आपका चैनल --
ताज़ा खबर
BREAKINGमध्य प्रदेशभोपाल में RGPV की बस डिवाइडर पर चढ़कर बिजली के खंभे से टकराई, 11 घायल; छात्र वेंटिलेटर पर◆BREAKINGमध्य प्रदेशइंदौर में LIG से नौलखा तक एलिवेटेड कॉरिडोर का रास्ता साफ, हाईकोर्ट ने PIL खारिज की◆BREAKINGबिज़नेसभारत से व्यापार पर बैन के बावजूद पाकिस्तान में भारतीय सामान की मांग बढ़ी, तीसरे देशों के जरिए हो रही सप्लाई◆BREAKINGBreaking NewsMLC Election Results 2026: यूपी, बिहार और कर्नाटक में BJP की बड़ी जीत◆BREAKINGबिज़नेसदिवाली से पहले सोना-चांदी सस्ता, अक्टूबर में सोना ₹7,000 और चांदी ₹20,000 तक गिरी◆BREAKINGछत्तीसगढ़दिवाली से पहले बिलासपुर में मिठाई दुकानों पर जांच, 3 दुकानों से मावा-कुंदा और काजू कतली के सैंपल लिए◆BREAKINGमध्य प्रदेशइंदौर में ब्लैकमेलिंग का आरोप, महिला पर 40 लाख रुपए वसूलने का केस दर्ज◆BREAKINGमध्य प्रदेशइंदौर एयरपोर्ट की रेटिंग सुधरी, फिर भी रैंकिंग में एक पायदान फिसला◆BREAKINGमध्य प्रदेशभोपाल में RGPV की बस डिवाइडर पर चढ़कर बिजली के खंभे से टकराई, 11 घायल; छात्र वेंटिलेटर पर◆BREAKINGमध्य प्रदेशइंदौर में LIG से नौलखा तक एलिवेटेड कॉरिडोर का रास्ता साफ, हाईकोर्ट ने PIL खारिज की◆BREAKINGबिज़नेसभारत से व्यापार पर बैन के बावजूद पाकिस्तान में भारतीय सामान की मांग बढ़ी, तीसरे देशों के जरिए हो रही सप्लाई◆BREAKINGBreaking NewsMLC Election Results 2026: यूपी, बिहार और कर्नाटक में BJP की बड़ी जीत◆BREAKINGबिज़नेसदिवाली से पहले सोना-चांदी सस्ता, अक्टूबर में सोना ₹7,000 और चांदी ₹20,000 तक गिरी◆BREAKINGछत्तीसगढ़दिवाली से पहले बिलासपुर में मिठाई दुकानों पर जांच, 3 दुकानों से मावा-कुंदा और काजू कतली के सैंपल लिए◆BREAKINGमध्य प्रदेशइंदौर में ब्लैकमेलिंग का आरोप, महिला पर 40 लाख रुपए वसूलने का केस दर्ज◆BREAKINGमध्य प्रदेशइंदौर एयरपोर्ट की रेटिंग सुधरी, फिर भी रैंकिंग में एक पायदान फिसला◆

NE

News Elementor

What's Hot

Banner

Latest Posts

Maa Skand Mata

नवरात्रि Day 5 Maa Skand Mata पूजा और सकारात्मक ऊर्जा का महत्व

नवरात्रि दिन 5 का आध्यात्मिक महत्व नवरात्रि का पाँचवाँ दिन माँ स्कंद माता (Maa Skand Mata) को समर्पित होता है। Maa Skand Mata भगवान कार्तिकेय की माता हैं और देवी दुर्गा का एक पवित्र रूप मानी जाती हैं। इस दिन भक्त माँ की पूजा-अर्चना करते हैं और उनके आशीर्वाद से जीवन में शक्ति, सफलता, आत्मविश्वास और सुख-शांति पाने की कामना करते हैं। Maa Skand Mata का महत्व मां स्कंद माता चार मुख और चार हाथ वाली देवी हैं। उनके हाथों में कमल, त्रिशूल, तलवार और आशीर्वाद मुद्रा होती है। यह रूप हमें यह संदेश देता है कि जीवन में ज्ञान, साहस, शक्ति और प्रेम का संतुलन होना चाहिए। Maa Skand Mata भक्तों को कठिनाइयों पर विजय पाने और सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त करने की प्रेरणा देती हैं। Navratri Day 5 पूजा विधि इस दिन माँ स्कंद माता की पूजा विशेष भक्ति और श्रद्धा के साथ की जाती है। पूजा में दीप, पुष्प, हल्दी-कुंकुम और देवी का चित्र या मूर्ति रखा जाता है। भक्त दिन में उपवास रखते हैं और हलवा, खिचड़ी या फल का सेवन करते हैं। Maa Skand Mata के मंत्र का जाप और स्तुति पाठ करने से इस दिन विशेष लाभ प्राप्त होते हैं। मां स्कंद माता से जुड़ी मान्यताएं नवरात्रि दिन 5 का विशेष रंग — हरा (Green) Navratri के पाँचवें दिन, भक्त हरा (Green) रंग के वस्त्र पहनते हैं।यह रंग विकास (growth), समृद्धि (prosperity), शांतता (harmony) और संतुलन का प्रतीक माना जाता है।हरा पहनकर भक्त माँ स्कंद माता की कृपा, पवित्रता और सकारात्मक ऊर्जा को आमंत्रित करते हैं। Navratri 2025 Day 5 का संदेश नवरात्रि Day 5 हमें यह याद दिलाता है कि सच्ची शक्ति केवल बाहरी नहीं बल्कि भीतर से आती है। Maa Skand Mata का आशीर्वाद हमें अपने लक्ष्य की प्राप्ति में साहस और शक्ति प्रदान करता है। यह दिन आध्यात्मिक ऊर्जा और नई शुरुआत का प्रतीक है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Maa Kushmanda

नवरात्रि के चौथे दिन Maa Kushmanda की आराधना Navratri Day 4 Special

नवरात्रि के चौथे दिन का महत्व नवरात्रि का पर्व देवी दुर्गा के नौ रूपों की आराधना का महान त्यौहार है। इस पर्व में चौथे दिन Maa Kushmanda की पूजा होती है। “कूष्मांडा” का अर्थ है “ब्रह्मांड की रचयिता”, जो सम्पूर्ण सृष्टि को अपनी हंसी से जन्म देती हैं। Maa Kushmanda को स्वास्थ्य, ऊर्जा, शक्ति और समृद्धि का स्रोत माना जाता है। इस दिन उनकी पूजा करने से जीवन में सकारात्मक बदलाव आते हैं। Maa Kushmanda का स्वरूप और महत्व नवरात्रि Day 4 पूजा विधि (Navratri Day 4 Puja Vidhi) नवरात्रि Day 4 का रंग और भोग नवरात्रि चौथे दिन पूजा के लाभ हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
चंद्रघंटा

Day 3 of Navratri चंद्रघंटा Mata की भक्ति और जीवन में सकारात्मकता

नवरात्रि का तीसरा दिन मां चंद्रघंटा को समर्पित है। मां चंद्रघंटा साहस, शक्ति और भक्ति की देवी हैं। इस दिन उनकी पूजा करने से नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और जीवन में आत्मविश्वास, शांति और सकारात्मकता आती है। मां चंद्रघंटा का महत्व मां चंद्रघंटा का नाम उनके सिर पर झूलती चाँद की घंटी के कारण पड़ा। उनका स्वरूप सुंदर, शांत और वीरता से भरा है। उनके आशीर्वाद से भय, संकट और परेशानियाँ दूर होती हैं। तीसरे दिन की पूजा विधि शुभ रंग और महत्व तीसरे दिन का शुभ रंग पीला और केसरिया माना जाता है। तीसरे दिन की विशेष बातें हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Navratri

Day 2 Navratri 2025 ब्रह्मचारिणी माता का आशीर्वाद और सकारात्मक ऊर्जा

नवरात्रि के Day 2 पर मां ब्रह्मचारिणी की उपासना की जाती है। यह दिन देवी माँ के ज्ञान, तपस्या और संयम के स्वरूप को समर्पित है। मां ब्रह्मचारिणी शांत, धैर्यशील और तपस्विनी देवी हैं, जो भक्तों को आत्म-संयम और मानसिक शक्ति प्रदान करती हैं। ब्रह्मचारिणी माता कौन हैं? मां ब्रह्मचारिणी देवी पार्वती का वही स्वरूप हैं, जिन्होंने शिव जी की प्राप्ति के लिए कठोर तपस्या की। उनका रूप ज्ञान, साधना और तप का प्रतीक है। पूजा विधि – How to Worship ब्रह्मचारिणी माता का महत्व शुभ रंग (Shubh Rang) – Day 2 Day 2 पर मां ब्रह्मचारिणी की पूजा के लिए सफेद (White) रंग को विशेष रूप से शुभ माना जाता है। सफेद रंग शांति, पवित्रता और मानसिक संतुलन का प्रतीक है। इस दिन सफेद या हल्के गुलाबी रंग के वस्त्र पहनना अत्यंत लाभकारी माना जाता है। Day 2 Message of Navratri मां ब्रह्मचारिणी हमें सिखाती हैं कि संयम और साधना से ही जीवन में सफलता और संतोष आता है। यह दिन आत्म-नियंत्रण, परिश्रम और सकारात्मक ऊर्जा के महत्व को याद दिलाता है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Navratri

Navratri 2025 Day1 घटस्थापना और माँ शैलपुत्री से शक्ति की शुरुआत

Navratri 2025 का पहला दिन घटस्थापना के साथ शुरू होता है। यह दिन देवी माँ दुर्गा के नौ रूपों में से पहले रूप माँ शैलपुत्री की पूजा के लिए समर्पित है। नवरात्रि हिंदू धर्म में शक्ति, भक्ति और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक है। घटस्थापना का महत्व Navratri के पहले दिन घर में कलश स्थापना या घटस्थापना करना बहुत शुभ माना जाता है। इस दिन मिट्टी या धातु के कलश में जल, फल, फूल और कुमकुम रखकर पूजा की जाती है। घटस्थापना से घर में समृद्धि, खुशहाली और सकारात्मक ऊर्जा का आगमन होता है। माँ शैलपुत्री की पूजा पहले दिन की नवरात्रि माँ शैलपुत्री को समर्पित है। शैलपुत्री का अर्थ है “पर्वत की पुत्री”। वे सादगी, शक्ति और पवित्रता का प्रतीक हैं। इस दिन व्रती माँ शैलपुत्री की पूजा कर अपने जीवन में धैर्य, आत्मविश्वास और मानसिक शांति प्राप्त करते हैं। पूजा विधि: व्रत और भोजन टिप्स Navratri पहले दिन व्रती फल, दूध, ठंडाई और उपवास के अनुसार हल्का भोजन करते हैं। तामसिक भोजन, मांसाहार और शराब से परहेज करना चाहिए। आज का शुभ रंग और मुहूर्त Navratri का पहला दिन हमें शक्ति, समर्पण और सकारात्मक सोच का संदेश देता है। माँ शैलपुत्री की पूजा से जीवन में आत्मबल और खुशहाली आती है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Shardiya Navratri 2025

Shardiya Navratri 2025 सूर्य ग्रहण के साए में शुरू, दैनिक देवी स्वरूप और रंग

Shardiya Navratri 2025 इस साल विशेष संयोग के साथ 22 सितंबर 2025 से शुरू होकर 2 अक्टूबर 2025 तक चलेगी। इस वर्ष नवरात्रि सूर्य ग्रहण (Surya Grahan 2025) के बाद शुरू हो रही है, इसलिए घटस्थापना के शुभ मुहूर्त और पूजा के नियम बेहद महत्वपूर्ण हैं। घटस्थापना मुहूर्त 2025 घटस्थापना के समय देवी की कृपा विशेष रूप से प्राप्त होती है। सूर्य ग्रहण 2025 और इसका प्रभाव इससे नकारात्मक प्रभाव कम होता है और पूजा का वातावरण पवित्र बनता है। Shardiya Navratri 2025: देवी दुर्गा के 9 रूप और दैनिक रंग Day Date Goddess (देवी) Color (रंग) 1 22 Sep Shailputri White 2 23 Sep Brahmacharini Red 3 24 Sep Chandraghanta Royal Blue 4 25 Sep Kushmanda Yellow 5 26 Sep Skandamata Green 6 27 Sep Katyayani Grey 7 28 Sep Kalaratri Orange 8 29 Sep Mahagauri Pink 9 30 Sep Siddhidatri Peacock Green 10 1 Oct Vijayadashami Red हर दिन का रंग देवी के स्वरूप और उनके गुणों का प्रतीक है। Navratri पूजा सामग्री 2025 पूजा के लिए जरूरी सामग्री: इन सामग्रियों के साथ पूजा विधि पूर्ण होती है और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। Navratri व्रत नियम और आहार सुझाव नियमों का पालन करने से व्रत सफल और फलदायी होता है। Cultural Celebrations: Garba, Dandiya और Durga Puja तीर्थ यात्रा और विशेष आयोजन इन आयोजनों में भाग लेने से आध्यात्मिक अनुभव और देवी की कृपा मिलती है। Shardiya Navratri 2025 आपके जीवन में शक्ति, सकारात्मकता और सफलता लाने का अवसर है।घटस्थापना मुहूर्त, व्रत नियम, पूजा सामग्री और सांस्कृतिक उत्सव इस पर्व को और भी विशेष बनाते हैं। इस Shardiya Navratri 2025 , श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ देवी माता का स्वागत करें। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
नवरात्रि

नवरात्रि में देवी की कृपा पाने के लिए करें ये 9 काम और भूलकर भी न करें ये 9 गलतियां

Shardiya Navratri 2025: शारदीय नवरात्रि 22 सितंबर से शुरू हो रही है। सनातन परंपरा के अनुसार देवी दुर्गा को प्रसन्न करने के लिए इन 9 नियमों का पालन करें और इन 9 गलतियों से बचें। जानें नवरात्रि पूजा के नियम और वर्जनाएँ। देश हरपल, धर्म डेस्क।सनातन परंपरा में शक्ति की साधना को सभी कष्टों को दूर करने और कामनाओं को पूरा करने वाली मानी गई है। हिंदू मान्यता के अनुसार नवरात्रि के 9 दिनों तक विधि-विधान से देवी दुर्गा की पूजा करने से जीवन से भय दूर होता है और साधक मां भगवती की कृपा से सुख, समृद्धि और शांति प्राप्त करता है। इस बार शारदीय नवरात्रि 2025 (Shardiya Navratri 2025) का आरंभ 22 सितंबर से हो रहा है। मां दुर्गा को प्रसन्न करने के लिए भक्तों को कुछ खास नियमों का पालन करना चाहिए और कुछ गलतियों से बचना जरूरी है। आइए जानते हैं कि इस नवरात्रि में कौन से 9 काम जरूर करें और कौन सी 9 गलतियां भूलकर भी न करें। नवरात्रि पूजा के 9 नियम (9 Do’s of Navratri) नवरात्रि पर न करें ये 9 गलतियां (9 Don’ts of Navratri) हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Pitra

पितृ पक्ष Day 3 2025 Pitra Tarpan और Shraddh का महत्व

पितृ पक्ष (Pitru Paksha) हिन्दू धर्म में अपने पूर्वजों की आत्मा की शांति और उनके प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का विशेष समय है। यह भाद्रपद मास की कृष्ण पक्ष की द्वादशी से अमावस्या तक चलता है। आज पितृ पक्ष का तीसरा दिन (Day 3) है। तीसरे दिन (Day 3) का महत्व तीसरे दिन विशेष रूप से उन पितरों की याद की जाती है, जिनकी आत्मा शांति की स्थिति में नहीं है। पंडितों के अनुसार, इस दिन किया गया श्राद्ध और तर्पण, पितरों को मोक्ष प्रदान करता है और परिवार में सौभाग्य, सुख-शांति और समृद्धि लाता है। तीसरे दिन के प्रमुख कर्म शुभ समय और दिशा पितृ पक्ष Day 3 का संदेश पितृपक्ष द्वितीया तिथि न केवल परंपरा का प्रतीक है, बल्कि यह हमें अपने पूर्वजों के योगदान और उनके प्रति सम्मान व्यक्त करना सिखाती है। इस दिन की पूजा से पितरों की आत्मा की शांति होती है और परिवार में सुख-शांति और समृद्धि आती है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Pitra Paksh

Day 2 Pitra Paksh 2025 पितरों की पूजा और शुभ मुहूर्त

Pitra Paksh 2025, जिसे श्राद्ध पक्ष के नाम से भी जाना जाता है, वह पवित्र समय है जब हम अपने पूर्वजों की आत्मा की शांति और उनके प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हैं। यह समय 15 सितम्बर 2025 से शुरू हुआ और 29 सितम्बर 2025 तक चलेगा। दिन 2 का महत्व (6 सितंबर 2025 का श्राद्ध) पितृ पक्ष का दूसरा दिन विशेष रूप से उन पूर्वजों के लिए माना जाता है जिन्होंने अपने परिवार को कभी न भूलने वाले संस्कार और ज्ञान दिया। इस दिन पितृ तर्पण और दान पुण्य करने से परिवार में सुख, शांति और समृद्धि आती है। पितृ तर्पण की विधि शुभ मुहूर्त और समय दिन 2 के लिए पितृ पक्ष के शुभ समय में तर्पण और श्राद्ध कार्य करना विशेष फलदायी माना गया है। पितृ पक्ष 2025 के लिए विशेष उपाय पितृ पक्ष का धार्मिक महत्व पितृ पक्ष केवल धार्मिक परंपरा नहीं है, बल्कि यह पूर्वजों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता का प्रतीक है। यह समय हमें याद दिलाता है कि हमारे पूर्वजों का आशीर्वाद ही हमारे जीवन में सुख, समृद्धि और स्वास्थ्य लाता है। पितृ पक्ष के दिन 2 पर किए गए तर्पण और दान से पूर्वजों की आत्मा की शांति के साथ-साथ जीवन में सकारात्मक ऊर्जा आती है। यह समय अपने परिवार, पूर्वजों और समाज के प्रति कृतज्ञता प्रकट करने का भी है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Pitra Paksh

Pitra Paksh 2025 Day 1 प्रतिपदा श्राद्ध का महत्व और पूजा विधि

Pitra Paksh 2025 यानी श्राद्ध पक्ष की शुरुआत 7 सितंबर 2025, रविवार से हो रही है। हिंदू पंचांग के अनुसार, यह दिन कृष्ण पक्ष प्रतिपदा (Tithi: Pratipada, Krishna Paksha) है। यह 16 दिन का विशेष कालखंड है, जब लोग अपने Pitra (पितरों) की आत्मा की शांति और मोक्ष के लिए Tarpan, Pind Daan और Shradh करते हैं। माना जाता है कि इस अवधि में पूर्वज धरती पर आते हैं और श्रद्धापूर्वक किया गया श्राद्ध उन्हें तृप्त कर वंशजों को आशीर्वाद देता है। Pitra Paksh 2025 Day 1 (प्रतिपदा श्राद्ध) का महत्व Pitra Paksh Shradh Vidhi (पूजा विधि) पूजा का समय (Tithi / Muhurat): पूजा विधि: Pitra Paksh Mein Kya Karen? Kya Na Karen? Pitra Paksh 2025 का पहला दिन (7 सितंबर, रविवार) पूर्वजों की कृपा पाने का सुनहरा अवसर है। प्रतिपदा श्राद्ध से शुरू होने वाला यह पावन काल घर-परिवार में Sukh, Shanti और Samriddhi लाता है। जो व्यक्ति श्रद्धा और नियमपूर्वक श्राद्ध करता है, उसके पितर तृप्त होकर पूरे परिवार को आशीर्वाद देते हैं। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
1 … 6 7 8 9 10 … 28

Trending News

Editor's Picks

भोपाल में RGPV की बस डिवाइडर पर चढ़कर बिजली के खंभे से टकराई, 11 घायल; छात्र वेंटिलेटर पर

भोपाल। राजधानी भोपाल में शुक्रवार सुबह वीआईपी रोड पर राजीव गांधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (RGPV) की बस हादसे का शिकार हो गई। राजा भोज प्रतिमा के आगे घुमावदार मोड़ पर बस डिवाइडर पर चढ़कर बिजली के खंभे से टकरा गई। हादसे के बाद बस एक तरफ करीब 75 प्रतिशत तक झुक गई, जिससे अंदर बैठे छात्रों और कर्मचारियों में चीख-पुकार मच गई। हादसे में आठ विद्यार्थियों और स्टाफ के तीन सदस्यों समेत कुल 11 लोग घायल हुए हैं। सीहोर निवासी छात्र अजय परमार की हालत गंभीर बताई गई है। उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया है, जबकि छात्र बसंत कुमार के पैर में गंभीर चोट आने के बाद ऑपरेशन करना पड़ा। पुलिस ने बस चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आधा घंटा लेट थी बस, तेज रफ्तार से चलाने का आरोप बस में सवार छात्रों के मुताबिक, बस निर्धारित समय से करीब आधा घंटा देरी से चल रही थी। आरोप है कि इसी वजह से चालक तेज रफ्तार में बस चला रहा था। हादसे से महज दो मिनट पहले एक छात्र ने मैसेज के जरिए प्रबंधन से चालक की लापरवाही की शिकायत भी की थी। छात्रों के इन आरोपों की जांच की जा रही है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, कॉलेज पहुंचने में देरी के कारण बस तेज गति से चलाए जाने की आशंका जताई गई है। मोड़ पर बस को नियंत्रित नहीं कर पाया चालक कोहेफिजा थाना प्रभारी लोकेंद्र सिंह ठाकुर के मुताबिक, बस सुबह 12 नंबर स्टॉप से विद्यार्थियों और स्टाफ को लेकर रवाना हुई थी। रास्ते में अन्य यात्री भी बस में सवार हुए। वीआईपी रोड पर साजिदा नगर मस्जिद के पास घुमावदार मोड़ पर चालक बस को नियंत्रित नहीं कर पाया। पुलिस के अनुसार, बस चालक की तरफ के डिवाइडर पर चढ़ गई और बिजली के खंभे से टकराकर एक ओर झुक गई। हादसे के बाद बस को सीधा कर उसमें फंसे लोगों को बाहर निकाला गया। छात्रों ने बताया, अचानक ब्रेक लगाने से हुआ हादसा छात्र सुमित के मुताबिक, वह माता मंदिर से बस में सवार हुआ था। उसने बताया कि बस करीब आधा घंटा लेट थी और चालक तेज गति से वाहन चला रहा था। सुमित के अनुसार, वीआईपी रोड पर करबला के पास घुमावदार मोड़ आने पर चालक ने अचानक ब्रेक लगाए। इसी दौरान बस का अगला पहिया डिवाइडर पर चढ़ गया और बस अनियंत्रित हो गई। छात्रा खुशी गौर ने बताया कि वह चालक के सामने वाली तरफ की सीट पर बैठी थी। राजा भोज प्रतिमा और करबला के बीच मोड़ पर बस डिवाइडर से टकराई तो उसने कूदकर अपनी जान बचाई। खुशी के मुताबिक, हादसे के दौरान एक छात्र के ऊपर सीट गिर गई, जिससे उसके गले और हाथ में गंभीर चोटें आईं। नौ घायलों को अस्पताल से छुट्टी, दो का इलाज जारी हादसे के बाद पुलिस और स्थानीय लोगों ने बस में सवार विद्यार्थियों और कर्मचारियों को बाहर निकालकर हमीदिया अस्पताल पहुंचाया। सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे के बीच नौ घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। सीहोर निवासी अजय परमार की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया है। वहीं, बसंत कुमार के पैर में फ्रैक्चर होने पर ऑपरेशन किया गया। छात्रा खुशी गौर की आंख के ऊपर भी चोट आई है। घटना की सूचना मिलने के बाद RGPV के स्टाफ और कुलगुरु डॉ. आलोक शर्मा अस्पताल पहुंचे और घायलों के उपचार की जानकारी ली। बसों की अधिकतम गति 50 किमी प्रति घंटा निर्धारित RGPV की बसें आउटसोर्स व्यवस्था के तहत संचालित होती हैं। करीब 20 बसें अलग-अलग रूट पर विद्यार्थियों और कर्मचारियों को विश्वविद्यालय तथा UIT-RGPV तक पहुंचाती हैं। दुर्घटनाग्रस्त बस रूट नंबर 12 पर चलती है। यह दाना पानी से 10 नंबर, 11 नंबर, अरेरा कॉलोनी और माता मंदिर होते हुए वीआईपी रोड के रास्ते कॉलेज पहुंचती है। टेंडर की शर्तों के मुताबिक, बसों की अधिकतम गति 50 किलोमीटर प्रति घंटा निर्धारित है। हादसे के बाद बस की गति और चालक की लापरवाही से जुड़े पहलुओं की जांच की जा रही है। कुलगुरु बोले- सभी बसों में लगेंगे स्पीड गवर्नर, GPS से होगी ट्रैकिंग RGPV के कुलगुरु डॉ. आलोक शर्मा ने कहा कि ऐसी घटना दोबारा न हो, इसके लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएंगे। सभी बसों में स्पीड गवर्नर लगाने और GPS के जरिए उनकी ट्रैकिंग सुनिश्चित करने की व्यवस्था की जाएगी। कुलगुरु के मुताबिक, टेंडर की शर्तों के अनुसार बसों की गति 50 किलोमीटर प्रति घंटे से अधिक नहीं होनी चाहिए। शुरुआती जानकारी में दुर्घटनाग्रस्त बस में स्पीड गवर्नर नहीं होने और चालक की लापरवाही की आशंका सामने आई है। फिलहाल पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है। जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि दुर्घटना में तेज रफ्तार, तकनीकी कमी या अन्य किसी कारण की कितनी भूमिका थी।

इंदौर में LIG से नौलखा तक एलिवेटेड कॉरिडोर का रास्ता साफ, हाईकोर्ट ने PIL खारिज की

इंदौर। इंदौर में LIG चौराहे से नौलखा चौराहे तक प्रस्तावित 6.5 किलोमीटर लंबे एलिवेटेड कॉरिडोर के निर्माण का रास्ता साफ हो गया है। मध्यप्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर बेंच ने परियोजना के खिलाफ दायर जनहित याचिका (PIL) खारिज कर दी है। हालांकि, कोर्ट ने निर्माण की तकनीकी निगरानी के लिए उच्चस्तरीय समिति गठित करने और परियोजना की कुल लागत व निर्माण पूरा होने की संभावित समय-सीमा सार्वजनिक करने के निर्देश दिए हैं। जस्टिस सुबोध अभ्यंकर और जस्टिस जय कुमार पिल्लई की डिवीजन बेंच ने 26 अक्टूबर को यह आदेश दिया। कोर्ट ने माना कि परियोजना से जुड़ी तकनीकी चिंताओं पर विचार करना जरूरी है, लेकिन इनके आधार पर पूरे प्रोजेक्ट को रोकना उचित नहीं होगा। नौ चौराहों पर अलग-अलग फ्लाईओवर बनाने का दिया था सुझाव चार्टर्ड इंजीनियर और सामाजिक कार्यकर्ता अतुल शेठ ने एलिवेटेड कॉरिडोर के विकल्प के रूप में प्रमुख चौराहों पर अलग-अलग फ्लाईओवर या ग्रेड सेपरेटर बनाने का सुझाव दिया था। उन्होंने MR-9, LIG, इंडस्ट्री हाउस, गिटार, पलासिया, गीताभवन, शिवाजी वाटिका, GPO और नौलखा चौराहे पर फ्लाईओवर बनाने की मांग की थी। याचिकाकर्ता ने अपनी दलीलों में एक्रोपोलिस इंस्टीट्यूट के ट्रैफिक सर्वे और इंदौर विकास प्राधिकरण (IDA) के तकनीकी अध्ययन का हवाला दिया। उनका तर्क था कि AB रोड पर ज्यादातर वाहन लंबी दूरी तक सीधे चलने के बजाय एक-दो चौराहों के बाद मुड़ जाते हैं। ऐसे में पूरे हिस्से पर एलिवेटेड कॉरिडोर बनाने के बजाय अलग-अलग चौराहों पर फ्लाईओवर बनाना अधिक उपयोगी हो सकता है। याचिकाकर्ता के मुताबिक, 5 अप्रैल 2025 की रिपोर्ट में अलग-अलग चौराहों पर फ्लाईओवर बनाने से यातायात दक्षता में 42% से अधिक सुधार की संभावना जताई गई थी, जबकि एलिवेटेड कॉरिडोर से मिलने वाला लाभ 10% से कम बताया गया था। उन्होंने आरोप लगाया था कि इन अध्ययनों की पर्याप्त तुलना किए बिना परियोजना को आगे बढ़ाया गया। हालांकि, ये आंकड़े याचिकाकर्ता की दलीलों का हिस्सा थे। कोर्ट ने इन्हें अंतिम रूप से प्रमाणित तथ्य नहीं माना। सरकार ने बताया भविष्य की जरूरतों के लिए जरूरी राज्य सरकार ने परियोजना का समर्थन करते हुए कहा कि AB रोड पर वाहनों का दबाव लगातार बढ़ रहा है और जमीन पर सड़क चौड़ी करने की गुंजाइश सीमित है। प्रस्तावित कॉरिडोर से मौजूदा छह लेन के अलावा चार अतिरिक्त लेन उपलब्ध होंगी। इससे वर्तमान और भविष्य की यातायात जरूरतों को पूरा करने में मदद मिल सकती है। वहीं, इंदौर उत्थान अभियान समिति ने भी परियोजना के समर्थन में दलील दी। समिति के मुताबिक, अलग-अलग फ्लाईओवर बनाने से वाहनों को बार-बार ऊपर चढ़ना और नीचे उतरना पड़ेगा। फ्लाईओवर से उतरने वाले वाहनों के सामान्य यातायात में शामिल होने पर जाम की आशंका बनी रह सकती है। इससे ईंधन की खपत बढ़ने की संभावना भी जताई गई। BRTS हटने के बाद बदले यातायात के हालात हाईकोर्ट ने माना कि इंदौर में बढ़ते यातायात को देखते हुए सड़क की अतिरिक्त क्षमता विकसित करने की जरूरत है। कोर्ट ने यह भी ध्यान दिया कि एक्रोपोलिस इंस्टीट्यूट की रिपोर्ट फरवरी-मार्च 2024 की थी, जब शहर में BRTS संचालित था। BRTS हटने के बाद सड़क पर अतिरिक्त जगह उपलब्ध हुई, लेकिन आबादी और वाहनों की संख्या बढ़ने से यातायात का दबाव भी बढ़ा है। कोर्ट के मुताबिक, पुराने सर्वे का आकलन मौजूदा परिस्थितियों को ध्यान में रखकर करना जरूरी है। पीठ ने कहा कि अलग-अलग चौराहों पर छोटे फ्लाईओवर कुछ समय के लिए राहत दे सकते हैं, लेकिन उनसे सड़क की कुल क्षमता उतनी नहीं बढ़ेगी। फ्लाईओवर से उतरने वाले वाहनों के सामान्य यातायात में मिलने पर जाम की आशंका भी बनी रह सकती है। हर महीने निर्माण की समीक्षा करेगी उच्चस्तरीय समिति हाईकोर्ट ने परियोजना की तकनीकी निगरानी के लिए लोक निर्माण विभाग (PWD) के मुख्य अभियंता की अध्यक्षता में समिति गठित करने के निर्देश दिए हैं। समिति में PWD और IDA के दो-दो सदस्य, एसजीएसआईटीएस के दो सदस्य, याचिकाकर्ता अतुल शेठ और इंदौर उत्थान अभियान समिति के दो सदस्य शामिल होंगे। समिति के सदस्यों के लिए सिविल या स्ट्रक्चरल इंजीनियरिंग में BE या BTech की न्यूनतम योग्यता निर्धारित की गई है। एसजीएसआईटीएस की ओर से नामित अनुभवी प्राध्यापकों को छोड़कर अन्य सदस्यों के पास पुल निर्माण का अनुभव होना चाहिए। समिति महीने में कम से कम एक बार निर्माण कार्य की समीक्षा करेगी और तकनीकी समस्याओं पर PWD को सलाह देगी। जरूरत पड़ने पर मुख्य अभियंता अतिरिक्त बैठक बुला सकेंगे। समिति के फैसले बहुमत के आधार पर लिए जाएंगे। 350 करोड़ से 750 करोड़ रुपये तक लागत पहुंचने का दावा याचिकाकर्ता ने दावा किया कि वर्ष 2019-20 में परियोजना की लागत करीब 350 करोड़ रुपये बताई गई थी। उनके मुताबिक, छह साल में कई बदलाव होने के बावजूद परियोजना की अंतिम लागत स्पष्ट नहीं है। याचिकाकर्ता ने बिजली की लाइनों और अन्य सुविधाओं को शिफ्ट करने का खर्च जोड़कर कुल लागत 700 से 750 करोड़ रुपये तक पहुंचने की आशंका जताई। हालांकि, ये आंकड़े याचिकाकर्ता के दावे हैं। हाईकोर्ट ने परियोजना की अंतिम लागत तय नहीं की है। कोर्ट ने संबंधित अधिकारियों को परियोजना की कुल लागत और निर्माण पूरा होने की संभावित समय-सीमा सार्वजनिक करने के निर्देश दिए हैं। नीतिगत फैसले में हस्तक्षेप का पर्याप्त आधार नहीं हाईकोर्ट ने कहा कि एलिवेटेड कॉरिडोर राज्य सरकार का नीतिगत निर्णय है। जब तक दुर्भावना, अवैधता या मनमानी साबित न हो, ऐसे निर्णय में न्यायिक हस्तक्षेप का पर्याप्त आधार नहीं बनता। इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट के फैसलों का भी उल्लेख किया गया। जनहित याचिका खारिज होने के बाद परियोजना आगे बढ़ने का रास्ता साफ हो गया है। अब निर्माण की तकनीकी निगरानी, लागत और संभावित समय-सीमा को लेकर हाईकोर्ट के निर्देशों के पालन पर नजर रहेगी।

भारत से व्यापार पर बैन के बावजूद पाकिस्तान में भारतीय सामान की मांग बढ़ी, तीसरे देशों के जरिए हो रही सप्लाई

नई दिल्ली। भारत और पाकिस्तान के बीच सीधे व्यापार पर रोक के बावजूद पाकिस्तानी बाजार में भारतीय सामान की मांग बढ़ने का दावा किया गया है। स्टेट बैंक ऑफ पाकिस्तान (SBP) के आंकड़ों के मुताबिक, वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही यानी जुलाई से सितंबर के दौरान पाकिस्तान ने भारत से 61.74 मिलियन डॉलर का सामान आयात किया। उपलब्ध आंकड़ों में यह रकम पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 69% अधिक बताई गई है। रिपोर्ट के अनुसार, पिछले साल इसी अवधि में पाकिस्तान ने भारत से करीब ₹3,478 करोड़ का सामान खरीदा था। वहीं, इस अवधि में पाकिस्तान से भारत को होने वाला आयात शून्य रहने की बात कही गई है। सीधे व्यापार पर रोक, फिर कैसे पहुंच रहा भारतीय सामान? 2025 में पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच सीधे व्यापार पर रोक लगा दी गई थी। इसके बावजूद भारतीय उत्पादों की मांग पूरी करने के लिए तीसरे देशों के जरिए व्यापार होने की बात सामने आई है। व्यापार से जुड़े दावों के मुताबिक, कुछ कारोबारी भारत में बने सामान को पहले दुबई, सिंगापुर या श्रीलंका जैसे देशों में भेजते हैं। इसके बाद वहां से उसे पाकिस्तान पहुंचाया जाता है। इस प्रक्रिया में सामान की पैकेजिंग और दस्तावेजों में बदलाव किए जाने की भी बात कही गई है। हालांकि, किसी उत्पाद का तीसरे देश से होकर गुजरना अपने आप में गैरकानूनी नहीं होता। उसकी वैधता इस बात पर निर्भर करती है कि व्यापार, मूल देश की जानकारी, सीमा शुल्क और संबंधित प्रतिबंधों के नियमों का पालन किया गया है या नहीं। तीसरे देशों के जरिए व्यापार कैसे होता है? व्यापार के इस तरीके को समझने के लिए तीन प्रमुख चरण बताए जाते हैं: GTRI का अनुमान: अनौपचारिक व्यापार सालाना 10 अरब डॉलर से ज्यादा? थिंक टैंक ग्लोबल ट्रेड रिसर्च इनिशिएटिव (GTRI) के संस्थापक अजय श्रीवास्तव के हवाले से दावा किया गया है कि तीसरे देशों के माध्यम से भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाला अनौपचारिक व्यापार सालाना 10 अरब डॉलर यानी करीब ₹83,000 करोड़ से अधिक हो सकता है। यह आंकड़ा एक अनुमान है। इसे भारत-पाकिस्तान के बीच दर्ज आधिकारिक व्यापार के बराबर नहीं माना जाना चाहिए। पाकिस्तानी उपभोक्ताओं को महंगा पड़ सकता है भारतीय सामान सीधे व्यापार के बजाय तीसरे देशों के जरिए सामान पहुंचाने पर परिवहन, भंडारण और अन्य कारोबारी खर्च बढ़ सकते हैं। ऐसे में भारतीय उत्पाद पाकिस्तानी उपभोक्ताओं को अधिक कीमत पर मिलने की संभावना रहती है। फिलहाल, भारत-पाकिस्तान के बीच प्रत्यक्ष व्यापार पर लगी रोक के बावजूद भारतीय सामान की मांग और तीसरे देशों के जरिए होने वाली आपूर्ति को लेकर व्यापारिक दावे चर्चा में हैं। इन दावों के वास्तविक पैमाने और संबंधित लेन-देन की वैधता का आकलन करने के लिए आधिकारिक आंकड़ों और स्वतंत्र पुष्टि की जरूरत है।
MLC Election Results 2026: यूपी, बिहार और कर्नाटक में BJP की बड़ी जीत

MLC Election Results 2026: यूपी, बिहार और कर्नाटक में BJP की बड़ी जीत

MLC Election Results 2026 के नतीजों को लेकर राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज है। उत्तर प्रदेश, बिहार और कर्नाटक से आए चुनावी नतीजों ने राजनीतिक दलों का ध्यान अपनी ओर खींचा है। इन राज्यों में बीजेपी ने शानदार प्रदर्शन किया है, जबकि बिहार में अनंत सिंह के भाई का तीसरे स्थान पर रहना चर्चा का विषय बन गया है। यूपी, बिहार और कर्नाटक में बीजेपी का प्रदर्शन विधान परिषद चुनाव के नतीजों में बीजेपी ने कई सीटों पर अपनी मजबूत स्थिति दिखाई है। इन परिणामों को पार्टी के लिए अहम माना जा रहा है। चुनाव में अलग-अलग राजनीतिक दलों के बीच मुकाबला देखने को मिला, वहीं नतीजों के बाद नेताओं और कार्यकर्ताओं की नजरें आगे की राजनीतिक रणनीति पर टिकी हैं। बिहार में अनंत सिंह के भाई तीसरे नंबर पर बिहार के चुनावी नतीजों में अनंत सिंह के भाई का तीसरे स्थान पर रहना चर्चा में है। चुनाव में उम्मीदवारों के प्रदर्शन ने स्थानीय राजनीतिक समीकरणों को लेकर नई बहस छेड़ दी है। हालांकि, इस परिणाम का राज्य की राजनीति पर कितना असर पड़ेगा, यह आने वाले समय में साफ होगा। चुनावी नतीजों पर टिकी राजनीतिक दलों की नजर चुनाव परिणाम किसी भी राजनीतिक दल के लिए जनता के रुख को समझने का एक अहम संकेत होते हैं। यूपी, बिहार और कर्नाटक के इन नतीजों के बाद राजनीतिक दल अपनी आगामी रणनीति पर ध्यान देंगे। खासकर बिहार में चुनावी प्रदर्शन को लेकर आगे की राजनीतिक गतिविधियों पर नजर रहेगी। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!

दिवाली से पहले सोना-चांदी सस्ता, अक्टूबर में सोना ₹7,000 और चांदी ₹20,000 तक गिरी

नई दिल्ली। दिवाली से पहले सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट का सिलसिला जारी है। 27 अक्टूबर को भी दोनों कीमती धातुओं के दाम में कमी दर्ज की गई। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के मुताबिक, 24 कैरेट सोने का भाव 10 ग्राम पर ₹279 गिरकर करीब ₹1.41 लाख रह गया। वहीं, चांदी की कीमत ₹1,980 प्रति किलो घटकर करीब ₹1.92 लाख पर आ गई। अक्टूबर में अब तक सोना करीब ₹7,000 और चांदी लगभग ₹20,000 सस्ती हो चुकी है। इससे पहले सितंबर में भी दोनों धातुओं के दाम में बड़ी गिरावट आई थी। उस महीने सोना करीब ₹8,000 और चांदी लगभग ₹15,000 सस्ती हुई थी। सितंबर में भी गिरे थे सोने-चांदी के भाव दिए गए आंकड़ों के मुताबिक, 31 अगस्त को सोने की कीमत ₹1.56 लाख प्रति 10 ग्राम थी, जो 30 सितंबर तक घटकर ₹1.48 लाख रह गई। इसी तरह चांदी का भाव ₹2.37 लाख प्रति किलो से गिरकर ₹2.22 लाख पर आ गया था। लगातार गिरावट के बीच निवेशकों और खरीदारों की नजर अब इस बात पर है कि क्या आने वाले दिनों में कीमतें और नीचे जाएंगी या बाजार में फिर तेजी लौटेगी। क्या आगे भी जारी रहेगी कीमतों में गिरावट? विशेषज्ञों के मुताबिक, फिलहाल सोने-चांदी के बाजार में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। कीमतों पर वैश्विक ब्याज दरों, आर्थिक अनिश्चितता और भू-राजनीतिक तनाव जैसे कारकों का असर पड़ता है। एक्सपर्ट की सलाह: किस्तों में करें खरीदारी कमोडिटी विशेषज्ञ अजय केडिया के मुताबिक, सोने-चांदी की खरीदारी एक साथ करने के बजाय किस्तों में करना बेहतर रणनीति हो सकती है। खरीदार कुछ मात्रा अभी खरीद सकते हैं और बाकी खरीदारी 15 से 20 दिन के अंतराल पर कर सकते हैं। उनकी सलाह है कि निवेश के लिए केवल एक-दो महीने का नजरिया रखने के बजाय छह महीने से एक साल तक की अवधि को ध्यान में रखा जाए। हालांकि, निवेश से पहले अपनी जरूरत, बजट और जोखिम उठाने की क्षमता का आकलन करना जरूरी है। ज्वेलर्स से सोना खरीदते समय इन 2 बातों का रखें ध्यान 1. BIS हॉलमार्क वाला सोना खरीदें सोना खरीदते समय ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड्स (BIS) का हॉलमार्क जरूर जांचें। हॉलमार्क से सोने की शुद्धता की पुष्टि करने में मदद मिलती है। आभूषण पर हॉलमार्क और उससे जुड़ी पहचान की जानकारी ध्यान से देखें। केवल किसी अल्फान्यूमेरिक नंबर को देखकर ही सोने की शुद्धता तय न करें। 2. वजन और कीमत की पुष्टि करें सोना खरीदने से पहले उसका वजन और उस दिन का बाजार भाव अलग-अलग विश्वसनीय स्रोतों से जांच लें। 24, 22 और 18 कैरेट सोने की कीमतें अलग-अलग होती हैं। बिल में सोने की कीमत, मेकिंग चार्ज और लागू टैक्स की जानकारी भी जरूर देखें। असली चांदी की पहचान करने के 4 तरीके 1. मैग्नेट टेस्ट: शुद्ध चांदी आमतौर पर चुंबक से नहीं चिपकती। हालांकि, केवल इस जांच के आधार पर चांदी के असली या नकली होने का फैसला नहीं किया जा सकता। 2. आइस टेस्ट: चांदी में ऊष्मा तेजी से संचरित होती है, इसलिए उसके संपर्क में रखी बर्फ तेजी से पिघल सकती है। लेकिन यह जांच भी चांदी की शुद्धता का पक्का प्रमाण नहीं है। 3. स्मेल टेस्ट: शुद्ध चांदी में आमतौर पर तेज धातु जैसी गंध नहीं होती। हालांकि, गंध के आधार पर चांदी की प्रामाणिकता तय करना भरोसेमंद तरीका नहीं है। 4. क्लॉथ टेस्ट: चांदी को सफेद कपड़े से रगड़ने पर कभी-कभी काला निशान आ सकता है। यह चांदी की सतह पर होने वाली रासायनिक प्रतिक्रिया के कारण हो सकता है, लेकिन इससे उसकी शुद्धता की पुष्टि नहीं होती। चांदी की शुद्धता की सही जांच के लिए प्रमाणित विक्रेता से खरीदारी करें और जरूरत पड़ने पर अधिकृत जांच केंद्र की मदद लें।

About Me

देशहरपल सिर्फ खबरों का मंच नहीं, बल्कि आपकी आवाज़ को सामने लाने का एक सशक्त माध्यम भी है। यहां आपको ताज़ातरीन खबरों के साथ-साथ नौकरी, शिक्षा, और नए भारत की बदलती आर्थिक तस्वीर पर उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी मिलेगी।

Phone: +91 9406783569, +91 755 484 8829
Email: support@deshharpal.com
Address : A-23 Sakshi Bunglow Trilanga Near Aura Mall Bhopal M.P

Recent Posts

  • All Post
  • Breaking News
  • Education
  • More News
  • Web Story
  • एंटरटेनमेंट
  • देश-हरपल
  • धर्म-कर्म
  • प्रदेश
  • बिज़नेस
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • वीडियो
  • स्पोर्ट्स
    •   Back
    • एक्सक्लूसिव
    • Editorial
    •   Back
    • IPL 2026
    • T20 वर्ल्ड कप
    • FIFA 2026
    •   Back
    • सोच-विचार
    • हेल्थ
    • ट्रैवल
    • कल्चर
    • एनवायरनमेंट
    • Impact Feature
    •   Back
    • राशिफल
    • पंचांग
    • पर्व-त्यौहार
    • पूजा-पाठ
    • चैत्र नवरात्रि 2025
    •   Back
    • मध्य प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    •   Back
    • टीवी
    • वेब-सीरीज
    • फिल्म रिव्यू
    • बॉलीवुड
    •   Back
    • लाइफस्टाइल
    •   Back
    • स्टॉक-मार्केट

© 2023 Deshharpal. All Rights Reserved.