 1,233.25 अंक यानी 1.66% की तेजी के साथ 75,692.78 पर बंद हुआ था। वहीं Nifty 387.70 अंक चढ़कर 23,440.80 के स्तर पर पहुंच गया था।

शेयर बाजार में तेजी की क्या रही वजह?

मंगलवार की तेजी के पीछे सिर्फ एक वजह नहीं, बल्कि कई घरेलू और अंतरराष्ट्रीय संकेत रहे।

1. कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट

अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में नरमी से भारतीय बाजार को राहत मिली। भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा दूसरे देशों से खरीदता है। ऐसे में तेल सस्ता होने से देश के आयात बिल और महंगाई पर दबाव कम होने की उम्मीद रहती है।

2. FII की खरीदारी से मिला सपोर्ट

विदेशी संस्थागत निवेशकों यानी FII की खरीदारी ने भी बाजार को मजबूती दी। सोमवार को विदेशी निवेशकों ने भारतीय शेयर बाजार में करीब 3,115 करोड़ रुपये की शुद्ध खरीदारी की। विदेशी निवेशकों की वापसी को बाजार के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।

3. Banking और IT Stocks में जबरदस्त खरीदारी

बैंकिंग और IT सेक्टर में निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ी। HDFC Bank, Infosys और Shriram Finance जैसे शेयरों में खरीदारी देखने को मिली। इन सेक्टरों में आई तेजी ने प्रमुख इंडेक्स को ऊपर ले जाने में मदद की।

4. कंपनियों के Q2 Results पर नजर

सितंबर तिमाही के नतीजों का सीजन भी बाजार को प्रभावित कर रहा है। निवेशकों की नजर SBI, Bajaj Finserv, Lupin और MCX जैसी कंपनियों के नतीजों पर है। बेहतर नतीजों की उम्मीद से चुनिंदा शेयरों में खरीदारी बढ़ सकती है।

5. Global Market से मिले सकारात्मक संकेत

अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट और अमेरिका-ईरान तनाव कम होने की उम्मीद ने निवेशकों के सेंटीमेंट को सहारा दिया। हालांकि, वैश्विक बाजारों में अभी भी उतार-चढ़ाव बना हुआ है।

Reliance के शेयरों में भी दिखी थी शानदार तेजी

सोमवार के कारोबारी सत्र में Reliance Industries के शेयरों ने बाजार का ध्यान खींचा था। कंपनी के शेयरों में करीब 11.60% की तेजी दर्ज की गई। इसके अलावा Tata Steel, JSW Steel और Coal India जैसे शेयरों में भी अच्छी खरीदारी देखने को मिली।

हालांकि, बाजार में तेजी के बावजूद सभी शेयर हरे निशान में नहीं रहे। कुछ IT, बैंकिंग और फार्मा शेयरों में दबाव भी देखने को मिला।

आज इन कंपनियों के शेयरों पर रहेगी नजर

3 नवंबर को निवेशकों की नजर कई बड़ी कंपनियों के तिमाही नतीजों पर बनी हुई है। इनमें SBI, Bajaj Finserv, Lupin, MCX और Solar Industries जैसी कंपनियां शामिल हैं।

इसके अलावा ITC और Marico के कारोबारी प्रदर्शन पर भी निवेशक नजर रख रहे हैं। कंपनियों के नतीजे और भविष्य को लेकर दिए गए संकेत आने वाले कारोबारी सत्रों में शेयरों की चाल प्रभावित कर सकते हैं।

निवेशकों के लिए क्या है आगे का संकेत?

लगातार दूसरे कारोबारी सत्र में तेजी आना शेयर बाजार के लिए सकारात्मक संकेत है। हालांकि, केवल एक-दो दिन की तेजी देखकर निवेश का फैसला लेना सही नहीं होगा।

आने वाले दिनों में विदेशी निवेशकों की गतिविधियां, कच्चे तेल की कीमतें, वैश्विक आर्थिक हालात और कंपनियों के तिमाही नतीजे बाजार की दिशा तय करेंगे।

फिलहाल निवेशकों की नजर इस बात पर है कि सेंसेक्स और निफ्टी अपनी तेजी को बरकरार रख पाते हैं या नहीं। बाजार में मौका जरूर दिखाई दे रहा है, लेकिन सावधानी के साथ निवेश करना भी उतना ही जरूरी है।

हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!

Yukta

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Recent News

Trending News

Editor's Picks

खंडवा जिला पंचायत अध्यक्ष पिंकी वानखेड़े की कुर्सी पर 14 नवंबर को फैसला, अविश्वास प्रस्ताव पर होगा मतदान

खंडवा। जिला पंचायत अध्यक्ष पिंकी सुदेश वानखेड़े की कुर्सी पर फैसला 14 नवंबर को होगा। उनके खिलाफ लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा और मतदान के लिए सुबह 11 बजे जिला पंचायत कार्यालय के सभाकक्ष में सम्मेलन बुलाया गया है। इंदौर संभाग आयुक्त भास्कर लाक्षाकार ने सम्मेलन की अध्यक्षता के लिए कलेक्टर ऋषव गुप्ता को पीठासीन अधिकारी नियुक्त किया है। कलेक्टर ने बताया कि निर्धारित तारीख पर अविश्वास प्रस्ताव को लेकर चर्चा और मतदान कराया जाएगा। सम्मेलन की तारीख तय होने के बाद जिला पंचायत की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। दूसरी बार शुरू हुई अविश्वास प्रस्ताव की प्रक्रिया जिला पंचायत अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की कोशिश पहले भी की गई थी। उस समय कांग्रेस समर्थित सदस्यों ने आवेदन दिया था, लेकिन प्रशासन ने पंचायत अधिनियम का हवाला देते हुए इसे स्वीकार नहीं किया था। प्रशासन का कहना था कि जिला पंचायत का कार्यकाल ढाई साल पूरा होने से पहले अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव नहीं लाया जा सकता। निर्धारित अवधि पूरी होने के बाद सदस्यों ने दोबारा प्रक्रिया शुरू की। इस बार आवेदन स्वीकार होने के बाद मतदान के लिए सम्मेलन की तारीख भी तय कर दी गई है। कांग्रेस समर्थित जिला पंचायत सदस्य मनोज भरतकार के मुताबिक, मतदान के दौरान क्रॉस वोटिंग की संभावना बन सकती है। ऐसे में अध्यक्ष के लिए सदस्यों का समर्थन बनाए रखना चुनौती होगी। टॉस से अध्यक्ष बनी थीं पिंकी वानखेड़े पिंकी वानखेड़े के जिला पंचायत अध्यक्ष बनने की कहानी भी राजनीतिक उठापटक से जुड़ी रही है। पंचायत चुनाव के बाद अध्यक्ष पद कंचन तनवे को मिला था। वे निर्दलीय जिला पंचायत सदस्य चुनी गई थीं। उस समय भाजपा के पास अनुसूचित जाति वर्ग से अध्यक्ष पद का दावेदार सदस्य नहीं था। जिले से इस वर्ग के केवल दो सदस्य निर्वाचित हुए थे। इनमें नानकराम बरवाहे कांग्रेस के समर्थन से जीते थे। भाजपा ने कंचन तनवे को समर्थन दिया और वे जिला पंचायत अध्यक्ष चुनी गईं। अध्यक्ष पद के चुनाव में जीत का अंतर महज एक वोट का था। बाद में कंचन तनवे को भाजपा से विधानसभा चुनाव का टिकट मिला। विधायक बनने के बाद उन्होंने जिला पंचायत अध्यक्ष और सदस्य पद से इस्तीफा दे दिया। इसके बाद रिक्त हुए वार्ड में उपचुनाव कराया गया, जिसमें पिंकी वानखेड़े जिला पंचायत सदस्य निर्वाचित हुईं। अध्यक्ष पद के चुनाव में उनका मुकाबला कांग्रेस समर्थित नानकराम बरवाहे से हुआ। दोनों उम्मीदवारों को बराबर वोट मिले। इसके बाद निर्वाचन अधिकारी ने पर्ची के जरिए फैसला कराया, जिसमें पिंकी वानखेड़े विजयी रहीं और अध्यक्ष बनीं। सदस्य के निधन से बदला संख्या बल का समीकरण जिला पंचायत के राजनीतिक समीकरण में वार्ड क्रमांक 6 से भाजपा समर्थित सदस्य श्रीराम चौधरी के निधन के बाद बदलाव आया है। इससे अविश्वास प्रस्ताव के समर्थन में जुटे सदस्यों को अपनी स्थिति मजबूत होने की उम्मीद है। हालांकि, प्रस्ताव के पक्ष और विपक्ष में कितने सदस्य मतदान करेंगे, यह 14 नवंबर को सम्मेलन के दौरान ही स्पष्ट होगा। अब सभी की नजर इस बैठक पर है, जहां मतदान से तय होगा कि पिंकी वानखेड़े अध्यक्ष पद पर बनी रहेंगी या उन्हें पद छोड़ना पड़ेगा।
Stock Market

Stock Market Rally: बाजार में लौटी हरियाली, Sensex-Nifty में जोरदार तेजी; इन सेक्टर्स ने संभाली कमान

मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार (Stock Market) में जबरदस्त रौनक देखने को मिली। सुबह से ही बाजार में खरीदारी का माहौल बना रहा और देखते ही देखते सेंसेक्स करीब 900 अंक उछलकर 76,600 के स्तर पर पहुंच गया। दूसरी ओर निफ्टी में भी करीब 250 अंकों की तेजी दर्ज की गई। बैंकिंग और IT सेक्टर के शेयरों में सबसे ज्यादा खरीदारी देखने को मिली। पिछले कुछ कारोबारी सत्रों से बाजार जिस दबाव से गुजर रहा था, उसके बीच आई इस तेजी ने निवेशकों को बड़ी राहत दी है। खासकर उन निवेशकों के लिए यह अच्छी खबर रही, जो बाजार में सुधार का इंतजार कर रहे थे। Sensex-Nifty में तेजी से बाजार में लौटी रौनक मंगलवार, 3 नवंबर को कारोबार के दौरान BSE Sensex करीब 900 अंक की बढ़त के साथ 76,600 के आसपास कारोबार करता नजर आया। वहीं NSE Nifty भी लगभग 250 अंक चढ़कर 23,700 के पार पहुंच गया। इस तेजी में बैंकिंग, IT, FMCG और मेटल सेक्टर के शेयरों का अहम योगदान रहा। बाजार में खरीदारी बढ़ने से निवेशकों के बीच भी सकारात्मक माहौल देखने को मिला। इससे पहले सोमवार को भी बाजार ने शानदार वापसी की थी। Sensex 1,233.25 अंक यानी 1.66% की तेजी के साथ 75,692.78 पर बंद हुआ था। वहीं Nifty 387.70 अंक चढ़कर 23,440.80 के स्तर पर पहुंच गया था। शेयर बाजार में तेजी की क्या रही वजह? मंगलवार की तेजी के पीछे सिर्फ एक वजह नहीं, बल्कि कई घरेलू और अंतरराष्ट्रीय संकेत रहे। 1. कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में नरमी से भारतीय बाजार को राहत मिली। भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा दूसरे देशों से खरीदता है। ऐसे में तेल सस्ता होने से देश के आयात बिल और महंगाई पर दबाव कम होने की उम्मीद रहती है। 2. FII की खरीदारी से मिला सपोर्ट विदेशी संस्थागत निवेशकों यानी FII की खरीदारी ने भी बाजार को मजबूती दी। सोमवार को विदेशी निवेशकों ने भारतीय शेयर बाजार में करीब 3,115 करोड़ रुपये की शुद्ध खरीदारी की। विदेशी निवेशकों की वापसी को बाजार के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है। 3. Banking और IT Stocks में जबरदस्त खरीदारी बैंकिंग और IT सेक्टर में निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ी। HDFC Bank, Infosys और Shriram Finance जैसे शेयरों में खरीदारी देखने को मिली। इन सेक्टरों में आई तेजी ने प्रमुख इंडेक्स को ऊपर ले जाने में मदद की। 4. कंपनियों के Q2 Results पर नजर सितंबर तिमाही के नतीजों का सीजन भी बाजार को प्रभावित कर रहा है। निवेशकों की नजर SBI, Bajaj Finserv, Lupin और MCX जैसी कंपनियों के नतीजों पर है। बेहतर नतीजों की उम्मीद से चुनिंदा शेयरों में खरीदारी बढ़ सकती है। 5. Global Market से मिले सकारात्मक संकेत अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट और अमेरिका-ईरान तनाव कम होने की उम्मीद ने निवेशकों के सेंटीमेंट को सहारा दिया। हालांकि, वैश्विक बाजारों में अभी भी उतार-चढ़ाव बना हुआ है। Reliance के शेयरों में भी दिखी थी शानदार तेजी सोमवार के कारोबारी सत्र में Reliance Industries के शेयरों ने बाजार का ध्यान खींचा था। कंपनी के शेयरों में करीब 11.60% की तेजी दर्ज की गई। इसके अलावा Tata Steel, JSW Steel और Coal India जैसे शेयरों में भी अच्छी खरीदारी देखने को मिली। हालांकि, बाजार में तेजी के बावजूद सभी शेयर हरे निशान में नहीं रहे। कुछ IT, बैंकिंग और फार्मा शेयरों में दबाव भी देखने को मिला। आज इन कंपनियों के शेयरों पर रहेगी नजर 3 नवंबर को निवेशकों की नजर कई बड़ी कंपनियों के तिमाही नतीजों पर बनी हुई है। इनमें SBI, Bajaj Finserv, Lupin, MCX और Solar Industries जैसी कंपनियां शामिल हैं। इसके अलावा ITC और Marico के कारोबारी प्रदर्शन पर भी निवेशक नजर रख रहे हैं। कंपनियों के नतीजे और भविष्य को लेकर दिए गए संकेत आने वाले कारोबारी सत्रों में शेयरों की चाल प्रभावित कर सकते हैं। निवेशकों के लिए क्या है आगे का संकेत? लगातार दूसरे कारोबारी सत्र में तेजी आना शेयर बाजार के लिए सकारात्मक संकेत है। हालांकि, केवल एक-दो दिन की तेजी देखकर निवेश का फैसला लेना सही नहीं होगा। आने वाले दिनों में विदेशी निवेशकों की गतिविधियां, कच्चे तेल की कीमतें, वैश्विक आर्थिक हालात और कंपनियों के तिमाही नतीजे बाजार की दिशा तय करेंगे। फिलहाल निवेशकों की नजर इस बात पर है कि सेंसेक्स और निफ्टी अपनी तेजी को बरकरार रख पाते हैं या नहीं। बाजार में मौका जरूर दिखाई दे रहा है, लेकिन सावधानी के साथ निवेश करना भी उतना ही जरूरी है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!

खंडवा में कपास-तुअर की फसल के बीच गांजे की खेती पकड़ी, 221 पौधे जब्त; दो गिरफ्तार

खंडवा। जिले के जावर थाना क्षेत्र के ग्राम डेबरी फाल्या कैसून में पुलिस ने दो अलग-अलग खेतों में गांजे की अवैध खेती पकड़ी है। यहां कपास और तुअर की फसल के बीच गांजे के पौधे लगाए गए थे। पुलिस ने दोनों खेतों से कुल 221 पौधे जब्त कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पहले खेत से 110 गांजे के पौधे जब्त टीआई सुलोचना गहलोत के अनुसार, सोमवार को मुखबिर से सूचना मिली थी कि गांव के दो किसान अपने खेतों में गांजे की खेती कर रहे हैं। सूचना की पुष्टि के बाद पुलिस टीम ने दोनों खेतों पर दबिश दी। पहली कार्रवाई में दरियावसिंह पिता सवर्ण निंगवाल (48) के घर के पास स्थित खेत की तलाशी ली गई। यहां कपास और तुअर की फसल के बीच गांजे के 110 पौधे मिले। पुलिस के मुताबिक, इनका कुल वजन 195.361 किलोग्राम था। पुलिस ने पौधे जब्त कर दरियावसिंह को गिरफ्तार कर लिया। दूसरे खेत में मिले 111 पौधे दूसरी कार्रवाई में पुलिस ने भूरु उर्फ राजेश पिता सागर भीलाला (40) के खेत में दबिश दी। यहां भी कपास और तुअर की फसल के बीच गांजे के पौधे लगाए गए थे। पुलिस ने मौके से 111 पौधे जब्त किए, जिनका वजन 100.339 किलोग्राम बताया गया है। इस मामले में भूरु उर्फ राजेश को भी गिरफ्तार किया गया। NDPS एक्ट के तहत मामला दर्ज पुलिस ने दोनों मामलों में NDPS एक्ट की धारा 8/20 के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अब पुलिस यह पता लगा रही है कि खेतों में गांजे की खेती कब से की जा रही थी और जब्त पौधों का इस्तेमाल या बिक्री कहां की जानी थी।
Gold

Gold Price Today: सोने-चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट, 24K और 22K Gold का नया रेट

सोना और चांदी खरीदने का इंतजार कर रहे लोगों के लिए बाजार से बड़ी खबर है। 3 नवंबर को दोनों कीमती धातुओं की कीमतों में गिरावट देखने को मिली। चांदी का भाव एक ही कारोबारी सत्र में करीब ₹4,622 प्रति किलो टूट गया, वहीं सोना भी ₹1,300 से ज्यादा सस्ता हो गया। लगातार बदलते भाव के बीच खरीदारों के मन में एक ही सवाल है कि क्या आने वाले दिनों में सोना-चांदी और सस्ता होगा? त्योहारों और शादी के सीजन में सोने-चांदी की खरीदारी बढ़ जाती है। ऐसे में कीमतों में आई इस गिरावट से उन लोगों को थोड़ी राहत मिल सकती है, जो लंबे समय से खरीदारी के लिए सही मौके का इंतजार कर रहे थे। Gold Price Today: सोना ₹1,300 से ज्यादा टूटा मंगलवार, 3 नवंबर को MCX पर सोने की कीमतों में कमजोरी देखने को मिली। दिसंबर डिलीवरी वाला सोना कारोबार के दौरान ₹1,300 से ज्यादा नीचे चला गया। सुबह करीब 10:31 बजे सोना ₹1,39,026 प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा था। पिछले बंद भाव के मुकाबले इसमें ₹1,160 यानी लगभग 0.83% की गिरावट दर्ज की गई। कारोबार के दौरान सोने ने ₹1,38,800 का निचला स्तर भी छुआ। सोने की कीमतों में आई इस गिरावट से उन ग्राहकों को राहत मिल सकती है, जो ज्वेलरी खरीदने की योजना बना रहे हैं। Silver Rate Today: चांदी ₹4,622 प्रति किलो सस्ती सोने के मुकाबले चांदी में ज्यादा गिरावट दर्ज की गई। MCX पर दिसंबर डिलीवरी वाली चांदी ₹4,622 टूटकर करीब ₹1,79,157 प्रति किलो पर पहुंच गई। इसमें लगभग 2.51% की कमजोरी देखने को मिली। बाद के कारोबार में चांदी करीब ₹1,79,434 प्रति किलो के आसपास रही। लगातार गिरते भाव के कारण निवेशकों और खरीदारों की नजर अब चांदी की अगली चाल पर है। 24K, 22K और 18K Gold Rate: जानें सोने के नए भाव सोना खरीदने से पहले उसकी शुद्धता और कीमत जानना बेहद जरूरी है। 24 कैरेट सोना सबसे शुद्ध होता है, जबकि 22 कैरेट का इस्तेमाल आमतौर पर गहने बनाने में किया जाता है। वहीं, 18 कैरेट सोने में अन्य धातुओं की मात्रा अधिक होती है। 3 नवंबर के उपलब्ध शहरवार रिटेल रेट के अनुसार: शहर 24 कैरेट (10 ग्राम) 22 कैरेट (10 ग्राम) दिल्ली ₹1,38,960 ₹1,27,380 मुंबई ₹1,39,160 ₹1,27,563 बेंगलुरु ₹1,39,270 ₹1,27,664 कोलकाता ₹1,38,980 ₹1,27,938 हैदराबाद ₹1,40,670 ₹1,28,948 चेन्नई ₹1,40,670 ₹1,28,948 18 कैरेट सोने का भाव भी ज्वेलर और शहर के हिसाब से अलग हो सकता है। इसलिए खरीदारी से पहले स्थानीय दुकान से ताजा रेट जरूर पता करें। Silver Price Today: प्रमुख शहरों में चांदी का भाव चांदी की कीमतों में गिरावट के बाद अलग-अलग शहरों में इसके भाव इस प्रकार रहे: शहरों के बीच कीमतों में अंतर स्थानीय बाजार और दूसरे खर्चों की वजह से हो सकता है। सोना-चांदी सस्ता होने की क्या है वजह? सोने और चांदी की कीमतों में होने वाले बदलाव के पीछे सिर्फ घरेलू मांग जिम्मेदार नहीं होती। अंतरराष्ट्रीय बाजार में होने वाली हलचल का भी सीधा असर भारतीय बाजार पर पड़ता है। डॉलर की मजबूती: अमेरिकी डॉलर मजबूत होने पर अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतों पर दबाव बन सकता है। अमेरिका में मिडटर्म चुनाव: अमेरिकी चुनाव को लेकर निवेशकों में सतर्कता बनी हुई है। चुनाव से जुड़े घटनाक्रम का असर वित्तीय बाजारों पर पड़ सकता है। ब्याज दरों का असर: अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ब्याज दरों को लेकर अनिश्चितता भी सोने की कीमतों को प्रभावित करती है। मुनाफावसूली: कीमतों में पहले तेजी आने के बाद निवेशक मुनाफा निकालते हैं। इससे सोने और चांदी दोनों में गिरावट आ सकती है। अंतरराष्ट्रीय बाजार के उपलब्ध अपडेट के मुताबिक स्पॉट गोल्ड करीब 3,926.52 डॉलर प्रति औंस और स्पॉट सिल्वर में भी कमजोरी दर्ज की गई। क्या अभी सोना-चांदी खरीदना सही रहेगा? कीमतों में गिरावट देखकर खरीदारी का मन बनना स्वाभाविक है, लेकिन बाजार की आगे की दिशा का अनुमान लगाना आसान नहीं है। अगर आप शादी या किसी खास अवसर के लिए गहने खरीदना चाहते हैं, तो अलग-अलग ज्वेलर्स के रेट की तुलना करें। सोना खरीदते समय BIS हॉलमार्क और HUID नंबर जरूर जांचें। इसके अलावा मेकिंग चार्ज, GST और अन्य लागू शुल्क की जानकारी भी लें। इससे आपको दुकान पर बिल बनवाते समय कीमत का सही अंदाजा रहेगा। फिलहाल सोने और चांदी दोनों के भाव में कमजोरी देखने को मिली है। चांदी में गिरावट सोने के मुकाबले ज्यादा रही। अब आने वाले दिनों में अमेरिकी बाजार, डॉलर की चाल और वैश्विक आर्थिक संकेत तय करेंगे कि कीमती धातुओं के दाम में और गिरावट आती है या फिर एक बार फिर तेजी लौटती है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Daler Mehndi

Daler Mehndi विवाद: मंत्री सुबोध उनियाल ने फिर ठुकराई माफी की मांग, दिया बड़ा बयान

उत्तराखंड में पंजाबी सिंगर दलेर मेहंदी (Daler Mehndi) और कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल के बीच शुरू हुआ विवाद अभी खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है। कुंजापुरी मेले में हुए घटनाक्रम के बाद यह मामला लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। अब मंत्री सुबोध उनियाल ने एक बार फिर अपने बयान से साफ कर दिया है कि वह इस मामले में माफी मांगने के मूड में नहीं हैं। उनका कहना है कि अगर माफी मांगने की नौबत आई तो वह मंत्री पद छोड़ देंगे, लेकिन अपने आत्मसम्मान से समझौता नहीं करेंगे। मंत्री के इस बयान के बाद उत्तराखंड की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। वहीं, दलेर मेहंदी के समर्थन में मनोरंजन जगत की कई हस्तियां भी अपनी बात रख चुकी हैं। सुबोध उनियाल बोले- माफी से बेहतर इस्तीफा देना मंत्री सुबोध उनियाल ने अपने ताजा बयान में कहा कि वह किसी भी दबाव में आकर माफी नहीं मांगेंगे। उन्होंने साफ कहा कि जरूरत पड़ी तो वह अपने पद से इस्तीफा दे देंगे, लेकिन अपनी बात से पीछे नहीं हटेंगे। उनके इस रुख से साफ है कि फिलहाल विवाद को लेकर दोनों पक्षों के बीच सहमति बनती नजर नहीं आ रही है। विपक्ष भी इस मुद्दे को लेकर सरकार पर सवाल उठा रहा है। कुंजापुरी मेले में शुरू हुआ था Daler Mehndi Controversy इस पूरे विवाद की शुरुआत 18 अक्टूबर 2026 को टिहरी गढ़वाल के नरेंद्रनगर में आयोजित कुंजापुरी मेले के दौरान हुई थी। मेले की सांस्कृतिक संध्या में पंजाबी गायक दलेर मेहंदी को परफॉर्मेंस के लिए बुलाया गया था। कार्यक्रम के दौरान कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल मंच पर पहुंचे। इसी दौरान उन्होंने दलेर मेहंदी की प्रस्तुति को लेकर सवाल उठाए। मंत्री ने पूछा कि गायक लाइव गा रहे हैं या रिकॉर्डेड ट्रैक पर प्रस्तुति दे रहे हैं। मंच पर हुई बातचीत का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इसके बाद लोगों ने मंत्री के व्यवहार पर सवाल उठाने शुरू कर दिए और देखते ही देखते मामला बड़ा विवाद बन गया। 35 लाख रुपये की फीस को लेकर भी मंत्री ने उठाए सवाल विवाद बढ़ने के बाद सुबोध उनियाल ने अपनी सफाई में कार्यक्रम के आयोजन और खर्च का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि दलेर मेहंदी को बुलाने के लिए करीब 35 लाख रुपये का भुगतान किया गया था। इसके अलावा होटल और दूसरी व्यवस्थाओं पर भी खर्च हुआ था। मंत्री का कहना था कि जब किसी कलाकार को बड़े कार्यक्रम में प्रस्तुति देने के लिए बुलाया जाता है, तो दर्शकों की भी कुछ उम्मीदें होती हैं। उन्होंने अपनी टिप्पणी को इसी संदर्भ में सही ठहराने की कोशिश की। हालांकि, उनके बयान को लेकर सोशल मीडिया पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। Mika Singh ने किया दलेर मेहंदी का समर्थन इस विवाद में मशहूर सिंगर मीका सिंह भी खुलकर सामने आए। उन्होंने अपने बड़े भाई दलेर मेहंदी का समर्थन करते हुए मंत्री के व्यवहार पर नाराजगी जताई और सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की। मीका सिंह ने दलेर मेहंदी की तबीयत का हवाला देते हुए कहा कि उनकी सेहत ठीक नहीं थी और हाल ही में उनकी सर्जरी भी हुई थी। ऐसे में उनके साथ मंच पर इस तरह का व्यवहार उचित नहीं था। इसके बाद मनोरंजन जगत की कई जानी-मानी हस्तियों ने भी इस मामले पर अपनी प्रतिक्रिया दी। कपिल शर्मा, अनुपम खेर, राजपाल यादव और बादशाह समेत कई कलाकारों के नाम इस विवाद से जुड़ी चर्चाओं में सामने आए। CM पुष्कर सिंह धामी ने संभालने की कोशिश की थी स्थिति मामले को बढ़ता देख उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी हस्तक्षेप किया था। उन्होंने मीका सिंह से फोन पर बातचीत कर विवाद को आपसी बातचीत से सुलझाने की अपील की थी। मुख्यमंत्री ने कलाकारों के सम्मान और उत्तराखंड की सांस्कृतिक परंपराओं का जिक्र करते हुए सौहार्द बनाए रखने की बात कही थी। दलेर मेहंदी से भी बातचीत की गई थी। इस बीच मीका सिंह की टीम की ओर से मंत्री द्वारा फोन पर माफी मांगने की बात सामने आई थी। हालांकि, सुबोध उनियाल ने बाद में ऐसी खबरों को खारिज करते हुए कहा कि उन्होंने माफी नहीं मांगी है। विपक्ष ने भी उठाए सवाल, इस्तीफे की मांग तेज दलेर मेहंदी (Daler Mehndi) विवाद अब सिर्फ एक सांस्कृतिक कार्यक्रम तक सीमित नहीं है। इसने राजनीतिक रूप भी ले लिया है। विपक्षी नेताओं ने मंत्री के बयान और व्यवहार पर सवाल उठाते हुए उनके इस्तीफे की मांग की है। दूसरी ओर, सुबोध उनियाल अपने रुख पर कायम हैं। उनका कहना है कि वह अपनी बात को लेकर स्पष्ट हैं और माफी मांगने के बजाय पद छोड़ना पसंद करेंगे। Daler Mehndi Controversy: अब आगे क्या होगा? कुंजापुरी मेले से शुरू हुआ यह विवाद अब कलाकारों के सम्मान और राजनीतिक जिम्मेदारी से जुड़े सवालों तक पहुंच गया है। एक तरफ सुबोध उनियाल अपनी टिप्पणी को सही ठहरा रहे हैं, तो दूसरी तरफ दलेर मेहंदी के समर्थक इसे एक वरिष्ठ कलाकार के सम्मान से जोड़कर देख रहे हैं। फिलहाल मंत्री ने माफी मांगने से इनकार कर दिया है। अब सबकी नजर इस बात पर है कि पार्टी नेतृत्व और मुख्यमंत्री इस मामले में आगे क्या कदम उठाते हैं और क्या दोनों पक्षों के बीच कोई सहमति बन पाती है। उत्तराखंड का यह विवाद आने वाले दिनों में भी राजनीतिक और मनोरंजन जगत की चर्चाओं में बना रह सकता है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!

About Me

देशहरपल सिर्फ खबरों का मंच नहीं, बल्कि आपकी आवाज़ को सामने लाने का एक सशक्त माध्यम भी है। यहां आपको ताज़ातरीन खबरों के साथ-साथ नौकरी, शिक्षा, और नए भारत की बदलती आर्थिक तस्वीर पर उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी मिलेगी।

Phone: +91 9406783569, +91 755 484 8829
Email: support@deshharpal.com
Address : A-23 Sakshi Bunglow Trilanga Near Aura Mall Bhopal M.P

Recent Posts

  • All Post
  • Breaking News
  • Education
  • More News
  • Web Story
  • एंटरटेनमेंट
  • देश-हरपल
  • धर्म-कर्म
  • प्रदेश
  • बिज़नेस
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • वीडियो
  • स्पोर्ट्स
    •   Back
    • एक्सक्लूसिव
    • Editorial
    •   Back
    • IPL 2026
    • T20 वर्ल्ड कप
    • FIFA 2026
    •   Back
    • सोच-विचार
    • हेल्थ
    • ट्रैवल
    • कल्चर
    • एनवायरनमेंट
    • Impact Feature
    •   Back
    • राशिफल
    • पंचांग
    • पर्व-त्यौहार
    • पूजा-पाठ
    • चैत्र नवरात्रि 2025
    •   Back
    • मध्य प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    •   Back
    • टीवी
    • वेब-सीरीज
    • फिल्म रिव्यू
    • बॉलीवुड
    •   Back
    • लाइफस्टाइल
    •   Back
    • स्टॉक-मार्केट

© 2023 Deshharpal. All Rights Reserved.