आपका चैनल --
ताज़ा खबर
BREAKINGस्पोर्ट्सअक्षर पटेल का ऑलराउंड शो, शुभमन गिल की कप्तानी पारी; भारत ने इंग्लैंड को 6 विकेट से हराकर पहला वनडे जीताBREAKINGछत्तीसगढ़CAG रिपोर्ट में जल जीवन मिशन की पोल: छत्तीसगढ़ में 33% नल कनेक्शन गैर-कार्यशील, ‘हर घर जल’ लक्ष्य भी अधूराBREAKINGछत्तीसगढ़रायपुर में 16 जुलाई को निकलेगी भगवान जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा, राज्यपाल और मुख्यमंत्री निभाएंगे ‘छेरा पहरा’ की परंपराBREAKINGदेश-हरपलCBSE की थ्री-लैंग्वेज पॉलिसी पर रोक से सुप्रीम कोर्ट का इनकार, सरकार और बोर्ड से 10 दिन में मांगा जवाबBREAKINGप्रदेशबिलासपुर: CM हेल्पलाइन शिकायतों के खराब निराकरण पर PHE के ईई को नोटिस, कलेक्टर ने अधिकारियों को लगाई फटकारBREAKINGछत्तीसगढ़छत्तीसगढ़ में दो साल में 2960 हत्याएं: रायपुर सबसे आगे, नक्सल प्रभावित जिलों से भी ज्यादा दर्ज हुए हत्या के मामलेBREAKINGछत्तीसगढ़अनियमित कर्मचारियों और बेरोजगारी भत्ते को लेकर AAP का सरकार पर हमला, 1 अगस्त से चलाएगी हस्ताक्षर अभियानBREAKINGमध्य प्रदेशग्वालियर में भाजपा नेता के घर करोड़ों की चोरी: 2 किलो सोना, 4 किलो चांदी और नकदी लेकर फरार हुए चोरBREAKINGस्पोर्ट्सअक्षर पटेल का ऑलराउंड शो, शुभमन गिल की कप्तानी पारी; भारत ने इंग्लैंड को 6 विकेट से हराकर पहला वनडे जीताBREAKINGछत्तीसगढ़CAG रिपोर्ट में जल जीवन मिशन की पोल: छत्तीसगढ़ में 33% नल कनेक्शन गैर-कार्यशील, ‘हर घर जल’ लक्ष्य भी अधूराBREAKINGछत्तीसगढ़रायपुर में 16 जुलाई को निकलेगी भगवान जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा, राज्यपाल और मुख्यमंत्री निभाएंगे ‘छेरा पहरा’ की परंपराBREAKINGदेश-हरपलCBSE की थ्री-लैंग्वेज पॉलिसी पर रोक से सुप्रीम कोर्ट का इनकार, सरकार और बोर्ड से 10 दिन में मांगा जवाबBREAKINGप्रदेशबिलासपुर: CM हेल्पलाइन शिकायतों के खराब निराकरण पर PHE के ईई को नोटिस, कलेक्टर ने अधिकारियों को लगाई फटकारBREAKINGछत्तीसगढ़छत्तीसगढ़ में दो साल में 2960 हत्याएं: रायपुर सबसे आगे, नक्सल प्रभावित जिलों से भी ज्यादा दर्ज हुए हत्या के मामलेBREAKINGछत्तीसगढ़अनियमित कर्मचारियों और बेरोजगारी भत्ते को लेकर AAP का सरकार पर हमला, 1 अगस्त से चलाएगी हस्ताक्षर अभियानBREAKINGमध्य प्रदेशग्वालियर में भाजपा नेता के घर करोड़ों की चोरी: 2 किलो सोना, 4 किलो चांदी और नकदी लेकर फरार हुए चोर

NE

News Elementor

Latest Posts

सागर में रेलवे के सेक्शन इंजीनियर को CBI ने 1 लाख की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा

मध्य प्रदेश के सागर में गुरुवार देर रात सीबीआई ने बड़ी कार्रवाई करते हुए रेलवे के एक सेक्शन इंजीनियर को 1 लाख रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया। आरोपी अधिकारी की पहचान नारायण सिंह बुंदेला के रूप में हुई है। कार्रवाई के बाद सीबीआई टीम आरोपी को अपने साथ जबलपुर ले गई। जानकारी के मुताबिक, सागर रेलखंड में गिट्टी सप्लाई करने वाले एक ठेकेदार ने काम पूरा होने के बाद विभाग में जमा अपनी सिक्योरिटी राशि वापस मांगी थी। आरोप है कि सेक्शन इंजीनियर नारायण सिंह बुंदेला ने राशि लौटाने के बदले ठेकेदार से 1 लाख रुपए रिश्वत की मांग की। ठेकेदार ने रिश्वत देने से मना किया तो अधिकारी ने सिक्योरिटी राशि वापस करने से इनकार कर दिया। इसके बाद ठेकेदार ने मामले की शिकायत जबलपुर स्थित सीबीआई कार्यालय में की। पैराडाइज होटल में बिछाया गया जाल शिकायत की शुरुआती जांच के बाद सीबीआई ने आरोपी अधिकारी पर नजर रखनी शुरू कर दी। बताया जा रहा है कि रिश्वत की रकम लेने के लिए सेक्शन इंजीनियर ने ठेकेदार को सागर के पैराडाइज होटल बुलाया था। सीबीआई की टीम पहले से ही सादी वर्दी में होटल के आसपास तैनात थी। देर रात जैसे ही ठेकेदार ने आरोपी को 1 लाख रुपए दिए, टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उसे रंगे हाथ पकड़ लिया। आरोपी को जबलपुर ले गई CBI गिरफ्तारी के बाद सीबीआई टीम आरोपी अधिकारी को जबलपुर लेकर पहुंची। वहां उसे सीबीआई कोर्ट में पेश किया गया, जहां टीम ने आरोपी की 5 दिन की रिमांड मांगी है। सीबीआई अब मामले में रिश्वतखोरी से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है। अधिक अपडेट्स और प्रदेश की ताजा खबरों के लिए पढ़ते रहें www.deshharpal.com
Read more

खंडवा में देवर ने नहाने का वीडियो बनाकर किया ब्लैकमेल, महिला से कई बार दुष्कर्म

खंडवा जिले के खालवा थाना क्षेत्र में एक महिला ने अपने दूर के रिश्ते में लगने वाले देवर पर ब्लैकमेल कर दुष्कर्म करने का आरोप लगाया है। महिला का आरोप है कि आरोपी ने नहाते समय उसका वीडियो बना लिया और उसे वायरल करने की धमकी देकर लंबे समय तक शारीरिक शोषण करता रहा। पीड़िता ने गुरुवार को खालवा थाने पहुंचकर आरोपी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। नहाने का वीडियो बनाकर दी धमकी 30 वर्षीय विवाहिता ने पुलिस को बताया कि आरोपी इंदौर में काम करता है और करीब एक साल पहले उनके घर आया था। वह एक-दो दिन घर पर रुका रहा। इसी दौरान उसने महिला का नहाते समय वीडियो बना लिया। इसके बाद आरोपी ने महिला को वीडियो दिखाकर धमकाना शुरू कर दिया। उसने कहा कि यदि वह उसके साथ संबंध नहीं बनाएगी तो वीडियो पति को दिखा देगा और सोशल मीडिया पर वायरल कर देगा। एक साल तक करता रहा शोषण महिला के मुताबिक आरोपी ने धमकी देकर कई बार उसके साथ दुष्कर्म किया। बदनामी और परिवार टूटने के डर से वह अब तक चुप रही, लेकिन लगातार मानसिक प्रताड़ना के बाद उसने पुलिस से शिकायत करने का फैसला लिया। पुलिस ने दर्ज किया केस खालवा थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म और धमकी देने की धाराओं में मामला दर्ज किया है। एएसआई चंद्रकांत सोणवने ने बताया कि महिला की शिकायत पर केस दर्ज कर लिया गया है। फिलहाल मामले की जांच की जा रही है और आरोपी की तलाश जारी है। पुलिस के अनुसार अभी तक महिला के पास वीडियो से जुड़ा कोई तकनीकी साक्ष्य उपलब्ध नहीं है। मध्यप्रदेश और देश-दुनिया की ताजा खबरों के लिए विजिट करें www.deshharpal.com
Read more

भोपाल एयरपोर्ट पर एयरफोर्स के बोइंग-777 की लैंडिंग, यात्रियों में रही चर्चा

राजधानी भोपाल के राजा भोज एयरपोर्ट पर गुरुवार सुबह एयरफोर्स के बोइंग-777 विमान की लैंडिंग को लेकर यात्रियों और स्थानीय लोगों के बीच चर्चाओं का माहौल रहा। हालांकि एयरपोर्ट अथॉरिटी ने स्पष्ट किया है कि यह कोई असामान्य या सुरक्षा से जुड़ा मामला नहीं था, बल्कि नियमित VIP मूवमेंट और तकनीकी विजिट का हिस्सा था। अधिकारियों के मुताबिक, बोइंग-777 विमान का अलग-अलग एयरपोर्ट्स पर आना-जाना सामान्य प्रक्रिया है। यह विमान समय-समय पर उन एयरपोर्ट्स का निरीक्षण करता है, जो बड़े विमानों के संचालन के लिए तैयार हैं। ऐसे तकनीकी विजिट हर महीने दो से तीन बार होते रहते हैं। भोपाल एयरपोर्ट पर उतरा अब तक का सबसे बड़ा विमान बोइंग 777-300ER विमान 64.8 मीटर विंगस्पैन और करीब 74 मीटर लंबाई वाला विशाल विमान है। इसे लंबी दूरी की उड़ानों के लिए इस्तेमाल किया जाता है। भोपाल एयरपोर्ट पर इसकी लैंडिंग को अब तक का सबसे बड़ा विमान उतरने की घटना माना जा रहा है। हालांकि यह विमान एयर इंडिया का है, लेकिन इसका संचालन एयरफोर्स करती है और इसके पायलट भी एयरफोर्स के ही होते हैं। इसी श्रेणी के विमान “एयर इंडिया वन” का उपयोग प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लंबी विदेश यात्राओं में किया जाता है। फ्लाइट देरी की वजह मौसम एयरपोर्ट अधिकारियों ने बताया कि कुछ फ्लाइट्स के डिले होने का कारण एयरफोर्स मूवमेंट नहीं, बल्कि खराब मौसम और तेज हवाएं थीं। कई इलाकों में गस्टी विंड्स के कारण उड़ानों के समय में बदलाव करना पड़ा। 17 घंटे लगातार उड़ान भर सकता है विमान बोइंग 777-300ER दुनिया के सबसे आधुनिक और शक्तिशाली विमानों में गिना जाता है। इसमें दो GE90-115BL इंजन लगे हैं, जिन्हें दुनिया का सबसे शक्तिशाली विमान इंजन माना जाता है। यह विमान बिना रीफ्यूलिंग के करीब 17 घंटे तक लगातार उड़ान भर सकता है और भारत से अमेरिका जैसी लंबी दूरी भी एक बार में तय करने की क्षमता रखता है। भोपाल एयरपोर्ट ने रचा इतिहास अधिकारियों के मुताबिक, मंगलवार को भोपाल एयरपोर्ट पर एयरफोर्स के कोड-ई बोइंग 777-300ER की सफल ट्रायल लैंडिंग करवाई गई थी। यह मध्यप्रदेश के किसी भी एयरपोर्ट पर पहली बार हुआ है। देश-दुनिया और मध्यप्रदेश की ताजा खबरों के लिए विजिट करें www.deshharpal.com
Read more

भोपाल में महिला ने फांसी लगाकर दी जान, पड़ोसियों से विवाद से थी परेशान

भोपाल के अशोका गार्डन इलाके में एक 28 वर्षीय महिला ने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है। महिला के परिजनों ने पड़ोस में रहने वाले रिश्तेदारों पर मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगाया है। पुलिस के मुताबिक सुंदर नगर निवासी जूली कुशवाह (28) पत्नी सुनील कुशवाह ने बुधवार रात करीब 9:30 बजे घर में फांसी लगा ली। जूली के दो छोटे बच्चे हैं, जिनमें एक 6 महीने का और दूसरा 2 साल का है। पति सब्जी लेने गया था, लौटकर देखा पत्नी फंदे पर थी घटना के समय जूली का पति सुनील सब्जी लेने बाहर गया हुआ था। करीब 20 मिनट बाद जब वह वापस लौटा तो उसने पत्नी को फंदे पर लटका देखा। वहीं दोनों मासूम बच्चे पास में रो रहे थे। घटना की जानकारी मिलते ही इलाके में हड़कंप मच गया। पड़ोसियों से लंबे समय से चल रहा था विवाद पति सुनील कुशवाह ने आरोप लगाया है कि पड़ोस में रहने वाले रिश्तेदार राजू कुशवाह और उनके परिवार से लंबे समय से विवाद चल रहा था। आरोप है कि वे शराब पार्टी करने के बाद खाली बोतलें और मांस की हड्डियां उनके घर के पास फेंक देते थे। इस वजह से जूली मानसिक रूप से परेशान रहती थी। परिवार का कहना है कि कई बार समझाने के बावजूद पड़ोसियों की हरकतें बंद नहीं हुईं। आत्महत्या से पहले भी हुआ था विवाद परिजनों के मुताबिक घटना से पहले भी इसी बात को लेकर कहासुनी हुई थी। इसके बाद जूली ने यह कदम उठा लिया। पुलिस जांच में जुटी अशोका गार्डन थाना प्रभारी अनुराग लाल ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि दोनों परिवार एक ही परिसर में रहते थे और साझा जगह को लेकर विवाद था। पुलिस का कहना है कि मामला नवविवाहिता से जुड़ा होने के कारण हर पहलू को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है। मध्यप्रदेश और देश-दुनिया की ताजा खबरों के लिए विजिट करें www.deshharpal.com
Read more

NEET पेपर लीक के विरोध में NSUI का प्रदर्शन, पुलिस लाठीचार्ज में कई कार्यकर्ता घायल

नीट (NEET) परीक्षा पेपर लीक मामले को लेकर बिलासपुर में बुधवार को NSUI और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच झड़प हो गई, जिसके बाद हालात तनावपूर्ण हो गए। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने वाटर कैनन और बाद में लाठीचार्ज का सहारा लिया। इस दौरान कई कार्यकर्ता घायल हो गए। NSUI कार्यकर्ता सांसद और केंद्रीय राज्यमंत्री तोखन साहू के निवास का घेराव करने निकले थे। पुलिस ने सांसद बंगले से पहले ही बैरिकेडिंग कर रास्ता रोक दिया था। प्रदर्शनकारी बैरिकेड्स तोड़कर आगे बढ़ने की कोशिश करने लगे, जिससे पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच धक्का-मुक्की शुरू हो गई। विधायक देवेंद्र यादव का कुर्ता फटा प्रदर्शन के दौरान भिलाई विधायक देवेंद्र यादव भी मौजूद थे। झड़प के बीच उनका कुर्ता फट गया। उग्र होती भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने पानी की बौछार की। इसके बाद जब प्रदर्शनकारी कलेक्टर कार्यालय की ओर बढ़ने लगे, तब पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। इस कार्रवाई में 6 से अधिक कार्यकर्ता घायल हुए हैं, जिन्हें सिम्स अस्पताल में भर्ती कराया गया। वहीं 12 से ज्यादा लोगों को हिरासत में लेकर बाद में मुचलके पर छोड़ दिया गया। पुलिसकर्मियों के घायल होने का दावा सिविल लाइन CSP निमितेश सिंह ने बताया कि प्रदर्शन के दौरान धक्कामुक्की में कई पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं। सभी का इलाज कराया जा रहा है। NSUI ने पुलिस कार्रवाई को बताया बर्बर सिम्स अस्पताल में घायल छात्रों से मिलने पहुंचे NSUI के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ ने पुलिस कार्रवाई की कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा कि यदि छात्रों पर FIR दर्ज की गई तो संगठन भी संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करेगा। भाजपा और कांग्रेस आमने-सामने भाजपा विधायक सुशांत शुक्ला ने कांग्रेस और NSUI पर निशाना साधते हुए कहा कि “यूथ कांग्रेस गुंडों की टोली बन चुकी है। जब उनकी सरकार थी तब भ्रष्टाचार पर सवाल क्यों नहीं उठाए गए?” वहीं प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन पर पुलिस ने बर्बर लाठीचार्ज किया। उन्होंने कहा कि 50 से अधिक छात्र और कार्यकर्ता घायल हुए हैं। कांग्रेस ने घटना की न्यायिक जांच की मांग की है। परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता की मांग NSUI और कांग्रेस नेताओं ने कहा कि NEET परीक्षा में कथित पेपर लीक और अनियमितताओं के खिलाफ यह प्रदर्शन किया गया। उन्होंने परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता लाने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। देश-दुनिया और मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ की ताजा खबरों के लिए विजिट करें www.deshharpal.com
Read more

पत्नी की हत्या मामले में पति को उम्रकैद, हाईकोर्ट ने पलटा ट्रायल कोर्ट का फैसला

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने पत्नी की हत्या के मामले में बड़ा फैसला सुनाते हुए आरोपी पति दीपनारायण रजक को उम्रकैद की सजा सुनाई है। हाईकोर्ट ने ट्रायल कोर्ट का फैसला पलटते हुए कहा कि मामले में हत्या के पर्याप्त सबूत मौजूद हैं। कोर्ट के आदेश के बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। यह मामला बिलासपुर जिले के महमंद निवासी मनहरणलाल निर्मलकर की बेटी ममता की मौत से जुड़ा है। ममता की शादी चकरभाठा थाना क्षेत्र के ग्राम परसदा निवासी दीपनारायण रजक से हुई थी। शादी के दो साल के भीतर ही उसकी संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। पहले आत्महत्या माना गया मामला घटना के समय पुलिस और तहसीलदार मौके पर पहुंचे तो कमरा अंदर से बंद मिला। ममता का शव साड़ी के सहारे पंखे से लटका हुआ था। शुरुआत में मामला आत्महत्या का माना गया, लेकिन घर में उस समय केवल पति-पत्नी ही मौजूद थे, इसलिए शक पति पर गया। जांच में खुली साजिश तत्कालीन तहसीलदार एमआर गायकवाड़ ने मौके की जांच के दौरान पाया कि कमरे का दरवाजा बाहर से भी आसानी से बंद किया जा सकता था। इससे साफ हुआ कि घटना को आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की गई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि ममता की मौत फांसी से नहीं, बल्कि गला घोंटने और दम घुटने से हुई थी। शरीर पर कई चोटों के निशान भी मिले, जो संघर्ष और मारपीट की ओर इशारा कर रहे थे। पति की चुप्पी बनी सबसे बड़ा सबूत हाईकोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि घटना के समय घर में केवल पति और पत्नी मौजूद थे। ऐसे में पत्नी की मौत कैसे हुई, इसका संतोषजनक जवाब आरोपी पति नहीं दे सका। दहेज प्रताड़ना के भी आरोप ममता के पिता ने कोर्ट को बताया कि शादी के कुछ समय बाद से ही आरोपी पति उनकी बेटी को प्रताड़ित करने लगा था। वह वॉशिंग मशीन, हर महीने नकद पैसे और पढ़ाई के खर्च के नाम पर लगातार मांग करता था। देश-दुनिया और मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ की ऐसी ही महत्वपूर्ण खबरों के लिए विजिट करें www.deshharpal.com
Read more

सीहोर में बिजली तार चोरी करने वाला गिरोह पकड़ा, 5.80 लाख का सामान जब्त

सीहोर जिले की इछावर थाना पुलिस ने बिजली के तार चोरी करने वाले गिरोह का खुलासा करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी किए गए बिजली के तार और वारदात में इस्तेमाल की गई पिकअप गाड़ी जब्त की है। बरामद सामान की कुल कीमत करीब 5 लाख 80 हजार रुपए बताई जा रही है। 11 केवी लाइन के तार काटकर की थी चोरी मामला इछावर थाना क्षेत्र का है। इछावर निवासी विदुर दुबे ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी कि 16 और 17 मई की दरमियानी रात अज्ञात चोरों ने आर्या उपकेंद्र से निकलने वाली 11 केवी बिजली लाइन के तार काटकर चोरी कर लिए। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक सोनाक्षी सक्सेना ने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी के निर्देश दिए। विशेष टीम बनाकर शुरू की जांच अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुनीता रावत और एसडीओपी भेरूंदा रोशन कुमार जैन के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी पंकज वाडेकर के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। पुलिस टीम ने घटनास्थल के आसपास तकनीकी साक्ष्य जुटाए और साइबर सेल की मदद ली। मुखबिर तंत्र सक्रिय करने के बाद पुलिस ने कुछ संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ में कबूला जुर्म पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बिजली के तार चोरी करने की वारदात कबूल कर ली। इसके बाद उनकी निशानदेही पर चोरी का माल और वारदात में इस्तेमाल की गई गाड़ी बरामद की गई। चार आरोपी गिरफ्तार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान नजरूद्दीन (35), नूरुद्दीन उर्फ गुड्डू (26), जाहिद (20) निवासी सलेहपुर थाना अहमदपुर और इमरान (36) निवासी सांकल थाना अहमदपुर के रूप में हुई है। 5.80 लाख का सामान जब्त पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब 80 हजार रुपए कीमत के 19 गाले बिजली के तार और करीब 5 लाख रुपए कीमत की महिंद्रा पिकअप गाड़ी जब्त की है। फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है कि उन्होंने इससे पहले भी ऐसी वारदातों को अंजाम दिया है या नहीं। मामले की जांच जारी है। www.deshharpal.com पढ़ें देश-दुनिया और प्रदेश की ताजा खबरें।
Read more

सुनार नदी में मिला व्यक्ति का शव, दो दिन पुराना होने की आशंका

सागर जिले के गढ़ाकोटा नगर से गुजरने वाली सुनार नदी में बुधवार को एक व्यक्ति का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। नदी में शव दिखाई देने की सूचना मिलते ही मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलने पर गढ़ाकोटा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। जानकारी के अनुसार, बुधवार को स्थानीय लोगों ने सुनार नदी में एक शव को पानी में तैरते देखा। इसके बाद तुरंत पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से शव को नदी से बाहर निकलवाया। दो दिन पुराना हो सकता है शव पुलिस के मुताबिक शव की स्थिति को देखते हुए आशंका जताई जा रही है कि यह करीब दो दिन पुराना हो सकता है। प्रारंभिक जांच में मृतक की पहचान आधार कार्ड के आधार पर श्याम पटेल (42) निवासी ग्राम खमरिया, रहली के रूप में हुई है। पुलिस ने शुरू की जांच गढ़ाकोटा थाना प्रभारी शुभम दुबे ने बताया कि शव के पास मिले दस्तावेजों के आधार पर मृतक की पहचान की गई है। घटना की जानकारी परिजनों को दे दी गई है। पुलिस ने शव का पंचनामा बनाकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। फिलहाल मौत के कारणों का पता नहीं चल सका है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। www.deshharpal.com पर पढ़ें देश-दुनिया और प्रदेश की ताजा खबरें।
Read more

खंडवा में 4 जून को लगेगा रोजगार मेला, 5वीं पास से लेकर ग्रेजुएट युवाओं को मिलेगा नौकरी का मौका

खंडवा जिले के युवाओं के लिए रोजगार का शानदार अवसर सामने आया है। जिले में 4 जून को युवा संगम रोजगार, स्वरोजगार एवं अप्रेंटिसशिप मेले का आयोजन किया जाएगा। यह मेला शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था (आईटीआई), सिहाड़ा रोड, आनंद नगर में सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक आयोजित होगा। मेले में देश की कई प्रतिष्ठित कंपनियों के प्रतिनिधि मौजूद रहेंगे, जो तकनीकी और गैर-तकनीकी पदों पर भर्ती करेंगे। रोजगार मेले के जरिए युवाओं को निजी क्षेत्र में नौकरी और अप्रेंटिसशिप के अवसर मिलेंगे। 5वीं पास से लेकर स्नातकोत्तर तक कर सकेंगे आवेदन जिला रोजगार अधिकारी लक्ष्मण सिंह सिलोटे ने बताया कि मेले में 5वीं, 8वीं, 10वीं, 12वीं पास, आईटीआई, पॉलिटेक्निक डिप्लोमा, स्नातक और स्नातकोत्तर योग्यता रखने वाले अभ्यर्थी भाग ले सकते हैं। चयनित उम्मीदवारों को उनकी योग्यता और पद के अनुसार 8 हजार से 20 हजार रुपए प्रतिमाह तक वेतन दिया जाएगा। इसके साथ बोनस और अन्य सुविधाएं भी कंपनियों द्वारा उपलब्ध कराई जाएंगी। 18 से 35 वर्ष तक के युवा होंगे पात्र रोजगार मेले में शामिल होने के लिए आवेदकों की आयु 18 से 35 वर्ष के बीच होना जरूरी है। जिला रोजगार कार्यालय ने युवाओं से अधिक से अधिक संख्या में मेले में पहुंचकर इस अवसर का लाभ उठाने की अपील की है। ये दस्तावेज साथ लाना जरूरी मेले में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को अपने सभी मूल शैक्षणिक प्रमाण-पत्र, उनकी दो-दो फोटो कॉपियां, बायोडाटा या रिज्यूमे, आधार कार्ड या अन्य पहचान पत्र, रोजगार कार्यालय का जीवित पंजीयन कार्ड और पासपोर्ट साइज के तीन फोटो साथ लाना अनिवार्य होगा। अभ्यर्थियों को 4 जून को सुबह 10:30 बजे शासकीय आईटीआई, सिहाड़ा रोड, आनंद नगर, खंडवा पहुंचकर साक्षात्कार और चयन प्रक्रिया में शामिल होना होगा। युवाओं को मिलेगा करियर बनाने का मौका जिला रोजगार कार्यालय का कहना है कि यह मेला स्थानीय युवाओं को प्रतिष्ठित निजी कंपनियों से सीधे जुड़ने और अपने करियर को नई दिशा देने का बड़ा अवसर प्रदान करेगा। अधिक खबरों और अपडेट्स के लिए पढ़ते रहें www.deshharpal.com
Read more

मोहन यादव कैबिनेट के बड़े फैसले: अब आबादी जमीन की मिलेगी रजिस्ट्री, बच्चों को सिलाई की हुई यूनिफॉर्म देगी सरकार

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई मध्यप्रदेश कैबिनेट बैठक में कई बड़े और जनहित से जुड़े फैसले लिए गए। सरकार ने स्वामित्व योजना के तहत प्रदेश के लाखों परिवारों को उनकी आबादी वाली जमीन के रजिस्ट्रीकृत दस्तावेज देने का फैसला किया है। इसके साथ ही सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को अब तैयार सिलाई की हुई यूनिफॉर्म उपलब्ध कराई जाएगी। स्वामित्व योजना से लाखों परिवारों को फायदा एमएसएमई मंत्री चैतन्य काश्यप ने बताया कि स्वामित्व योजना के तहत ड्रोन और सैटेलाइट सर्वे के जरिए गांवों में आबादी क्षेत्र की संपत्तियों का चिह्नांकन किया गया था। पहले लोगों को केवल स्वामित्व पत्र दिए गए थे, लेकिन अब सरकार इन संपत्तियों की रजिस्ट्री कराकर पंजीकृत दस्तावेज भी देगी। प्रदेश के 55 जिलों में करीब 48.80 लाख निजी और लगभग 19 लाख सरकारी संपत्तियों को चिह्नित किया गया है। खास बात यह है कि रजिस्ट्री में लगने वाला पंचायत उपकर और पंजीयन शुल्क सरकार खुद वहन करेगी। इस पूरी प्रक्रिया पर लगभग 3800 करोड़ रुपए खर्च होने का अनुमान है। सरकार का कहना है कि पंजीकृत दस्तावेज मिलने के बाद लोगों को बैंक लोन सहित अन्य सरकारी सुविधाओं का लाभ आसानी से मिल सकेगा। मध्यप्रदेश ऐसा कदम उठाने वाला देश का पहला राज्य बनने जा रहा है। अब बच्चों को मिलेगी सिलाई की हुई यूनिफॉर्म कैबिनेट ने स्कूल शिक्षा विभाग के प्रस्ताव को मंजूरी देते हुए कक्षा 1 से 8वीं तक के विद्यार्थियों को तैयार यूनिफॉर्म देने का निर्णय लिया है। अब तक विद्यार्थियों के खातों में डीबीटी के जरिए 600 रुपए भेजे जाते थे, लेकिन लगातार मिल रही शिकायतों के बाद सरकार ने व्यवस्था बदलने का फैसला किया। नई व्यवस्था के तहत टेंडर प्रक्रिया से कपड़ा खरीदा जाएगा और बच्चों के लिए यूनिफॉर्म सिलवाकर सीधे उपलब्ध कराई जाएगी। गेहूं खरीदी और यूसीसी पर भी हुई चर्चा कैबिनेट बैठक में गेहूं खरीदी की समीक्षा भी की गई। सरकार ने दावा किया कि इस साल देश में सबसे ज्यादा गेहूं खरीदी मध्यप्रदेश में हुई है। इसके अलावा समान नागरिक संहिता (UCC) को लेकर भी चर्चा हुई। सरकार के अनुसार सुझाव लेने की प्रक्रिया 30 जुलाई तक पूरी कर ली जाएगी। गोरस एप लॉन्च, दूध उत्पादन में बढ़ोतरी मंत्री चैतन्य काश्यप ने बताया कि प्रदेश में दूध उत्पादन 9 लाख लीटर प्रतिदिन से बढ़कर 11 लाख लीटर प्रतिदिन तक पहुंच गया है। पशुपालकों को मौसम, पशु आहार और पशुओं की देखभाल से जुड़ी जानकारी देने के लिए “गोरस” मोबाइल एप भी लॉन्च किया गया है। पीएम सूर्यघर योजना में 4 लाख घरों तक पहुंचा सोलर सिस्टम सरकार ने बताया कि पीएम सूर्यघर योजना के तहत अब तक 4 लाख घरों में रूफटॉप सोलर सिस्टम लगाए जा चुके हैं। लक्ष्य इसे बढ़ाकर 6 लाख घरों तक पहुंचाने का है। वहीं जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत 2 लाख से ज्यादा जल संरचनाओं पर काम किया जा चुका है। किसानों की मिट्टी परिवहन समस्या का मुद्दा उठा कैबिनेट बैठक के दौरान राजस्व मंत्री करण सिंह वर्मा ने किसानों और ग्रामीणों की एक बड़ी समस्या भी उठाई। उन्होंने कहा कि तालाबों और खेतों से निकाली जाने वाली मिट्टी के परिवहन में खनिज विभाग और प्रशासन कई बार रोक लगा देता है, जिससे किसानों को परेशानी होती है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण अपने संसाधनों से तालाबों का गहरीकरण करते हैं, जिससे जल संरक्षण को बढ़ावा मिलता है। ऐसे में मिट्टी को खेतों तक ले जाने पर रोक लगाना उचित नहीं है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मामले को गंभीरता से लेते हुए अधिकारियों को व्यावहारिक समाधान तैयार करने के निर्देश दिए हैं, ताकि किसानों को अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े। अधिक खबरों और अपडेट्स के लिए पढ़ते रहें www.deshharpal.com
Read more
1 13 14 15 16 17 57

Editor's Picks

अक्षर पटेल का ऑलराउंड शो, शुभमन गिल की कप्तानी पारी; भारत ने इंग्लैंड को 6 विकेट से हराकर पहला वनडे जीता

बर्मिंघम। ऑलराउंडर अक्षर पटेल के शानदार प्रदर्शन और कप्तान शुभमन गिल की बेहतरीन बल्लेबाजी की बदौलत भारत ने इंग्लैंड को पहले वनडे मुकाबले में 6 विकेट से हराकर सीरीज में विजयी शुरुआत की। एजबेस्टन मैदान पर खेले गए मैच में भारत ने 259 रन के लक्ष्य को 45.2 ओवर में 4 विकेट के नुकसान पर 262 रन बनाकर हासिल कर लिया। अक्षर पटेल ने नाबाद 57 रन बनाए, जबकि वॉशिंगटन सुंदर ने भी नाबाद 52 रन की महत्वपूर्ण पारी खेलकर टीम को जीत तक पहुंचाया। कप्तान शुभमन गिल ने 80 रन बनाए, लेकिन मैच के दौरान क्रैम्प्स की समस्या के कारण उन्हें रिटायर्ड हर्ट होकर मैदान छोड़ना पड़ा। शुरुआती झटकों के बाद गिल ने संभाली पारी लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही। रोहित शर्मा 11 रन और विराट कोहली 5 रन बनाकर जल्दी आउट हो गए। इसके बाद कप्तान शुभमन गिल और श्रेयस अय्यर ने तीसरे विकेट के लिए 101 रन की महत्वपूर्ण साझेदारी कर टीम की पारी को संभाला। श्रेयस 35 रन बनाकर रनआउट हुए, जबकि केएल राहुल बोल्ड होकर पवेलियन लौट गए। इसके बाद अक्षर पटेल और वॉशिंगटन सुंदर ने जिम्मेदारी संभालते हुए पांचवें विकेट के लिए 102 रन की अविजित साझेदारी की और भारत को शानदार जीत दिलाई। जो रूट और लियाम डॉसन ने इंग्लैंड को संभाला इससे पहले टॉस जीतकर बल्लेबाजी करने उतरी इंग्लैंड की टीम ने 47.5 ओवर में 258 रन बनाए। इंग्लैंड की शुरुआत मजबूत रही और टीम ने 61 रन तक कोई विकेट नहीं गंवाया, लेकिन इसके बाद भारतीय गेंदबाजों ने जोरदार वापसी करते हुए महज 19 रन के भीतर 5 विकेट झटक दिए। मध्यक्रम में जो रूट ने 76 रन और लियाम डॉसन ने 68 रन की अहम पारी खेली। दोनों बल्लेबाजों ने छठे विकेट के लिए 121 रन की साझेदारी कर टीम को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया। अक्षर पटेल ने गेंद और बल्ले दोनों से निभाई अहम भूमिका भारतीय गेंदबाजों में अक्षर पटेल सबसे सफल रहे। उन्होंने शानदार गेंदबाजी करते हुए 4 विकेट अपने नाम किए। वहीं प्रसिद्ध कृष्णा और गुरनूर बरार ने 2-2 विकेट हासिल किए। जसप्रीत बुमराह और शिवम दुबे को एक-एक सफलता मिली। गेंद और बल्ले दोनों से बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले अक्षर पटेल ने टीम इंडिया की जीत में सबसे अहम भूमिका निभाई और भारत ने सीरीज की शानदार शुरुआत की। क्रिकेट और खेल जगत की ताजा खबरों के लिए विजिट करें:deshharpal.com

CAG रिपोर्ट में जल जीवन मिशन की पोल: छत्तीसगढ़ में 33% नल कनेक्शन गैर-कार्यशील, ‘हर घर जल’ लक्ष्य भी अधूरा

रायपुर। भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG) ने छत्तीसगढ़ में जल जीवन मिशन (JJM) के क्रियान्वयन को लेकर कई गंभीर खामियों का खुलासा किया है। रिपोर्ट के अनुसार कमजोर योजना, धीमा क्रियान्वयन, निगरानी की कमी और गलत रिपोर्टिंग के कारण ग्रामीण पेयजल योजनाओं की प्रभावशीलता और दीर्घकालिक स्थिरता प्रभावित हुई है। मार्च 2024 तक की अवधि पर आधारित ‘छत्तीसगढ़ में जल जीवन मिशन का प्रदर्शन ऑडिट’ रिपोर्ट मंगलवार को वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने विधानसभा में पेश की। रिपोर्ट सामने आने के बाद राज्य सरकार ने इसके लिए पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार को जिम्मेदार ठहराया, जबकि उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने दावा किया कि भाजपा सरकार बनने के बाद मिशन के कार्यों में तेजी आई है। योजना निर्माण में गंभीर खामियां CAG की रिपोर्ट के मुताबिक जल जीवन मिशन के लिए निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया। कई स्थानों पर गांव स्तर की कार्ययोजना तैयार किए बिना ही जिला स्तरीय योजनाएं बना दी गईं, जबकि राज्य स्तरीय कार्ययोजना तैयार ही नहीं की गई। रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि राज्य स्तर पर जल सुरक्षा योजना नहीं बनाई गई, जिससे जल स्रोतों की दीर्घकालिक उपलब्धता और योजनाओं के रखरखाव की स्पष्ट रणनीति विकसित नहीं हो सकी। 33 प्रतिशत नल कनेक्शन निकले गैर-कार्यशील रिपोर्ट के अनुसार मार्च 2025 तक 50 लाख ग्रामीण परिवारों को नल जल कनेक्शन देने का लक्ष्य रखा गया था। जनवरी 2025 तक 40.10 लाख फंक्शनल हाउसहोल्ड टैप कनेक्शन (FHTC) लगाए गए। हालांकि, इनमें से 13.31 लाख (करीब 33%) कनेक्शन गैर-कार्यशील पाए गए। इसके पीछे सूख चुके जल स्रोत, अधूरी ओवरहेड टंकियां, बिजली कनेक्शन का अभाव और सोलर पंप स्थापित नहीं होना प्रमुख कारण बताए गए हैं। ‘हर घर जल’ लक्ष्य भी अधूरा राज्य के 19,656 गांवों को मार्च 2024 तक ‘हर घर जल’ प्रमाणित किया जाना था, लेकिन केवल 716 गांव (3.64 प्रतिशत) ही इस लक्ष्य तक पहुंच सके। ऑडिट में ऐसे मामले भी सामने आए, जहां अधूरे कार्यों के बावजूद गांवों को ‘हर घर जल’ प्रमाणित कर दिया गया। किसी भी जिले में 100% कवरेज नहीं मार्च 2024 तक राज्य के 33 में से किसी भी जिले और 146 में से किसी भी विकासखंड में 100 प्रतिशत नल जल कवरेज नहीं था। योजनाओं की प्रगति बेहद धीमी रिपोर्ट के अनुसार जल जीवन मिशन के तहत स्वीकृत 29,153 सिंगल विलेज स्कीम में से मार्च 2024 तक केवल 172 योजनाएं पूरी हो सकीं। इनमें भी सिर्फ 32 ग्राम पंचायतों को योजनाओं का संचालन सौंपा गया। वहीं, स्वीकृत 70 मल्टी विलेज स्कीम में से मार्च 2025 तक एक भी योजना पूरी नहीं हो सकी, जिससे करीब 9.85 लाख घरों तक सतही जल स्रोतों से पेयजल पहुंचाने का लक्ष्य प्रभावित हुआ। सोलर आधारित योजनाओं में भी अनियमितताएं CAG ने पाया कि कई सोलर आधारित पेयजल योजनाओं में निर्धारित क्षमता से अधिक नल कनेक्शन जोड़ दिए गए। इसके कारण 28,984 परिवारों को निर्धारित मानकों के अनुसार पानी उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। वित्तीय और गुणवत्ता संबंधी कमियां रिपोर्ट में कहा गया है कि राज्य सरकार केंद्र और राज्यांश मिलाकर 6,480.04 करोड़ रुपये की आवश्यक वित्तीय व्यवस्था सुनिश्चित करने में विफल रही। साथ ही मनरेगा, स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण), जिला खनिज न्यास (DMF), सांसद निधि और CSR जैसी योजनाओं के संसाधनों के समन्वय के लिए भी कोई प्रभावी रणनीति नहीं बनाई गई। जल गुणवत्ता जांच की व्यवस्था कमजोर राज्य की 75 जल परीक्षण प्रयोगशालाओं में से केवल 4 प्रयोगशालाएं ही सभी 13 निर्धारित जल गुणवत्ता मानकों की जांच करने में सक्षम पाई गईं। इसके अलावा 37 प्रतिशत प्रयोगशालाओं को NABL की मान्यता प्राप्त नहीं थी। रिपोर्ट में स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में भी निर्धारित मानकों के अनुसार जल गुणवत्ता जांच नहीं होने की बात कही गई है। CAG की प्रमुख सिफारिशें रिपोर्ट में सरकार को कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए गए हैं, जिनमें शामिल हैं— सरकार ने पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार को ठहराया जिम्मेदार CAG रिपोर्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि दिसंबर 2023 में भाजपा सरकार बनने के बाद जल जीवन मिशन के कार्यों में तेजी आई है। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछली कांग्रेस सरकार मिशन को खराब स्थिति में छोड़कर गई थी, जिसके कारण परियोजनाएं समय पर पूरी नहीं हो सकीं। उन्होंने यह भी बताया कि केंद्र सरकार ने जल जीवन मिशन की समय-सीमा 2024 से बढ़ाकर 2028 तक कर दी है। मार्च 2026 में स्वीकृत मिशन के दूसरे चरण को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा, ताकि प्रत्येक ग्रामीण परिवार तक सुरक्षित और स्वच्छ पेयजल पहुंचाया जा सके।

रायपुर में 16 जुलाई को निकलेगी भगवान जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा, राज्यपाल और मुख्यमंत्री निभाएंगे ‘छेरा पहरा’ की परंपरा

रायपुर। राजधानी रायपुर के गायत्री नगर स्थित श्री जगन्नाथ मंदिर में भगवान जगन्नाथ की विश्वविख्यात रथयात्रा 16 जुलाई को धार्मिक आस्था, वैदिक परंपराओं और भव्य आयोजन के साथ निकाली जाएगी। वहीं बाहुड़ा यात्रा 24 जुलाई को आयोजित होगी। मंदिर परिसर में सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और भगवान जगन्नाथ, बलभद्र तथा माता सुभद्रा के तीनों रथों को आकर्षक ढंग से सजाया गया है। रथयात्रा से पहले 14 जुलाई की शाम 6 बजे भगवान का नेत्रोत्सव आयोजित किया जाएगा। यह पर्व धार्मिक आस्था के साथ-साथ छत्तीसगढ़ और ओडिशा की सांस्कृतिक एकता, भाईचारे और सनातन परंपरा का भी प्रतीक माना जाता है। भक्त और भगवान के मिलन का महापर्व श्री जगन्नाथ मंदिर सेवा समिति के संस्थापक अध्यक्ष एवं विधायक पुरंदर मिश्रा ने बताया कि रथयात्रा भक्तों और भगवान के प्रत्यक्ष मिलन का महापर्व है। वर्ष में केवल इसी अवसर पर भगवान जगन्नाथ अपने बड़े भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा के साथ मंदिर से बाहर निकलकर श्रद्धालुओं को दर्शन देते हैं। 11 वैदिक पंडित कराएंगे विशेष पूजन रथयात्रा के दिन सुबह 11 वैदिक पंडितों के सान्निध्य में भगवान का विशेष अभिषेक, पूजन और हवन कराया जाएगा। चंदन, केसर, कस्तूरी, कपूर सहित विभिन्न सुगंधित द्रव्यों से भगवान का दिव्य स्नान कराया जाएगा। इसके बाद भगवान को गजामूंग महाप्रसाद अर्पित किया जाएगा। वैदिक मंत्रोच्चार, शंखनाद और मंगल वाद्यों की गूंज के बीच भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और माता सुभद्रा अपने-अपने रथों पर विराजमान होकर नगर भ्रमण के लिए प्रस्थान करेंगे। राज्यपाल और मुख्यमंत्री निभाएंगे ‘छेरा पहरा’ की परंपरा रथयात्रा की सबसे प्रमुख परंपराओं में शामिल ‘छेरा पहरा’ का निर्वहन इस वर्ष भी किया जाएगा। परंपरा के अनुसार राज्यपाल रमेन डेका और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय भगवान के रथ के आगे सोने की झाड़ू से मार्ग की प्रतीकात्मक सफाई करेंगे। यह परंपरा सेवा, समर्पण और विनम्रता का संदेश देती है। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, जनप्रतिनिधि, संत-महात्मा, सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है। भजन, झांकियों और लोकनृत्य से गूंजेगा शहर रथयात्रा के दौरान महिला मंडलों द्वारा भजन-कीर्तन, आकर्षक सांस्कृतिक झांकियां और पारंपरिक लोकनृत्य प्रस्तुत किए जाएंगे। “जय जगन्नाथ” के जयघोष के साथ मंदिर परिसर और आसपास का क्षेत्र पूरी तरह भक्तिमय वातावरण में सराबोर रहेगा। श्रद्धालुओं से की गई विशेष अपील श्री जगन्नाथ मंदिर सेवा समिति ने प्रदेशभर के श्रद्धालुओं से सपरिवार रथयात्रा में शामिल होकर भगवान जगन्नाथ का आशीर्वाद प्राप्त करने और सनातन संस्कृति की इस गौरवशाली परंपरा का हिस्सा बनने की अपील की है। रायपुर और छत्तीसगढ़ की धार्मिक, सांस्कृतिक और ताजा खबरों के लिए विजिट करें:deshharpal.com

CBSE की थ्री-लैंग्वेज पॉलिसी पर रोक से सुप्रीम कोर्ट का इनकार, सरकार और बोर्ड से 10 दिन में मांगा जवाब

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) की नई थ्री-लैंग्वेज पॉलिसी पर अंतरिम रोक लगाने से इनकार कर दिया। अदालत ने सुनवाई के दौरान कहा कि “कोई भी भाषा सीखना कभी बेकार नहीं जाता।” हालांकि, नीति को लागू करने में सामने आ रही व्यावहारिक चुनौतियों को देखते हुए कोर्ट ने केंद्र सरकार, CBSE और संबंधित पक्षों से 10 दिन के भीतर जवाब दाखिल करने को कहा है। मामले की अगली सुनवाई 29 जुलाई को होगी। यह नीति शैक्षणिक सत्र 2026-27 से लागू की गई है। इसके तहत छात्रों को दो भारतीय भाषाएं और एक विदेशी भाषा पढ़नी होगी। इससे कई छात्रों को पहले से पढ़ी जा रही भाषाओं में बदलाव करना पड़ सकता है। क्या है विवाद? याचिकाकर्ताओं का कहना है कि CBSE ने पर्याप्त तैयारी के बिना नई भाषा नीति लागू कर दी है। उनके मुताबिक कई स्कूलों में संबंधित भाषाओं के शिक्षक, पाठ्यपुस्तकें और आवश्यक शैक्षणिक संसाधन उपलब्ध नहीं हैं, जिससे छात्रों और शिक्षकों दोनों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है। थ्री-लैंग्वेज पॉलिसी से जुड़े अहम सवाल और जवाब 1. मामला क्या है? सुप्रीम कोर्ट में CBSE के उस नियम को चुनौती दी गई है, जिसके तहत 1 जुलाई 2026 से कक्षा 9 के विद्यार्थियों के लिए तीन भाषाएं पढ़ना अनिवार्य किया गया है। इनमें कम-से-कम दो भारतीय भाषाएं होना जरूरी है। हालांकि, CBSE ने 6 जून को संशोधित दिशा-निर्देश जारी करते हुए स्पष्ट किया था कि इस वर्ष कक्षा 10 के छात्रों को तीसरी भाषा (R3) की बोर्ड परीक्षा नहीं देनी होगी। 2. नए नियम में क्या बदलाव हुआ है? पहले कई छात्र अंग्रेजी के साथ एक भारतीय और एक विदेशी भाषा (जैसे फ्रेंच या जर्मन) पढ़ते थे। नए नियम के अनुसार अब तीन भाषाओं में से कम-से-कम दो भारतीय भाषाएं होना अनिवार्य है। विदेशी भाषा तीसरी या अतिरिक्त चौथी भाषा के रूप में ही चुनी जा सकेगी। 3. याचिका किसने दायर की? यह याचिका छात्र यशिका भंडारी, अमनदीप कौर और अर्पण रॉय चौधरी की ओर से दायर की गई है। उनकी ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता आनंद ग्रोवर, मुकुल रोहतगी और गोपाल शंकरनारायणन ने पैरवी की। मामले की सुनवाई मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्य बागची और जस्टिस वी. मोहना की पीठ ने की। 4. याचिकाकर्ताओं की मुख्य आपत्ति क्या है? याचिकाकर्ताओं का कहना है कि नई व्यवस्था अचानक लागू कर दी गई। कई भारतीय भाषाओं की किताबें उपलब्ध नहीं हैं और अधिकांश स्कूलों में प्रशिक्षित शिक्षक भी नहीं हैं। ऐसे में छात्रों और स्कूलों पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा। 5. किताबों को लेकर क्या दलील दी गई? सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ताओं के वकीलों ने कहा कि 22 भारतीय भाषाओं में से फिलहाल केवल तीन भाषाओं की पाठ्यपुस्तकें उपलब्ध हैं। ऐसे में बाकी भाषाओं की पढ़ाई शुरू करना व्यवहारिक रूप से कठिन होगा। 6. शिक्षकों की कमी पर क्या कहा गया? याचिकाकर्ताओं ने दलील दी कि नई भारतीय भाषाएं पढ़ाने के लिए प्रशिक्षित शिक्षकों की आवश्यकता होगी, लेकिन इतने कम समय में पर्याप्त शिक्षकों की नियुक्ति और प्रशिक्षण संभव नहीं है। 7. क्या विदेशी भाषाएं बंद हो जाएंगी? नहीं। छात्र फ्रेंच, जर्मन, जापानी जैसी विदेशी भाषाएं पढ़ सकते हैं, लेकिन इसके साथ उन्हें दो भारतीय भाषाएं भी पढ़नी होंगी। विदेशी भाषा तीसरी या अतिरिक्त चौथी भाषा के रूप में होगी। 8. क्या तीसरी भाषा की बोर्ड परीक्षा होगी? नहीं। CBSE ने स्पष्ट किया है कि कक्षा 10 की बोर्ड परीक्षा में तीसरी भाषा (R3) का अलग बोर्ड एग्जाम नहीं होगा, ताकि छात्रों पर अतिरिक्त परीक्षा का दबाव न बढ़े। 9. अब आगे क्या होगा? सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के अनुसार केंद्र सरकार, CBSE और NCERT अपना जवाब दाखिल करेंगे। इसके बाद 29 जुलाई को अदालत इस मामले में आगे की सुनवाई करेगी। नई शिक्षा नीति 2020 क्या है? भारत सरकार ने 29 जुलाई 2020 को नई शिक्षा नीति (NEP 2020) को मंजूरी दी थी। यह 34 वर्षों बाद देश की शिक्षा व्यवस्था में किया गया सबसे बड़ा बदलाव माना जाता है। इससे पहले शिक्षा नीति 1986 में लागू हुई थी, जिसे 1992 में संशोधित किया गया था। नई शिक्षा नीति का उद्देश्य शिक्षा प्रणाली को 21वीं सदी की आवश्यकताओं के अनुरूप बनाना, छात्रों में व्यावहारिक ज्ञान और कौशल विकसित करना है। केंद्र सरकार ने इसे चरणबद्ध तरीके से 2030 तक लागू करने का लक्ष्य रखा है। चूंकि शिक्षा संविधान की समवर्ती सूची का विषय है, इसलिए इसे लागू करने में केंद्र और राज्य सरकारों दोनों की भूमिका होती है। देश, शिक्षा और करियर से जुड़ी ताजा खबरों के लिए विजिट करें:deshharpal.com

बिलासपुर: CM हेल्पलाइन शिकायतों के खराब निराकरण पर PHE के ईई को नोटिस, कलेक्टर ने अधिकारियों को लगाई फटकार

बिलासपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल पर संचालित सीएम हेल्पलाइन में प्राप्त शिकायतों के निराकरण की समीक्षा बैठक में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (PHE) विभाग का प्रदर्शन संतोषजनक नहीं मिलने पर कलेक्टर संजय अग्रवाल ने कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने पीएचई विभाग के कार्यपालन अभियंता (ईई) रूपेश कुमार धनंजय को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। टीएल (समय-सीमा) बैठक में कलेक्टर ने सभी विभागों के अधिकारियों से कहा कि शिकायतों का केवल औपचारिक निपटारा करने के बजाय उनका गुणवत्तापूर्ण और संतोषजनक समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने समय-सीमा का पालन करने और लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी भी दी। एकल शिक्षकीय स्कूलों में जल्द होंगे अतिथि शिक्षकों की नियुक्ति शिक्षा विभाग की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने एकल शिक्षकीय स्कूलों में तत्काल अतिथि शिक्षक नियुक्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आवश्यकता पड़ने पर सेवानिवृत्त शिक्षकों की सेवाएं भी ली जाएं, ताकि विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित न हो। जर्जर स्कूल भवनों में नहीं लगेंगी कक्षाएं कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जर्जर भवनों में किसी भी स्थिति में कक्षाएं संचालित नहीं की जाएं। ऐसे विद्यालयों के लिए वैकल्पिक भवन की व्यवस्था करने और नए भवन या अतिरिक्त कक्षों के निर्माण के प्रस्ताव शीघ्र भेजने को कहा गया। स्वास्थ्य विभाग को भी लगाई फटकार जिला खनिज न्यास (DMF) से जुड़े कार्यों की समीक्षा के दौरान स्वास्थ्य विभाग द्वारा प्रस्ताव प्रस्तुत नहीं किए जाने पर कलेक्टर ने नाराजगी जताई। उन्होंने निर्देश दिए कि स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने के लिए डीएमएफ की राशि का प्रभावी और समयबद्ध उपयोग सुनिश्चित किया जाए। बैठक में दिए गए प्रमुख निर्देश कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा कि शासन की योजनाओं और जनहित से जुड़े कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी विभाग समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करें। बिलासपुर और छत्तीसगढ़ की ताजा खबरों के लिए विजिट करें:deshharpal.com

About Me

देशहरपल सिर्फ खबरों का मंच नहीं, बल्कि आपकी आवाज़ को सामने लाने का एक सशक्त माध्यम भी है। यहां आपको ताज़ातरीन खबरों के साथ-साथ नौकरी, शिक्षा, और नए भारत की बदलती आर्थिक तस्वीर पर उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी मिलेगी।

Phone: +91 9406783569, +91 755 484 8829
Email: support@deshharpal.com
Address : A-23 Sakshi Bunglow Trilanga Near Aura Mall Bhopal M.P

Recent Posts

  • All Post
  • Breaking News
  • Education
  • More News
  • Web Story
  • एंटरटेनमेंट
  • देश-हरपल
  • धर्म-कर्म
  • प्रदेश
  • बिज़नेस
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • वीडियो
  • स्पोर्ट्स
    •   Back
    • एक्सक्लूसिव
    • Editorial
    •   Back
    • IPL 2026
    • T20 वर्ल्ड कप
    • FIFA 2026
    •   Back
    • सोच-विचार
    • हेल्थ
    • ट्रैवल
    • कल्चर
    • एनवायरनमेंट
    • Impact Feature
    •   Back
    • राशिफल
    • पंचांग
    • पर्व-त्यौहार
    • पूजा-पाठ
    • चैत्र नवरात्रि 2025
    •   Back
    • मध्य प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    •   Back
    • टीवी
    • वेब-सीरीज
    • फिल्म रिव्यू
    • बॉलीवुड
    •   Back
    • लाइफस्टाइल
    •   Back
    • स्टॉक-मार्केट

© 2023 Deshharpal. All Rights Reserved.