बिलासपुर। शहर में स्मार्ट सिटी फंड से बनाई गई करोड़ों रुपये की स्मार्ट रोड को रात के अंधेरे में एक्सीवेटर से खोदने का मामला सामने आया है। नई डामर सड़क को नुकसान पहुंचाने के मामले में नगर निगम ने सख्ती दिखाई है। निगम कमिश्नर प्रकाश कुमार सर्वे ने कहा है कि जांच रिपोर्ट मिलने के बाद सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने के आरोप में एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
सड़क खोदने पर जारी हुआ नोटिस
मामले में जोन क्रमांक 3 के कमिश्नर ने 7 सितंबर को मिनोचा कॉलोनी निवासी जगजीत सिंह मक्कड़ को नोटिस जारी किया है। नोटिस में नर्मदा नगर मुख्य मार्ग पर मिनोचा कॉलोनी पेट्रोल पंप के सामने बनाई गई नई डामर सड़क को नुकसान पहुंचाने को लेकर जवाब मांगा गया है।
नोटिस के मुताबिक, सड़क खोदने से आवागमन और यातायात प्रभावित हो रहा है। संबंधित व्यक्ति को 24 घंटे के भीतर अपने खर्च पर सड़क को पहले की स्थिति में दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही चेतावनी दी गई है कि तय समय में सड़क की मरम्मत नहीं कराई गई तो नियमों के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने पर FIR की तैयारी
नगर निगम कमिश्नर प्रकाश कुमार सर्वे ने स्पष्ट किया है कि मामले की रिपोर्ट मिलने के बाद सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने के आरोप में एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। इससे सड़क को रात में खोदे जाने के मामले ने और तूल पकड़ लिया है।
स्मार्ट सिटी फंड से बनी थी सड़क
यह सड़क तत्कालीन नगर निगम कमिश्नर कुणाल दुदावत के कार्यकाल में बनाई गई थी। मिनोचा कॉलोनी से उस्लापुर फ्लाईओवर ब्रिज तक अतिक्रमण हटाकर नगर निगम की जमीन पर स्मार्ट सिटी फंड से सड़क का निर्माण कराया गया था।
नई सड़क बनने से पहले स्टेशन की ओर जाने के लिए यहां केवल एक संकरी सड़क थी। सड़क निर्माण के बाद लोगों को आवागमन में सुविधा मिली और ट्रैफिक जाम से भी राहत मिली। ऐसे में नई बनी सड़क को नुकसान पहुंचाने की घटना को लेकर नगर निगम ने गंभीर रुख अपनाया है।
