लॉस एंजेलिस (Los Angeles) में हालात तेजी से बिगड़ते जा रहे हैं। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) द्वारा National Guard की तैनाती के फैसले ने पूरे शहर में हिंसा और प्रदर्शन की आग भड़का दी है। यह कदम ICE रेड्स और अप्रवासी विरोधी नीतियों के खिलाफ जनता में पनप रही नाराज़गी के बीच उठाया गया, जिसने अब गवर्नर गैविन न्यूसम (Gavin Newsom) और ट्रंप प्रशासन के बीच राजनीतिक और संवैधानिक संकट का रूप ले लिया है।
LA Streets पर उग्र प्रदर्शन, Self-driving Cars में लगाई आग
सैकड़ों प्रदर्शनकारियों ने लॉस एंजेलिस की सड़कों को जाम कर दिया। सिटी हॉल, फेडरल कोर्टहाउस, और इमिग्रेशन डिटेंशन सेंटर के बाहर भारी भीड़ इकट्ठा हुई। लोगों ने 101 फ्रीवे को ब्लॉक किया और Waymo self-driving cars को आग के हवाले कर दिया। LAPD ने हालात संभालने के लिए टीयर गैस, रबर बुलेट और फ्लैश बम का इस्तेमाल किया।
Newsom vs Trump: गवर्नर ने तैनाती को बताया ‘असंवैधानिक’
कैलिफोर्निया के गवर्नर गैविन न्यूसम (Gavin Newsom) ने इस कदम को राज्य की संप्रभुता के खिलाफ बताते हुए इसे “Illegal and unconstitutional” करार दिया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि केंद्र सरकार पीछे नहीं हटती, तो वे कानूनी लड़ाई शुरू करेंगे। वहीं, L.A. Mayor Karen Bass ने कहा कि विरोध जायज है, लेकिन हिंसा का कोई स्थान नहीं है।
कई घायल, दर्जनों गिरफ्तार; विदेशी पत्रकार की सर्जरी
अब तक कई दर्जन प्रदर्शनकारी गिरफ्तार किए गए हैं। LAPD के कुछ अधिकारी घायल हुए हैं। वहीं, एक ब्रिटिश फोटो जर्नलिस्ट को रबर बुलेट लगी, जिन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया और सर्जरी की गई।
क्या America में Constitutional Crisis की शुरुआत?
1965 के बाद यह पहला मौका है जब संघीय सरकार ने राज्य की इच्छा के खिलाफ National Guard तैनात की है। U.S. Constitution के ‘rebellion clause’ का हवाला देकर ट्रंप प्रशासन ने यह कदम उठाया, जिससे राज्य बनाम केंद्र सरकार की शक्तियों को लेकर बहस छिड़ गई है।
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