India vs England Test Series में Team India के लिए अंशुल कांबोज डेब्यू कर सकते हैं। चोटिल खिलाड़ियों की लिस्ट लंबी होने से युवा तेज गेंदबाज को मौका मिलने की उम्मीद है।
मैनचेस्टर टेस्ट में अंशुल कांबोज डेब्यू करेंगे? टीम इंडिया की रणनीति में बड़ा बदलाव संभव

भारत और इंग्लैंड (India vs England) के बीच चल रही टेस्ट सीरीज के चौथे मुकाबले में एक नया चेहरा डेब्यू कर सकता है – अंशुल कांबोज। अर्शदीप सिंह और आकाश दीप की फिटनेस को लेकर जारी अनिश्चितता के बीच, अंशुल को नेट्स में गेंदबाजी करते हुए देखा गया और उन्होंने अपने प्रदर्शन से टीम मैनेजमेंट को प्रभावित किया है।
नेट्स में शानदार प्रदर्शन
Times of India की रिपोर्ट के मुताबिक, टीम में शामिल होने के बाद अंशुल ने मैनचेस्टर नेट्स सेशन में 45 मिनट तक नई गेंद से गेंदबाजी की। वह न सिर्फ कोच गौतम गंभीर के साथ गहन चर्चा करते दिखे बल्कि जसप्रीत बुमराह और मोहम्मद सिराज जैसे सीनियर खिलाड़ियों से भी सलाह लेते नजर आए।
अन्य खिलाड़ियों की स्थिति
- अर्शदीप सिंह: प्रैक्टिस सेशन के दौरान हाथ में चोट लगने के कारण बाहर।
- आकाश दीप: फिटनेस टेस्ट में सीमित गेंदबाजी, नेट्स में कोई खास भागीदारी नहीं।
- नितीश रेड्डी: घुटने की चोट से पूरी सीरीज से बाहर।
- प्रसिद्ध कृष्णा: पहले दो टेस्ट में विकेट लिए, पर मैनचेस्टर नेट्स में गेंदबाजी नहीं की।
इन सब स्थितियों को देखकर यह लगभग तय माना जा रहा है कि नितीश की जगह शार्दुल ठाकुर और आकाश दीप की गैरहाजिरी में प्रसिद्ध कृष्णा या अंशुल कांबोज को प्लेइंग इलेवन में जगह मिल सकती है। प्रसिद्ध कृष्णा की गैर-भागीदारी के बाद कांबोज का पलड़ा भारी लग रहा है।
अंशुल कांबोज का रिकॉर्ड
- जन्म: 6 दिसंबर 2000, करनाल, हरियाणा
- IPL टीम: चेन्नई सुपर किंग्स (CSK), 2025 सीज़न में 8 मैच – 8 विकेट
- फर्स्ट क्लास करियर: 24 मैच – 79 विकेट
- India-A के लिए 2 मैच में 5 विकेट लेकर चयनकर्ताओं का ध्यान खींचा
- अगर मैनचेस्टर में उन्हें मौका मिलता है, तो यह उनके करियर की सबसे बड़ी शुरुआत हो सकती है। टीम इंडिया को इस वक्त एक फ्रेश और फिट तेज गेंदबाज की सख्त ज़रूरत है और कांबोज वह उम्मीद बनकर सामने आए हैं।
निष्कर्ष:
भारत-इंग्लैंड टेस्ट सीरीज़ के चौथे टेस्ट में Team India की Playing XI में कई बदलाव संभव हैं। अगर अंशुल कांबोज को डेब्यू का मौका मिलता है, तो यह ना सिर्फ उनके लिए बल्कि भारत की तेज गेंदबाज़ी यूनिट के लिए भी एक नई शुरुआत साबित हो सकती है।
