आपका चैनल --
ताज़ा खबर
BREAKINGMore NewsJantar Mantar पर ‘मैं हूं कॉकरोच’ नारा बना चर्चा का विषय: 5 घंटे का विरोध प्रदर्शन, उम्मीद से कम भीड़; ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के प्रदर्शन में क्या हासिल हुआ?BREAKINGMore Newsकुर्सी(chair) पर ज्यादा देर बैठना बन रहा खतरा: हर दिन बढ़ रहे स्लिप डिस्क के मामले, बिना दर्द के भी पहुंच रहा नुकसानBREAKINGBreaking NewsUP में लौटेगी भीषण गर्मी: 9 से 11 जून तक लू का अलर्ट, तापमान में 6 डिग्री तक बढ़ोतरी की संभावनाBREAKINGMore News“Sriram krishnan का बड़ा ऐलान: डोनाल्ड Trumph के AI पॉलिसी सलाहकार पद से देंगे इस्तीफा”BREAKINGBreaking Newsहमारी पोस्ट हटाई जा सकती है, हमें नहीं मिटाया जा सकता: jantar-mantar से अभिजीत दीपके का सरकार पर तीखा हमला”BREAKINGBreaking NewsLPG Price Hike: घरेलू गैस सिलेंडर के दाम बढ़े, आम लोगों पर बढ़ा बोझBREAKINGस्पोर्ट्सIND vs AFG Test Day-1 Highlights: भारत का दमदार प्रदर्शन, 368/3 पर खत्म हुआ पहला दिनBREAKINGBreaking NewsDelhi Hotel Fire: मालवीय नगर अग्निकांड में एक और गिरफ्तारी, 21 लोगों की मौत पर बड़ा खुलासाBREAKINGMore NewsJantar Mantar पर ‘मैं हूं कॉकरोच’ नारा बना चर्चा का विषय: 5 घंटे का विरोध प्रदर्शन, उम्मीद से कम भीड़; ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के प्रदर्शन में क्या हासिल हुआ?BREAKINGMore Newsकुर्सी(chair) पर ज्यादा देर बैठना बन रहा खतरा: हर दिन बढ़ रहे स्लिप डिस्क के मामले, बिना दर्द के भी पहुंच रहा नुकसानBREAKINGBreaking NewsUP में लौटेगी भीषण गर्मी: 9 से 11 जून तक लू का अलर्ट, तापमान में 6 डिग्री तक बढ़ोतरी की संभावनाBREAKINGMore News“Sriram krishnan का बड़ा ऐलान: डोनाल्ड Trumph के AI पॉलिसी सलाहकार पद से देंगे इस्तीफा”BREAKINGBreaking Newsहमारी पोस्ट हटाई जा सकती है, हमें नहीं मिटाया जा सकता: jantar-mantar से अभिजीत दीपके का सरकार पर तीखा हमला”BREAKINGBreaking NewsLPG Price Hike: घरेलू गैस सिलेंडर के दाम बढ़े, आम लोगों पर बढ़ा बोझBREAKINGस्पोर्ट्सIND vs AFG Test Day-1 Highlights: भारत का दमदार प्रदर्शन, 368/3 पर खत्म हुआ पहला दिनBREAKINGBreaking NewsDelhi Hotel Fire: मालवीय नगर अग्निकांड में एक और गिरफ्तारी, 21 लोगों की मौत पर बड़ा खुलासा

NE

News Elementor

Latest Posts

Pahalgam Attack Live

Pahalgam Terror Attack: पहलगाम हमले पर PM Modi का एक्शन मोड, बोले – सेना को पूरी छूट, मिलेगा मुंहतोड़ जवाब

PM Modi का एक्शन मोड जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए भीषण आतंकी हमले के बाद देश में आक्रोश और चिंता का माहौल है। 22 अप्रैल को हुए इस हमले में 26 निर्दोष नागरिकों – जिनमें ज्यादातर पर्यटक थे – की जान चली गई। यह हाल के वर्षों में कश्मीर घाटी में हुआ सबसे बड़ा आतंकी हमला माना जा रहा है। इस हमले के बाद मंगलवार को PM Modi ने दिल्ली स्थित अपने आवास 7, लोक कल्याण मार्ग पर एक उच्च स्तरीय बैठक की। इस बैठक में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल, चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल अनिल चौहान, थलसेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी, वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल अमर प्रीत सिंह और नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश के त्रिपाठी शामिल हुए। बैठक में PM Modi ने सशस्त्र बलों को यह संदेश दिया कि वे देश के दुश्मनों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए “पूरी तरह से स्वतंत्र” हैं। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा, “हमारे सैनिक तय करेंगे कि आतंकियों को कैसे, कब और कहां जवाब दिया जाए। उन्हें हर तरह की परिचालन छूट दी गई है।” “आतंकवाद को मिलेगा मुँहतोड़ जवाब” – PM Modi का सख्त संदेश सूत्रों के मुताबिक, प्रधानमंत्री मोदी ने सेना की पेशेवर क्षमताओं पर पूरा विश्वास जताते हुए कहा कि आतंक के खिलाफ भारत का रुख बेहद स्पष्ट है – “यह हमारा राष्ट्रीय संकल्प है कि हम आतंकवाद को जड़ से खत्म करेंगे।” उन्होंने यह भी कहा कि जो ताकतें भारत की शांति और अखंडता को चुनौती देंगी, उन्हें हर हाल में जवाब मिलेगा – चाहे वह सीमा पार हों या देश के भीतर छिपे हों। CCS बैठक में लिए गए बड़े फैसले – पाकिस्तान को दिया गया कड़ा संदेश हमले के एक दिन बाद 23 अप्रैल को हुई कैबिनेट सुरक्षा समिति (CCS) की बैठक में केंद्र सरकार ने कड़े कदम उठाए थे: इसके बाद केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सभी राज्यों को निर्देश दिया कि तय समयसीमा के बाद कोई भी पाकिस्तानी नागरिक भारत में न रुके। हर आतंकी को सजा मिलेगी – पीएम मोदी का संकल्प प्रधानमंत्री ने पाकिस्तान को दो-टूक चेतावनी देते हुए कहा, “भारत हर एक आतंकी और उनके समर्थकों की पहचान करेगा, उन्हें ढूंढेगा और सजा देगा। हम उन्हें धरती के छोर तक भी क्यों न जाना पड़े, वहां तक पहुंचेंगे।” गृह मंत्रालय की तैयारी भी तेज इसी दिन केंद्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एक अहम बैठक की। इसमें BSF, NSG और असम राइफल्स के प्रमुखों के साथ-साथ सशस्त्र सीमा बल (SSB) के वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल हुए। इस बैठक में देशभर में सुरक्षा चाक-चौबंद रखने और आतंक विरोधी रणनीतियों पर चर्चा की गई। DeshHarpal पर पढ़ें देश-दुनिया से जुड़ी हर बड़ी खबर।
Read more
Terror Attack

पाहलगाम Terror Attack पर उमर अब्दुल्ला का बयान: “राजनीति इतनी सस्ती नहीं हो सकती”

जम्मू और कश्मीर के पब्लिक टूरिस्ट डेस्टिनेशन, पाहलगाम की बाइसारन घाटी में 22 अप्रैल 2025 को हुए आतंकवादी हमले (Terror Attack) में 26 पर्यटकों की जान चली गई। इस दिल दहला देने वाली घटना के बाद, जम्मू और कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने साफ तौर पर कहा है कि वह इस आतंकवादी हमले को राज्यhood की मांग के लिए राजनीतिक फायदा उठाने का मौका नहीं बनाएंगे। उमर अब्दुल्ला का राजनीति पर अहम बयान उमर अब्दुल्ला ने कहा, “अगर मैं इस आतंकवादी हमले ( Terror Attack) को राज्यhood की मांग के लिए इस्तेमाल करूं तो मुझे शर्म आनी चाहिए।” उनका मानना है कि एक राष्ट्रीय त्रासदी के बाद किसी राजनीतिक एजेंडे को आगे बढ़ाना पूरी तरह से गलत है। उन्होंने इस हमले की कड़ी निंदा करते हुए शहीदों और उनके परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की। पूर्व मुख्यमंत्री ने अपने बयान में यह भी कहा कि उनका रुख राज्यhood के मुद्दे पर हमेशा एक जैसा रहा है और इसके लिए उन्हें केंद्र सरकार से एक जिम्मेदार और सम्मानजनक संवाद की उम्मीद है। उन्होंने यह भी कहा कि राज्यhood की मांग को इस तरह के संकट के समय में राजनीतिक लाभ के रूप में इस्तेमाल करना उनकी राजनीति के सिद्धांतों के खिलाफ है। उमर अब्दुल्ला का यह बयान यह दर्शाता है कि राजनीति में संवेदनशीलता और समझ होना चाहिए, खासकर ऐसे वक्त में जब पूरा देश एक दर्दनाक घटना से गुजर रहा हो। उनका यह कदम यह साबित करता है कि सही राजनीति कभी भी आतंकी हमले या किसी राष्ट्रीय संकट का फायदा उठाने के लिए नहीं हो सकती। देशहरपाल पर पढ़ें ताज़ा खबरें
Read more
Supreme Court

Supreme Court ने OTT Platforms और Social Media पर Obscene Content को बताया गंभीर चिंता, सरकार लाएगी नए Regulations

Supreme Court ने सोमवार को OTT Platforms और Social Media पर अश्लील और आपत्तिजनक (Obscene and Indecent) कंटेंट के बढ़ते प्रसार पर गहरी चिंता जताई है। Court ने इस मुद्दे पर दायर Public Interest Litigation (PIL) को सुनवाई के लिए स्वीकार कर लिया है और Netflix, Amazon Prime, AltBalaji, Ullu Digital, Mubi, X (Twitter), Google, Meta (Facebook, Instagram) और Apple सहित कई डिजिटल दिग्गजों को नोटिस जारी किया है। Supreme Court ने क्यों जताई चिंता? Justice BR Gavai और Justice AG Masih की बेंच ने कहा कि यह याचिका “महत्वपूर्ण सार्वजनिक चिंता” (Important Public Concern) उठाती है। सुनवाई के दौरान Justice Gavai ने कहा:“Netflix व अन्य प्लेटफॉर्म्स की भी Social Responsibility बनती है।” उन्होंने यह भी कहा कि OTT Platforms और Social Media पर अश्लील कंटेंट का प्रसार समाज के लिए खतरनाक है और इस पर ध्यान देना जरूरी है। Solicitor General ने क्या कहा? याचिकाकर्ताओं की ओर से पेश हुए वकील Vishnu Shankar Jain ने तर्क दिया कि यह मामला कोई विरोधी मुकदमा (Adversarial Litigation) नहीं, बल्कि एक Genuine Concern को उठाता है। Justice Gavai ने Solicitor General Tushar Mehta से केंद्र सरकार का रुख पूछा। SG Mehta ने सहमति जताते हुए कहा:“कुछ Content इतना Perverted है कि दो सम्माननीय लोग भी साथ बैठकर नहीं देख सकते।” उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि: Supreme Court का आदेश Supreme Court ने अपने आदेश में कहा:“यह याचिका OTT Platforms और Social Media पर आपत्तिजनक, अश्लील और विकृत (Perverted) कंटेंट के प्रदर्शन पर गंभीर चिंता उठाती है। Solicitor General ने भी माना कि और अधिक Regulations की आवश्यकता है।” याचिकाकर्ता कौन हैं? इस याचिका के मुख्य याचिकाकर्ता वरिष्ठ पत्रकार और पूर्व सूचना आयुक्त Uday Mahurkar हैं। उनके साथ Sanjeew Newar, Sudeshna Bhattacharjya Mukherjee, Shatabdi Pande और Svati Goyal अन्य याचिकाकर्ता हैं। DeshHarpal पर पढ़ें देश-दुनिया से जुड़ी हर बड़ी खबर।
Read more
India to Buy 26 Rafale Marine Jets for ₹63,000 Crore, Boost for Navy

India to Buy 26 Rafale Marine Jets for ₹63,000 Crore, Boost for Navy

India-France Deal Finalized आज भारत और फ्रांस के बीच एक बड़ी डील पर मुहर लग गई है। भारत अब फ्रांस से 63,000 करोड़ रुपये में 26 राफेल मरीन लड़ाकू विमान खरीदेगा। ये खास विमान परमाणु हथियार ले जाने और दागने की क्षमता रखते हैं। इन्हें भारतीय नौसेना (नेवी) के बेड़े में शामिल किया जाएगा, जिससे समंदर में भारत की ताकत कई गुना बढ़ जाएगी। राफेल मरीन विमान खास तौर पर समुद्र से उड़ान भरने और युद्ध करने के लिए बनाए गए हैं। इन्हें भारतीय नौसेना के एयरक्राफ्ट करियर ‘INS विक्रांत’ पर तैनात किया जाएगा। इससे देश की समुद्री सीमा पहले से कहीं ज्यादा सुरक्षित हो जाएगी। इस डील के बाद भारत उन गिने-चुने देशों में शामिल हो जाएगा जिनके पास समंदर से परमाणु हमला करने की ताकत होगी। देशवासियों के लिए यह गर्व का पल है, क्योंकि अब हमारी नौसेना और भी ज्यादा आधुनिक और मजबूत हो जाएगी। भारत-फ्रांस की दोस्ती भी इस डील से और गहरी हो गई है। राफेल विमान पहले भी भारतीय वायुसेना के बेड़े का हिस्सा बन चुके हैं और अब नेवी में भी राफेल की गड़गड़ाहट सुनाई देगी। सरकार ने इस कदम को भारत की सुरक्षा और भविष्य को ध्यान में रखते हुए उठाया है। आने वाले समय में ये राफेल मरीन विमान भारत के दुश्मनों को करारा जवाब देने में अहम भूमिका निभाएंगे।
Read more
Pakistan’s Nuclear Threats to India

Pakistan’s Nuclear Threats to India

130 Nuclear Weapons Aimed at India: Why Does Pakistan Keep Threatening a Nuclear Attack? जब भी INDIA और PAKISTAN के बीच तनाव बढ़ता है, पाकिस्तान अक्सर परमाणु हमले की धमकी देने लगता है। हाल ही में फिर से पाकिस्तान ने कहा कि उसके पास भारत को निशाना बनाने के लिए 130 परमाणु हथियार हैं। सवाल उठता है — पाकिस्तान बार-बार ऐसी धमकियाँ क्यों देता है और भारत इसका सामना कैसे करेगा? पाकिस्तान की धमकी का कारण पाकिस्तान जानता है कि पारंपरिक युद्ध में वह भारत का मुकाबला नहीं कर सकता। भारत की सेना, वायुसेना और नौसेना, तीनों ही पाकिस्तान से कई गुना मजबूत हैं। इसलिए पाकिस्तान “न्यूक्लियर थ्रेट” का सहारा लेता है ताकि भारत पर मनोवैज्ञानिक दबाव बनाया जा सके। यह उसकी एक पुरानी रणनीति है — डर दिखाकर दुनिया का ध्यान खींचना और भारत को बातचीत की टेबल पर मजबूर करना। भारत का जवाब शांत लेकिन सख्त भारत हमेशा से संयमित रहा है। हमारे देश की “नो फर्स्ट यूज़” (पहले हमला नहीं करेंगे) नीति बहुत साफ है। लेकिन इसका मतलब ये नहीं कि भारत कमजोर है। अगर पाकिस्तान किसी तरह की नादानी करता है, तो भारत के पास भी पूरी तैयारी है। भारत की परमाणु ताकत न सिर्फ जवाब देने में सक्षम है, बल्कि किसी भी दुश्मन को पूरी तरह खत्म करने की ताकत रखती है। दुनिया क्या सोचती है? पाकिस्तान की बार-बार की धमकियों से उसकी साख खुद कमजोर हो गई है। दुनियाभर के देश जानते हैं कि पाकिस्तान अपनी आंतरिक समस्याओं से घिरा हुआ है — आर्थिक संकट, आतंकवाद और राजनीतिक अस्थिरता। भारत एक जिम्मेदार परमाणु ताकत के रूप में देखा जाता है, जबकि पाकिस्तान पर भरोसा करने से कई देश कतराते हैं।
Read more
सिंधु जल समझौता: सूखा और बाढ़ से मची अफरा-तफरी, क्या भारत ने शुरू किया बड़ा खेल?

“Sindhu Water Treaty: Drought Followed by Floods, Is India Playing a Big Game?”

भारत और पाकिस्तान के बीच 1960 में हुए सिंधु जल समझौते पर अब असर दिखने लगा है। पहले जहां पाकिस्तान को सूखे का सामना करना पड़ा, अब वहां बाढ़ जैसी हालात बन रहे हैं। इस अचानक बदलते मौसम और जल संकट के पीछे क्या भारत की कोई बड़ी रणनीति है? पिछले कुछ महीनों में भारत ने सिंधु नदी के पानी के बहाव को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। जानकारों का मानना है कि भारत अब समझौते की हर एक शर्त को सख्ती से लागू कर रहा है, ताकि पाकिस्तान पर दबाव बनाया जा सके। पहले पानी की कमी ने पाकिस्तान की खेती और पीने के पानी पर असर डाला। अब ज्यादा पानी छोड़ने से वहां बाढ़ जैसे हालात पैदा हो रहे हैं। आम जनता में बढ़ी बेचैनीपाकिस्तान के गांवों और शहरों में पानी को लेकर अफरा-तफरी मची है। एक तरफ खेत सूखे से झुलस गए थे, अब वहीं पानी में डूब रहे हैं। लोग सवाल पूछ रहे हैं कि आखिर यह सब अचानक कैसे हो रहा है? सरकारें भी इस संकट से निपटने के लिए तैयार नहीं दिख रही हैं। भारत का ‘सॉफ्ट पावर’ गेम?कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि भारत ने यह जल नीति सोच-समझकर अपनाई है। युद्ध के बिना ही पाकिस्तान को पानी के जरिए मुश्किल में डालना एक बड़ा कूटनीतिक कदम माना जा रहा है। वैसे भी, पानी को ‘नीला सोना’ कहा जाता है और इसकी अहमियत आने वाले समय में और बढ़ने वाली है। क्या आगे और बढ़ेगा दबाव?अगर भारत सिंधु जल समझौते में और सख्ती दिखाता है, तो पाकिस्तान को और बड़े संकट का सामना करना पड़ सकता है। आने वाले दिनों में भारत किस तरह कदम बढ़ाता है, उस पर पूरी दुनिया की नजर रहेगी।
Read more
Indus Water

भारत-पाकिस्तान टकराव: Indus Water Treaty पर India के फैसले से Pakistan में बौखलाहट

भारत (India) द्वारा सिंधु जल संधि (Indus Waters Treaty) को लेकर लिए गए नए फैसले पर पाकिस्तान (Pakistan) ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ (Shehbaz Sharif) ने चेतावनी दी है कि अगर भारत ने पानी के प्रवाह को रोका, तो पाकिस्तान उसका “मुंहतोड़ जवाब” देगा। शरीफ ने भारत के कदम को “उकसाने वाला” और “आक्रामक” बताते हुए कहा कि यह क्षेत्रीय शांति (regional peace) के लिए गंभीर खतरा है। 🇮🇳 भारत ने क्यों भेजा Indus Treaty Review Notice? भारत ने 1960 में हुई सिंधु जल (Indus Water) संधि की पुनरावलोकन (review) के लिए पाकिस्तान को आधिकारिक नोटिस भेजा है। इसमें भारत ने कई आधुनिक कारण गिनाए हैं — जैसे जनसंख्या वृद्धि (population growth), पर्यावरणीय परिवर्तन (climate change), स्वच्छ ऊर्जा की आवश्यकता (need for clean energy) और सीमा पार आतंकवाद (cross-border terrorism)। भारत का मानना है कि वर्तमान परिदृश्य में यह संधि अब अप्रासंगिक होती जा रही है और पाकिस्तान ने कई मौकों पर इसके प्रावधानों का दुरुपयोग किया है। 🇵🇰 Pakistan’s Response: चेतावनी और अंतरराष्ट्रीय मंच की धमकी शहबाज शरीफ ने कहा, “पाकिस्तान किसी भी दुस्साहस का जवाब देने के लिए पूरी तरह तैयार है। भारत को गलतफहमी नहीं पालनी चाहिए।” पाकिस्तान ने यह भी इशारा किया है कि वह इस मुद्दे को अंतरराष्ट्रीय मंचों पर उठाएगा। बढ़ता Indo-Pak तनाव: Visa, Trade और Security इस ताजा विवाद के चलते भारत-पाकिस्तान के बीच तनाव और गहरा हो गया है। खबरों के मुताबिक:
Read more
Pahalgam Terror Attack

Pahalgam Attack: इसी महिला की बहादुरी से सामने आया आतंकी का चेहरा

​ जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल 2025 को हुए भीषण आतंकी हमले में 26 निर्दोष पर्यटकों की जान चली गई। इस हमले में एक बहादुर महिला की सूझबूझ और साहस ने आतंकियों की पहचान में अहम भूमिका निभाई।​ 📸 महिला ने खींची आतंकी की तस्वीर Pahalgam Attack के दौरान, जब गोलियों की बौछार से लोग इधर-उधर भाग रहे थे, तब एक महिला ने साहस दिखाते हुए हमलावर की तस्वीर अपने मोबाइल फोन से खींच ली। इस तस्वीर में आतंकी का चेहरा स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है, जिससे सुरक्षा एजेंसियों को उनकी पहचान करने में मदद मिली। इस महिला की बहादुरी की सराहना पूरे देश में हो रही है।​ 🕵️‍♂️ आतंकियों की पहचान और जांच सुरक्षा एजेंसियों ने हमले के पीछे तीन आतंकियों की पहचान की है: असीफ फूजी, सुलेमान शाह और अबू तल्हा। ये सभी आतंकी लश्कर-ए-तैयबा के सहयोगी संगठन “द रेजिस्टेंस फ्रंट” (TRF) से जुड़े हुए हैं। हमलावरों ने बायसरण घाटी में पर्यटकों पर अंधाधुंध फायरिंग की, जिसमें कई लोग मारे गए और घायल हुए। ​ 🌍 अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया और भारत की कार्रवाई हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ गया है। भारत ने पाकिस्तान के नागरिकों के वीजा रद्द कर दिए हैं और कूटनीतिक स्तर पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हमले की निंदा करते हुए दोषियों को सजा दिलाने का संकल्प लिया है। ​ 🧭 निष्कर्ष पहलगाम आतंकी हमले में महिला की बहादुरी ने आतंकियों की पहचान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इस घटना ने एक बार फिर साबित किया है कि आम नागरिकों की सतर्कता और साहस से आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में मदद मिल सकती है।​
Read more
Pahalgam Terror Attack

Cross-Border Marriage Crisis: अब फस गयी पाकिस्तान में ब्याही महिलाएं

नई दिल्ली।Pahalgam Terror Attack के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच रिश्तों की खाई और चौड़ी हो गई है। इस बार सिर्फ राजनयिक बयानबाज़ी नहीं हुई, Diplomatic Fallout इतना गहरा है कि दोनों देशों की सरकारों ने एक-दूसरे के नागरिकों को फौरन देश छोड़ने का आदेश दे दिया है। लेकिन इस एक फैसले ने एक अनदेखी Fault Line को सबके सामने उजागर कर दिया है—उन भारतीय महिलाओं की, जिन्होंने पाकिस्तानियों से शादी की थी। इनमें से अधिकांश महिलाएं जम्मू-कश्मीर और उत्तर भारत के अन्य हिस्सों से हैं, जो कभी प्यार तो कभी धोखे में सीमा पार चली गई थीं। अब जबकि दोनों देशों के बीच तनातनी चरम पर है, तो पाकिस्तान सरकार ने उन्हें वापसी देने से इनकार कर दिया है। भारत सरकार की तरफ से उन्हें अपने वीज़ा या निवास को लेकर स्पष्ट निर्देश नहीं मिल रहे हैं, जिससे वे Legal Limbo में फंस गई हैं। Cross-Border Marriage Crisis: पाकिस्तान से रिश्ता, भारत में शक भारत में इन महिलाओं को दोहरी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है—एक तरफ वे कानूनी मान्यता के लिए संघर्ष कर रही हैं, वहीं दूसरी तरफ उन पर पाकिस्तानी जासूसी एजेंसियों से जुड़े होने का शक किया जा रहा है। सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि ऐसे मामलों में महिलाएं कई बार अनजाने में या मजबूरी में Spy Tools बन जाती हैं। Social और National Security Concern बनती महिलाएंजानकारों का मानना है कि ऐसे मामलों में कई बार पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI इन महिलाओं का इस्तेमाल ‘स्लीपर सेल’ या ‘soft espionage’ के लिए करती है। उन्हें भारत भेज कर संवेदनशील इलाकों में बसाया जाता है।जब ये महिलाएं लौटती हैं, तो उनके पास Pakistan की रहन-सहन, नेटवर्क और विचारधारा का असर होता है, जो आगे जाकर भारत की सुरक्षा नीति के लिए चिंता बन सकता है।
Read more
Pakistan Terror Support Confession

Pakistan Terror Support Confession पाक के रक्षा मंत्री ने खुद कबूली 30 साल की गलती

Pakistan Terror Support Confession डेस्क रिपोर्ट।“Terror Support”, “Freedom Fighters”, “Nuclear Threats” – ये तीन keywords पिछले 24 घंटे में पाकिस्तान की राजनीति और अंतरराष्ट्रीय छवि पर सबसे बड़ा सवाल बनकर उभरे हैं। एक ओर पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने British चैनल ‘The Sky’ को दिए इंटरव्यू में ये कबूल किया कि उनका देश 30 सालों से आतंकियों को ट्रेनिंग देता रहा है और ये सब अमेरिका और पश्चिमी देशों के कहने पर किया गया, वहीं दूसरी ओर विदेश मंत्री इशाक डार ने आतंकियों को ‘स्वतंत्रता सेनानी’ बताकर एक नया विवाद खड़ा कर दिया। ❝ Terrorism को पालना एक बड़ी गलती थी, अब हम उसकी सज़ा भुगत रहे – ख्वाजा आसिफ ❞ ब्रिटिश एंकर यल्दा हकीम के एक तीखे सवाल के जवाब में रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ(Khawaja Asif) ने स्वीकार किया कि पाकिस्तान ने वैश्विक शक्तियों के कहने पर कई आतंकी गुटों को सपोर्ट किया और ये गंदा काम 30 साल तक चलता रहा। उन्होंने माना कि अगर पाकिस्तान ने 1980 के दशक में सोवियत यूनियन के खिलाफ जंग में दखल न दिया होता और 9/11 के बाद अमेरिका के साथ जुड़कर आतंक के खिलाफ लड़ाई न लड़ी होती, तो आज उनका देश ‘बेदाग’ होता। आसिफ ने साफ कहा – “हमने एक बहुत बड़ी भूल की और अब इसकी सजा भुगत रहे हैं। पाकिस्तान को एक मोहरे की तरह इस्तेमाल किया गया।” ❝ Nuclear Powers के बीच Conflict दुनिया के लिए खतरा – पाकिस्तान ❞ कश्मीर के पहलगाम में हुए हालिया आतंकी हमले को लेकर जब भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ा, तो ख्वाजा आसिफ ने चेतावनी दी कि “अगर भारत ने कोई एक्शन लिया, तो पाकिस्तान जवाब देने को मजबूर होगा।”उन्होंने कहा – “हमारे पास कोई और विकल्प नहीं रहेगा। दोनों देश परमाणु शक्ति संपन्न हैं, इसलिए दुनिया को इस टकराव से डरना चाहिए।”हालांकि उन्होंने ये उम्मीद भी जताई कि मामला बातचीत से सुलझ सकता है। ❝ TRF और LeT? हमें तो नाम भी नहीं पता – पाकिस्तान ❞ जब इंटरव्यू में उनसे पूछा गया कि क्या TRF यानी ‘The Resistance Front’ लश्कर-ए-तैयबा से जुड़ा है, तो उन्होंने कहा कि उन्होंने इस नाम को पहली बार सुना है। और फिर लश्कर-ए-तैयबा को ही ‘पुराना और अप्रासंगिक’ बता दिया। ❝ ये आतंकी नहीं, Freedom Fighters हो सकते हैं – विदेश मंत्री इशाक डार ❞ दूसरी तरफ पाकिस्तान के विदेश मंत्री और डिप्टी PM इशाक डार (Iswhaq Dar ) ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में जो कहा, उसने आग में घी डालने का काम किया। उन्होंने कहा – “हमें शुक्रगुजार होना चाहिए कि ये लोग फ्रीडम फाइटर्स भी हो सकते हैं। हमें नहीं पता ये कौन हैं, पर भारत हमेशा अपनी नाकामी का दोष पाकिस्तान पर डालता है।” उन्होंने भारत की तरफ से मिले सबूतों की मांग करते हुए कहा कि “अगर उनके पास कुछ है, तो दुनिया के सामने पेश करें।” साथ ही उन्होंने बांग्लादेश और अफगानिस्तान की अपनी यात्राएं रद्द कर दी हैं ताकि इस मसले पर कूटनीतिक प्रतिक्रिया तैयार की जा सके। 🔴 निष्कर्ष: पाकिस्तान की सरकार के दो शीर्ष मंत्रियों ने इस पूरे मामले में जो बयान दिए हैं, उसने उसकी विदेश नीति, आंतरिक स्थिरता और अंतरराष्ट्रीय छवि पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक ओर आतंकियों को 30 साल तक समर्थन देने की स्वीकारोक्ति और दूसरी ओर उन्हें ‘फ्रीडम फाइटर’ कहने की कोशिश – यह स्पष्ट करता है कि पाकिस्तान आज भी उस दोराहे पर खड़ा है, जहाँ उसे तय करना होगा कि वह आतंक का साथ देगा या शांति का। 👉 अधिक अपडेट्स के लिए जुड़े रहें Desh Harpal से।
Read more
1 144 145 146 147 148 152

Editor's Picks

जंतर-मंतर पर ‘मैं हूं कॉकरोच’ नारा बना चर्चा का विषय: 5 घंटे का विरोध प्रदर्शन, उम्मीद से कम भीड़; ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के प्रदर्शन में क्या हासिल हुआ?

Jantar Mantar पर ‘मैं हूं कॉकरोच’ नारा बना चर्चा का विषय: 5 घंटे का विरोध प्रदर्शन, उम्मीद से कम भीड़; ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के प्रदर्शन में क्या हासिल हुआ?

दिल्ली के jantar mantar पर एक अनोखा और चर्चा में रहने वाला विरोध प्रदर्शन देखने को मिला, जहां ‘मैं भी अन्ना’ की तर्ज पर प्रदर्शनकारियों ने खुद को ‘मैं हूं कॉकरोच’ कहते हुए नारे लगाए। करीब 5 घंटे तक चले इस प्रोटेस्ट में उम्मीद के मुकाबले कम भीड़ नजर आई, जिससे आयोजन को लेकर कई सवाल भी उठने लगे। अनोखे नाम से चर्चा में आया प्रदर्शन प्रदर्शनकारियों ने ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के बैनर तले यह विरोध दर्ज कराया। उनका दावा था कि यह प्रदर्शन सिस्टम और राजनीति के प्रति नाराजगी दिखाने का एक अलग तरीका है। हालांकि, नाम और थीम को लेकर सोशल मीडिया पर भी जमकर बहस छिड़ गई। भीड़ उम्मीद से कम, चर्चा ज्यादा आयोजकों को जहां बड़ी भीड़ की उम्मीद थी, वहीं मौके पर उपस्थिति अपेक्षाकृत कम रही। इसके बावजूद पूरे कार्यक्रम ने मीडिया और सोशल प्लेटफॉर्म पर काफी ध्यान खींचा। आखिर क्या मिला इस प्रदर्शन से? प्रदर्शन खत्म होने के बाद सबसे बड़ा सवाल यही रहा कि इस विरोध से हासिल क्या हुआ। कुछ लोगों ने इसे creative protest बताया, तो कुछ ने इसे सिर्फ attention-grabbing स्टंट करार दिया। जंतर-मंतर फिर बना विरोध का केंद्र दिल्ली का जंतर-मंतर एक बार फिर विरोध प्रदर्शनों का केंद्र बना रहा, जहां अलग-अलग विचारधाराओं और मुद्दों को लेकर लोग अपनी आवाज उठाते दिखे।
कुर्सी(chair) पर ज्यादा देर बैठना बन रहा खतरा: हर दिन बढ़ रहे स्लिप डिस्क के मामले, बिना दर्द के भी पहुंच रहा नुकसान

कुर्सी(chair) पर ज्यादा देर बैठना बन रहा खतरा: हर दिन बढ़ रहे स्लिप डिस्क के मामले, बिना दर्द के भी पहुंच रहा नुकसान

आज की बदलती लाइफस्टाइल में लंबे समय तक कुर्सी (chair) पर बैठकर काम करना आम बात हो गई है, लेकिन यही आदत अब सेहत के लिए बड़ा खतरा बनती जा रही है। डॉक्टरों के मुताबिक हर दिन 4 से 5 नए मामले ऐसे सामने आ रहे हैं, जिनमें लोग स्लिप डिस्क (Slipped Disc) की समस्या से जूझ रहे हैं। बिना दर्द के भी हो रहा बड़ा नुकसान चौंकाने वाली बात यह है कि कई मरीजों में शुरुआत में कोई तेज दर्द नहीं होता, इसलिए बीमारी का पता देर से चलता है। जब तक लक्षण समझ में आते हैं, तब तक समस्या गंभीर हो चुकी होती है और कुछ मामलों में यह लकवे (Paralysis) तक पहुंच जाती है। खराब पोश्चर और लगातार बैठना बड़ी वजह विशेषज्ञों का कहना है कि लंबे समय तक गलत तरीके से बैठना, लगातार स्क्रीन के सामने काम करना और फिजिकल एक्टिविटी की कमी इस बीमारी के मुख्य कारण हैं। खासकर ऑफिस वर्कर्स, स्टूडेंट्स और ड्राइवर ज्यादा जोखिम में हैं। किन बातों का रखें ध्यान डॉक्टर सलाह देते हैं कि:
UP में लौटेगी भीषण गर्मी: 9 से 11 जून तक लू का अलर्ट, तापमान में 6 डिग्री तक बढ़ोतरी की संभावना

UP में लौटेगी भीषण गर्मी: 9 से 11 जून तक लू का अलर्ट, तापमान में 6 डिग्री तक बढ़ोतरी की संभावना

UP में एक बार फिर मौसम ने करवट ले ली है। जहां कुछ दिन राहत भरी बारिश और हल्की हवाओं से लोगों को सुकून मिला था, वहीं अब प्रदेश में भीषण गर्मी की वापसी होने जा रही है। मौसम विभाग ने चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि 9 जून से 11 जून के बीच कई जिलों में लू (Heatwave) का असर देखने को मिलेगा। तापमान में तेज बढ़ोतरी की संभावना मौसम विशेषज्ञों के अनुसार आने वाले दिनों में प्रदेश के तापमान में करीब 4 से 6 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी हो सकती है। दिन के समय तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। इन जिलों में सबसे ज्यादा असर लू का असर खासतौर पर पश्चिमी और मध्य यूपी के जिलों में ज्यादा देखने को मिल सकता है। कई इलाकों में दोपहर के समय बाहर निकलना मुश्किल हो सकता है। स्वास्थ्य को लेकर सावधानी जरूरी डॉक्टरों ने सलाह दी है कि लोग दोपहर 12 बजे से 4 बजे के बीच घर से बाहर निकलने से बचें। ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं, हल्के कपड़े पहनें और धूप से खुद को बचाकर रखें। बच्चों और बुजुर्गों का खास ध्यान रखने की जरूरत है। कब मिलेगी राहत? फिलहाल 11 जून के बाद मौसम में हल्का बदलाव आने की संभावना जताई जा रही है, जिससे गर्मी से कुछ राहत मिल सकती है।
“श्रीराम कृष्णन का बड़ा ऐलान: डोनाल्ड Trumph के AI पॉलिसी सलाहकार पद से देंगे इस्तीफा”

“Sriram krishnan का बड़ा ऐलान: डोनाल्ड Trumph के AI पॉलिसी सलाहकार पद से देंगे इस्तीफा”

तकनीकी दुनिया से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है।Sriram krishnan ने घोषणा की है कि वे डोनाल्ड ट्रंप के AI पॉलिसी सलाहकार पद से इस्तीफा देने जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि अब वे अपने व्यक्तिगत और प्रोफेशनल लक्ष्यों पर ध्यान देना चाहते हैं, इसलिए इस जिम्मेदारी को आगे जारी रखना संभव नहीं होगा। श्रीराम कृष्णन को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) नीति और तकनीकी सलाह के क्षेत्र में एक अनुभवी विशेषज्ञ माना जाता है। उन्होंने अपने कार्यकाल के दौरान AI से जुड़े कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए थे। उनके इस फैसले के बाद टेक और पॉलिसी जगत में चर्चा तेज हो गई है। कुछ लोग इसे निजी निर्णय बता रहे हैं, जबकि कुछ का मानना है कि इससे AI नीति से जुड़ी टीम में बदलाव देखने को मिल सकता है। हालांकि अभी तक उनकी तरफ से आगे की योजनाओं को लेकर कोई विस्तृत जानकारी साझा नहीं की गई है।
हमारी पोस्ट हटाई जा सकती है, हमें नहीं मिटाया जा सकता: jantar-mantar से अभिजीत दीपके का सरकार पर तीखा हमला”

हमारी पोस्ट हटाई जा सकती है, हमें नहीं मिटाया जा सकता: jantar-mantar से अभिजीत दीपके का सरकार पर तीखा हमला”

jantar-mantar पर एक कार्यक्रम के दौरान अभिजीत दीपके ने सरकार पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने कहा कि भले ही सोशल मीडिया या प्लेटफॉर्म से उनकी पोस्ट हटा दी जाए, लेकिन उनकी आवाज और विचारों को खत्म नहीं किया जा सकता। अभिजीत दीपके ने अपने संबोधन में कहा, “हमारी पोस्ट हटाई जा सकती है, लेकिन हमें मिटाया नहीं जा सकता।” उनके इस बयान ने वहां मौजूद लोगों का ध्यान खींचा और माहौल काफी गरम हो गया। उन्होंने आगे कहा कि आज के समय में विचारों को दबाने की कोशिशें की जा रही हैं, लेकिन लोग अब पहले से ज्यादा जागरूक हैं और सच को सामने लाने से नहीं डरते। जंतर-मंतर पर हुई इस सभा में बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे, जहां वक्ताओं ने अपने विचार रखे और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को लेकर अपनी चिंता भी जताई। इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर भी अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। कुछ लोग इसे अभिव्यक्ति की आजादी का समर्थन बता रहे हैं, तो कुछ इसे राजनीतिक बयान के रूप में देख रहे हैं।

About Me

देशहरपल सिर्फ खबरों का मंच नहीं, बल्कि आपकी आवाज़ को सामने लाने का एक सशक्त माध्यम भी है। यहां आपको ताज़ातरीन खबरों के साथ-साथ नौकरी, शिक्षा, और नए भारत की बदलती आर्थिक तस्वीर पर उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी मिलेगी।

Phone: +91 9406783569, +91 755 484 8829
Email: support@deshharpal.com
Address : A-23 Sakshi Bunglow Trilanga Near Aura Mall Bhopal M.P

Recent Posts

  • All Post
  • Breaking News
  • Education
  • More News
  • Web Story
  • एंटरटेनमेंट
  • देश-हरपल
  • धर्म-कर्म
  • प्रदेश
  • बिज़नेस
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • वीडियो
  • स्पोर्ट्स
    •   Back
    • एक्सक्लूसिव
    • Editorial
    •   Back
    • सोच-विचार
    • हेल्थ
    • ट्रैवल
    • कल्चर
    • एनवायरनमेंट
    • Impact Feature
    •   Back
    • IPL 2026
    • T20 वर्ल्ड कप
    •   Back
    • राशिफल
    • पंचांग
    • पर्व-त्यौहार
    • पूजा-पाठ
    • चैत्र नवरात्रि 2025
    •   Back
    • मध्य प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    •   Back
    • टीवी
    • वेब-सीरीज
    • फिल्म रिव्यू
    • बॉलीवुड
    •   Back
    • लाइफस्टाइल
    •   Back
    • स्टॉक-मार्केट

© 2023 Deshharpal. All Rights Reserved.