आपका चैनल --
ताज़ा खबर
BREAKINGदेश-हरपलNEET Exam Controversy: पेपर लीक मामले पर Maharashtra में Tiranga YatraBREAKINGदेश-हरपलMonsoon Alert Gujarat में बारिश बनी आफत, Assam Flood से 19 की मौत; कई राज्यों में WarningBREAKINGस्पोर्ट्सIndia First Medal in Commonwealth Games 2026: झंडू कुमार का कमाल, Boxing में जादुमणि की जीतBREAKINGदेश-हरपलCJP Protest अभिजीत दीपके को Typhoid, Jantar Mantar पर बढ़ी Security; आज सरकार देगी जवाबBREAKINGमध्य प्रदेशग्वालियर: साइबर ठगी के पैसों से खरीदा 50 ग्राम का सोने का सिक्का, ज्वेलर्स का बैंक खाता हुआ फ्रीजBREAKINGप्रदेशभरतपुर: REET में पास कराने के नाम पर लिए 5 लाख, पैसे वापस मांगने पर ठेकेदार की हत्या; 14 महीने बाद हुआ खुलासाBREAKINGस्पोर्ट्सग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स: पैरा पावरलिफ्टिंग में भारत पदक से चूका, स्विमिंग और बॉक्सिंग में बढ़ीं उम्मीदेंBREAKINGदेश-हरपलGold Price Today: सोना ₹824 सस्ता, चांदी में मामूली तेजी; जानें आज के ताजा भावBREAKINGदेश-हरपलNEET Exam Controversy: पेपर लीक मामले पर Maharashtra में Tiranga YatraBREAKINGदेश-हरपलMonsoon Alert Gujarat में बारिश बनी आफत, Assam Flood से 19 की मौत; कई राज्यों में WarningBREAKINGस्पोर्ट्सIndia First Medal in Commonwealth Games 2026: झंडू कुमार का कमाल, Boxing में जादुमणि की जीतBREAKINGदेश-हरपलCJP Protest अभिजीत दीपके को Typhoid, Jantar Mantar पर बढ़ी Security; आज सरकार देगी जवाबBREAKINGमध्य प्रदेशग्वालियर: साइबर ठगी के पैसों से खरीदा 50 ग्राम का सोने का सिक्का, ज्वेलर्स का बैंक खाता हुआ फ्रीजBREAKINGप्रदेशभरतपुर: REET में पास कराने के नाम पर लिए 5 लाख, पैसे वापस मांगने पर ठेकेदार की हत्या; 14 महीने बाद हुआ खुलासाBREAKINGस्पोर्ट्सग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स: पैरा पावरलिफ्टिंग में भारत पदक से चूका, स्विमिंग और बॉक्सिंग में बढ़ीं उम्मीदेंBREAKINGदेश-हरपलGold Price Today: सोना ₹824 सस्ता, चांदी में मामूली तेजी; जानें आज के ताजा भाव

Latest Posts

Delhi Seemapuri Crime: लड़की पर Knife Attack करने वाला युवक कुछ घंटों बाद जली हालत में मिला मृत, जांच में बड़ा खुलासा

Delhi Seemapuri Crime: लड़की पर Knife Attack करने वाला युवक कुछ घंटों बाद जली हालत में मिला मृत, जांच में बड़ा खुलासा

Delhi के Seemapuri इलाके से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया। एक युवती पर बेरहमी से चाकू से हमला करने वाला युवक कुछ ही घंटों बाद संदिग्ध हालात में जली हुई अवस्था में मृत पाया गया। क्या है पूरा मामला? जानकारी के मुताबिक, सीमापुरी में एक युवक ने दिनदहाड़े एक लड़की पर चाकू से हमला कर दिया। इस हमले में युवती गंभीर रूप से घायल हो गई और उसे तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया, जिससे इलाके में दहशत का माहौल बन गया। कुछ घंटों बाद मिला शव हैरानी की बात यह है कि हमले के कुछ ही घंटों बाद उसी युवक का शव जली हुई हालत में मिला। पुलिस को सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की गई। प्रारंभिक जांच में यह मामला और भी रहस्यमय बन गया है, क्योंकि हमलावर की मौत ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। जांच में सामने आया कनेक्शन पुलिस सूत्रों के अनुसार, युवक और युवती एक-दूसरे को पहले से जानते थे। दोनों के बीच किसी बात को लेकर विवाद होने की आशंका जताई जा रही है। फिलहाल पुलिस हर एंगल से मामले की जांच कर रही है। इलाके में डर और चर्चा इस पूरी घटना के बाद सीमापुरी इलाके में डर और तनाव का माहौल है। लोग इस बात से हैरान हैं कि कुछ ही घंटों में मामला इतनी बड़ी घटना में बदल गया। पुलिस क्या कर रही है? दिल्ली पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज कर दी है। आसपास के CCTV फुटेज खंगाले जा रहे हैं और गवाहों से पूछताछ की जा रही है, ताकि सच्चाई सामने लाई जा सके।
Read more
Pakistan

Pakistan में महंगाई का विस्फोट Iran Conflict से Gas, Petrol और राशन महंगा

ईरान से जुड़े युद्ध तनाव का असर अब Pakistan की अर्थव्यवस्था और आम लोगों की जिंदगी पर साफ दिखाई देने लगा है। तेल सप्लाई चेन में रुकावट और अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उछाल के बाद पाकिस्तान में पेट्रोल, डीजल, LPG, आटा, दाल और सब्जियों के दाम तेजी से बढ़ गए हैं। हालात ऐसे हो गए हैं कि आम परिवारों का मासिक बजट पूरी तरह बिगड़ चुका है। पेट्रोल-डीजल ने बढ़ाई हर चीज की कीमत सरकारी स्तर पर ईंधन की नई कीमतों के बाद petrol 458.40 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर और diesel 520.35 रुपये प्रति लीटर तक पहुंच गया है। इसका सीधा असर ट्रांसपोर्ट और माल ढुलाई पर पड़ा है, जिससे बाजार में रोजमर्रा की लगभग हर चीज महंगी हो गई है। छोटे व्यापारियों से लेकर रिक्शा चालकों तक, हर वर्ग इस बढ़ोतरी का असर महसूस कर रहा है। LPG 3500 और आटा 2000 ने बिगाड़ा घर का बजट सबसे ज्यादा मार घर की रसोई पर पड़ी है। कई इलाकों में LPG cylinder 3500 रुपये तक पहुंच गया है, जबकि 20 किलो आटा करीब 2000 रुपये में बिक रहा है। दाल, प्याज और टमाटर जैसी जरूरी चीजों के दाम भी तेजी से बढ़े हैं। कई परिवारों ने गैस बचाने के लिए खाना पकाने का समय कम कर दिया है, जबकि कुछ घरों में अब एक बार ही खाना बन रहा है। दवाइयों से सब्जियों तक हर चीज महंगी इस संकट का असर सिर्फ खाने-पीने तक सीमित नहीं है। दवाइयों और मेडिकल सप्लाई की कीमतों में भी उछाल देखा जा रहा है, क्योंकि आयात लागत बढ़ने और डॉलर के मजबूत होने से पाकिस्तान की सप्लाई चेन पर अतिरिक्त दबाव बना है। अस्पतालों और मेडिकल स्टोर्स में भी इसका असर दिखने लगा है। विदेशी मुद्रा संकट ने बढ़ाई मुश्किल आर्थिक जानकारों का मानना है कि अगर Middle East में तनाव जल्दी कम नहीं हुआ तो पाकिस्तान में inflation और गंभीर हो सकती है। देश पहले से ही कमजोर विदेशी मुद्रा भंडार, आयात पर निर्भर ऊर्जा व्यवस्था और बढ़ते टैक्स दबाव से जूझ रहा है। ऐसे में यह संकट आम जनता के लिए आने वाले दिनों में और मुश्किलें बढ़ा सकता है। आम आदमी की थाली और जेब पर सबसे बड़ा असर फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि पाकिस्तान की आम जनता बढ़ती कीमतों के बीच रसोई कैसे चलाए और सफर का खर्च कैसे उठाए। जंग भले सीमाओं से दूर हो, लेकिन उसका सबसे गहरा असर आम आदमी की जेब और थाली पर दिखाई दे रहा है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
IRAN तनाव के बीच अमेरिका में बड़ा एक्शन: 3 आर्मी अफसर हटाए, ट्रम्प का बयान चर्चा में

IRAN तनाव के बीच अमेरिका में बड़ा एक्शन: 3 आर्मी अफसर हटाए, ट्रम्प का बयान चर्चा में

अमेरिका और IRAN के बीच बढ़ते तनाव के बीच एक बड़ा फैसला सामने आया है। अमेरिका ने अपने 3 आर्मी अफसरों को पद से हटा दिया है। यह कदम ऐसे समय में उठाया गया है जब दोनों देशों के रिश्ते काफी तनावपूर्ण बने हुए हैं। इस पूरे घटनाक्रम के बीच पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प का बयान भी चर्चा में है। ट्रम्प ने कहा कि अगर ईरान के साथ कोई डील नहीं हो पाती है, तो इसके लिए उपराष्ट्रपति जिम्मेदार होंगे। वहीं, अगर समझौता हो जाता है, तो उसका श्रेय उन्हें दिया जाना चाहिए। जंग जैसे हालात में सख्त फैसले अमेरिका द्वारा आर्मी अफसरों को हटाने को एक सख्त और रणनीतिक कदम माना जा रहा है। माना जा रहा है कि सरकार अपनी सैन्य और कूटनीतिक रणनीति को और मजबूत करने की कोशिश कर रही है। वहीं ईरान के साथ बातचीत को लेकर भी स्थिति साफ नहीं है। दोनों देशों के बीच लंबे समय से तनाव बना हुआ है और हालात किसी भी समय और बिगड़ सकते हैं। ट्रम्प के बयान से सियासी हलचल ट्रम्प के बयान ने अमेरिकी राजनीति में भी हलचल मचा दी है। उनके इस बयान को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। कुछ लोग इसे जिम्मेदारी से बचने की कोशिश मान रहे हैं, तो कुछ इसे उनकी राजनीतिक रणनीति बता रहे हैं। आम लोगों में बढ़ी चिंता जंग जैसे हालात और लगातार बढ़ते तनाव से आम लोगों की चिंता भी बढ़ गई है। सभी की नजर अब इस बात पर टिकी है कि क्या अमेरिका और ईरान के बीच कोई समझौता हो पाएगा या हालात और गंभीर होंगे। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Oracle Layoffs: AI में भारी निवेश के चलते कंपनी में बड़ी छंटनी, 6 महीने में बदली तस्वीर

Oracle Layoffs: AI में भारी निवेश के चलते कंपनी में बड़ी छंटनी, 6 महीने में बदली तस्वीर

टेक्नोलॉजी की दुनिया में एक बार फिर बड़ी खबर सामने आई है। Oracle ने हाल ही में बड़ी संख्या में कर्मचारियों की छंटनी (layoffs) की है, जिससे इंडस्ट्री में हलचल मच गई है। कंपनी की ओर से कहा जा रहा है कि यह फैसला Artificial Intelligence में भारी निवेश के कारण लिया गया है। Oracle इन दिनों बड़े-बड़े डेटा सेंटर प्रोजेक्ट्स पर तेजी से काम कर रही है, जिन पर खर्च लगातार बढ़ता जा रहा है। लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं होती… असली वजह क्या है? जानकारी के मुताबिक, पिछले 6 महीनों में Oracle की रणनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। कंपनी अब पारंपरिक बिजनेस मॉडल से हटकर AI और क्लाउड टेक्नोलॉजी पर फोकस कर रही है। इस बदलाव के चलते: यानी साफ है कि यह सिर्फ खर्च कम करने का मामला नहीं, बल्कि कंपनी के बड़े ट्रांसफॉर्मेशन का हिस्सा है। कर्मचारियों पर असर इस फैसले का सीधा असर हजारों कर्मचारियों पर पड़ा है। अचानक नौकरी जाने से कई लोग अनिश्चितता में हैं। टेक इंडस्ट्री में पहले से चल रही छंटनी की लहर के बीच यह खबर और चिंता बढ़ा रही है। आगे क्या? विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में AI और ऑटोमेशन के चलते इस तरह के बदलाव और देखने को मिल सकते हैं। कंपनियां अब ज्यादा स्मार्ट टेक्नोलॉजी में निवेश कर रही हैं, जिससे पारंपरिक नौकरियों पर असर पड़ सकता है।
Read more
Trump का दावा: IRAN की सैन्य ताकत कमजोर, 2-3 हफ्तों में बड़े हमले की चेतावनी

Trump का दावा: IRAN की सैन्य ताकत कमजोर, 2-3 हफ्तों में बड़े हमले की चेतावनी

अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने हाल ही में बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि Iran के साथ चल रहे तनाव में अमेरिका को बढ़त मिली है। ट्रम्प के मुताबिक, ईरान की मिसाइल और ड्रोन क्षमता काफी हद तक कमजोर हो चुकी है और उनकी नौसेना भी अब पहले जैसी ताकतवर नहीं रही। उन्होंने यह भी दावा किया कि ईरान की सेना पर अमेरिका का दबाव बढ़ गया है और स्थिति काफी हद तक उनके नियंत्रण में है। ट्रम्प ने चेतावनी देते हुए कहा कि आने वाले 2 से 3 हफ्तों में एक बड़ा सैन्य कदम उठाया जा सकता है। हालांकि, इस बयान के बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ गई है। आम लोगों के मन में भी सवाल उठ रहे हैं कि क्या इससे युद्ध की स्थिति और गंभीर हो सकती है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के बयान से क्षेत्र में तनाव और बढ़ सकता है। दुनिया भर के लोग अब यही उम्मीद कर रहे हैं कि हालात काबू में रहें और किसी बड़े टकराव से बचा जा सके। युद्ध का असर हमेशा आम नागरिकों पर सबसे ज्यादा पड़ता है, इसलिए शांति ही सबसे बेहतर रास्ता माना जा रहा है। हर खबर, हर पल, देश हरपल पर !
Read more

सीजफायर को लेकर उतावले Donald Trump, JD Vance को दी बड़ी जिम्मेदारी – ईरान से बातचीत के संकेत

अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय राजनीति में सक्रिय नजर आ रहे हैं। खबरों के मुताबिक, ट्रंप सीजफायर को लेकर काफी जल्दी में हैं और उन्होंने इस दिशा में बड़ा कदम उठाया है। बताया जा रहा है कि ट्रंप ने JD Vance को एक अहम जिम्मेदारी सौंपी है। वेंस को ईरान से बातचीत करने और उन्हें सीजफायर के लिए राजी करने का काम दिया गया है। ट्रंप ने उनसे कहा है कि बातचीत के दौरान कुछ जरूरी शर्तें भी मनवाने की कोशिश की जाए। सूत्रों के अनुसार, अमेरिका चाहता है कि Iran क्षेत्र में तनाव कम करे और शांति बनाए रखने के लिए कदम उठाए। वहीं, ईरान की ओर से अभी तक इस पर कोई स्पष्ट प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। इस पूरे मामले को लेकर राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि अगर यह बातचीत सफल होती है, तो इससे मध्य पूर्व में शांति की दिशा में एक बड़ा कदम साबित हो सकता है। हालांकि, यह भी साफ है कि इस तरह की बातचीत आसान नहीं होती। दोनों देशों के बीच लंबे समय से तनाव बना हुआ है, ऐसे में शर्तों पर सहमति बनाना चुनौतीपूर्ण हो सकता है। अब सभी की नजर इस बात पर टिकी है कि क्या JD Vance ईरान को मनाने में सफल हो पाएंगे या नहीं। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Trump

Trump Pressure के बीच UK का बड़ा फैसला War से दूरी लेकिन Hormuz पर 35 देशों की Meeting

मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव और ईरान से जुड़े हालात के बीच ब्रिटेन ने ऐसा कदम उठाया है जिसने वैश्विक राजनीति में नई चर्चा छेड़ दी है। अमेरिका राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप जहां अपने सहयोगी देशों से खुलकर समर्थन की उम्मीद कर रहे हैं, वहीं United Kingdom ने सीधे युद्ध में उतरने से साफ इनकार कर दिया है। ब्रिटिश प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर का बयान— “यह हमारी जंग नहीं है” — इस पूरे घटनाक्रम का सबसे बड़ा संकेत माना जा रहा है। इससे साफ है कि ब्रिटेन फिलहाल किसी सैन्य संघर्ष का हिस्सा बनने के बजाय अपने राष्ट्रीय और आर्थिक हितों को प्राथमिकता दे रहा है। लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं होती। जंग से दूरी बनाने के बावजूद ब्रिटेन ने Strait of Hormuz को फिर से सुरक्षित और चालू करने के लिए 35 देशों की एक बड़ी बैठक बुलाई है। इस initiative का मकसद दुनिया के सबसे अहम oil shipping routes में से एक को जल्द से जल्द operational बनाना है। Hormuz क्यों है इतना अहम? होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया की ऊर्जा सप्लाई की lifeline माना जाता है। वैश्विक तेल व्यापार का बड़ा हिस्सा इसी रास्ते से गुजरता है। ऐसे में यहां तनाव बढ़ने का सीधा असर crude oil prices, shipping cost और कई देशों की economy पर पड़ता है। भारत जैसे देशों के लिए यह route और भी ज्यादा महत्वपूर्ण है, क्योंकि imported oil का बड़ा हिस्सा इसी समुद्री रास्ते से आता है। अगर यह लंबे समय तक बंद रहता है, तो पेट्रोल-डीजल की कीमतों से लेकर रोजमर्रा की चीजों तक असर दिख सकता है। UK की strategy क्या है? ब्रिटेन का मौजूदा रुख बेहद balanced दिख रहा है। एक तरफ वह अमेरिका के साथ सीधे military conflict में नहीं जाना चाहता, वहीं दूसरी तरफ global trade और oil supply chain को बचाने के लिए diplomatic और naval coordination पर फोकस कर रहा है। 35 देशों की यह meeting इसी broader strategy का हिस्सा मानी जा रही है, जिसमें mine-clearing, tanker protection और sea-lane security जैसे मुद्दों पर चर्चा हो सकती है। Trump camp के लिए क्या message? राजनीतिक नजरिए से देखा जाए तो इसे ट्रंप के लिए एक diplomatic setback माना जा सकता है। हालांकि इसे सिर्फ “ठेंगा दिखाना” कहना शायद oversimplification होगा। असल में ब्रिटेन ने एक practical रास्ता चुना है— No direct war, but yes to protecting global commerce. यही वजह है कि अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ इसे एक smart geopolitical balancing act मान रहे हैं, जहां युद्ध से दूरी रखते हुए आर्थिक हितों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जा रही है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more

IRAN-US तनाव बढ़ा: ईरान बोला भरोसा खत्म, ट्रम्प बोले 2-3 हफ्तों में खत्म हो सकता है युद्ध

IRAN और अमेरिका के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ता नजर आ रहा है। ईरान ने साफ कहा है कि अब उसे अमेरिका पर बिल्कुल भी भरोसा नहीं रहा। ईरान का कहना है कि अमेरिका पहले भी कई बार समझौते से पीछे हट चुका है, इसलिए अब उस पर विश्वास करना मुश्किल है। ईरान के इस बयान से साफ है कि दोनों देशों के रिश्ते अभी भी काफी तनावपूर्ण बने हुए हैं। लोगों के मन में भी डर है कि अगर हालात ऐसे ही रहे, तो इसका असर पूरी दुनिया पर पड़ सकता है। वहीं, अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने इस मामले पर बयान देते हुए कहा कि अगर हालात संभले, तो यह युद्ध 2-3 हफ्तों में खत्म हो सकता है। उनका मानना है कि स्थिति ज्यादा लंबी नहीं चलेगी। लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही कहानी बयां कर रही है। लगातार बढ़ते तनाव के बीच आम लोगों में चिंता बढ़ती जा रही है। हर कोई यही चाहता है कि जल्द से जल्द शांति बहाल हो और किसी बड़े नुकसान से बचा जा सके। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर दोनों देश बातचीत का रास्ता अपनाते हैं, तो हालात सुधर सकते हैं। लेकिन फिलहाल स्थिति नाजुक बनी हुई है। इस पूरे घटनाक्रम पर दुनिया की नजर बनी हुई है, क्योंकि इसका असर वैश्विक राजनीति और अर्थव्यवस्था पर भी पड़ सकता है। देश और दुनिया की ऐसी ही अपडेट्स के लिए जुड़े रहें Desh Har Pal News Portal के साथ। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
America

Iran Cyber Attack on Israel America के Next Move से Middle East War में नया मोड़

मध्य पूर्व में जारी US-Iran-Israel war अब एक नए और बेहद खतरनाक दौर में प्रवेश करता दिख रहा है। हालिया घटनाओं ने यह साफ कर दिया है कि यह संघर्ष अब सिर्फ मिसाइल, एयरस्ट्राइक और बॉर्डर तक सीमित नहीं है, बल्कि cyber warfare, oil supply routes और civilian safety तक पहुंच चुका है। इसी वजह से दुनिया भर की नजरें इस समय Middle East पर टिकी हुई हैं। इज़रायल पर ईरान का बड़ा Cyber Attack सबसे बड़ी खबर यह है that ईरान से जुड़े cyber groups ने इज़रायल के surveillance systems, CCTV networks और digital security infrastructure को निशाना बनाया। माना जा रहा है कि इन cyber attacks का उद्देश्य सैन्य गतिविधियों पर नजर रखना, हमले के बाद हुए नुकसान का आकलन करना और strategic movements को track करना था। आधुनिक युद्ध का यह चेहरा दिखाता है कि अब लड़ाई सिर्फ जमीन पर नहीं, बल्कि servers और digital networks पर भी लड़ी जा रही है। America Strike: इस्फहान में बड़ा हवाई हमला इसी बीच अमेरिका ने ईरान के इस्फहान स्थित एक strategic military site पर बड़ा हवाई हमला किया। देर रात हुए इस strike के बाद इलाके में तेज धमाकों और आग के बड़े गुबार की खबरें सामने आईं। इस कार्रवाई को अब तक के सबसे बड़े अमेरिकी जवाबी कदमों में गिना जा रहा है। इस हमले के बाद पूरे क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है। Oil Crisis: टैंकर पर हमले से बढ़ी वैश्विक चिंता अमेरिकी हमले के जवाब में ईरान ने फारस की खाड़ी में oil shipping route के पास एक बड़े tanker को निशाना बनाया, जिससे global energy market में हलचल मच गई। पहले से ही Strait of Hormuz के आसपास बढ़े तनाव के कारण तेल की कीमतों में तेजी थी, लेकिन इस ताजा घटना ने energy supply को लेकर चिंता और बढ़ा दी है। भारत जैसे देशों के लिए, जो crude oil imports पर निर्भर हैं, इसका सीधा असर fuel prices पर पड़ सकता है। Haifa Missile Attack: डर में गुजरी परिवारों की रात इज़रायल के उत्तरी शहर Haifa और उसके आसपास के इलाकों में missile attacks तेज हुए हैं। शुरुआती जानकारी के मुताबिक बंदरगाह, fuel storage tanks और refinery zone को नुकसान पहुंचा है। लेकिन इस खबर का सबसे मानवीय पहलू उन परिवारों की रात है, जो लगातार sirens के बीच shelters में छिपे रहे। बच्चों की नींद धमाकों से टूटी, बुजुर्ग पूरी रात डर में बैठे रहे और सुबह तक किसी को नहीं पता था कि अगला हमला कहां होगा। America का अगला कदम क्यों अहम? अब सबकी नजरें अमेरिका के अगले कदम पर टिकी हैं। वॉशिंगटन से आज एक बड़े diplomatic या military announcement की संभावना जताई जा रही है। माना जा रहा है कि sanctions, further strikes या Gulf shipping security को लेकर बड़ा फैसला लिया जा सकता है। अगर ऐसा होता है, तो आने वाले 24 घंटे पूरे Middle East के लिए बेहद अहम साबित हो सकते हैं। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
Trump का बड़ा बयान: ईरान के तेल पर कब्जा मेरी ‘पसंदीदा चीज

Trump का बड़ा बयान: ईरान के तेल पर कब्जा मेरी ‘पसंदीदा चीज

अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने एक बार फिर ईरान को लेकर कड़ा और विवादित बयान दिया है। ट्रम्प ने कहा कि ईरान के तेल पर कब्जा करना उनकी “पसंदीदा चीज” है और अगर हालात ऐसे ही बने रहे तो वे खार्ग द्वीप (Kharg Island) पर भी कब्जा कर सकते हैं। ट्रम्प का यह बयान ऐसे समय आया है जब अमेरिका और Iran के बीच तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। उन्होंने साफ कहा कि अगर दोनों देशों के बीच कोई समझौता नहीं होता है, तो हालात इतने बिगड़ सकते हैं कि “ईरान ही नहीं बचेगा।” खार्ग द्वीप, जो ईरान का सबसे बड़ा तेल निर्यात केंद्र माना जाता है, रणनीतिक रूप से बेहद अहम है। ऐसे में इस द्वीप को लेकर ट्रम्प का बयान अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ा सकता है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि ट्रम्प के इस बयान से मिडिल ईस्ट में तनाव और बढ़ सकता है। आम लोगों के लिए इसका मतलब है कि आने वाले समय में पेट्रोल-डीजल के दाम और बढ़ सकते हैं और वैश्विक बाजार पर भी असर पड़ सकता है। फिलहाल, इस बयान पर ईरान की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन हालात को देखते हुए दुनिया की नजरें अब इस मुद्दे पर टिकी हुई हैं। अधिक अपडेट्स के लिए विजिट करें: Deshharpal हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Read more
1 19 20 21 22 23 53

Editor's Picks

Tiranga Yatra

NEET Exam Controversy: पेपर लीक मामले पर Maharashtra में Tiranga Yatra

देशभर में NEET Paper Leak विवाद को लेकर छात्रों का आक्रोश थमने का नाम नहीं ले रहा है। मेडिकल प्रवेश परीक्षा की निष्पक्षता पर उठे सवालों के बीच अब यह मुद्दा राजनीतिक रूप भी ले चुका है। दिल्ली में चल रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच महाराष्ट्र में भी आंदोलन तेज हो गया है। इसी कड़ी में शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे और मनसे प्रमुख राज ठाकरे ने छात्रों के समर्थन में मुंबई में संयुक्त Tiranga Yatra निकालने का फैसला किया है। दोनों नेताओं का कहना है कि यह यात्रा किसी राजनीतिक दल के लिए नहीं, बल्कि देश के छात्रों के भविष्य और शिक्षा व्यवस्था में भरोसा कायम रखने के लिए निकाली जा रही है। छात्रों के समर्थन में पहली बार साथ आए उद्धव और राज ठाकरे महाराष्ट्र की राजनीति में लंबे समय बाद ऐसा मौका देखने को मिलेगा जब उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे एक मंच पर नजर आएंगे। दोनों नेता 26 जुलाई को मुंबई के शिवाजी पार्क से सिद्धिविनायक मंदिर तक तिरंगा यात्रा का नेतृत्व करेंगे। आयोजकों के मुताबिक यात्रा में किसी भी पार्टी का झंडा नहीं होगा, केवल तिरंगा लेकर लोग शामिल होंगे। नेताओं का कहना है कि लाखों छात्रों ने कड़ी मेहनत के बाद परीक्षा दी, लेकिन कथित पेपर लीक की खबरों ने उनके विश्वास को झटका दिया है। ऐसे में छात्रों को न्याय दिलाना सरकार की जिम्मेदारी है। NEET Paper Leak को लेकर बढ़ा विरोध कथित पेपर लीक मामले के बाद कई राज्यों में छात्र लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। उनकी मांग है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो, दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए परीक्षा प्रणाली को और पारदर्शी बनाया जाए। मुंबई में भी बड़ी संख्या में छात्र और अभिभावक सड़कों पर उतरे। प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने परीक्षा प्रणाली में सुधार और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग उठाई। कई संगठनों ने भी इस आंदोलन को समर्थन दिया है। विपक्ष ने सरकार पर साधा निशाना विपक्षी दलों का आरोप है कि पेपर लीक जैसी घटनाओं ने देश की शिक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। कांग्रेस समेत कई विपक्षी नेताओं ने छात्रों के आंदोलन का समर्थन किया है। वहीं उद्धव ठाकरे ने कहा कि यह किसी राजनीतिक लाभ का आंदोलन नहीं, बल्कि युवाओं के भविष्य की लड़ाई है। दूसरी ओर भाजपा ने विपक्ष पर इस मुद्दे का राजनीतिक फायदा उठाने का आरोप लगाया है। सरकार का कहना है कि मामले की जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। छात्रों के भविष्य को लेकर बढ़ी चिंता NEET जैसी राष्ट्रीय परीक्षा लाखों छात्रों के करियर का आधार होती है। ऐसे में पेपर लीक के आरोपों ने छात्रों और अभिभावकों की चिंता बढ़ा दी है। शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और सुरक्षा को और मजबूत करना समय की जरूरत है, ताकि मेहनत करने वाले छात्रों का भरोसा कायम रह सके। मुंबई में होने वाली तिरंगा यात्रा को सिर्फ एक राजनीतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि छात्रों के समर्थन में उठाई गई बड़ी आवाज के रूप में देखा जा रहा है। अब सभी की नजर सरकार की अगली कार्रवाई और जांच के नतीजों पर टिकी हुई है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Monsoon

Monsoon Alert Gujarat में बारिश बनी आफत, Assam Flood से 19 की मौत; कई राज्यों में Warning

लगातार सक्रिय मानसून (Monsoon) ने देश के कई राज्यों में हालात मुश्किल कर दिए हैं। गुजरात में मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को प्रभावित किया है, जबकि असम में बाढ़ और भूस्खलन से हालात बेहद गंभीर बने हुए हैं। दोनों राज्यों में पिछले 24 घंटों के दौरान कुल 19 लोगों की मौत की खबर सामने आई है। इसी बीच भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और राजस्थान समेत कई राज्यों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। राहत की बात यह है कि मौसम में सुधार के बाद अमरनाथ यात्रा एक बार फिर शुरू कर दी गई है। Gujarat Rain: लगातार बारिश से बिगड़े हालात, 5 लोगों की मौत गुजरात के कई जिलों में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण नदियां उफान पर हैं और निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है। कई सड़कें बंद करनी पड़ी हैं और सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ है। अलग-अलग घटनाओं में 5 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। प्रशासन राहत एवं बचाव कार्य में जुटा है और संवेदनशील क्षेत्रों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। Assam Flood: 24 घंटे में 14 लोगों की गई जान असम में बाढ़ का संकट लगातार गहराता जा रहा है। पिछले 24 घंटों में बाढ़ और भूस्खलन की घटनाओं में 14 लोगों की मौत हुई है। कई जिलों में नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं, जिससे हजारों परिवार प्रभावित हुए हैं। राहत शिविरों में लोगों को सुरक्षित रखा गया है, जबकि एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें लगातार बचाव कार्य में लगी हुई हैं। IMD Rain Alert: MP, UP और Rajasthan में भारी बारिश की चेतावनी भारत मौसम विज्ञान विभाग ने मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और राजस्थान के कई जिलों में अगले 24 से 48 घंटों के दौरान भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। कुछ स्थानों पर तेज हवाएं, आकाशीय बिजली और गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना भी जताई गई है। मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने और जरूरत पड़ने पर ही घर से बाहर निकलने की सलाह दी है। Amarnath Yatra फिर शुरू, श्रद्धालुओं को मिली राहत जम्मू-कश्मीर में मौसम साफ होने के बाद अमरनाथ यात्रा को दोबारा शुरू कर दिया गया है। लगातार बारिश और खराब मौसम के कारण यात्रा कुछ समय के लिए रोक दी गई थी। प्रशासन ने मौसम की स्थिति सामान्य होने के बाद श्रद्धालुओं को यात्रा की अनुमति दे दी है। यात्रा मार्ग पर सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को भी मजबूत किया गया है। प्रशासन की अपील: सतर्क रहें, अफवाहों से बचें लगातार हो रही बारिश को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे नदी-नालों और जलभराव वाले इलाकों से दूर रहें। मौसम विभाग के आधिकारिक अपडेट पर नजर रखें और किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करें। बारिश का दौर अभी जारी रह सकता है मौसम विभाग के अनुसार मानसून फिलहाल सक्रिय बना हुआ है। आने वाले दिनों में मध्य और उत्तर भारत के कई हिस्सों में बारिश की गतिविधियां जारी रहने की संभावना है। ऐसे में जिन इलाकों में पहले से जलभराव की स्थिति है, वहां अतिरिक्त सतर्कता बरतने की जरूरत होगी। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
Commonwealth Games 2026

India First Medal in Commonwealth Games 2026: झंडू कुमार का कमाल, Boxing में जादुमणि की जीत

Commonwealth Games 2026 में भारत का पदकों का इंतजार खत्म हो गया है। भारतीय पैरा पावरलिफ्टर झंडू कुमार (Jhandu Kumar) ने शानदार प्रदर्शन करते हुए देश को पहला Bronze Medal दिलाया। उन्होंने पुरुषों की पैरा पावरलिफ्टिंग स्पर्धा में 190 किलोग्राम वजन उठाकर तीसरा स्थान हासिल किया। वहीं, बॉक्सिंग रिंग से भी अच्छी खबर आई, जहां भारतीय मुक्केबाज जादुमणि सिंह (Jadumani Singh) ने अपना पहला मुकाबला जीतकर अगले दौर में जगह बना ली। 190 Kg वजन उठाकर रचा इतिहास झंडू कुमार ने प्रतियोगिता के दौरान अपने दमदार प्रदर्शन से सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा। उन्होंने 190 किलोग्राम वजन सफलतापूर्वक उठाया और कांस्य पदक अपने नाम किया। यह केवल उनके करियर की बड़ी उपलब्धि नहीं, बल्कि Commonwealth Games 2026 में भारत का पहला मेडल भी है। इस सफलता के साथ भारतीय दल का मनोबल भी काफी बढ़ गया है। संघर्ष से सफलता तक का सफर झंडू कुमार की कहानी किसी प्रेरणादायक फिल्म से कम नहीं है। बिहार के रहने वाले झंडू ने आर्थिक तंगी के बीच अपना सपना जिंदा रखा। परिवार की मदद के लिए उन्होंने कभी सब्जियां बेचीं तो कभी ई-रिक्शा चलाया। कठिन हालात के बावजूद उन्होंने खेल से दूरी नहीं बनाई। लगातार मेहनत और मजबूत इरादों का नतीजा आज पूरी दुनिया के सामने है। उनकी इस उपलब्धि ने यह साबित कर दिया कि संसाधनों की कमी प्रतिभा को नहीं रोक सकती। यही वजह है कि उनकी जीत को सिर्फ एक पदक नहीं, बल्कि संघर्ष और हौसले की जीत भी माना जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दी बधाई झंडू कुमार की ऐतिहासिक उपलब्धि पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उन्हें बधाई देते हुए कहा कि उनका प्रदर्शन पूरे देश के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने झंडू के संघर्ष और समर्पण की सराहना करते हुए कहा कि उनकी सफलता लाखों युवाओं को अपने सपनों के लिए मेहनत करने की प्रेरणा देगी। Boxing में भी भारत की मजबूत शुरुआत पैरा पावरलिफ्टिंग के बाद भारतीय बॉक्सिंग टीम ने भी शानदार शुरुआत की। मुक्केबाज जादुमणि सिंह ने अपने पहले मुकाबले में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए जीत दर्ज की और प्री-क्वार्टर फाइनल में प्रवेश कर लिया। उनकी जीत से भारत की पदक उम्मीदें और मजबूत हुई हैं। अब इन खेलों पर रहेगी नजर भारत की शुरुआत बेहद सकारात्मक रही है। आने वाले दिनों में कुश्ती, बैडमिंटन, टेबल टेनिस, हॉकी, एथलेटिक्स और बॉक्सिंग जैसी स्पर्धाओं में भारतीय खिलाड़ियों से कई और पदकों की उम्मीद की जा रही है। यदि शुरुआती प्रदर्शन इसी तरह जारी रहा तो भारत इस बार भी पदक तालिका में मजबूत स्थिति बना सकता है। Commonwealth Games 2026 का पहला पदक जीतकर झंडू कुमार ने न केवल इतिहास रचा, बल्कि यह भी साबित कर दिया कि मेहनत, धैर्य और आत्मविश्वास के दम पर किसी भी चुनौती को पार किया जा सकता है। वहीं, जादुमणि सिंह की जीत ने भारतीय खेल प्रेमियों की उम्मीदों को और बढ़ा दिया है। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!
अभिजीत दीपके

CJP Protest अभिजीत दीपके को Typhoid, Jantar Mantar पर बढ़ी Security; आज सरकार देगी जवाब

केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर CJP (कॉकरोच पार्टी) का आंदोलन लगातार चर्चा में बना हुआ है। जंतर-मंतर पर जारी प्रदर्शन के बीच शनिवार को दो बड़ी घटनाओं ने सबका ध्यान खींचा। एक तरफ आंदोलन से जुड़े प्रमुख नेता अभिजीत दीपके की तबीयत खराब होने के बाद उन्हें टाइफाइड होने की पुष्टि हुई, वहीं दूसरी ओर दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन स्थल के आसपास सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी है। अब सभी की नजर सरकार के उस जवाब पर है, जिसका इंतजार प्रदर्शनकारी कई दिनों से कर रहे हैं। अभिजीत दीपके की तबीयत बिगड़ी, डॉक्टरों ने आराम की सलाह दी आंदोलन के दौरान लगातार सक्रिय रहने वाले CJP नेता अभिजीत दीपके की तबीयत पिछले कुछ दिनों से खराब चल रही थी। मेडिकल जांच के बाद डॉक्टरों ने उन्हें टाइफाइड होने की पुष्टि की है। फिलहाल उनका इलाज जारी है और चिकित्सकों ने कुछ दिनों तक पूरी तरह आराम करने की सलाह दी है। हालांकि, पार्टी के नेताओं का कहना है कि दीपके की गैरमौजूदगी के बावजूद आंदोलन अपने तय कार्यक्रम के अनुसार जारी रहेगा। संगठन का दावा है कि उनकी मुख्य मांगों पर फैसला होने तक प्रदर्शन खत्म नहीं किया जाएगा। Jantar Mantar पर बढ़ाई गई Security प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर और आसपास के इलाकों में अतिरिक्त बैरिकेडिंग लगा दी है। सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात किया गया है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक यह कदम केवल कानून-व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए उठाया गया है। प्रदर्शन स्थल के आसपास आने-जाने वाले लोगों को ट्रैफिक एडवाइजरी का पालन करने की सलाह दी गई है, ताकि किसी तरह की असुविधा से बचा जा सके। Dharmendra Pradhan के इस्तीफे पर आज सरकार का जवाब संभव CJP की सबसे बड़ी मांग केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की है। बीते कुछ दिनों में सरकार और आंदोलनकारियों के बीच कई दौर की बातचीत हुई। कुछ मांगों पर सकारात्मक संकेत मिलने की बात सामने आई, लेकिन इस्तीफे के मुद्दे पर अब तक कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया। सूत्रों के अनुसार, आज सरकार इस मामले में अपना आधिकारिक पक्ष रख सकती है। यदि कोई ठोस घोषणा होती है, तो आंदोलन की आगे की रणनीति भी उसी के आधार पर तय होगी। क्या है पूरा विवाद? CJP का कहना है कि शिक्षा व्यवस्था से जुड़े कई अहम मुद्दों पर जवाबदेही तय होनी चाहिए। इसी मांग को लेकर संगठन पिछले कई दिनों से जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहा है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि उनकी प्रमुख मांगों पर स्पष्ट निर्णय होने तक आंदोलन जारी रहेगा। दूसरी ओर, सरकार बातचीत के जरिए समाधान निकालने की कोशिश कर रही है। ऐसे में आज का दिन इस पूरे आंदोलन के लिए काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सरकार का जवाब और प्रदर्शनकारियों की अगली रणनीति तय करेगी कि आने वाले दिनों में यह आंदोलन किस दिशा में आगे बढ़ेगा। हर ख़बर, हर पल — सिर्फ़ देशहरपल पर!

ग्वालियर: साइबर ठगी के पैसों से खरीदा 50 ग्राम का सोने का सिक्का, ज्वेलर्स का बैंक खाता हुआ फ्रीज

ग्वालियर। मध्य प्रदेश के ग्वालियर में साइबर अपराधियों द्वारा ठगी की रकम को वैध बनाने का एक नया तरीका सामने आया है। पुलिस के अनुसार, एक युवक ने सराफा बाजार स्थित ‘गहना जेम्स एंड ज्वेलर्स प्राइवेट लिमिटेड’ से 50 ग्राम का सोने का सिक्का खरीदा और उसका भुगतान कथित तौर पर साइबर ठगी से प्राप्त रकम के जरिए ऑनलाइन किया। बाद में इस लेनदेन के चलते ज्वेलर्स का बैंक खाता भी फ्रीज कर दिया गया। ऑनलाइन ट्रांसफर से किया लाखों रुपये का भुगतान पुलिस के मुताबिक, झांसी रोड स्थित माधव नगर निवासी सराफा कारोबारी अजय मंगल का लश्कर सराफा बाजार में ज्वेलरी शोरूम है। बताया गया कि 4 अप्रैल 2026 को अभिषेक परिहार नाम का युवक शोरूम पहुंचा और 50 ग्राम का सोने का सिक्का खरीदने का सौदा किया। उसने अग्रिम भुगतान के रूप में 1 लाख रुपये NEFT और 10 हजार रुपये IMPS के माध्यम से जमा कराए। अगले दिन, 5 अप्रैल, वह दोबारा शोरूम पहुंचा और 5 लाख रुपये, 1.41 लाख रुपये ऑनलाइन बैंक ट्रांसफर तथा 52,900 रुपये नकद देकर पूरा भुगतान किया। इसके बाद कारोबारी ने जीएसटी का बिल जारी कर सोने का सिक्का उसे सौंप दिया। 20 दिन बाद बैंक खाता हुआ फ्रीज करीब 20 दिन बाद, 24 अप्रैल को ज्वेलर्स का बैंक खाता अचानक होल्ड कर दिया गया। बैंक ने ई-मेल के माध्यम से बताया कि खाते में आई 5.10 लाख रुपये की राशि को नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) के निर्देश पर फ्रीज किया गया है। इसके बाद 4 जून को बेंगलुरु साइबर क्राइम पुलिस का नोटिस मिला। नोटिस में बताया गया कि सोने के सिक्के के भुगतान में इस्तेमाल किए गए 5.10 लाख रुपये, बेंगलुरु के एक कारोबारी से हुई 14 करोड़ रुपये की साइबर ठगी का हिस्सा थे। पुलिस के अनुसार, ठगों ने कथित रूप से ठगी की रकम सीधे ज्वेलर्स के खाते में ट्रांसफर कर सोने का सिक्का खरीद लिया। पुलिस ने दर्ज किया मामला मामले की जानकारी मिलने के बाद अजय मंगल ने कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जांच के दौरान खरीदारी के समय जमा कराए गए आधार कार्ड से पता चला कि आरोपी अभिषेक परिहार बहोड़ापुर थाना क्षेत्र के घोसीपुरा का निवासी है। पुलिस उसकी तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। सीसीटीवी फुटेज नहीं मिले सीएसपी लश्कर किरण अहिरवार ने बताया कि शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है और आरोपी की तलाश जारी है। उन्होंने कहा कि शोरूम का सीसीटीवी बैकअप केवल 15 से 20 दिन तक सुरक्षित रहता है, इसलिए घटना के फुटेज उपलब्ध नहीं हो सके। हालांकि आधार कार्ड के विवरण और साइबर ट्रेल के आधार पर जांच आगे बढ़ाई जा रही है।

About Me

देशहरपल सिर्फ खबरों का मंच नहीं, बल्कि आपकी आवाज़ को सामने लाने का एक सशक्त माध्यम भी है। यहां आपको ताज़ातरीन खबरों के साथ-साथ नौकरी, शिक्षा, और नए भारत की बदलती आर्थिक तस्वीर पर उपयोगी और भरोसेमंद जानकारी मिलेगी।

Phone: +91 9406783569, +91 755 484 8829
Email: support@deshharpal.com
Address : A-23 Sakshi Bunglow Trilanga Near Aura Mall Bhopal M.P

Recent Posts

  • All Post
  • Breaking News
  • Education
  • More News
  • Web Story
  • एंटरटेनमेंट
  • देश-हरपल
  • धर्म-कर्म
  • प्रदेश
  • बिज़नेस
  • वर्ल्ड न्यूज़
  • वीडियो
  • स्पोर्ट्स
    •   Back
    • एक्सक्लूसिव
    • Editorial
    •   Back
    • IPL 2026
    • T20 वर्ल्ड कप
    • FIFA 2026
    •   Back
    • सोच-विचार
    • हेल्थ
    • ट्रैवल
    • कल्चर
    • एनवायरनमेंट
    • Impact Feature
    •   Back
    • राशिफल
    • पंचांग
    • पर्व-त्यौहार
    • पूजा-पाठ
    • चैत्र नवरात्रि 2025
    •   Back
    • मध्य प्रदेश
    • छत्तीसगढ़
    •   Back
    • टीवी
    • वेब-सीरीज
    • फिल्म रिव्यू
    • बॉलीवुड
    •   Back
    • लाइफस्टाइल
    •   Back
    • स्टॉक-मार्केट

© 2023 Deshharpal. All Rights Reserved.